00:00उसने शिबलिंग पर जे चड़ाया और अगले ही पल जो हुआ कोई सोच भी नहीं सकता अगर आप महादे पर
00:05ब्रोसा करते हो तो जे कहानी पूरी सुनना क्यूंकि इस भक्त ने जो किया वो हर कोई नहीं कर सकता
00:11आदी राद जंगल के बिचो बिच एक टूटा हुआ मंदिर �
00:14और एक गरीव आदमी जो आखरी उमीद लेकर आया था उसने रोते हुए कहा बोले ना अब आपके सिवा मेरा
00:20कोई नहीं है अचानक मंदिर का दरबाजा अपने आप बंद हो गया दीपक की लोग भड़क उठी और पीशे से
00:26भाड़ी अवाजे क्या तुम सच में मुझे ब
00:42पुरानी माला आंखों में आंसू लेकर उसने वो माला शिबलिंग पर रख दी और उसी पल अगोरी गहपो गया मंदिर
00:49में तेज परकाश फैल गया गंटी अपने आप बजने लगी आजमान से अवाज आई बिश्वास की कीमत त्याग से चुकानी
00:55परती है सुबह गावाल
00:57आदमी अब दन्नों समान से भड़ा हुआ था कहते है महादेब चमतकार नहीं करते है वो बिश्वास की प्रिक्षा लेते
01:03है अगर आप भी बोले नात पर वरोसा करते है तो कमेंट में लिखो हर हर महादेब
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