00:00कोई नहीं कर सकता तो उसका सामना लेकिन हनुमान जी ने दिखा दी अपनी अदबुर शक्ती कहते है पताल रोक
00:06में एक ऐसा राक्षक जागा था जिसकी परशाई से ही जोदा मर जाते थे लेकिन जब उसने राम बक्त को
00:12ललकारा तब शुदू हुआ सबसे भ्यानक जुद र
00:29चारों दिशाओं में अंदकार फैल गया तभी अकाश में गुंजा एक नाम हनुमान जी हवा तेज होगी और अगनी समान
00:38तेज के साथ प्रगट हुए पवन पुतर मकरासुन ने मायवी सक्तियों से हजारों ब्यानक रूप बना लिये पूरा अकाश राक्षों
00:45से भर गया
00:45लेकिन हनुमान जी ने आंखे बंद कर प्रभु शिरी राम का समरन किया और उनका शरीर परबत जितना मिशाल हो
00:52गया एक गरजना एक शलांग और गदा का ऐसा पहार की पतार लोग कांप उठा जैसे ही मकरासुर गीरा उसकी
01:00काली सक्ति दूँए बनकर गैप होगी तब ही �
01:03दिब्य आवाज जई बक्ती से बड़ा कोई अस्तर नहीं अंदकास माव दो चुका था जहां हनुमान जी का नाम लिया
01:10जाता है बहां बेस बें बाग जाता है बोलिये पवन पतर हनुमान की जै
Comments