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  • 5 months ago

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00:00ये है सौधी अरब का लाइन प्रोजेक्ट जिसको नियॉम फूचर सिटी भी कहा जाता है।
00:06इतना बड़ा मेगा प्रोजेक्ट आने वाले सालों में दुनिया पहली बार देखेगी।
00:10ना सिर्फ बड़ा बलके नियॉम दुनिया का सबसे महेंका कंस्ट्रक्शन प्रोजेक्ट भी है।
00:16पांसो बिलियन डॉलर की लागत से तयार किये जाने वाले इस प्रोजेक्ट में दो पांसो मीटर उन्चे स्काय स्क्रेपर्ज एक दूसरे के पैरलल बनाए जा रहे हैं।
00:26जो के हरत अंगेस तोर पे सौधी के रिकिस्तान में एक सो सत्तर किलो मीटर तक फैले होंगे।
00:46इनियर सिटी बनाने का खौब रखते हैं। एक ऐसी सिटी जिसमें शीशे के फसाद के अंदर 90 लाख लोग रह पाएंगे। पर क्या ऐसा मुम्किन भी है के नहीं इसके औरगनिक सिटी के मुगाबले में क्या-क्या फाइदे हैं और क्या-क्या नुक्सानात।
01:01क्या कहीं सौदी अरब अपनी गिर्ती हुई एकनामी को बचाने के लिए अपना सब कुछ दाव पर लगा कर कोई गलती तो नहीं कर रहा।
01:09और अगर किसी वज़ा से ये नियॉम प्रोजेक्ट फेल हो गया तो फिर सौदी के पास पीछे क्या बचेगा।
01:16जहम डिवी की वीडियोज में एक बार फिर से खुशामदीद।
01:46लेकिन अभी सेटलाइट इमेज में देखा जाए तो एक्चुली इस पर काम स्टार्ट हो चुका है।
01:51जो लोकेशन बताई गई थी एक्जेक्ली वहां एक बहुत बड़ी अंडर कंस्ट्रक्शन लाइन वाकई में नजर आ रही है।
01:58जहां लाइन की लंबाई 170 किलो मिटर तक फैली होगी वहीं इसकी चोड़ाई सिर्फ 200 मिटर है।
02:04यानि ये चोड़ाई नॉर्मली किसी सोसाइटी के एक ब्लॉक जितनी है।
02:09नियॉम की उंचाई को 500 मिटर तक प्लैन किया गया है।
02:14500 मिटर उंचे दो सकाई स्क्रेपर्स को 170 किलो मिटर तक खींचा जाएगा।
02:19ये इतना ही उंचा है जितना मुंबई के इंपिरियल टू या कराची के बहरिया आइकॉन को डबल कर दिया जाए।
02:27तो अब आप खुद लाइन की हाइट और इसकी लंबाई का अंदाजा लगा लें कि ये कितना बड़ा मेगा स्ट्रक्चर होगा।
02:34जैसे 830 मिटर उंचे बुर्ज खलीफा की डारेक्शन आस्मान की तरफ है वही नियौम उंचा तरीन तो नहीं लेकिन दुनिया का सबसे लंबा स्काय स्क्रेपर जरूर होगा।
02:45अगर ऐसा ही कोई प्रोजेक्ट न्यू देली में बनाया जाए तो उसकी लंबाई आगरा तक पहली होगी या फिर कराची से स्टार्ट किया जाए तो ये प्रोजेक्ट हैदराबाद पर आकर खत्म होगा।
02:55साथी क्राउंड प्रेंस के प्लैन के मताबिक इस पूरी लाइन सिटी में 90 लाख लोग रह पाएंगे।
03:02अगर इस पूरी लाइन सिटी का एरिया निकाला जाए तो हम इसकी लेंध और विर्थ को मल्टिपलाई करेंगे।
03:07170 किलो मिटर की लेंद और 200 मिटर या 0.2 किलो मिटर की विड़ तi
03:13तो ये बनता है सिर्फ और सिर्फ 34 किलो मिटर
03:17सिर्फ इस 34 किलो मिटर में 90 लाख लोग रह fått 252,705
03:26अलिया के 1.20 लाग अबादी वाले मुंभाई का एरिया 603 किलो मिटर है
03:33यानि यहां एक स्क्वाइर किलो मिटर में 29,900 लोग रहते हैं जो के नियॉम की पॉपलेशन डेंसिटी का सिर्फ 7.5% है
03:42अगर दुनिया की सबसे बड़ी सिटी टोक्यो की एक्जेम्पल ली जाए तो यहां एक स्क्वाइर किलो मिटर में 6,380 लोग रहते हैं जो नियॉम के मकाबले में सिर्फ 2.4% है
03:55अब ये बात तो साबित हो गई के एरिया के हिसाब से नियॉम बहुत ज्यादा अप्टिमाइज़ प्रोजेक्ट है जहां कम जमीन पर ही और्गनिक सिटीज के मकाबले में काफी ज्यादा लोग रह पाएंगे
04:06यानि जो काम 500 से 600 स्कॉयर किलो मिटर के शहर में होना था वहीं ये काम सिर्फ और सिर्फ 34 स्कॉयर किलो मिटर में पूरा हो रहा है
