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यमन के हूती विद्रोहियों द्वारा सऊदी अरब पर लगातार किए जा रहे घातक हमलों ने पश्चिम एशिया की सुरक्षा व्यवस्था और तथाकथित 'इस्लामिक नाटो' के दावों की पोल खोल दी है। सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की के बीच हुए मक्का रक्षा समझौते के तहत यह उम्मीद की जा रही थी कि किसी भी बाहरी या क्षेत्रीय हमले पर सभी देश एकजुट होकर जवाब देंगे। हालांकि, जब हूतियों ने सऊदी सैन्य ठिकानों और तेल बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया, तो इस तथाकथित इस्लामिक सैन्य गठबंधन की वास्तविकता दुनिया के सामने आ गई। पाकिस्तान ने सऊदी अरब के साथ कूटनीतिक एकजुटता और जुबानी जमाखर्च तो खूब किया, लेकिन जमीनी स्तर पर अपनी सेना भेजने से साफ इनकार कर दिया। इस संकट की घड़ी में पाकिस्तान के पीछे हटने से सऊदी अरब खुद को अकेला और रक्षाविहीन महसूस कर रहा है, जिससे मध्य पूर्व के भू-राजनीतिक समीकरण पूरी तरह बदल गए हैं। विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह के रक्षा समझौते कागजी साबित हो रहे हैं क्योंकि क्षेत्रीय देश अपने राष्ट्रीय हितों और जोखिमों को ध्यान में रखकर फैसले ले रहे हैं। हूतियों के इन सटीक हमलों ने न केवल सऊदी साम्राज्य की सैन्य क्षमता को चुनौती दी है बल्कि इस्लामिक देशों के बीच आपसी एकता के खोखलेपन को भी बेनकाब कर दिया है। यह घटनाक्रम यह स्पष्ट करता है कि मध्य युद्ध के संकट में बड़े-बड़े सैन्य संगठन और संधियां अक्सर कागजी साबित होती हैं जब वास्तविक युद्ध के मैदान में उतरने का समय आता है।

The relentless drone and missile attacks launched by Yemen's Houthi rebels against Saudi Arabia have brutally exposed the limitations of the much-touted 'Islamic NATO' security framework. Following the signing of the high-profile Mecca Joint Defense Agreement between Saudi Arabia, Pakistan, and Turkey, it was widely believed that an attack on one would trigger a collective military response from all member states. However, when Houthi forces intensified their strikes on vital Saudi economic infrastructure and military installations, the grand alliance crumbled under the weight of geopolitical pragmatism. Despite mutual defense clauses, Pakistan opted for diplomatic rhetoric and phone calls rather than deploying troops, effectively leaving Riyadh to fend for itself in the heat of conflict. This strategic hesitation demonstrated that the so-called Islamic military coalition was largely a paper tiger, unable or unwilling to act during genuine existential threats. Saudi Arabia's diplomatic isolation in this crisis highlights a major shift in Middle Eastern alliances, where domestic constraints and fear of direct entanglement override collective pacts. The unfolding events prove that regional defense frameworks often fail the ultimate stress test, leaving oil monarchies vulnerable to resilient non-state actors like the Houthis. This compelling geopolitical reality reveals the fragile nature of Muslim military alliances and reshapes the balance of power across the entire Middle East.


