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NALSAR Controversy पर CJI Surya Kant की BCI को फटकार, छात्रों के भविष्य के साथ खलने वाले तुम कौन? क्या है पूरा मामला जानिए इस ख़ास चर्चा में विस्तार से.

CJI Surya Kant Slams BCI Over NALSAR Students Ban: सुप्रीम कोर्ट ने NALSAR लॉ यूनिवर्सिटी के छात्रों पर वकालत का बैन लगाने वाले BCI के आदेश पर कड़ी फटकार लगाई है! जानिए कैसे CJI सूर्यकांत के कड़े रुख के बाद Bar Council of India को अपना फैसला वापस लेना पड़ा।

In a major legal landmark, the Supreme Court of India led by Chief Justice Surya Kant strongly condemned the Bar Council of India (BCI) for issuing a circular that restricted 2026 graduates of NALSAR University of Law from enrolling as advocates. The Supreme Court upheld the students' constitutional right to peaceful protest, prompting the BCI to withdraw its controversial order within hours.

#NALSAR #SupremeCourt #CJISuryaKant #OneindiaHindi

~HT.410~ED.108~PR.250~GR.510~VG.HM~

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00:00CGI ने का जाहिर तोर पर BCI का ये फैसला, ये अदेश गैर जरूरी है, ये चात्रों और मेरे बीच
00:06की बात चीते है, अगर चात्रों को किसी तरह की नाराज़गी थी, उससे मेरा वो विरोध करना चाहते थे, बत
00:11और चीफ गैस्ट, ऑन वोकेशन, समारों में मुझे नहीं चा
00:29तो उनको अपनी बात उठाने का हक है, ये इससे पूरी नासाल सी एक तरह से बेज़ती होती है, दूसरे
00:38देखे, आज आनन पानन में जो BCI ने जो किये हैं और उसको बापस लिए, इसमें मनन मिस्रा के भी
00:47कहीं कहीं ही निंदा हो रहा है, आप जो जल्दिवाजी में कदम �
00:51देखे, आप BCI के चेर्मेन हैं, आप शोटिव मों कि कुछ कर नहीं है, दूसरे आप एक सांसर भी हैं,
00:57तो आपको एक दुरगामी उसका नतीज़ा सोच करके कदम लेनी चाहिए था, आपने केवाल एक फूस करने के लिए का
01:04दिया, जल्दवाजी में ने ले लिया कुल मिल
01:20करता है, और हमारा लॉब ही यह ने देती है, देखे, आप BCI का काम होता है, कि जो एड़ोकेट
01:25एक्स है, उसी के एक्वाडिंग ही चलना है, एड़ोकेट एक्स के जो सेक्शन 24A है, उसमें किलियरली कहता है, कि
01:34इन्रॉल्मेंट का क्या-क्या बेस हो सकता है, ऐसे नहीं है क
01:39आप जो है किसी को उठा के कर सकते हैं, किसी को आप आए और उसमें भी बल्क में, तूसरा
01:46देखे, हमारे भारत के सम्विधान में, 19 जो है भारत का जो आटिकिल 1 में, कि एलियर है लिखा हुआ
01:54कि जदि किसी का विरोध है, तो आप ठांतिक को जंग पिरोध ही ये, माल लेत
02:09क्योरी करने वाले को अपहांचे नहीं दे सकते हैं
02:11बाई जदी कोई उस तरह का देश
02:13मलब किया है जो लुए
02:15सहमती चात्रों की को अन्वकेशन में ना बुलाना
