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UGC केस में अब नया मोड़ आ गया है। Supreme Court में सुनवाई टलने के बाद जहां कई तरह की अटकलें और अफवाहें सामने आ रही थीं, वहीं अब एक नई याचिका ने इस मामले को और अहम बना दिया है।

Senior Advocate A P Singh ने Supreme Court of India में क्शत्रिय महासभा के अध्यक्ष कुनवर हरवंश सिंह की ओर से याचिका दायर की है, जिसे कोर्ट ने पहले से चल रहे मामले के साथ जोड़ दिया है।

इस दौरान A P Singh ने इंटरव्यू में साफ किया कि सुनवाई में देरी को लेकर फैलाई जा रही कई बातें केवल भ्रम हैं और कोर्ट की प्रक्रिया अपने तय नियमों के अनुसार चलती है।

क्या है इस देरी की असली वजह? नई याचिका से केस में क्या बदलेगा? देखिए यह एक्सक्लूसिव इंटरव्यू और पूरी ग्राउंड रिपोर्ट।

The UGC case has taken a new turn as fresh developments emerge after the hearing in the Supreme Court of India was postponed.

Senior Advocate A P Singh has filed a new petition on behalf of Kshatriya Mahasabha President Kunwar Harwansh Singh, which has now been tagged with the ongoing case.

In this exclusive interview, A P Singh clarifies that many claims regarding the delay are merely misconceptions and that the Supreme Court functions strictly as per its established procedures.

What is the real reason behind the delay? What impact will this new petition have on the case? Watch this exclusive ground report for complete insights.

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~HT.410~PR.548~ED.520~GR.538~