#IslamicNATO #SaudiArabia #Houthis #PakistanArmy #MeccaPact #MiddleEastCrisis #YemenWar #Geopolitics

~HT.410~PR.512~ED.104~GR.506~VG.HM~

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00:00इस्लामिक नेटो की बात ज़रूर उठती है सर सब बात कर रहे थे मेका जब अग्रीमेंट हो गया था इस्लामिक
00:07नेटो बन गया हमने भी चर्चा की थी कि ये भारत के लिए परिशानी हो सकती है लेकिन अब इससे
00:14जादा अटाइक तो मौडन वारफेर में मौडन जमाने में
00:17होगा नहीं कहा है तर्की कहा हे पाकिस्टान क्यूं कोई रियाक्षेन नहीं हो रहा रहा वुप्तासर में शक्रोब talking
00:31पाकिस्तान अभी नहीं करना पड़ेगा ताकि आपको पता चलिए कि अब आपक्ट नहीं करेंगा अब यह उसकता है कि अब
00:50भी जुमा जुमा बच्चा पैदा हुआ है
00:51मतलब पैक्ट जो पैदा हुआ मक्कावला और उसमें एक सब्द भी पाकिस्तान नहीं कर रहा है और जबकि चिरवरी कर
00:58रहा है साथी अरभिया इसराइल जैसे देश से तीनों का कट्टर दुस्वन यहां के पब्लिक के लिए वह अमान है
01:05और उससे लोग मदद मांग रहा है �
01:08पाकिस्तान और तुरकिये सामने नहीं आ रहा है एक तो यह देखनाली बात है इससे बड़ा मजाग नहीं हो सकता
01:14पैक्ट में और एक चीज़ है दुनिया कोई भी पैक्ट बना लीजिए चाहे बिक्स बना लीजिए चाहे सबसे बड़ा दुनिया
01:22में अगर ए अलाइंस है �
01:24के बाद आपका वाइसी है 57 कंट्री उसके अंदर है वाइसी है उसके राजधानी जद्दा में है बिल्कुल उसी साथी
01:32रभिया के अंदर आइसी ने बनाया था उसको और वो लोग के मक्ता कायफ मौयाना करके चले गए यह लोग
01:38नहीं कर पाए तो जब तक आपकी कंट्री ज
01:53कि अगर दो-चार मेंबर हमारे पीछे बैठे है तो भी मैं उसको लीड कर सकूँ ऐसा मक्का पैक्ट में
01:59पोई नहीं है तुर्की एक ऐसा देश है जो कि जश्ट अभी निकला है डॉलपिंग कंट्री है निकला है और
02:04उसके पास टेक्मोंचिक अन्नोवेशन भी आई है अ�
02:20पर नहीं तो अधर्वाइज वहां पर भी डिवलेफ्मेंट और होता जैसे इंडोनेसिया मलेसिया वगरे में यहीं हो रहा है पाकिस्तान
02:25जादा ही रिडिक्नलिजम और अंटी इंडिया चला गया इसलिए आज वहीं पड़ा हुआ है तो इनके पास किसी के पास
02:30अगर एक क
02:52सब्सक्राइब करने अमेरिका 100% आएगा इसराइल 100% आएंगे लेकिन इसको सबक सिखाने के बाद कि देखो हम लोगों
02:59ने आपको इंट्रसफ पोरम पर बोला था कि आप हमारे को अबरहाम एकॉड मान लीजिए आपको हम लोगों ने नुकुलियर
03:05सील जो भारत के बाला त
03:07पाकिस्तान बहुत बखना था था दो हजार पांचे वन टू-3 अग्रेमेंट हुआता है और उसके बाद आपको भी ऑफर
03:13किया था लेकिन आपने नहीं माना हमको माना किया और जो आप लोग बोलते थे कतर बोल रहा था कहीं
03:18कोई बोल रहा था कि हम आपकी सुरक्षा नहीं
03:37इराक में जो मेलिशियाज है वो भी इराक को परसान करने के लिए काफी है और यमन को तो जो
03:43हुदीज है उनको अमेरिका को लड़ाई रहने पर पिछले बार 20 दिन लगब 20 दिन लड़ाई चली है है और
03:48उसके बाद जाके डाउन हुए है उसका सम्झावता कि है कि ठीक हम �
03:52आपके आटेक नहीं करेंगे तो मिडिलिश्ट को जानके चलना चाहिए कि जो अमेरिका की या किसी और बड़े पावर की
03:59दुनिया में निती रहे चाहिए इस्पेन रहा हो जो है आलेंड रहा हो जिसने भी उपन वेश्वाद लेकर चले उनकी
04:07पावर ऐसे ही रही है और द�
04:20चैप्टर से लेशन सिखाएगा जिस से समझ आएगा डॉक्टर साब आपको क्या लग रहा है कि
04:26इसलामिक नेटो क्या कहा जा रहा है यह तो बिल्कुल ही जैसी उन्होंने कहा कि जुमा जुमा चार दिन हो
04:32थे
