Skip to playerSkip to main content
NALSAR Controversy: BCI Chief Manan Kumar Mishra ने छात्रों से मांगी माफी, CJI ने पलट दी पूरी बाजी। जानिए कैसे NALSAR यूनिवर्सिटी के छात्रों के विरोध और सुप्रीम कोर्ट के कड़े रुख के आगे बार काउंसिल ऑफ इंडिया को अपना फैसला वापस लेना पड़ा!

The Bar Council of India (BCI) led by Chairman Manan Kumar Mishra has officially issued an apology to law students following a massive controversy involving Hyderabad's NALSAR University of Law. After NALSAR students raised objections to CJI Surya Kant attending their convocation, the BCI initially barred the 2026 graduating batch from advocate enrolment. However, after severe criticism and dynamic intervention by the Supreme Court affirming students' right to peaceful protest, the BCI withdrew all action and proceedings against the students.

#NALSAR #BCI #CJISuryaKant #OneindiaHindi

~HT.178~PR.250~ED.104~GR.510~VG.HM~

Category

🗞
News
Transcript
00:00कि ये हमारे हिसाब से मनननिस्रा पूरा गलती नहीं है बीसी आई में जो मेन है मनननिस्रा था है उन्हों
00:10ने मैं समझता हूँ कि अपना या तो पावर को दिखाते हुए इस तरह से जो एक्षन लिया यह उनकी
00:17नादानी थी बहुत ही उतियस्तर तक के साथ जुर्गामी उन्ह
00:29उन्होंने यू टर्ण ले लिया अपने लोगों ने भी साथ नहीं दिया तो आप किस तरह का क्यों कदम उठाएश
00:35है आपको सोचना कि यह सार्ट अक्तर रॉल वह स्टुडेंट ने कोई देश ग्रोही का साम नहीं किया है इस
00:41लिए उनको नहीं था इठीक है आपने उनके क
00:44इसको नहीं देखा उन्होंने का जिए हमारे पास टाइम नहीं है और हम अपना टाइम गैस नहीं करेंगे उनके अपनी
00:50सोच हो रही होगी इसना टाइम सुप्रीम कोट में भी नहीं यह देखे मनन मिस्तरा जी ने बहुत ही जल्दिवाजी
00:57इसमें किये ते आप देखे उहा
01:141200 स्टुडेंट को क्यों मिलेगा एक दूसरा नालसार को है इंस्टिटिशन इंवर्टिटी है वह बहुत है रिकुटेड इंवर्टिटी है यह
01:23इससे पूरी नालसार की एक तरह से बेज़ती होती है दूसरे देखे आज आनन पानन में जो बीसी आई ने
01:31जो किये हैं और उस
01:44इंद्रे आप एक सांसर भी हैं तो आपको इस जुर्गामी उसका नतीजा सोच करके कदम लेनी चाहिए था एडवोकेट एक
01:52है और उसमें जो इन्रॉल्मेंट का है वो 25 में बताता है कि आप किस देशिस पे किसी जो लौ
02:00एस्टुबेंट हैं उनका इंडॉल्मेंट से बो�
02:14लेकिन जिस केस में जो जहां तक हुआ है इसको तो देखे अभी चीब जस्टिस परकेंडिया में दूर्ट का दूर्ट
02:20पानी का पानी करी लिए और उन्होंने कहा कि भाई का कुछ भी हो गलत भी है लेकिन चुकी है
02:26स्टुडेंट और हमारा मसला है इसलिए इसमें बीसी आ
02:43कोड़ कर रहे हैं जो जिए चीब गेस्ट को उसमें आ रहे हैं तो उनका बोले कि यह जो हमारा
02:50आर्ट किल है भारत का संविधान है और नाइंटीन में किसी को भी अभी व्यक्ति की पूरी आजादी है वो
02:57कर सकते हैं और उसके हिसाब से जो है स्टुडेंट कर रहा सा तो मै
03:01समझता हूं कि चिफजस्ट परफिलिया ने बहुत ही उदार दील दिखाते हुए उन्हों ने ये कहा कि भाई चाह कुछ