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Transcript
00:00UGC को लेकर 19 मार्ज को पूरे देश की निगाहें थी लेकिन उस दिन सुनवाई नहीं हो पाई
00:05लोग के दिबाग में तवान तरह का भ्रहम था कि आगे क्या होगा किस तरह का होगा लेकिन इधर आज
00:10यानि कि 23 मार्ज को एक उसमें अपडेट है
00:12दिखे डाक्टर कुमर हरवन सिंग अखले भारती 24 माज सबा के राष्टियत धक्ष है वर्तमान में दो बार से उनके
00:18बेटे रमेश सिंग उत्तरपदेश विधान सबा में विधायक है
00:21महाराश्चा उत्तरप्देश के कई जनपदों में उनके विद्याले हैं सिक्षण संस्थान हैं डिग्री कॉलेज हैं
00:29सिक्षा के छेतर से बहुत जुड़े हुए हैं सामाजी के वक्ति हैं
00:34और उन्हें भी लगा कि ये गजट जो आया था 13 जनवरी को UGC का बिलकुल गलत था गयर कानूनी
00:41था
00:41इसलिए उन्होंने इस पर सक्ति के साथ जल्दी के साथ माने सरवोच नायले को अप्रोच किया
00:47हमने याचिका लगाई और मैं धन्यवाद करता हूं माने सरवोच नायले ने आज भी सुनवाई करके
00:53पिछली बार सुनवाई होनी थी नहीं उपाई लेकिन आज UGC की हमारी टक्टुकुमर हरवन शिंग जी याचिका पर सुनवाई हुई
01:00और मैंने कहा कि कई राज्य कहीं कुछ कह देते हैं कि हम लागू कर रहे हैं इससे जातिकत हिंसा
01:06फैलने की संभावना रहती है एक पक्षकारा नहीं लागू होना चाहिए इसका समाधान क्या है सरकार ने तो छोड़ दिया
01:14लड़ो मरो कटो जो करना करो
01:17लेकिन हम माने सर्वोच नैले में गरियाचिका करता के रूप में आये हैं तो निशित तोर पर वो सैनडाई इस्टिक
01:24के लिए आदेश किया है क्वाटी हो चवपाटी हो करना कुमारी हो कश्मीर हो भाजपा सासित हो कॉंग्रेस को हो
01:30सीपी आई के हो किसी पार्टी के हो को
01:46निशित तोर पर जूटे केस रेजिटर होने से बचेंगे नहीं वाओं पर जूटे केस रेजिटर हो वो सड़कोप उतरेंगे तोड़
01:53फोड होगी पुलिस उने बंद करेगी तो यूजी सी से पहले उनका भविशे खराब हो लेगा जीवन बरबाद हो लेगा
02:00अगर कुछ
02:00लोग ऐसा चाहते कि ऐसा सवन समाज के साथ हो तो यह भी उचित नहीं है होना नहीं चाहिए भारती
02:07जनता पार्टी के डवल इंजन की सरकारों के साथ भी सबका साथ सबका विकास सबका विश्वा सबके साथ नियाय के
02:14नारे की भावना के साथ चलना चाहिए और नियाय की �
02:33सब्सक्राइब करना चाहिए लेकिन जिस तरह जब सुप्रिंग कोट ने इस पर इस्टे दिया उसके बात दूसरा पक्ष जो यूजी
02:41सी के नहीं के पक्ष में था वह आंदोलन करने लगा जब मैंने उनके इंटर्वू किये बात कि वह प्रोफेसर
02:47से जैनु के डियू के तो �
02:59यह कुछ मुझे समझ में नहीं आए क्योंकि कई बार हम बहुत ही कमजोर बर्क के वक्ष में अक्सर देखते
03:03हैं सुपरिंग को निर्णा देता है
03:06सदैब कमजोर पक्ष के ही हक में नहीं देता है मानी सरवोच नहले के पद पर बैठे मैं किसी जाती
03:14से यह संबैधानिक पद होती हैं
03:16चाहे Chief Justice of India हो, चाहे देश के प्रधानमंत्री जी हो, चाहे देश के महमेम राष्टपती जी हो, ये
03:23पद ऐसे सारवजनिक हैं और समवैधानिक हैं, इन्हें अगर जातिकत लोग देखना चाहते हैं तो मुर्खता है, गलत है, क्या
03:30मैं ये कहने लगू कि इस देश के प्रधान
03:44शिंग जी की याच कैयो जी से पर सुनवाई चल लही थी, उसमें से तीन जाजस में एक जाजस दलिस
03:50समाज से थे, ये कहते हुए अच्छा लगेगा, क्या लोगों को ये सुनते हुए अच्छा लगेगा, ये जाजस जाती से
03:56जुड़ेंगे, वकालत जाती से होगी, फैसल
04:13समपरदाय से उपर है, ये उपर उनकी इस्तिती है, इनको इससे मत बांदिये, इन चीजों से मत जोड़िये इन चीजों
04:20में, कि हम ये कहें कि पिछले हमारे चीप जश्टिस आप दलिस समाज से थे, ये कहते क्या सुनते हुए
04:26लोगों को अच्छा लगेगा, राष्ट पत
04:29होते हैं, चीप जश्टिस होते हैं, हमारे देश के सबके होते हैं, संबैधानिक पदबर बैठे होते हैं, मुख्यमंत्री किसी राज्य
04:39का होता है, पूरे सबकी जनता के लिए होता है, उसको आप जाती से जोड़ेंगे, धर्म से जोड़ेंगे, छेतर से
04:45जोड़ेंगे, भ
04:57रूप अलग हो सकते हैं हमारा खाना पीना अलग हो सकता है हमारा पहनावा अलग हो सकता है हमारी कल्चर
05:04अलग हो सकती है लेकिन देश तो एक है न संबिधान तो एक है न आर्टिकल तो एक है न
05:09यूजी सी के द्वारा भारत के संबिधान के आर्टिकल पर चोट पड़ रही थ
05:16यह समझ में आता है लोगों के लिए एक पॉलिटिकल नेरेटिब और गड़ा जा रहा है वह यह गड़ा जा
05:21रहा है कि जो यह स्टे है इस पर 19 मार्च को जब कि मैं जानता था इंडर्स्ट्री वाला जो
05:26डेफिनेशन वाला पूरा चला तो उस पर सुनवाई लगा तर तीन द
05:43है और इसलिए इसको टाला गया है कि बस यह मामला सांथ है और चुना अपनी वर्जी से हो जाए
05:47उन्नेस मार्च की जो लोग कह रहे है नाइं जश्टिस नौ जच की बेंच सुबह साड़े दस से शुरू ही
05:55साड़े चार वजे तक शाम तक चली मतलब क्या लोगों को लगत
06:13पहुंचे हैं CJI भी थे नौ जश्टिस उसमें सुनवाई में थे सुन रहे थे पूरे दिन उसके बाद आज इसके
06:20लिए लगाई डेट और सेनडा इस्टे का मतलब यही है मैंने कहा चीप जश्टिस साब से किसमें क्लरिफाई करिए कहीं
06:27इस तरह से ब्यवधान इस तरह से
06:29इस तरह से पहुंचेगा तो फिर गलत है उचित नहीं है ठीक नहीं है ऐसा नहीं होना चाहिए तो यह
06:35इस पर पूरी तरह से कार हुआ है अच्छी तरह कार हुआ है सुनवाई ठीक हुई है और उस पर
06:41सेनडाई हुआ है जिससे आर्टिकल भी बचे सम्विधान भी बचे सम
06:45समाज भी बठे हमारे देश की चातिगत हिंसा बैमनस्ता से भी बचाओ हो उससे रुकावट हो यह आवश्य है तो
06:53हम लोग समझ रहे हैं पॉलिटिकल सब आपने बताया चली रहा है लेकिंगे उनका नर्टिव था कि सरकार के कहीं
07:00ना कहीं जो एस जी हैं तुसार जी या दू
07:13देखे जब हमारी पेटीशन पहुंचती है तो काउंटर एफडेविट फाइल होता है काउंटर एफडेविट फाइल एक प्रोसेस है और उसके
07:20तहत इस्टेट देता है उनिन आफ इंडिया देती है यूजीसी देती है और निश्चित और पर समय पर देंगे उस
07:26सारी कार�
07:27होगी लोगों को निश्चित रहना चाहिए राजनित का आइने से सुप्रिम कोट को नहीं देखना चाहिए इसी देश में जब
07:36कई मुख्यमंत्रियों की बेल दिसमिस हुई तो उन्होंने सुप्रिम कोट को भगवा कह दिया और जब इसी सुप्रिम कोट से
07:43उनकी बेल हु�
07:48पराजित नहीं हो सकता तो मीठा मीठा गप गप कड़ुआ ख़ुआ थुथू ये हमारे सुप्रीम कोट में नहीं चलता है
07:55इस बात को समझ लेना चाहिए जो है वो सामने है सत्य है हा मानिस सरवुचनाले सबको संतुष्ट नहीं कर
08:02सकता है सबको साथ करके नहीं कर सकता है च�
08:17क्या यहां waking सिंदूर हो रहाता। उस दिन भी सुप्रीम कोट चल रही थी। करोना से लोग मर रहे
08:25थे तब भी सुप्रेम कोटशल रही थी क के चलती रहती है उसमें नो कोई बात नहीं उसको इस
08:30से जोड़ना पुरी त्रह से गलत है और उचित नहीं है जोगत है
08:37कि क्या अपडेट है यह अपडेट जानने बड़ा ध्रम की इस्तिती बने वी थी आप इस पूरी बारताओ कैसे देखते
08:42हैं आप कमेंट बाक्स में बादा सकते हैं
08:43कैमरा पैस्वन आसीत किताब शिबेंद गौर्ड वन इंडिया दिल्ली
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