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  • 19 minutes ago
Abhimanyu ki Adbhut Katha अभिमन्यु की अद्भुत कथा
Transcript
00:00वीर अभिमन्यू की अनसुनी गाथा
00:06चंद्रदेव ने अपने प्रिय पुत्र वर्चस को प्रित्वी पर भेजने का निरने लिया, लेकिन एक शर्ट रखी कि वह केवल
00:1316 वर्षों तक ही जीवित रहेगा
00:18अभिमन्यू ने अपने पिता अर्जुन और मामा श्री कृष्न के सानिध्य में शस्त्र विद्या का कठिन प्रशिक्षन लिया और एक
00:25महान योध्धा बने
00:29पुरुक्षेत्र के यूद्ध में अभिमन्यू ने अपनी वीर्ता दिखाई और भीश्म पितामा के ध्वज को तोड़ कर सब को अचम्भित
00:36कर दिया
00:39अकेले ही अभिमन्यू ने चक्रव्यू में प्रवेश किया और दुर्योधन, करण और शल्य जैसे महार्थियों को अपनी वीर्ता से पराजित
00:48किया
00:50अत्यंत वीरता से लड़ते हुए, अंत में दुशासन ने अपनी गदा से प्रहार किया और वीर अभिमन्यू ने वीर गती
00:57प्राप्त की
01:00मृत्यू के पश्चात अभिमन्यू संतों के अमर लोक में चले गए और उनके पुत्र परिक्षित ने आगे चलकर सामराज्य को
01:08संभाला
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