03:08भी हो यदि अस्टुडेंट किसी के भाकावे में किये हैं या वो गलते भी किये हैं या चाह कुछ भी
03:14हो लेकिन एक बच्चा समझ करके और चुकी य
03:20समझता हूं कि यूलिश्यरी का इसे हाइस कोस्ट और नहीं हो सकता है तो उसको बहुत ही आदर करते हुए
03:27उन्होंने इसी को बिलकुल कहा कि ये छोटी सी बात था इसको बहुत बड़ी स्टूल नहीं देना चाहिए इस तरह
03:34से बी सी आई का जो शेयर मैन है मनन विस्रा साह
03:37आपने जो इस तरह का उन्होंने एक्शन जल्दीबाजी में या तो कहिए दिखाई या उनमें एक बच्पना हो सकता है
03:44कि उन्होंने एक सी जसिस ऑफिल्या को कुछ करने के लिए अपना वो दिखाए कि हम दरिया दिल की जी
03:51हम वहां का स्टूडेंट को ये चले लेकि यहा
04:05बच्पना है कुछ भी एक स्टूडेंट होता है इस तरह से बच्चा होता है बच्चे हर माबाप बच्ची की गल्ती
04:11को भूला देते हैं तो इस तरह का तो इस चीज को बेज़ा स्थूल नहीं पड़ना चाहिए आप देखे यह
04:23जदी इसकी जनेसिस चो हुआ था जो आपक
04:35अब किसी के रिटालियेशन में एक पार्टी ही मन गया खोगरोश जनता पार्टी और देखे कि इसका यह हुआ कि
04:42इनों ने इसना जनतर मंतर प्रदर्शन किया पूरे करीब करीब एक महिना एक तरह से पूरे हिंदुस्तान का सारा काज़
04:50परनाली अस्था हित हुआ और एक ब
05:11यहीं वज़ा है कि फीर बार कंसल ऑंजिलिया के जितनी कॉंशलिंग तो इसीज को कहा कि नहीं इस तरह का
05:21जो आपने निरने लिया है कि बच्चीओं को हम सथे बार कॉनोंने दे विया कि जो वहां नालसार के जो
05:29बच्चे है
05:31प्रणब जी थोड़ा सा आपकी बात से ही प्रणब जी शिवेंद्र बोला हूं अगर एक प्रस्ट नहीं आप से बिल्कुल
05:38जिस तरीके से आपने बताया कि चुकि आपने काकरोज
05:42जनता पार्टी की बात भी की जायर सी बात पिछले सीजी आई का जो कोट में एक बक्तब हो गया
05:47था उसकी भी बात की उस पर भी बात उठी थी कि उस तरह का उस पद पर बैठे ब्यक्ति
05:53को साइद शब्दों के चुनाओं में थोड़ा सब धानी बरत नीच चाहिए लेकिन ब
06:10काक्रोच वाली बात निकली उसके बाद जैसे आपने भी कहा वो बिबाद हुआ और साइद बी सी आई के भी
06:15अद्द्दक्ष ने इस तरह की चीज़े सोची तो यह ऐसा नहीं लगता कि अब जो युवाओं हैं उनकी आवाज ज्यादा
06:24मुखर हो गई उनका दवाव काम कर �
06:26ख़रे और उसको सिजाई ने कहीना कहीं माना आपने हलाकी यह कहा कि बी सी आई ने दूर दर्सीज़ता नहीं
06:32दिखाई बीस इसे अद्दक्ष नहीं दिखाई यह सब बात हैं लेकिन मैं इसको ऐसे क्यों न देखूं कि ये काक्रोच
06:38वाला प्रक्रण नहीं हुआ होता यह स
06:52सवाल ठीक है आप से जी देखे गौर्ण साब अभी तक के जो देखा गया है हसकर के आप इंडिया
07:02का जो काज पर नाली रहा है वो बहुत ही उदार टाइप के हैं और ये भली भाती परिशित हैं
07:10इसके पहले भी देखे कई घटना हुआ था अभी आप देखे कि सुप्रिम को
07:28आप इससे चैटने की तरह का रखे के तुछ लैंग्यूज की सामने किया था और उन्हों
07:32ने के नाम से वह दि दिया गया था इसके बाब जुद भी उन्होंने कहा कि नहीं आप पुटा सा
07:41उसमें एक्टाइटेड वे में है या कहीं
07:44मेंटली यह जिस्टर्व है इस तरह का हर्कत हुआ है तो उन्हों ने शमयता उसको शमा कर दियो और यह
