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Adhik Maas Purnima Kab Hai 2026: हिंदू धर्म में पूर्णिमा तिथि का विशेष महत्व माना जाता है. इस दिन मां लक्ष्मी और भगवान विष्णु के सत्यनारायण रूप की पूजा होती है. जब पूर्णिमा अधिकमास में आती है, तो इसका धार्मिक महत्व और बढ़ जाता है. इस साल ज्येष्ठ अधिकमास पूर्णिमा 31 मई 2026 को मनाई जाएगी. धार्मिक ग्रंथों जैसे स्कंद पुराण और पद्म पुराण में अधिकमास की पूर्णिमा को “सर्व सिद्धिदायिनी पूर्णिमा” कहा गया है. मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु की पूजा और दान-पुण्य करने से विशेष फल प्राप्त होता है.Adhik Maas Purnima Kab Hai 2026: 30 Ya 31 May Sahi Tarikh Kya Hai,Puja Muhurat

The full moon day is considered to be of special significance in Hinduism. On this day, Goddess Lakshmi and the Satyanarayana form of Lord Vishnu are worshipped. When the full moon falls in Adhik Maas, its religious significance increases further. This year, Jyeshtha Adhik Maas Purnima will be celebrated on May 31, 2026. Religious texts like Skanda Purana and Padma Purana refer to the full moon of Adhik Maas as "Sarva Siddhidaayini Purnima." It is believed that worshipping Lord Vishnu and performing charity on this day brings special benefits.

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~HT.318~CR.110~ED.120~PR.111~VG.MX~
Transcript
00:00आपदाम अपहर्तारं, दातारं, शर्ब शंपदाम, लोकाभिरामम, स्रीरामम, भुयो भुयो नमाम्यहम
00:10प्यार मित्रों जैश्यराम जैमातादी मित्रों आज आप से चर्चा करते हैं
00:14जेश्ट अदिक मास में, पुर्षोत्म मास में पूरिमातिथी
00:1931 माई पर भगवानि विष्ट्णू और लक्ष्मी नारायन की पूजा करने का विशेश महत्तो पोडिमातित्थी पर बताया गया है
00:28इस माश में 33 मालपूओं का दान करना उत्तम माना गया है
00:34इस दिन किसी नदी में जाकर के आपको इश्टनान करना चाहिए
00:40स्रीमत भागवजी का पाठ या भागवजी की पावन कथा को स्रमन करना चाहिए तुलशी पूजन करना चाहिए
00:49पीले वस्त्र, अनकादान, शुक्षम्रद्धी वा अननतपुन को प्रदान करने वाला बताया गया है
00:58मुख्य रूप से पूजा का अगर हम आपको बताएं तो अनुष्ठान के रूप में आपको लक्षमी नारायन भगवान का आज
01:06के दिन पूजन करना चाहिए
01:08भगवान इविश्पनू माता लक्षमी की पूजा करने से घर में शुक्षम्रद्धी आती है
01:15आज के दिन भगवान को पीले कलर के पुश्परशमरपित करने चाहिए धूप दीप इत्यादि अरपित करना चाहिए
01:2433 मालपूओं का दान अधिक मास में 33 मालपूओं का दान किसी वराम्मन को जरूरत मंदों को मंदिर में जाकर
01:34के अपने मानने वर्ग को यह मालपूओं का दान करना चाहिए
01:40इस दान का बिसेस महत तो बताया गया है इससे होता क्या है बोले पित्रों की प्रशनता होती है पुर्शोतम
01:48मास के पूरिमा का वरत जो भी जातक रखते हैं साम को चंद्रमा का दर्शन करना चाहिए अर्ग देना चाहिए
01:58इस्टनान और दान शुबह उठकर के इस्टनान करन
02:05जेश्ट की गर्मी को देखते हुए जल, छाता, पंखा, वस्त्र का दान उत्तम बताया गया है, तुलशी की परिक्रमा कम
02:16शेकम आपको पूरिमातिती पर तीन बार तुलशी मया की परिक्रमा करना चाहिए, जल शमर्पित करना चाहिए, विष्णु मंत्र का जब,
02:26ओम नमो भ
02:35रखे हुए हैं, तो आप अवश्च उद्यापन के कारी को करिए, और इसके लिए आप संपर कर सकते हैं, किस
02:43तरह से उद्यापन के कारी को करना है, आप देश्च में हैं, विदेश्च में हैं, मेरी वीडियोस को देख रहे
02:50हैं, आप बात कर सकते हैं, मैं यहीं से बैट करक
02:55आपके भाव को शिवकार कराता हुआ भागवान के पूजिन को भी शंपन करा सकता हूँ
03:01जै स्री कृष्पन, जै स्यारम
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