02:17उसके बाद BCI की आदेश
02:19और फिर
02:20CGI की फटकार, यूटन BCI का
02:23इस पूरे मंजर में आपके साफ से
02:27नालसार की गलती थी या BCI गलत रहा
02:31तेके हमारे हिसाब से
02:33BCI की गलती थी
02:35BCI भी पूरा गलती नहीं या BCI की
02:37BCI में जो मेन है
02:39मनननमिस्रा था है
02:41उन्होंने
02:42मैं समझता हूँ कि अपना
02:44या तो पावर को दिखाते हिए
02:47इस तरह से जो एक्टन लिया
02:48ये उनकी नादानी थी
02:50बहुत ही इस्तर तक के साथ
02:53दुर्गामी उन्होंने नहीं तो जाथा
02:54और यहीं बज़ा है कि
02:56आज पूरे परकर्णी में सब्सक्री जादा बेश्की हुई है
02:59तो मननमिस्रा था
03:01उन्होंने यू टर्ण ले लिया
03:02बूंके अपने लोगों ने भी साथ नहीं दिया
03:04तो आप इस तरह का क्यों कदम उठाए तो
03:07गौर्ण साब अभी तक के जो देखा गया है
03:10थासकर के
03:12सीव जसिस ओफ इंडिया का
03:14जो काज पर नाली रहा है
03:15वो बहुत ही उदार टाइप के हैं
03:19और ये भली भाती परिशित हैं
03:22इसके पहले भी देखे कई घटना हुआ था
03:25अभी आप देखे कि सुप्रिम कोर्ट में एक जो एस्टूनेंटी थे
03:30वो भी ओ लॉग नहीं थे लेकिन पर्सन थे
03:33और उन्हें देखे कोर्ट में आकर बहुत फिक पर्स्तभी किये थे
03:37दाली ग्रॉज तकी किये थे
03:39बहुत भीines Eagles का इस्सेमाल जस्तार के सामने किया था
03:43और उन्होंने Justices of India के नाम से वो दिया गया था
03:47इसके बाबचुद भी उन्होंने कहा कि नहीं
03:50आप तोड़ा सा उसमें excited way में है
03:54या कहीं mentally disturbed है इस तरह का हरकत हुआ है
03:59तो उन्होंने शमयता उसको शमा कर दियो
04:02और यह हमेशा माने यह सरवोचनियाल है
04:05क्योंकि सुप्रीम जब आदमी बड़ा होता है तो शमा जानता है
04:10इसलिए का था शमा सोबती उस भुजंग को जिसके पास गरल हो
04:14उसको क्या जो दंत हीन बिस हीन बिनित गरल हो
04:18तो जो बड़े आदमी होते हैं वोड़ा शमा जी हम यह तो देख रहे हैं
04:22पिरमोच जी हम यह तो देख रहे हैं कि पिछले जो CGI थे
04:25बियार गवई उनके उपर भी जूता फेका गया था उन्होंने भी माफ कर दिया
04:30एक वकील नहीं हलाकि फेका था
04:32तो सवाल यह कि यतना बड़ा यह जो हमारा नियाय का मंदिर है
04:36चीप CGI की जो गर्मा है यह किस दवाओं में बार बार तार-तार हो रही है
04:42क्या उसको बनाय रखने की जिम्मेदारी सिर्फ CGI की है
04:45या दूसरे जो वकील है या इस तरह के स्टुडेंट्स हैं
04:49उनको भी लाके स्टुडेंट्स उनने भी कुछ उस तरह का करना चाहिए था
04:52मैं ऐसे भी तो सोच सकता हूँ
04:54गौर्ण साहब ये वाकई में बहुत अच्छा सवाल किये
04:58और ये बातल में ये हिंदुस्तान के हर जनता को इसके लिए बहुत सकेत होना चाहिए
05:03देखे आज गुआ गया है कि जितने भी इंस्टिशूसन ले लिजे
05:08चाहे वो लोगसभा हो रहा हो
05:10चाहे वो आपका रासभा में या फिर जो है जुलिस्यरी का हो इंट्रिटिव का हो