07:51हमेशा माने यह सर्वोच ने आले क्योंकि सुप्रीम जब आदमी बड़ा होता है ना तो शमा जानता है इसलिए का
07:59था शमा सोबती उस भुजंग को जिसके पास गरल हो �
08:03उसको क्या जो बड़े आदमी होते हैं पिरमोच जी हम यह तो देख रहे हैं कि पिछले जो सीजी आई
08:13थे बियार गवई उनके उपर भी जूता फेका गया था उन्होंने भी माफ कर दिया एक वकील नहीं हलाकि फेका
08:20था तो सवाल यह कि यतना बड़ा है जो हमारा नियाय क
08:24का मंदिर है चीप सीजी आई की जो गर्मा है यह किस दवाओं में बार बार तार-तार हो रही
08:29है क्या उसको बनाय रखने की जम्मेदारी सिर्फ सीजी आई की है या दूसरे जो वकील हैं या इस तरह
08:36के सुडेंट्स हैं उनको भी लाके स्टूरेंट्स उन्हें भी कुछ उ
08:52कि जितने भी इंस्टिशूसन ले लिजे चाहे वो लोगसभा हो रहा हो चाहे वो आपका राजसभा में या फिर जो
09:01है जुलिस्यरी का हो इंट्मिटिव का हो हर जगा लोगों का अस्तत्वासा निम्द हुआ है और यह देखेगा अभी हम
09:09सतकाल यहां के सारी जनता जो है दे�
09:22इक सरकार के बारे में जो अभी रख लिया कोई भी समाज कहीं का भी इस सीज को सुविकार नहीं
09:28करेगा यह तरह समझे कि यह बहुत ही निम्दा का था तो इस सीज को सुधार करने के जरुवत है
09:34प्रमोजी सुधार कैसे होगा सीजी आइग के उपर भूता उचला जाएगा
09:39उनके खिलाप अंदोलन होगा वो दवाओं में आके माफ करेंगे आखिरकार न्यायका इतना बड़ा मंदिर है सीजी आई की गर्मा
09:45है पिछले सीजी आई भी माफ कर देते हैं इस बाले भी कर देते हैं लाइ स्टूडेंट है वो कहते
09:50हैं एक बकील है सीनियर एड़ोकेट ह
09:52है तो हम कोई हम आखिरकार नजीर अदालते हैं खासतोर चे सुप्रीम कोट हो हाई कोट हो वो एक नजीर
09:58पेस करती हैं आप जानते हैं वहां के निर्णाय भी एक नजीर बन जाते हैं और वहां पर विवार अगर
10:03इस तरह का नजीर बनता है कि कोई भी जाकर के बहां पर इत
10:21तंतर बना लिए उसके बाद आपके पास सारे रास्ते खोलें आप किसी को भी गाली दे सकते हैं
10:27बिल्कुल बहुत अच्छा सवाल है और ये निंदनिया है इस सारी बाती है
10:31और इसी को यही बताए कि ये सजग होने के जरूरत है इसको सुधार करने की जरूरत है
10:35और ये खास करके जो जिम्मेदारी लोग हैं उनको ये समझना होगा कि आज ये निम्नास्तर क्यों जा रहा है
10:42और ये जब तक हम नहीं सुधारेंगे ना तो हम जो कर रहे हैं कि हम विस्व का गुरू बनने
10:47जा रहे हैं
10:48या हम अग्रिकर वो रहे हैं जूसरा या तिसरा पोजिशन लाने जा रहे हैं बड़ा मुश्किल होगा
10:53तो आज ये सुप्रिम कोर्ट का भी एक करतर बनता है कि एक नजीर बने लेकिन इसके साथ-साथ ये
11:00भी जिम्मेदारी होती है
11:02कि शुकी सुप्रिम कोर्ट के चीज़ जसी सुप्रिया के साथ ऐसा हुआ है तो नहोंने बिसु अस्तर पर ये लिखा
11:08है कि यदि कोई हमारे बच्चे गलती करते हैं तो हम शमा कर सकते हैं
11:12नहीं उन्होंने चमा कर दिया प्रबोश जी एक मेरा आमति बोगंद आपकी तरफ आऊंगा उन्होंने चमा कर दिया उनका बड़पन
11:18निश्चित तौरब बडपन जो है प्रसंशा की बात है प्रसंश निये है लेकिन सवाल ये है कि जो BCI का
11:26निर्णा है BCI अद्धैस का मम
