Skip to playerSkip to main content
Who is VD Satheesan: कौन हैं वीडी सतीशन? कैसे एक साधारण छात्र नेता बना केरल का नया मुख्यमंत्री? केरल की राजनीति में लंबे सस्पेंस के बाद आखिरकार वीडी सतीशन के नाम पर मुहर लग गई है।

About the Story:
V.D. Satheesan has been officially named the new Chief Minister of Kerala. Rising from a humble background as a student leader to the top post, Satheesan has an incredible record of never losing an election in 25 years.

#VDSatheesan #KeralaCM #WhoIsVDSatheesan #CongressVictory

~HT.410~PR.514~GR.508~ED.520~

Category

🗞
News
Transcript
00:00श्री वीडी सतीशन be appointed as the leader of a CLP
00:12केरल की राजनीती में इस वक्त जिस नाम की सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है वो है वीडी सतीशन
00:19लंबे सियासी ड्रा में दिल्ली से लेकर तीरू अनंत पूरम तक चली बैठकों और कॉंगरस की भीतर करीब एक हफते
00:25तक चली खीचतान के बाद
00:27आखिरकार कॉंगरस हाई कमान ने वीडी सतीशन को केरलम कनाया मुख्यमंतरी चुल लिया है
00:32दिल्ली में कॉंगरस की बरिष्ट नेता दीपा दास मुंशी ने प्रस कॉंफरेंस करके वीडी सतीशन के नाम का अधिकारिक ऐलान
00:38किया
00:38बड़ी मुश्किलों से केरलम को उसकनाया मुख्यमंतरी तो मिल गया
00:42लेकिन के आप सब जानते हैं वीडी सतीशन आखिर है को
00:45कैसे एक साधारन छात्र नेता से वो केरलम की सत्ता के सबसे बड़े चहरे बन गए
00:51क्यों कॉंगरस ने राहूल गांधी के करीबी माने जाने वाले केसी मेडू गोपाल जैसे बड़े नेता को
00:57पीछे छोड़कर सतीशन पर भरोसा जताया और आखिर ऐसा क्या है कि पिछले 25 सालों में वो एक भी चुनाव
01:05नहीं हा रहे
01:06आज की इस एक्स्प्लेनर में हम आपको पांच बड़े पॉइंट्स में समझाएंगे कि कौन है केरलम के नए मुख्य मंत्री
01:12वीडी सतीशन और क्यों नहें कॉंगरस का भविश्य माना जा रहा है
01:15नमस्कार मेरा नाम है रिचा पराशर और आप देख रहे हैं वन इंडिया हिंदी
01:19तो चलिए शुरू से शुरू करते हैं कौन है वीडी सतीशन और कहां से शुरू हुआ उनका सफर
01:25वीडी सतीशन का पूरा नाम वड़ा सेरी दामोदरन सतीशन है
01:30उनका जन केरलम के एरना कुलमजीलय में हुआ
01:33बहुत ही साधारन परिवार से आने वाले सतीशन में
01:36शुरूआती दोर से ही राज़नीती में दिलचस्पी दिखानी शुरू कर जए है
01:40उनका राज़नीतिक सफर चातरे राजनीती से शुरू हुआ
01:43वो केरलम स्टूडेंट्स यूनियन यानि की KSU से जुड़े और धीरे धीरे कॉंग्रिस की यूआ राजुनीती में सवक्रिय होते चले
01:51गए
01:51कॉलेज के दिनों में ही सतीशन अपनी तेज भाषा शैली और आकरामक राजुनीतिक अंदाज के लिए पहचाने जाने लगे थे
01:57यही वज़े रही कि कॉंग्रिस संगठन ने उन्हें जल्दी जिम्मदारियां देना शुरू कर दिया
02:03राजुनीती में उनकी सबसे बड़ी ताकत ये रही कि उन्होंने हमेशा खुद को जमीनी नेता के रूप में पेश किया
02:09वो सिर्फ टीवी जिमेट या फिर दिल्ली की राजुनीती तक सिमित नहीं रहे
02:13बलकि लगतार लोगों के बीच सक्रिय रहे