05:15हर जगर लोगों का अस्तत्वासा निम्द हुआ है
05:19और ये देखेगा अभी हम सतकाल यहां के सारी जनता जो है देखे है
05:23कि जनतर मंतर में खार्ट करकर के जो लड़कियों ने
05:27जो सीजेपी के परदर्सन में यहां का अब मैक्सिमम लड़कियों ने
05:30जिस तरह से अंग परदर्सन करके और जिस तरह से फिली लैंग्विज एक सरकार के बारे में जो अभी रख
05:36लिया
05:37कोई भी समाज कहीं का भी इस चीज़ को सुविकार नहीं करेगा
05:40यह तरह समझे कि यह बहुत ही निमना सका था तो इस चीज़ को सुवार करने की जरुवत है
05:46कैसे होगा प्रमोजी सुवार कैसे होगा सीजी आई के ऊपर भूता चाला जाएगा उनके खिलाप आंदोलन होगा वो दवाओं में
05:53आके माफ करेंगे
05:54आखिरकार न्याय का इतना बड़ा मंदिर है सीजी आई की गर्मा है पिछले सीजी आई भी माफ कर देते हैं
06:00इस वाले भी कर देते हैं लाइश चूडेंट है वो कहते हैं एक बकील है सीनियर एड़ोकेट है
06:04तो हम कोई हम आखिरकार नजीर अदालते हैं खासतोर चे सुप्रीम कोट हो हाई कोट हो वो एक नजीर पेस
06:10करती हैं आप जानते हैं बहां के निर्णाय भी एक नजीर बन जाते हैं और बहां पर बेवार अगर इस
06:16तरह का नजीर बनता है कि कोई भी जाकर के बहां पर इतनी
06:21गंदी लेंगूज में गाली दे किसी भी कोट में सीजियाई को उसका वीडियो भी आ जाए
06:25और उसके पर कोई कारवाई ना हो तो आके नजीर हम क्या पेस कर रहे हैं
06:29कुछ भी करते रहे हैं बस आप भीड़ी खटा कर लीजिए इस देश में भीड़ तंत बना लीजिए
06:51होगा कि आज ये निम्नास्तर क्यों जा रहा है और ये जब तक हम नहीं
06:55सुधारेंगे ना तो हम जो कर रहे हैं कि हम विस्व का गुरू बनने जा
07:00रहे हैं या हम अगरिकर वो रहे हैं दूसरा या तिसरा पोजिशन लाने जा
07:04हैं बड़ा मुश्किल होगा तो आज ये सुप्रीम कोर्ट का अब ही एक नजीर बने लेकिन इसके साथ साथ ये
07:12भी जिम्मेवदारी होती है कि सुकी सुप्रीम कोर्ट के चीज़ जर्सिस अपर इंद्या के साथ ऐसा हुआ है तो नहों
07:29उन्हें चमा कर दिया उनका बड़पन निश्चत तौरवर बड़पन जो है प्रशंशा की प्रसंसा की बात है प्रशंश नहीं है
07:35लेकिन सवाल यह है कि जो बीसी आई का निर्णा है भी से अद्दैश का ममन मिस्रा का तो हम
07:41उस निर्णा की आलोचना क्यों करें उन्होंने अ
07:59नहीं यह देखें मनन मिस्रा जी ने बहुत ही जल्दिवाजी इसमें किये थे आप देखें वहां करीब 1400 पढ़ रहा
08:06है विसर्ट कर रहा है और विरोध में जो उसने दिया है करीब 4500 ने किया है अब सवाल है
08:13कि 4500 की गलती का खाम्याजा या मान लेते हैं बिरोध उसमें कि
08:18क्या होगा दस मार्च उसका खाम्याजा पूरे 1400 सुट्टेंट को क्यों मिलेगा एक दूसरा नालसार जो है इंस्टिशूशन इंवर्चिती है
08:26वह बहुत रिपूटेड इंवर्चिती है यह इससे पूरी नालसार की एक तरह से बैस्टी होती है दूसरे देखें आज आनन
08:47