11:37आने लिए करना चाहिए तो मैं यहां बैट कर के मैं उन्मनमिस्रा के निड़ने की अलोशना क्यों करूं मैं करूं
11:44उन्होंने किया सीजिया ने माफ किया हुआ यह नहीं यह देखे मननमिस्रा जी ने बहुत ही जल्दिवाजी इसमें किये थे
11:52आप देखर उहां करीब 1400 चु�
12:06होगा दस माच उसका खाम्याजा पूरे चौदा सो एस्टुडेंट को क्यों मिलेगा एक दूसरा नालसार जो है इंस्टिशुशन इंवर्चिती है
12:14वह बहुत रिपुटेड इंवर्चिती है यह इससे पूरी नालसार की एक तरह से बेज़ती होती है दूसरे देखे आज आन
12:36शोटिंग मोटिफ कोश्ट कर नहीं है दूसरे आप एक सांसर भी हैं तो आपको एक जुरगामी उसका नतीजा सोच करके
12:44कदम लेनी चाहिए था आपने केवाल एक खुश करने के लिए का दिया कि जल्दवाजी में नहीं ले लिया कुल
12:49मिला के यह इस तरीक है सम इसको दे�
12:54ही है लेकिन एक प्रति इतना कठोर का रवाई नहीं होनी चाहिए किसी को पेट पे लात मानने का हमारा
13:01संस्कृति भी इजाजत नहीं देता है और हमारा लौ भी यह नहीं देती है देखे आप DCI का काम होता
13:06है कि जो एड़ोकेट एक्ट है उसी के एक्वाडिंग ही चलना है
13:10एड़ोकेट एक्ट के जो आट किल जो सेक्शन 24 ए है उसमें किलियरली कहता है कि इन्रॉल्मेंट का डिस्क्वालिटिकेशन का
13:19च्या-च्या बेस हो सकता है ऐसे नहीं है कि आप जो है किसी को उठा के कर सकते हैं
13:24किसी को आप आईए और उसमें भी बल्क में दूसरा देखे ह
13:29हमारे भारत के संभिधान में 19 जो है भारत का जो आर्टिकल 1 में किलियर है लिखा हुआ कि जदि
13:36किसी का बिरोध है तो आप ठांतिक को दंग से बिरोध कीजिए माल लेते हैं शुडेंट में आपको प्रसस्तिक पत्र
13:42दिया और बिरोध जताया तो क्या गलती किया हाँ ठीक
13:58पत्र से हैं मैं युर्म का एक सटन सजा होता है जो इस बच्विडार्थियों ने जो आनाल सार के बच्चियों
14:05ने जो लास्ट ने जो गलती किया है गलती है आप सीब जसी सवाफिलिया को ऐसे नहीं भी रोग कि
14:11तब को ऐसे हर चीज में कोई निरना लेगा दसार जूं को �
14:14तो हमें एक यूडिसियरी का मान सम्मान भी रखना होगा जदि हम मान सम्मान करते हैं तब ही हमारा अस्तित
14:22भी बचा हुआ रहता है।
14:44उसके बाद फिर हमने देखा जंतर मंतर भी पूरा प्रोटेस्ट हुआ तमाम ऐसी टपणी आई जो कि शायद नहीं आनी
14:51चाहिए ऐसे व्यक्ति के प्रती जो समविधानिक पत पर बैठ है।
15:14यहीं कि अगर कल को कोई छातर CGI पर टिपणी करता है। यह तो विरोध प्रोटेशन करने का तरीका था
15:19कि कॉन्वकेशन में आप हमें चीफ गेस्ट के दौर पर नहीं चाहिए।
15:22कोई इस तरह की टिपणी होती है, कोई ऐसा काम होता है जिससे आप कह सकते हैं सुप्रीम कोट के
15:28सरवुचिपद की मरियादा को ठीज पहुंचती है,
15:31तो इसके खिलाफ कह सकते हैं या फिर इसमें एक्शन लेते हुए क्या कुछ दाइरे हैं, कानूनी दाइरे हैं, क्या
15:39चात्रों कि बगश्य के साथ कोई खिलवार जैसा बनता नज़र आता है, क्या कोई सजा का प्रावधान है, ये समझना
15:44चाहते हैं।
16:01करते हैं, या उसको डाउनवर्ड करते हैं, या उसको मर्यादा को गिराते हैं, तो निशित उपते, उसके लिए बना हुआ
16:07है, content of court. आप court की content कर रहे हैं और उसके लिए सजा है, उसमें दो साल की
