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China's Open Threat to Trump and War Over Taiwan Possible. Saurabh Shahi explains
امریکی صدر ڈونالڈ ٹرمپ کا دورۂ چین ختم ہو چکا ہے۔ پوری دنیا کی نظر اس دورے پر تھی اور اب اس بات کا تجزیہ شروع ہو چکا ہے کہ ٹرمپ اور چینی صدر شی جنپنگ کی ملاقات عالمی تناظر میں کتنی اہم ثابت ہوئی۔ ’قومی آواز‘ کے ہفتہ وار پروگرام ’دنیا مرے آگے‘ کی تازہ قسط میں اس ملاقات کے دور رَس اثرات پر بات کی گئی۔ ’قومی آواز‘ کے ڈیجیٹل ایڈیٹر سید خرم رضا نے عالمی امور کے ماہر تجزیہ نگار سوربھ کمار شاہی سے ٹرمپ-جنپنگ ملاقات کے بعد پیدا حالات اور امریکہ و چین پر مرتب اثرات سے متعلق سیر حاصل گفتگو کی۔ قابل ذکر بات یہ ہے کہ ہمارے مہمان تجزیہ نگار سوربھ شاہی اس وقت چین میں موجود ہیں، اور انھوں نے ٹرمپ-جنپنگ ملاقات کا مشاہدہ بہت قریب سے کیا۔ دیکھیں یہ ویڈیو...

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00:06सबसे बरी बात यह है कि दोनों देशों ने कोई भी जॉइंट स्टेट्मेंट या जॉइंट कॉमिनीक जो है वो जारी
00:17नहीं किया
00:17जहां तक कॉंक्रीट डील्स का सवाल है तो एक ही डील है जिसको लेके अभी तक चाइना ने हामी भरी
00:23है ओफिसियली वो यह है कि और अग्रिकल्चर प्रोडक्ट अमेरिका के खड़ी देगा ऐसा लग रहा है कि डोनल्ड ट्रम्प
00:29ने इनिशली तो यह प्लाइन किया था कि �
00:31वो एक किसी किसम का प्रेसर जो है वो यहां पर लाके क्रिएट करेंगे लेकिन इरान वार में जो उन्होंने
00:37उनकी जो परफॉर्मेंस रही वो इतनी खराब रही है कि उसके बाद वो यह प्रेसर एग्जर्ट चाइना पर नहीं करता
00:44है प्रोग्राम दुनिया मेरे आगे मे
01:00नवजीवन और कौमी आवास की जानब से पेश किया जा रहा है अमरीकी सदर डुनाल्ड टरंप चीन के दोरे और
01:09चीनी सदर शी जिन पिंग से एहम मुलाकात के बाद वापस अमरीका पहुँच चुके हैं इस मुलाकात पर पूरी दुनिया
01:19की नदरे जमी हुई थी
01:20क्योंके दोनों आलमी ताक्तों के तालुकात ना सिर्फ आलमी सियासत बलके मईशत और खिते के मुस्तक्बल पर भी गहरे असरात
01:30मुरत्ब कर रखते हैं
01:34हमारे मेमान सौरब कुमार शाही इस वक्ट चीन में मौजूद हैं और इस तारीखी दोरे को गरीब से देख रहे
01:43हैं
01:44आईए इन से ही जानते हैं कि सदर्ट टरम्प और शी जिन पिंग की मुलाकात कैसी रही
01:55किन एहम मामलात पर गुस्तग हुई और इस मुलाकात के बाद अमरीका और चीन के तालुकात किस नई सिम्थ में
02:05बढ़ते दिखाई दे रहे हैं
02:06खुद अमरीका में इस दोरे से क्या हालात पैदा होंगे और टरम्प के मुस्तक्बल पर क्या असरात पुस्तब होई
02:18आई ये चलते हैं सौरब कुमार शाही के पास
02:21नमस्कार आदाब दुनिया मेरी आगे में आपका स्वागत है मैं हूँ सौरब कुमार शाही
02:25डोनल्ड टरम्प की बीजिंग की यात्रा खतम हो गई है
02:29तीन दिवस्य यात्रा थी अफकोर्स उसमें बड़े सेरेमोनियल चीजें भी हुई और बाचीत भी हुई
02:36ओफिसियल डिनर भी हुआ प्रेसर भी हुआ यानि इस तमाम चीजें ये तीन दिनों में यहां पे देखने को मिली