04:16इस बात में कोई शक नहीं है कि सौधी प्रिंस की ये प्लैनिंग बेशक बहुत पॉजिटिव है
04:22जिस स्पीड से दुनिया की पॉपॉलिशन बढ़ ही है नियॉम जैसी प्री प्लैन्ड सिटीज ही फ्यूचर में बाजी ले पाएंगी
04:29क्योंके इसमें और्गनिक शेहरों के मकाबले में ज्यादा लोग बहुत कम रिसूर्स पर रह पाएंगे
04:35इनको जल्दी भी बनाया जा सकता है और काफी ज्यादा सस्ता भी
04:39इस किसम की सिटीज को लीनियर सिटी कहा जाता है क्योंके नियॉम एक प्लैन्ड लीनियर सिटी है इसी वज़ा से इसके काफी फाइदे भी है
04:47जैसा के normal cities में resources काफी जाया होते हैं लेकिन linear city में सब कुछ planned होने की वज़ा से resources का loss ना होने के बराबर होता है
04:58जिससे operating cost भी कम हो जाती है
05:01इसका अंदाजा आप इस बात से लगा लें कि Mexico City की population भी नियौम की proposed population जितनी ही है
05:08लेकिन अगर Mexico City में सारे roads को add कर दिया जाए जिसमें main roads, streets और express ways भी शामिल है तो यहां total 3,00,000 km से भी ज्यादा roads बनाए गए है
05:20इस road network को one piece में बनाया जाए तो ये अर्थ के साड़े साथ चक्कर लगा सकता है
05:26इसके मकाबले में same population वाले नियौम में सिर्फ 170 km का road network होगा
05:33नियौम की इस line city में सबसे उपर pedestrian layer रखी गई है जहां कोई गाडिया नहीं चलेंगी
05:40दूसरी layer को service layer का नाम दिया गया है जिसमें गाडिया भी चलेंगी और shops भी इसी layer में होगी
05:46और तीसरी spine layer होगी जिसमें fully artificial intelligent high speed train का network होगा
05:53किसी को भी पूरे नियौम के 170 km में कहीं भी जाना होगा वो lift के जरीए spine layer में जाएगा
06:00और train में बैठ कर अपनी मनजल पर रवाना होगा
06:04इस पूरे 170 km को ये high speed train सिर्फ 20 मिंटों में cover कर पाएगी
06:10ये 20 मिंट तो हम किसी metropolitan city में travel के दोरान traffic signals पर ही जाया कर देते हैं
06:17तो अब सवाल उठता है कि अगर linear cities के इतने ज्यादा फाइदे हैं
06:21तो फिर नियौम जैसे दूसरे projects दुनिया में कहीं और क्यों नहीं बनाए जा रहे
06:26हकीकत ये है कि linear city का ये idea काफी पराना है
06:30और इसको implement भी किया गया था
06:32पर ये ऐसे काम नहीं करता जैसे सोचा जा रहा है
06:3619 सेंचरी में मेडरिट की एक district में planned line city बनाई गई थी
06:41इसको सियूड एड लाइनियल का नाम दिया गया था
06:44इसकी विर्थ 400 मिटर थी नियौम से डबल और इसको 50 किलो मिटर लंबा प्लैन किया गया था
06:51लेकिन construct सिर्फ 5 किलो मिटर ही किये गए थे
06:54आइडिया ये था कि वक्त के साथ साथ इसमें इजाफी सेक्टर एड करके इसको मजीद लंबा कर दिया जाएगा
07:01पर अगर ground situation देखी जाए तो आपको ये बात जानकर हैरत होगी
07:05कि मेडरिड में आज इस लाइन सिटी को डोनना काफी मुश्किल है
07:09ये है वो 5 किलो मिटर की लाइन
07:12आज इसके गिर्थ पहले शहर ने इसको पूरी तरहां से चुपा दिया है
07:17और असल में होता भी यही है
07:19दुनिया में कहीं भी नजर दोडा कर देख लें
07:22शहर या बस्तियां हमेशा और्गनिक तरीके से ही ग्रो करती है
07:26लोग अपनी रिकॉइमेंट्स के हिसाब से किसी जगा पर आकर बस्ते हैं
07:30और फिर शहर उस पॉइंट के गिर्थ फैलना शुरू करता है
07:33कहीं भी शिफ्ट होने से पहले हम अपने आफिसेज, स्कूल्स या यूनिवरस्टीज तक का डिस्टिंस देखते हैं