08:47आई के चेर्मेन है आप शोटी मोटिफ कोश्ट कर नहीं है दूसरे आप एक सांसर भी हैं तो आपको एक
08:52जुरगामी उसका नतीजा सोच करके कदम लेनी चाहिए था आपने के वाल एक खुष करने के लिए का दिया जल्दवाजी
09:00में नहीं ले लिया कुल मिला के ये इस तर
09:15लॉब ही ये नहीं देती है देखे आप DCI का काम होता है कि जो एड़ोकेट एक्स है उसी के
09:21एक्वाडिंग ही चलना है एड़ोकेट एक्स के जो सेक्शन 24A है उसमें किलियरली कहता है कि इन्रॉल्मेंट का डिस्क्वालिफिकेशन का
09:31क्या-क्या बेस हो सकता है ऐसे नहीं है
09:33है कि आप किसी को उठाके कर सकते हैं जो है किसी को आप आये और निया में ब्रइधान में
09:43लिखा हुआ कि जडिक है
09:49बिरोध है तो आप फांतिक को दंग से बिरोध कीजिए, माल लेते हैं, शुडेंट ने आपको प्रशस्ति पत्र दिया और
09:54बिरोध जताया, तो क्या गलती किया, हाँ ठीक है, उसमें एक बेज़ती होती है, उसमें उन्होंने का, तो उसको समझाया
10:01जा सकता है, लेकिन एक कीर
10:03के चोरी करने वाले को आप हां से नहीं दे सकते हैं, बाई जदी कोई उसतरा का देश मलव किया
10:08है, जुर्म, तब तो आप दे सकते हैं, जुर्म का एक सर्टिन सजा होता है, जो इस बच्जिद्यार्खियों ने, जो
10:16वहाँ नालसार के बच्चियों ने, जो लाश उनेंट �
10:19जो गलती किया है, गलती है, आप Chief Justice of India को ऐसे नहीं भी रोग किया, तब तो ऐसे
10:24हर चीज में कोई निरने लेगा, दस आज उसको भी रोग करने वाला होगा, तो हमें एक युडिसियरी का मान
10:29सम्मान भी रखना होगा, जदी हम मान सम्मान करते हैं, तब ही हमारा अस्तित भी
10:34बचा हुआ रहता है, आप देखिये न, Law and Order कि इनको दे रहे हैं, बिल्कुल, प्रमो जी दो तीन
10:52एक्जांपल गिनवाए, शिविन जी ने भी गवी जी के साथ, जब वो जूता वाला कांड हुआ था, उसके बाद फिर
10:57हम ने देखा, जंतर मंतर भी पूरा प्रोटेस्ट ह
11:00आप तमाम ऐसी टपणी आई, जो कि शायद नहीं आनी चाहिए, ऐसे व्यक्ति के प्रतीद, जो समविधानिक पत पर बैठा
11:06है, चोटे मोटे मंतरी, पार्शच, सीम के खिलाफ भी अगर कोई अबद्र टपणी होती है, तो हमने देखे हैं कई
11:11ऐसे वीडियो आए, कि पहले
11:13कोई गाली गलोज कर रहा है, उसके बाद उसके खिलाफ एक्शन होता है, उसकी पिटाई भी होती है, और पुल्स
11:18के साथ वीडियो आता है कि मैं ऐसी गलती दोबारा नहीं करूँगा, लेकिन जब हम बात चात्रों की करते हैं,
11:23अभी हर्तियों की करते हैं, प्रदिशन कारि
11:37जिससे आप कह सकते हैं सुप्रीम कोट के सरवुचिपद की मर्यादा को ठीस पहुँचती है, तो इसके खिलाफ कह सकते
11:45हैं, या फिर इसमें एक्शन लेते हुए, क्या कुछ दाइरे हैं, कानूनी दाइरे हैं, क्या चात्रों की बभीश्य के साथ
11:52कोई खिलवार जैसा बनत
12:07जाए मिल रहा हूँ, जहां का प्रशासन, जहां का जनता कुछ है, यदि आप युदिस्यरी को करते हैं, या उसको
12:14मर्यादा को गिराते हैं, तो निशित रुप से उसके लिए बना हुआ है, कंटेम्ट आप कोट, आप कोट की कंटेम्ट