02:45लेकिन एक जो सबसे बड़ा सवाल ये है कि क्या इस यात्रा को सकसेस्फुल कहा जा सकता है
02:52कि दोनल्ट टॉम्प की चीन यात्रा सकसेस्फुल रही है
02:56यह कहा जाएगा कि बातें तो बहुत बड़ी-बड़ी हुई है लेकिन concrete कुछ दिखाने के लिए नहीं है
03:04तो सबसे बड़ी बात यह है कि दोनों देशों ने कोई भी joint statement या joint communique जारी नहीं किया
03:15उसको नहीं जारी करने से यह लगता है कि major differences दोनों के दर्मयान रहे होंगे क्योंकि जब दो दोशों
03:22के दर्मयान में differences नहीं होती है तो joint statement जारी कर दिया जाता है लेकिन चुकि उसको जारी नहीं
03:28किया गया तो इसका मतलब है कि major differences रहते हैं
03:33लेकिन major differences रहने का मतलब यह नहीं है कि हर चीज में difference हो जानि ऐसा भी हो सकता
03:38है कि कुछ मुद्धों पे difference हो कुछ मुद्धों पे difference नहों तो अब ऐसा लग रहा है कि कुछ
03:44मुद्धों पे सहमती बनती हुई दिख रही है जहां तक official meeting का सवाल है तो कल जब meeting के
03:53शुरुआत म
03:54नहीं पहले तो यह जो तमाम जो परेड़ वगड़ा होती है और 21 तोपों की सलामी और यह सारी चीजें
04:03जो ceremonial चीजें हैं वो सब कर दी गई लेकिन उसके बाद बिलकुल ऐसा प्रतीत हुआ की जो चेर्मेन सी
04:10जिंग पिंग है वो इस तयारी से आये हैं कि बिलकुल serious उसमे
04:14एंटर करना है और लफाजी या लवाजमात जो हैं उसमें ज्यादा इंडल नहीं होना है तो जैसे यह ceremonial चीजें
04:21खतम हुई तो मतलब कोई प्लेजेंटरी वेलेजेंटरी नहीं वो सीधा जो है काम पे लग गए और जो opening statement
04:28दिया उसमें ही उन्होंने एक mood जो है वो सेट कर �
04:32किया उसने वार्न किया अमेरिका को यह कहा कि आप declining power हैं आप बुझता हुआ चिराग हैं और हम
04:41एक हमारा जो हमारे जो सितारे हैं वो राइज पे हैं और रूज पे हैं और आपके जवाल पे हैं
04:49तो जाहिर है कि ऐसे सुरते हाल में conflict की गुंजाईश जो है वो रहती है उस �
04:55को रोकने के लिए यह है कि तुसेडाइट ट्रैप जो है उससे हमें बचना था यह तुसेडाइट ट्रैप एक एथेनियन
05:06जर्नल थे उनके नाम पे है जिन्हों ने यह कहा था एक थेवरी दी थी पेलो परनिनियन वार के वक्त
05:14में कि जब एक राइजिंग पावर एक कोशि
05:21इफ्लिक्ट होता है तो यह चीज बंद कमरे में दभी जुबान जो कही जाती थी वो यहां पे क्लियरली यानि
05:30सामने बोल दिया गया और जाहिद है कि डोनल ट्रम्प उससे तिल मिलाए हुए हैं वो अपने टूथ सोसल पे
05:35लिख वगए उसको किसी तरह एक्स्प्रें करने
05:39की कोशिश कर रहे हैं लेकिन जो फैक्ट है वो है कि यानि सी जिंग पिंग ने भरे कमरे में
05:45अमेरिका को यह कह दिया कि तुम अब डिक्लाइनिंग पावर हो और अगर तुम सलीके से मैनेज नहीं करोगे डिलेसन्शिप
05:51को खासकर ताइवान के मुद्दे पे उन्होंने च
06:08किस चीज पे हो सकती थी एनिवे जो डोनल्ड ट्रम्प का अपना रवया रहा है इनिशिली जो अमेरिका में इंटर्नली