02:16दूसरा पॉइंट समझे पच्छिस साल से एक सीट पर कबजा अब तक एक भी चुनाव नहीं हा रहे हैं विडी
02:23सतीशन
02:23इनकी राजुनीती की जो सबसे बड़ी खासियत है उनकी चुनावी सफलता मानी जाती है
02:28उन्होंने पहली बार साल 2001 में केरल की परावर विधान सभा सीट से चुनाव लड़ा और जीत दर्ज की
02:36इसके बाद से वो लगतार इसी सीट से चुनाव जीतते आ रहे हैं
02:40समझे कि ये छोटी बात नहीं हो सकती है वो भी केरलम जैसे स्टेट में
02:43साउथ के बहुत सारे स्टेट से जहां पर सत्ता परिवर्तन हर बार होता है
02:47लेकिन केरलम में जहां पर लेफ्ट का गड़ रहा है वहां पर सतीशन लगतार जीतते आ रहे हैं
02:53आप समझे कि सतीशन की लोग प्रियता कितनी है
03:07सबसे बड़ी बात यह है कि पिछले 25 वर्षों में वह एक भी विधान सभा चुनाव नहीं हारे है
03:12केरल जैसे राज्य में जहां राजनितिक मुकाबला बेहद काटे का होता है
03:16और सत्ता अकसर बदलती रहती है वहां लगतार छे बार जीत दर्ज करना अपने आप में बहुत बड़ी उपलब्धी मानी
03:23जाती है
03:24पर आबूर सीट पर उनकी पकड इतनी मजबूत मानी जाती है कि कॉंग्रेस कारेकरता वहां उन्हें अजे अनेता तक कहने
03:32लगे है
03:33विशे शग्य मानते हैं क्योंकि जीत का सबसे बड़ा कारण उनका लगतार जनता के बीच बने रहना है
03:39वो स्थानिया मुद्व पर खुल कर बोलते हैं और विपक्ष में रहते हुए भी छेत्र में सक्रिया दिखाई देते हैं
03:46केरल में कैसे हुआ सतीशन का राजनितिक उदाये
03:51बीडी सतीशन लंबे समय तक केरल संगठन में काम करते रहे
03:54लेकिन उनका सबसे बड़ा राजनितिक उभार 2021 के बाद देखने को बिला
03:582021 विधान सभा चुनाव के बाद कॉंग्रस ने उन्हें नेता प्रतिपक्ष बनाया
04:03उन्होंने United Democratic Front यानी की UDF का सबसे आकरामक चेहरा बन कर काम किया
04:09उस समय कीरल में Communist Party of India, Marxist के नेत्रित्ववाली LDF सरकार सत्ता में थी
04:16सतीशन ने प्रिश्टरचार, बेरोजगारी, प्रिशासनिक विफलता और कानून विवस्था जैसे मुद्दो पर सरकार को लगतार घेरा
04:23विधान सभा में उनके भाषन काफी चर्चा में रहने लगे, सोचल मीडिया पर भी उनकी लोग प्रियता तेजी से बढ़ने
04:29लगी
04:29कॉंग्रिस कारेकरताओं का मानना था कि अगर पार्टी इस बार सत्ता में लोटी है तो उसमें सबसे बड़ा योगदान सतीशन
04:36का ही है
04:37यही वज़े रही कि चुनाव नतीजों के बाद कई जिलों में कारेकरता खुल कर उनके समर्थन में उतर आए
04:43वीडी फॉर सीम के पोस्टर लगने लगे रेलिया निकलने लगी और कारेकरताओं ने खुले तोर पर उन्हें मुख्यमंत्री बनाने की
04:49मांग शुरू कर दी
04:51कॉंग्रस ने आखिर सतीशन को ही क्यों चुका अब सबसे बड़ा यही सवाल है कि कॉंग्रस ने आखिर वीडी सतीशन
04:58पर भरोसा क्यूज जताया दरसल मुख्यमंत्री की रेस में सिर्फ सतीशन ही नहीं थे
05:02केसी वेडू गुपाल रमेश चनी थला जैसे बड़े नेता भी रावेदार माने जा रहे थे
05:07केसी वेडू गुपाल राहुल गान्धी के बहत करीबी भी माने जाते हैं और संगठन में उनकी काफी मजबूत पकड़ है
05:13कई विधायक भी उनका समर्थन में बताय जा रहे थे
05:16शुरुवात में ये बाते निकल कर आने लगी थी कि वेडू गुपाल ही केरलम के सीएम बनने वाले हैं
