00:00LENIN
00:30बीनाए कवाकिब हो के दानाए नबातात
00:34आज आँख ने देखा तो वो आलम हुआ साबित
00:38मैं जिसको समझता था कलीसा के खुराफात
00:42हम बंदे शब और रोज में जक्रए हुए बंदे
00:46तु खालग आसार निगारिंदा आनात
00:50एक बात अगर मुझको इजादत हो तो पूछूं
00:54हल करना सके जिसको हकीमों के मकालात
00:58जब तक मैं जिया
01:00खैमा अफलाक के नीचे
01:02कांटे की तरह दिल में खटकती रही ये बात
01:06कुफतार के उसलूप पे गाबू नहीं रहता
01:10जब रूख के अंदर मुतलातिम हो ख्यालात
01:14वो कौन सा आदम है के तू जिसका है माबूद
01:18वो आदम खाकी के जो है जेर समावात
01:22मश्रिक के खुदावन सुफएदान फरंगी
01:26मगर्ब के खुदावन दरखशिंद फिल अजजदात
01:30यूरप में बहुत रोशनी ये इल्म हुनर है
01:32अक्या है के बेचस्मा हैवा है ये जल्मात
01:36रानाई ये तामीर में, रौनक में, सफा में
01:40गिर्जियों से कहीं बढ़के हैं बंकों की इमारात
01:44जाहिर में तिजारत है, हकीकत में जुआ है
01:48सुद एक का लाखों के लिए मर्ग मफाजात
01:52ये इल्म, ये हिकमत, ये तदब्र, ये हुकूमत
01:56पीते हैं लुहू, देते हैं तालीम मसावात
02:00बेकारी औरियानी और मेखारी और इफलास
02:05क्या कम है फरंगी मदनियत की फुदूहात
02:09वो गाउम के फैजान समावी से हु महरूम
02:14हद उसके कमालात की है बर्क बुखारात
02:18है दिल के लिए मौत मशीनों की हुकूमत
02:22एसास मुरववत को कुचल देते हैं आलात
02:26आसार तो कुछ-कुछ नजर आते हैं के आखिर
02:30तद्बीर को तकदीर के शातिर ने किया मात
02:34मैखाने की बुनियाद में आया है तजल्जल
02:38बैटे हैं इसी फिक्र में पीराने खराबात
02:41चेहरों पे जो सुर्खी नजर आती है सरे शाम
02:45या घाजा है या साघरु मीना की करामात
02:49तु गादिर औ आदिल है मगर तेरे जहां में हैं तल्ख बहुत बंदे मजदूर के अवकाद
02:56कब डूबेगा सरमाया पर रस्ती का सफीना
03:00दुनिया तरी मुंतजरे रोज मकाफाद
03:05कब डूबेगा सरमाया पर रस्ती का सफीना
03:10The Nia Edri Montazeret, Ose Macafas.
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