00:00प्टियोब शुब्बए से अंबे के दौर में एक उइल शौक आया था उसने भी पूरी दुनिया को हिला कर रख
00:10दिया था भारत में एक बार पहले भी तेल के दामों को लेकर हाहाकार मचा था एक उयल शौक फिर
00:18से आया भारत पर नय ओयल शौक ये 1990 से 1991 के दौर जैसा नहीं
00:24foreign
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01:00191 की तुलना में काफी कम destructive है क्योंकि तब के मुकाबले आज consumer fuel पर कम खर्श करते हैं
01:08economy ज्यादा productive है corporate margins मजबूत है U.S. net energy exporter बन चुका है financial conditions ज्यादा liquid
01:16है और fiscal policy भी ज्यादा supportive नजर आती है
01:20लेकिन यह सब 2.S के लिए इंडिया के लिए क्या है इंडिया के लिए यही shock बिल्कुल अलग तरह
01:26से काम करता है क्योंकि भारत अभी भी बड़ा net oil importer है और crude price rise का असार सीध
01:33है
01:33inflation पर, रुपे पर, current account deficit पर और company margins के साथ-साथ household budgets पर पढ़ रहा है
01:41यानि हमारी और आपकी जेब तक पहुँच रहा है
01:43पूरे report को समझेंगे लेगिन पहले थोड़ा सा background समिशना जरूरी है थोड़ा flashback में चलकर 1990-91 के oil
01:51shock की वज़ह जान लेते है
01:531990 में एराग के quet per invasion के बार oil supply disturb हुई और crude prices तेजी से उपर गए
02:01July 1990 में around $15 per barrel से October तक लगभग $42 per barrel तक मच गए
02:10इससे oil importing economies में inflation आया, current account का pressure बढ़ गया और growth slowdown का risk भी बढ़
02:17गया
02:17इंडिया के लिए ये shock काफे important था क्योंकि उस time energy import dependence काफी ज्यादा थी, काफी high थी
02:24और fuel price rise ने future policy changes और economic reforms की urgency को भी support किया हुआ था
02:31अब 1991 के oil shock के बार भारत ने जो बड़े economic reforms लिये उनका मुख्युदेश था foreign exchange prices
02:39को stabilize कर देना
02:41economy को खोल देना और long term growth के लिए controls को कम कर देना उस दोर ने 1991-92
02:48की liberalization package को भी तेस किया
02:51जिसमें industrial licensing धीली की गई, import barriers कम हो गए और foreign investment के लिए दर्वास एक खुल गए
02:58अब आईए 2026 के oil shock पर, Morgan Stanley 6 sections पर बात कर रहा है, consumer exposure, real economy,
03:08corporate sector, energy structure, financial condition और policy environment
03:141990-91 oil shock में gasoline burden करीब 3% of consumer spending था, यानि जितना भी consumer spend करते
03:23हैं उसका 3%, जबकि 2026 में ये करीब 1.8% है
03:29Real economy side पर 1991-91 में productivity week थी, ISM गिर रहा था और jobless claims तेजी से उपर
03:37जा रहा है
03:372026 में productivity करीब 2.5% है, ISM बढ़ रहा है और jobless claims बहुत नीचे दिखाए गए
03:46Corporate margins की बात की जाए, तो 1991-91 में लगभग 4 PCD के असपास थे, जबकि 2026 में करीब
03:5315 PCD
03:54Energy structure में US 1991-91 में large importer था, यानि heavy amount import करता था
04:00जबकि 2026 में net exporter बन गया है, यानि अब वो import नहीं कर रहा, बलकि दूसरों देशों को बेच
04:07रहा है
04:07Financial condition भी 1991-91 में काफी कमजोर थी, जबकि 2026 में rising loan growth और very liquid system दिखाए
04:17गया है
04:17यानि कि liquidity बहुत ज़्यादा है US में
04:20Policy environment की बात की जाए तो 2026 का fiscal impulse बड़ा है
04:25इंडिया की vulnerability इसलिए भी ज़्यादा है क्योंकि देश अपनी crude needs का 80% से ज़्यादा import कर रहा
04:34है
04:34और cooking gas की dependence भी बहुत high
04:37Reuters की एक report है जिसके मताबिक इंडिया oil shock से shield करने की कोशिश कर रहा है
04:50जब crude उपर जाता है तो इंडिया ज्यादा dollars बाहर भेज रहा है जिससे trade deficit और current account deficit
04:57दोनों बिगड़ रहे है
04:58क्रिसल की भी एक report आई है जिसने ये बताया कि high oil scenario में यानि जब oil prices तेजी
05:05से उपर बढ़ते हैं
05:06उस scenario में current account deficit करीब 2% जा सकता है GDP का
05:11जबकि HSBC ने वितवश 2017 के लिए 2.3% of GDP के बाइडन होने की संभावना जटाई है यानि
05:19कि ये पहुँच सकता है देश की cool GDP का 2.3%
05:23अब Reuters ने एक sharper shock दिया है बड़ा shock दिया है धाई फीसिदी बता रहे है वो GDP का
05:31जोखिम है यहाँ पर यानि
05:33risk है यहाँ पर 2.5% of GDP अगर ये वाइडन हो जाता है तो इंडिया में fuel companies
05:39ने हाल के हफतों में retail prices बढ़ाए