12:22कर रहे हैं, और उसके लिए सजा है
12:24उसमें दो साल की सजा होता है, और कई बार होता है। ईविन एड्मोकेट भी यूदिशारी का उसमें बेजिशी होती
12:29है, या मल्यादा घढ़ता है, तो वह किया जाता है।
12:32सुप्रीम कोर्ट में तो पूरा जो ही इंहेरेंट पावर है डिस्क्रेशनरी पावर है कि यह कर सकते हैं लेकिन क्यूंकि
12:38यहां पे इंडिविज्वाल का नहीं है यहां स्टुडेन का था और तो मैं समझता हूं कि जो सीजी आई साहब
12:45ने जो एक्षन लिया है और उसको समा क
12:48करने की कोशिस किया है वह बहुत ही उदारवादी अपना पर्चे दी बिल्कुल मैं उससे सहमा तूब वह प्रसंस नहीं
12:54है मेरा मेरा मेरा सर सवाल यह है मैं बार बार इस चीज़ को समझना चाहरा हूं क्योंकि मैं यह
13:00देखता हूं कि यह क्यों सुप्रिम कोड की बात नही
13:15कि गवई साब की बात करता हूं वो तो बहुत ही निंदनी था उनकी तरफ जूता उच्छालना और इस तरह
13:21की चीज़े होती है तो आपके सामने तो वह नजीर होगी ना हमारे सीजी आई ने दोनों ने माफ कर
13:26दिया था गवई साब ने उन्होंने भी माफ कर दिया आज यह
13:32ने सीजी आई साब माफ कर रहे हैं तो सवाल यह है कि यह नजीर पे फिर आप क्या कारवाई
13:37कर पाएंगे आपके साथ तो न्याय नहीं हो रहा है न्याय तो एक तरफा न्याय नहीं हो सकता ना आप
13:42जिस पत पर बैटे है उसका न्याय और संबान दोना होना जरूरी है
13:46बिल्कुल देखें नजीर भी होनी चाहिए जो कि बहुत उधार से भी जो है हमारा चोटाई सही कुछ तो सजा
13:53होनी चाहिए जी जी उसको मर्यादा को आप कायम नहीं कर सकते हैं लेकिन जदी आप तीनों उधारन को मैं
13:59लेता हूं एक नालसार का स्टुडेंट का दूसरा जो
14:03अभी एक लाव अश्टुडेंट ने जो गाली गलोज किया था और किसरा जो एड़ोकेट से जो करकडुमा में एड़ोकेट प्रैक्स
14:12करते थे और उन्होंने जूता उठाने का प्रयास किया तीनों में तीनों में जो गवैसी का भी ले लीजिए सर
14:17जी वह गवैसाब का ही �
14:19बात बतार हूँ जो गबाई साहब पर जो किया गया था वो जो जूता उठाने का अब किये थे यह
14:25दोनों जो है वह लॉक्ष रूप किया था वो एक मुझूरग वो काफी समझे है
14:36और वो केबल अपनी पॉपलिर्टी पाने के लिए कई बार इस तरह से मल्लव कर देते हैं हलांकि गबाई साहब
14:43ने उनको भी माप कर दिया चुकि वो देखे जुदिस्यरी में जो शीफ होते हैं वो नहीं चाहते हैं पब्लिक
14:49फोरम में उनकी थोड़ी बैजती हो तो इसलि�
15:04से चुकी एड़ोकेट थे यह यह दौनों बच्चे जो है हो सकता है इतने दिमाग से प्रभुद नहीं है किसी
15:10का बहकावे में लेकिन वो जो एड़ोकेट किये थे वो जानबुश करके यह हुआ
15:18शबस्टाइब एड़ोकेट प्रभुद पर नवो जितने अप्ड़ोगे किसी का बहल जान। प्रभुद एड़ोकेट बच्चेट करकेट रज़ोकेट को में पोड़ोकेट प्रवश
15:27करकेट करकेट नहीं है
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