04:32और फिर जैसी पहली प्रॉब्लम आई एक्स्पोज हो गए अब इसमें मैं यह समझना जाओंगा कि टर्की का क्या रोल
04:40है और टर्की क्यों कुछ नहीं कह रहा है
04:41और क्या पाकिस्तान ने भी यह मान लिया है कि यह जो पूरा इस्लामिक नेटो था यह जो मेका पैक्ट
04:47था यह सब सिरफ ऑन पेपर है
04:53देखिए पाकिस्तान के रक्षा मुतल के फिर स्टेटमेंट आया है
04:56आज का ही लगता है स्टेटमेंट है कि हमें अब मक्का पैक्ट को एक्टिवेट करना होगा
05:02एक तरफ तो वो कर रहा है दूसरी तरफ पाकिस्तान ये कह रहा है कि
05:06दूसरे देश की जमीन पे जाके पाकिस्तान अपनी सेना नहीं भेश सकता पाकिस्तान साओधी अरब के लिए नहीं लड़ सकता
05:13साओधी अरब के अंदर वो रक्षा के लिए तयार है तो ये तो पाकिस्तान की एक तरह से कहिए धुलमुल
05:20निती जो है वो है क्योंकि उसको सा�
05:35पाकिस्तान के अंदर खल्वली मशसक्ती है। दूसरा जो सियाफ फैक्टर है कि अगर वो गुती पे अटैक करता है तो
05:42इरान भी चुप नहीं बैठेगा और पाकिस्तान के अंदर भी अच्छी खासी सिया पॉपलेशन है। तो पाकिस्तान की बड़ी लंबी
05:50बोचौडी ब�
06:03कंबल में ओड़के घी पीने वाली बात है उसकी खुल के न वो इसके
06:07पक्ष में आ रहा है न उधर जा रहा है अभी तक उसका कोई
06:11स्टेटमेंट नहीं आया है सचाई तो यही है कि यह मक्का पैक्ट है
06:15क्या इसके अग्रिमेंट क्या है आप गूगल कीजिए आपको नेटो का
06:19आटकिल फाइल के सारे डिटेल्स आ जाएंगे मक्का पैक्ट का एक भी डिटेल
06:24पबलिक डोमेन में अब नहीं अभलेबल है तो अब तो इसके पैक्ट पे ही
06:28क्वेश्चन मार्क होने लगा कि यह होए क्या और पाकिस्तान का यह हाल है कि आज एक खबर आई है
06:34कि पाकिस्तान से अमेरिका के एक फर्म ने ड्रोन बनाने के लिए एग्रिमेंट साइन किया है
06:43और वो कमपनी जो है राश्च्पती ट्रम्प के बेटे जो है ट्रम्प जूनियर उनका स्टेक है उस कमपनी में
06:51तो वो अब कह लिजे कि अमेरिका के राश्च्पती के बेटे की कमपनी इंडिरेक्ली और डिरेक्ली वो पाकिस्तान में एक
06:59ड्रोन बनाने की अपनी एग्रिमेंट किया है
07:02तो समझ लीजे कि क्या डील चल रही है और ये साइनिंग जो हुई है ये पाकिस्तान के जो फेल्ड
07:08फेल्ड मारसल जिसको कहते हैं मुला मुनीर के साथ हुई है तो एक तरफ तो इस तरह की कवायद है
07:15और कितना हमने ऐसे सुना कि कैसे पाकिस्तान ने कृप्टो करंसी की डील
07:20की है या खनीज बदार्थों के लिए अमेरिका को लुभाव
07:24ने ओफर दिये है तो इस तरह से ये पूरी की पूरी
07:28कबायद है उनको कमाई किसी तरह से हो चाहे वो
07:31अमेरिका से हो जाए साओधी अरफ से हो जाए कभी
07:33पाकिस्तान उस जोखिम नहीं लेगा तुर्की भी नहीं
07:37लेगा क्योंकि एक तरफ इरान हाला कि देखिए साओधी अरफ
07:41ने कोसिस की है कि मक्का पे अटैक की कोसिस की गई इससे
07:46होती का होतियों का ये कहना है कि वो सदी का सबसे बड़ा
07:50जूट बोल रहा है साओधी अरफ हमने ऐसी कोई कोसिस नहीं किया है
07:54और वो ये भी कह रहे हैं कि ये मक्का का नाम लेके ये मुसलिम उम्मा को
07:59अपने सपोर्ट के लिए खड़ा होना चाते करना चाते हैं
08:02OIC इनके सपोर्ट में आए इस तरह की बातें लेकिन वो तो अभी तक कुछ दिखने रहा है
08:08वैसा होने से रहा है मुझे लगता है यहां पे साओधी अरफ को
08:11अब अमेरिका और इसराइल के सामने ही एक तरह से सरेंडर करना पड़ेगा
08:16अमेरिका तो अब हतियार भी बेच रहा है दस हजार बंकी भी उसने डील की है
08:20तो यह सारे अमेरिका की कवायत जो फिर से हम वही कह रहे हैं
08:24कि इसराइल को किसी तरह स्टैबलिस करना और तेल के मार्केट पे अपनी पूरी पकड़ बनाना