05:42state run retailers पहले hike के बाद अगर देखें तो डेली में petrol prices को 98 रुपे के आसपास प्रती
05:49लीटर और diesel को 91 रुपे प्रती लीटर के आसपास तक रखा और बाद में जो तीसरा hike हुआ है
05:56अभी recently उसके बाद दिल्ली में 100 रुपे प्रती लीटर के आसपास या उससे ज्यादा पर petrol trade कर
06:01रहा है और 96 रुपे प्रती लीटर के आसपास बीजल पहुच किया रॉइटर्स का कहना है कि तीन वीसिंट हाइक
06:09के बाद fuel prices पांच रुपे प्रती लीटर तक महंगे हो चुके अब यह जरूरी है क्योंकि इंडिया में retail
06:15fuel prices लंब समय तक hold किये गए थे और अब under recoveries बढ़न
06:31और बाद में fuel prices यानि oil prices गिरने के साथ और RBI के intervene करने के बाद best day
06:39in nearly two months दिखा लेकिन वो भी 95 रुपे प्रती डॉलर के आसपास ही दिखा अब रुपिया 2026 में
06:46अब तक 6% से जादा गिर चुका है और oil driven pressure ने outflows और hedging demand के साथ
06:52मिलकर currency को और ज्यादा कमजोर कर दिया है
06:55अब जब रुपिया कमजोर होगा तो imported crude महगा हो जाएगा, fertilizers महेंगे हो जाएगे, edible oils महेंगे हो जाएगे,
07:02machinery और बहुत सारे intermediate goods और भी ज्यादा महेंगे हो जाएगे
07:06जिससे inflation का अगला round देश में दिखाई देने लगेगा
07:10भारत का crude import bill volume कम होने पर भी price effect से उचल गया है
07:15रिपोर्ट की माने तो April 2026 में crude import volume करीब 4.3% गिरका 20.1 million tons हुआ
07:23लेकिन oil import bill 52% से जादा बढ़ गया
07:26अब Reuters की माने तो इंडिया का merchandise trade deficit April में 28.38 billion dollars तक बढ़ गया था
07:34यानि widen हुआ था क्योंकि oil shipments बहुत तेजी से बढ़ है
07:38और ये वही mechanism है जिससे आप बहुत साफ भाशा में ऐसे समझ सकते हैं
07:43कि barrels कम आए होंगे यानि तेल के चुकूपे आते हैं वो कम आए होंगे
07:47तो भी bills ज्यादा आ सकता है अगर price बहुत उपर चला जाए तो और फिलहाल ऐसा ही कुछ हो
07:53रहा है
07:53अब ज़रा आप खुद पर आईएगा यानि हम पर और आप पर आते हैं
07:57households पर आते हैं
08:10स्कूल आना जाना मुश्किल हो जाएगा बच्चों का आपकी सबजी के दाम, दूज के दाम और यहां तक की घरेलू
08:17services जो होती हैं उनके दाम भी बढ़ जाएंगे
08:19अगर सरकार excise duty कट करके price को hold करती है तो fiscal cost बढ़ जाएगा
08:25अगर cut नहीं करती है तो consumer inflation यानी महगाई के साथ साथ deal करेंगे
08:29government ने price rises को target रखा है यानी थोड़े थोड़े parts में price rise किये
08:35जिससे shock जो है वो एकदम से ना लगे, gradual लगे
08:38लेकिन pass through अब साफ तोर पर शुरू हो चुका है और यह हमें और आपको भी दिखाई दे रहा
08:43है
08:43अब अगर आप देश के उद्योग पर नज़र डालेंगे तो businesses में सबसे जादा stress उन sectors पर आएगा
08:49जो fuel intensive है जैसे aviation जहाँ पर आती है आपकी हवाई यात्रा
08:54उसके बाद आता है logistics, transport, auto, cement, chemicals, paints, fmcg, margins, squeeze होते हैं क्योंकि input cost तुरण बढ़ते
09:04हैं
09:04लेकिन final price तुरण नहीं बढ़ाया जा सकते हैं
09:07financial conditions भी tight हो सकती हैं क्योंकि rate cuts delay हो जाएंगे और bond yield उपर रह सकती है
09:13Reuters कह रहा है इंडिया's financial condition को oil shop और rupee weakness के बीच tight बताया जा रहा है
09:20इंडिया के सामने तीन options है और तीनों में है trade off
09:24पहला option है fuel tax cut करके consumers को protect करना लेकिन fiscal deficit पर दबाव बढ़ा देना
09:31दूसरा option है price increase होने देना जिससे महगाई यानी inflation और लोगों के बीच में गुस्ता बढ़ जाएगा
09:38तीसरा option है रुपे को adjust होने देना जिससे import bill और ज्यादा inflate हो सकता है
09:45यानी रुपया और ज्यादा गिरेगा और import bill और ज्यादा बढ़ जाएगा
09:48तो कुल मिला कर देखें तो Morgan Stanley के हिसाब से 2026 का oil shock का
09:53US के लिए 1991 से काफी कम dangerous दिखाई दे रहा है
09:57लेकिन इंडिया के लिए ये अब भी classic macro shock है
10:01import bill बढ़ता है, रुपया गिरता है, inflation ऊपर जाता है
10:05और सरकार को तेल के दाम पर, deficit पर और growth के बीच tough choice लेनी पड़ती है
10:11इस बार भारत के लिए impact लंबा हो सकता है
10:14और इंडिया इससे कैसे deal करेगा, ये tackle करने की कोशिश सरकार भी कर रही है
10:18और upcoming RBI policy में शायद RBI की तरफ से भी एक indication आ जाए
10:23वैसे RBI policy को लेकर के आपकी क्या राय है
10:26आपको ऐसा लग रहा है कि rate hike होना चाहिए
10:29या फिर वो सकता है, अपनी राय comment section में ज़रूर बताएगा
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