16:13सजा होता है, और कई बार होता है, इवेन एड़गेट ही, यूलिशरी का उ
16:35सब्सक्राइब करने की कोशिज किया है वह बहुत ही हुदारवादी अपना पर्चे दी बिल्कुल मैं उससे सहमातू वह प्रेशन्स नहीं
16:42है मेरा मेरा मेरा सर सवाल यह है मैं बार बार इस चीज को समझना चाहरा हूं तो कि मैं
16:48यह देखता हूं कि यह क्यों सुप्रिम कोट क
16:49की बात नहीं है आप सीनिर एड्बोकेटिकल आप जज़ब हो सकते हैं किसी अदालत में निस्चित तोरप हो सकते हैं
16:55वह सारी योगता और वह अनभव जिस तरीके से आपके पास है आपके आदालत में भी कोई बकील इस तरीके
17:01से करता है मैं इसको तो छोड़ दूँ सीजी
17:13इने दोनों ने माफ कर दिया था गवई साब ने उन्होंने भी माफ कर दिया आज यह नए सीजी आई
17:21सब माफ कर रहे हैं तो सवाल यह है कि यह नजीर फिर आप क्या कारवाई कर पाएंगे आपके साथ
17:27तो नयाय नहीं हो रहा है नयाय तो एक तरफा नयाय नहीं हो सकता ना आ
17:30आप जिस पत पर बैटे हैं उसका न्याय और सम्मान दो नहीं होना जरूरी है बिल्कुल देखें नजीर भी होनी
17:36चाहिए क्योंकि बहुत उदार से भी जो है हमारा चोटाई सही कुछ तो सजा होनी चाहिए जी उसको मर्यादा को
17:44आप कायम नहीं कर सकते हैं लेकिन जदी आप
17:46तीनों उदाहरन को मैं लेता हूँ एक नालसार का स्टुएंट का दूसरा जो अभी एक लॉज तुनेंट ने जो गाली
17:55गलॉज किया था और किसरा है जो एड़ुकेट से जो करकडुमा में एड़ुकेट प्रक्सिस करते थे और उन्होंने जूता उठाने
18:01का प्रयास किया �
18:02तीनों में जो गबाई सही का भी ले लीजे सर वह गवाई साहाब का ही बात बता रहा हूं जो
18:08गवाई सहाब पे जो किया गया था वह जो जूता उठाने का और एड़ुकेट के हैं यह दोनों जो है
18:14वो law student के हैं हाला कि देखे मैं इसका बिल्कुल गिरोग किया हूं कि यो एड़ोकेट ने कंड़क्ट किया
18:20था वो एक बुजूर्ग एड़ोकेट थे वो काफी समझे है और वो केबल अपनी popularity पाने के लिए कई बार
18:28इस तरह से मलव कर देते हैं हाला कि गबाई साहब ने उनको
18:44तो इस इसू को खतम करने के लिए उन्हों कहा कि इसी पपटा शेप करते हैं मैं कहता हूं यह
18:49गलत थे उन्होंने जो किया वहां पर गलत किया था निसी तुरुप से चुकी एड़ोकेट थे यह दोनों बच्चे जो
18:55हो सकता है इतने दिमाग से प्रभुद नहीं है किसी का �
18:58बहकावे मिखियें लेकिन वो जो एड़ोकेट किये थे वो जान बुछ करके यह हुआ था और वो तो कह रहे
19:05थे मैं सनातनी हूँ सनातन का बिरोद अगर सनातन के पहसाब से काम नहीं होगा तो ऐसे होगा देखे या
19:12इस मामले में कुछ सही है उन्होंने जिस तरह से सनातन क
19:16के बारे में बोला था इसमें देखे एक बहुत लिविटेबूल कोश्चन है गोड़ता हां कि सीजी आई को भी या
19:23कोई विसमद्धानिक पद्धे हैं उनको भी अपनी सब्दों का थोड़ा मर्यादा रखना हो तो मैं मैं इसमें बहुत वेबाग होकर
19:30कराओ नेट्रॉल हो
19:44हुआ है बहुत ही नीटे अस्तर पर गये हैं और यह केवल जुडिसियरी में नहीं है अभी आप देखिये ना
19:50कि पार्लामेट में कैसी-कैसी बाते हो रही है कैसी-कैसी जो है इंदूसरे परपधान मंत्री के बारे में क्या
19:55कहा जाता है राश्पती ऑन्रेबूल राश्पत
19:58दिवारे में क्या कहा जाता है
Comments

Recommended