07:39अपनी कन्विनियंस के हिसाब से शहर में कोई एक लोकेशन सेलेक्ट करके वहां शिफ्ट होते हैं
07:45जबके लिनियर सिटीज में ये आप्शन नहीं होता, बलके सबको एक ही पैटरन में रहना पड़ता है
07:50और क्यूंके ये लंबी ज्यादा होती हैं, इसी वज़ा से लोगों के दरम्यान डिस्टिंस भी काफी बढ़ जाता है
07:56मेंडिट की लाइन सिटी में भी कुछ ऐसा ही हुआ था
07:59ये लोगों की रिक्वाइमेंट्स पर पूरा नहीं उतर सकी जिसकी वज़ा से ये आगे तो नहीं बढ़ पाई बलके फैलना शुरू हो गई
08:07लिनियर सिटीज के जितने भी फाइदे हैं वो असल में गवर्मेंट्स के लिए हैं
08:12इनको ऑपरेट करना असान होता है और इसमें खरचा भी कम होता है लेकिन इनसान इसके अंदर बाउंड होकर रह जाते हैं
08:19और सबसे बढ़कर लाइन सिटी कितनी ही लंबी क्यों नहो लेकिन बाहर की दुनिया पे डिपेंडनेंट ही रहती है
08:25डेली लाइफ की रिखुरी करने के लिए समान बाहर से ही आता है और जाहिर है ये सारा समान लाइन सिटी की एंटरी और एंगजिट पॉइंट से ही अंदर आता है
08:36इस तरहां इनके entry और exit points पर नई organic cities बनना शुरू हो जाती हैं जो फिर आहस्ता आहस्ता original line को disturb करना शुरू कर देती हैं
08:46Madrid के इलावा भी कई और मुलकों में line cities के proposal दिये गए थे लेकिन वो कभी complete ही नहीं हो पाएं या फिर उनकी construction से पहले ही project cancel हो गए
08:57तो अब सवाल उटता है कि ये सब जानते हुए भी सौधी अरब ने 500 बिलियन डॉलर्स के इस new प्रोजेक्ट में क्यूं हाथ डाला
09:06सौधी अरब ने खुद को oil की कमाई पे इतना used to कर लिया है कि अब उनके लिए मसले खड़े होना शुरू हो गए है
09:14जहां दूसरी अरब कंट्रीज ने बहुत पहले से ही ये खतरा भांप लिया था और अपनी economies को टूरिजम की तरफ डाइवर्ट कर दिया था
09:22वहीं experts का मानना है कि सौधी अरब को आने वाला खतरा वक्त पर नजर नहीं आया
09:29estimates के मताबिक 2050 के आसपास अर्थ के तमाम fossil fuel reserves खतम हो जाएंगे और इस आने वाली मसीबत में सबसे ज्यादा सौधी अरब को अफेक्ट होने वाली है
09:41यही वज़ा है कि दुनिया तेजी से electric cars या green energy की तरफ जा रही है
09:46सौधी अरब जिसकी 95% economy चल ही oil की वज़ा से रही है अब उनकी ये dependency गले का हार बन चुकी है
09:55Experts का खयाल है कि इस dependency से निकलने के लिए और सौधी अकनौमी को tourism और technology पर divert करने के लिए ही crown prince ने ये कदम उठाया है
10:05सौधी का main source of income है सौधी अराम को जिसकी कुल मालियत 2 trillion dollars है
10:12पर ये पैसे तो oil company की worth है जो इनको हर साल 120 billion dollars का profit generate करके देती है
10:20जिसमें से करीब 70 billion तो country के खर्चों में budget की सूरत में चले जाते हैं
10:25पीछे बचते हैं 50 billion dollars
10:28यानि अगले 10 सालों तक अगर ये ही profit बरकरार रहा तब जाकर सौधी नियौम के 500 billion dollars का खर्चा बरदाश्ट कर पाएगा
10:37और अगर किसी वज़ा से ये project फेल हो गया तो फिर सौधी अरब के पास अपनी economic को divert करने का दूसरे income resources ढूनने का वक्त नहीं बचेगा
10:48आपका इस बारे में क्या ख्याल है मुझे comment section में जरूर बताईएगा
10:53उमीद है ZEM TV की ये वीडियो भी आप लोग भरपूर लाइक और शेयर करेंगे
10:57आप लोगों के प्यार भरे comments का बेहत शुक्रिया मिलते हैं अगली शांदार वीडियो में
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