08:30क्योंकि अमेरिका की कमाई होती रहे पिछले क्वार्टर में अमेरिका के दो जो बड़े कमपनी हैं तेल के
08:36एक्सोन मोबील और सेवरलोन उनकी कमाई सारे 26 अरव डॉलर हुई है
08:41जबकी अमेरिका
08:42देखी अमेरिका की company कमा रही है
08:44और directly अमेरिका के
08:47जो राष्टपति हम उनकी भी family
08:49और उनकी personal कमाई भी हो रही है
08:50ये भी खबड़े आई है
08:52लेकिन अमेरिका की
08:54जनता की जेव धिली होती जा रही है
08:56और कहीं भी उसका कोई
08:58दूर दूर तक नहीं दिख रहा है कि ये election से पहले कुछ हो पाएगा
09:02so that कि राश्पती ट्रंप की जो बची साख है
09:06election में वो कुछ साहथ जीत जाए
09:08याँ उमीद कर रहा है कि 5000 डॉलर दे देंगे हड़ एडल्ट को
09:12इस तरह की भी अब चीजे वो कर रहा है
09:14जी
09:15जी सर बहुत बहतरीन तरीके से आपने समझाया
09:18समय की थोड़ी कमी थी वरना चर्चा को और समझते
09:21लेकिन सर आखरी सवाल साहे साभ आप से इसी के उपर आपका
09:25opinion लेना चाहूंगा कि Islamic NATO क्या पुरी तरह से
09:28fail कर चुका है और दूसरी तरफ
09:30what is the way forward for US
09:33इस पूरे मामले में क्या वो यहां से
09:35ये इस वार को escalate करके
09:38हूती मुव्मेंट को escalate करके
09:40exit ढून रहा है आपके final comment सर इस पूरे मामले पर
09:46अकर्ष बहुत complex हो गया गल
09:48क्योंकि पहले उनको एक paint में देखते थे हम
09:51इसलामिक लेकिन अब यह आपस में जिस तरह का
09:55commission कर रहे हैं बड़ा curious है बहुत
09:57interesting है और मुझे लगता है कि थोड़ा और read करना
10:03पड़ेगा Islamic या मका defense pact के बारे में
10:07I'm not sounding pro that pact लेकिन actually अभी it is a little
10:12too early इन्होंने हाल हर बड़ी में किया गया
10:14signature है इसी वज़े से आधिकारिक तौर पे public domain में उसके सारे
10:18clauses को अभी published नहीं किया गया है यह आधिकारिक है दूसरा यह out and out
10:26defense pact है अगर कोई देश तुर्किये पे साओधिया पे पाकिस्तान पे हमला करता है
10:32तो पाकिस्तान साओधिया के साथ यह जगजाहिर है कि कुछ इनके actions हुटी के खिलाफ as a ultra organization हुटी
10:39को मानते हैं उसके खिलाफ चल रहे हैं पिछले कुछ वर्षों पे चल रहे हैं लेकिन हुटी को यह एक
10:44nation नहीं मानते हैं तो हुटी का
10:47random attack on some Saudi target को एक war करके अभी यह declare नहीं कर पा रहे हैं ताकि Saudi
10:54ने भी किया है तो यह एक technical उनके लिए एक safeguard है as of now कि यह हुटी का
11:00एक आदा rocket डेली या दस पंद्रे rocket के दोदर यह किसी nation ने
11:05Saudi के उपर हमला नहीं किया यमन ने हमला नहीं किया तो यमन का यह चीज हम like I told
11:12you in my opening कि हम face करते हैं कि पाकिस्तान के प्रोक्सी जगर जेन के सेक्टर में कहीं घुचते
11:16हैं तो उसको हम पाकिस्तान नहीं मान पाते हैं अब जाके हमने पिछले साल कुछ changes किये हैं अपने philosophy
11:22में �
11:23जब हम कहते हैं कि इस तरह के अल्टरा जगरम confirm है कि दूसरे देश के support से आये हैं
11:27तो हम उस देश के द्वारा किया गया हमला मानेंगे और accordingly United Nations के अंदर जो clauses हैं हम
11:32लेके जवाब देने के उसको हम एक्तियार करेंगे तो इस तरह का मक्का पैक्ट का भी वहां नहीं पहुच
11:51किया था जिससे कोई hypersonic glide vehicles को कैसे control या regulate करना या launching कुछ missiles की launching और