06:18वो जो बोलते रहे हैं उससे बहुत बरा डिपार्चर दिखा आपको पता है अमेरिका अपने डोमेस्टिक और्डियंस को बार बार
06:23यह कहता रहता है
06:25कि हम चीन के साथ कॉमपोटिशन में हैं और चीन हमारी νौकडी ले रहा है और चीन हम इसपाई भेज
06:33रहा है और तमाम तरह की चीज़े वहाँ कहते रहते हैं और कहते हैं कि हम उसे डिकपल करेंगे
06:37और वही नहीं जो उनके मित्र यानि उनके जो दोस्त मुमालिक हैं चाहे वो भारत हो चाहे वो जर्मनी हो
06:46चाहे वो फ्रांस हो सब को ये दबाब रहता है कि आप डिपेंडेंसी चाइना पे कम करें और उसके साथ
06:53डिकपल करें और उसके यानि अपने जो सप्लाई चेंस हैं �
06:58उसको डाइवर्सीफाई करें लेकिन जब अपनी बात आई तो पूरे के पूरे पूरे तीस अमेरिका के सबसे बड़े कंपनी के
07:04सियोज को लाद के वहां पहुँच गए और कहने लगे कि भाई हम तो आपके साथ जो है वो डील
07:09करने के लिए हैं तो इससे एक मुनाफिकत जो
07:26के सियोज को उठाके लेका उसे उठाके लेके नहीं आए इंट्रोड्यूस करवाया सी जिंग्पिंग से और उनको कहा कि भाई
07:31हम सिर्फ टॉप ब्रास को चाते थे तो आपके मतलब जैसे होता है ना कि दरबार में आते हैं तो
07:36नजराना लेके आते हैं तो उस नजराने के �
07:39प्रव उनको पेश किया गया यह जो सी योज है जहां तक कॉंक्रीट डील्स का सवाल है तो एक ही
07:46डील है जिसको लेके अभी तक चाइना ने हामी भरी है ऑफिसियली वो यह है कि और अग्रिकल्चर प्रोडक्ट अमेरिका
07:52के खड़ी देगा याद रखें कि अमेरिका का मि�
07:58कोर बेस है वो बेस्ट है वो मक्का उप जाता है वो सौय बीस � hep जाता है वो और
08:07व fino में लगा रहता है जैसे बीफ पॉर्क और इन के वह पारक कम पर बीफ तो वहां पर
08:18काफी होती है तो अब मस्याज़ा यह है कि उसका सबसे बड़ा मार्केट चाइना है
08:23क्योंकि चाइना ही एक कंट्री है जिसकी इतनी बड़ी पॉपलेशन रहते हुए इतना हाई पर कैप्टा इंकम है जनरली क्या
08:31है या तो भारत जैसा देश है जिसकी पॉपलेशन बहुत जादा है तो पर कैप्टा इंकम बहुत लो है तो
08:35जाहर है कि कंजमसन भी लो है चीजो
08:51जिसमें आप कह सकते हैं कि इसकी population भी है बहुत बड़ी और जो जानी population के लिहाज से एक
09:00relatively उसकी per capita income भी middle income country के तरह से आती है
09:04तो अब अगर ये एग्रो प्रोडक्ट्स नहीं बिकेंगे तो ट्रम्प का जो कोर एडिया है वहाँ पे उसको vote कम
09:12परेगा तो अभी जो मध्यावदी चुनाव होने हैं जिसमें सिनेट और कॉंगरेस के दोनों के election होने हैं
09:18half term के mid term के उसमें ये होगा कि ऐसे कयास लगाई जा रहे हैं कि और अगर ये
09:25इनके जो voters नाराज हो गए तो Congress तो Congress सिनेट में भी majority lose कर जाएंगे
09:32Republicans तो वो डर बना रहता है तो इसलिए सबसे पहले उन्होंने कोशिश की है कि सिक्यूर करें जो अपना
09:38core voter है उसके interest को सिक्यूर करें और Midwest के जो farmer से उनको किसी तरह के कोई लाब