05:22लेकिन कॉरेस के सामने सबसे बड़ी चुनोती राजनतिक संतुलन बनाए रखने की थी
05:27पहला कारण था सयोगी दलो का समर्थन इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग यानि की आई यू एमिल ने खुल कर सतीशन
05:34के नाम का समर्थन किया
05:35यूजीएफ गडबंधन में आई यू एमिल दूसरी सबसे बड़ी पार्टी है और उसके पास 22 सीटे है
05:40ऐसे मुस्की राई को नजर अंदाज करना असान नहीं था
05:43दूसरा कारण था सतीशन की जमीनी लोग प्रियता
05:47कॉंगर्स हाई कमान समझ चुका था
05:49कि अगर सतीशन को नजर अंदाज किया गया तो कारेकरताओं में नाराजगी बढ़ सकती है
05:53तीसरा और सबसे अहम कारण था चुनावी जोखेम
05:57अगर केसी वेणु गोपाल को मुख्यमंत्री बनाया जाता
06:00तो उन्हें लोग सभा सांसद का जो पद है वो छोड़ना पड़ता
06:04फिर एक लोग सभा और एक विधान सभा का उप चुनाव कराना पड़ता
06:09अलापुझ्जा सीट पर BJP और CPIM दोनों मजबूत चुनावती दे रहे थे
06:14कॉंग्रिस कोई राजनितिक रिस्क नहीं लेना चाहती थी
06:16यही बज़े रही कि अंत में कॉंग्रिस ने सतीशन के नाम पर मुहर लगा थी
06:21अब CM बनने के बाद सतीशन के सामने क्या चुनावतियां होगी
06:26मुख्यवंत्री बनने के बाद VD सतीशन के सामने चुनावतियां भी कम नहीं हो
06:30सबसे बड़ी चुनावती होगी गठ बंदन को एक जुट रखना
06:33UDF में कई सही ओगिदल हैं और सभी के अपनी राजनिती का पेक्षाएं
06:37दूसरी चुनावती होगी केरल की आर्थिक स्तिथी
06:40राज ये पहले से भारी कर्ज और वित्य दबाव का सामना कर रहा है
06:44तीसरी चुनावती होगी वा मोर्चो को मजबूत विपक्षी राजनीती
06:49CPIM केरल में बेहत मजबूत संगठन माने जाती है
06:53और विपक्ष में रहते हुए सरकार को लगतार घेरने की कोशिश करेगी
06:57चौते चुनावती होगी कॉंग्रेस संगठन को मजबूत बनाए रखना
07:00क्योंकि लवे समय बाद कॉंग्रेस सत्ता में लोटी है
07:03और पार्टी कारे करताओं कि अपर एक शाय भी काफी बढ़ चुकी है
07:06और पांचवी और सबसे बड़ी चुनावती होगी
07:092019 की राजनीती
07:11राहूल गांधियों प्रियंका गांधिये दोनों के रलम से जुड़े रहे हैं
07:15ऐसे में सतीशन का प्रदर्शन राष्ट्रिय राजनीती पर बड़ा असर डाल सकता है
07:19फुल मिलाकर ये कह सकते हैं
07:21ये वीडी सतीशन का मुख्यमंद्री बनना सिर्फ एक राजनीतिक नियूपती नहीं माना जा रहा है
07:26इसे कॉंग्रेस की नई पीड़ी के नेत्रतों को आगे बढ़ाने की रणनीती के तौर पर ही देखा जा रहा है
07:31एक ऐसा नेता जिसने छात्र राजनीती से शुरुआत की 25 साल तक लगातार चुनाव जीते विपक्ष में रहते हुए आक्रामक
07:39राजनीती की और आखिरकार केरलम की सत्ता तक पहुँच गए
07:44अब सबकी नजर इस बात पर होगी कि क्या वीदी सटीशन अपनी लोग प्रियता को सफल शासन में बदल पाते
07:50हैं या नहीं
07:51क्योंकि चुनाव जीतना एक बात है लेकिन सित्ता संभालना और संगठन को साथ लेकर चलना कहीं ज्यादा बड़ी चुनौती होती
07:58है
07:58इस explainer वो इतना ही लेकिन आप क्या सोचते हैं हमें comment करके जरूर बताईए और बाकी updates के लिए
08:04देखते रहे हैं One India हैंगे
Comments

Recommended