11:58कुछ drones की इन तीनों programs को run करके कुछ जानकारी हासिल की थी किसी cell ने inside Yemen जैसे
12:06ही यह detect हुआ cloudy में headquarters में उन्होंने उस account को या उन accounts को seize कर दो जहां
12:13से यह हुआ था और इसके तुरत बात कलकर development है कि अमेरिका ने �
12:17इसी से सीख लेते हुए अभी अपने 48 F-35 जो साओधी को बेचने वाला था जून में already Congress
12:23के पास चला गया था पिछले November की deal थी उसको उन्होंने review में डाल दिया है क्योंकि उनको लग
12:28रहा है कि साओधी भी कुछ Chinese applications को run करता है वैसे में अगर F-35 वहाँ पे use
12:33किये जाएंगे
12:34तो चाइना में get to know the soul of F-35 operations इसी तरह के similar causes में उन्होंने टर्की
12:40को भी रोका है F-35 देने से कि जब तक वो S-400 रशा का use कर रहें तब
12:44तक हम F-35 नहीं दे सकते हैं एक ऐसा Act 2020 का US में जी आकरशा आप कुछ कह
12:48रहे हैं नहीं जी continue जी तो ये इस वक्त अमेरिका का रोल देखे
12:54primary role to attack, degrade Iran, degrade Iran's proxy, strengthen Israel and capture somewhat oil monopoly ये चारों अलग-अलग
13:06percentage में success मिली हुई है, degradation of Iranian military काफी कुछ हो तुका है, हमास और हेजबुला, हेजबुला के
13:14अंदर Lebanon ने इसराइल के साथ deal कर ली और हमास में वशिंग्टन में जाके अपना disarm की signatures करके
13:20आगे कि हमें design करने को तयार हैं अगर idea
13:22ये फट जाती है, तो ये सब बहुत historical developments है, major, nobody ever thought 10-15 साल पहले कि
13:28इस तरह से हेजबुला अपना disarming के लिए sign कर देगा, या Lebanon की government directly Israel के साथ, despite
13:33lot of pressure from हेजबुला, Lebanon की government ने sign कर दिया, John साथ गया, Washington, यहां से इसराइल के
13:40prime minister के तो ये major developments है, तो proxies का role, तीसरा बचाता होतीज, �
13:44तो होतीज ने अपने पैरों पे को लाड़ी मारी है, ये war चुडू करके, उनका काफी damage होने वाला, आने
13:48वाले कुछ दिनों में, तो तीनों proxies खतम हो जाएंगे, economy एरान की उन्होंने काफी shake up कर दिया, अब
13:54उनको सिर्फ एक off ramp चाहिए, और एक मुल्दा आकर्श ये अ�
14:14हो, हो सकता है कि उसके पहले भी खतम हो, काफी जल्दी खतम हो, क्योंकि एरान बहुत major तरीके से
14:19बात करना चाह रहा है, let us see what happens, तो ये एक positive development है, इसका oil पे भी
14:24असर पड़ेगा, कहीं न कहीं पीछे direct engagement between America and Iran अभी शुरू हुई है, पाकिस्तान को लूप से
14:30बाहर रखते हु
14:42हैं, इसके पीछे कई strategies हो सकती हैं, इसके पीछे कई सारी theories हो सकती हैं, क्योंकि इन हमलों से
14:49आकर फायदा शायद ना हूटी को हो रहा है, ना एरान को, ना ही साओधी अरेबिया को, बलकि इसकी जो
14:56तारे हैं, वो अमेरिका और इसरेल की तरफ जुड रही हैं, काफी सारी complications ह
15:01है, बहुत बहतरीन तरीके से, हमारे guests ने हमें सब कुछ समझाया, बहुत-बहुत धन्यवाद करता हूँ, मैं तीनो guests
15:07का, अपनी कीमती वक्त हमाले ने निकालने के लिए, बहुत-बहुत धन्यवाद सर, लेकि नर्शकों, आपको ऐसे ही बने रहना
15:13है, One India के साथ.
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