09:43दिया जाए इस पे चाइना नहां भी भरी है कि हम और सोयाबीन और सोरगम और मेज और बीफ �
09:49आप से खरी देंगे लेकिन अभी इसके quantum पे कोई बातचीत नहीं हुई है अपने तरफ से डोनल्ल टरंप ने
09:56ये भी कहा है कि बोईंग के साथ एक बहुत बड़ी deal जो होनी है 200 plane चाइना खरी देगा
10:01लेकिन उसकी announcement अभी चाइना ने की नहीं है तो अब ऐसा भी हो सकता है क
10:06कि वो announcement हो आगे किसी दिन लेकिन ऐसा भी हो सकता है कि उसमें अभी कोई पेंच फसा हो
10:13और बोईंग के जो orders बताये गए हैं वो उतने बड़े नहों दूसरी तरफ जो critical minerals है उस पे
10:23जो एक interim deal पिछले साल हुई थी वो दोनों देश को सिस कर रहे हैं कि उसमें बाचीत करके
10:28
10:28उसको और मजीद बरहाया जाए लेकिन वो तभी possible होगा कि जब tariff जो है वो lower tariff rate पे
10:36चाइना पे लगाया जाएगा अगर चाइना पे tariffs बाकी देशों से उपर रहें तो tit for tat में चाइना फिर
10:44critical mineral supply अमेरिका को नहीं करेगा अगर अमेरिका को critical mineral supply नहीं होता है तो अमेरिका अ�
10:58short term में तमाम industry जो है उसको नुक्सान होगा जिसमें avionics की industry है जिसमें जैनी missile की industry
11:08है जिसमें defense technology से related industries है इन सब पे उसके असर देखने को मिलेंगे
11:16तो ऐसा लग रहा है कि Donald Trump ने initially तो ये plan किया था कि वो एक किसम का
11:22pressure जो है वो यहाँ पे लाके create करेंगे लेकिन इरान war में जो उन्होंने उनकी जो performance रही वो
11:28इतनी खराब रही है कि उसके बाद वो ये pressure exert चाइना पे नहीं कर पाए हैं तो जब pressure
11:35exert नहीं कर पाए है तो फिर व
11:36कर रहे हैं यानि वो एक तरीके से इसको कहते हैं कि चाटू कारिता कर रहे हैं सी जिंग पिंग
11:41की बढ़ाईया कर रहे हैं कि ये यात्रा जो है उसको successful बनाए जाए क्योंकि अपने domestic audience में उनकी
11:48स्थिती बहुत खराब है approval rating 32-39% तक गिर के आया हुआ है और लोगों में बह�
12:04सारी चीजें ये सारी चीजें जो हैं वो नवंबर के जो इंतखावात होने हैं उसमें इनके इनके असरात जो है
12:13वो देखने को मिलेंगे और डोनल्ड ट्रम्प अगर मैजॉरिटी हार गए तो वो लेम डग प्रेसिडेंट बनके रूल नहीं कर
12:21पाएंगे क्योंकि उनकी ट
12:33से सज़ ट्रम्प के चिनी दोरे की तफसिलात बता रहे थे हमेशे की तरह आखिर में तमाम नाजरीन और सामाईन
12:42से गुजारिश करता हूं कि वो अपने टीमतियारा और तजावीज हमें जरूर रसाल करें ताके हम प्रोग्राम दुनिया मेरे आगे
12:52को आपके लिए मजीद
12:54दिल्चत जामे और बामाने बना सके हम अगले प्रोग्राम में फिर आजर होंगे एक नए रुख एक नए सोच के
13:03साथ तब तक के लिए अपने मुस्बस सोच को जिन्दा रखिए और प्रोग्राम दुनिया मेरे आगे को देखते रही है
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