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SC/ST Status पर Supreme Court का बड़ा फैसला, क्या धर्म परिवर्तन से छिन जाएगा आपका आरक्षण का हक? इस वीडियो में देखिए धर्म परिवर्तन और SC-ST कोटे पर कोर्ट की सबसे ताजा और महत्वपूर्ण टिप्पणी।
सुप्रीम कोर्ट ने SC-ST आरक्षण और धर्म परिवर्तन (Religious Conversion) को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण टिप्पणी की है, जिसने देशभर में नई बहस छेड़ दी है। क्या ईसाई या इस्लाम धर्म अपनाने के बाद भी किसी व्यक्ति को अनुसूचित जाति (Scheduled Caste) का लाभ मिलता रहना चाहिए? इसी बड़े सवाल पर कोर्ट में विस्तार से चर्चा हुई है।
इस वीडियो में हम आपको बताएंगे कि आखिर पूरा मामला क्या है और सुप्रीम कोर्ट ने अनुच्छेद 341 (Article 341) के तहत राष्ट्रपति के आदेश और आरक्षण की संवैधानिक सीमा पर क्या रुख अपनाया है। क्या धर्म परिवर्तन के बाद दलित अपनी मूल पहचान और आरक्षण के अधिकार खो देते हैं? केंद्र सरकार और याचिकाकर्ताओं की दलीलें क्या हैं, इसे सरल भाषा में समझें।
अगर आप या आपके परिचित इस कानून और आरक्षण की बारीकियों को समझना चाहते हैं, तो यह वीडियो अंत तक जरूर देखें। हम आपको सुप्रीम कोर्ट के फैसले के हर तकनीकी पहलू और इसके भविष्य में होने वाले असर के बारे में पूरी जानकारी देंगे।
About the Story:
The Supreme Court of India is hearing a crucial plea regarding the SC/ST status of individuals who convert to other religions like Christianity or Islam. The core of the debate lies in whether the benefit of reservation should continue post-conversion under the Constitution (Scheduled Castes) Order, 1950. This video explains the legal nuances, Article 341, and the potential impact of the court's observation on the reservation policy in India.

#SupremeCourt #SCSTReservation #ReligiousConversion #OneindiaHindi #DalitRights #ReservationNews #Article341

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~HT.410~PR.514~GR.510~PR.548~ED.104~##~

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Transcript
00:00धर्म गया तो जात गई। सुप्रीम कोट का ये बहुत बड़ा फैसला आया है आज का दिन 24 मार्च 2026
00:08दरसल सुप्रीम कोट ने आंदरप्रदेश उचने आयले के उस फैसले को बरकरार रखा है जिसमें कहा गया था कि अगर
00:16कोई व्यक्ति धर्मांतरन करता है तो उसे प्रा�
00:29दायका था लेकिन वो धर्मांतरन करके एक चर्च में पादरी बन जाता है बाद में किसी कारण वस उसकी कुछ
00:37जंजटे होती है किसी से लड़ाई जगड़ा होता है और वो केस कर देता है वो व्यक्ति दूसरे व्यक्ति पर
00:43जिसमें उसके उपर सी स्थिक के धारा के अंतर
00:47गर तो प्रताडना का रोप लगाता है या केस नियाले में वर्शो वर्श चलती है और आखिरकार आंदर प्रदेश नियाले
00:5330 अप्रील 2025 को एक फैसला देती है जिसमें आंदर प्रदेश उच नियाले का यह कहना होता है कि कोई
01:03व्यक्ति अगर धर्मांतरन करके इसलाम या �
01:06इसाई धर्म स्विकार कर लेता है तो उसे पहले से मिलने वाला SC और ST का लाव नहीं बना रहेगा
01:14उसके साथ यह मामला फिर सुप्रीम कोट में आया जहां पर एक साल के बाद आज की तारिक में सुप्रीम
01:20कोट का एक लैंड मार्क डिसीजन आया है और इस डिसीजन के साथ ह
01:24की देशवर में चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है कई सारी आशंकाएं भी है कई सारे प्रशन भी हैं
01:30कि उनका क्या होगा जो अन्य धर्मों से हिंदू धर्म में धर्मांतरित होते हैं जो पुना घर वापसी करते हैं
01:36उनका क्या होगा
01:37SC के सवाल पर जो सुप्रिम कोट ने कहा है क्या ST के दर्जे पर भी वही बात लागू होगा
01:44अगर ऐसा होता है जो ट्राइबल स्टेट्स हैं वहाँ पर बड़ी संख्या में धर्मांतरित लोग रहते हैं उनके लाभ की
01:51क्या बात इस फैसले से जाहिर होती है और क्या प्रभा�
02:05ये पर बातचीत करने के लिए दो प्रमुख अतिती भी हमारे साथ जुड रहे हैं जुड चुके हैं बलकि हमारे
02:11साथ हैं प्रसिद दलिक्त चिंतक और रास्ट्री अध्यक्ष नैकडोर के अशोक भार्ती जी और उनके साथ-साथ हमारे साथ जुड़े
02:20हैं रुद्र विक्
02:33उसे सुप्रीम कूट को कवर कर रहे हैं आज के फैसले को आप किस तरह से देखते हैं देखें फैसले
02:39की बात जहां तक अब हमारे साथ ही जो वकील साहवान है वो बताएंगे बिलकुल यह लेकिन यह कोई फैसला
02:44क्या है एक तरीके से देखा जाए तो यह पुराने जो फैस
03:02इसाई और मुस्लिम तब भी नहीं थे लेकिन चुकि यह मामला आप कोट में कहा तो एक तरीके से यह
03:07आर्डर तो आज का हो गया लेकिन उसी तरीके का एक उसका एक बहतर एक्स्प्रेनेशन है और इसका फर्क बहुत
03:12बड़ा पड़ेगा खास तोर से जैसे आपने कहा जहा
03:16पर बहुत बहुत मैं इसको पॉलिटिकल भी कहना चाहूँगा क्योंकि पॉलिटिकली खास तोर से बीजेपी लगाता रूप लगाती रही इन
03:23स्टेट्स में धर्म परवरतन का और उसमें भी आदीवासियों के धर्म परवरतन का और आदीवासियों का बड़ी संक्या में �
03:29धर्म परवरता इसाई और मुस्लिम में हुआ है तो कहीं न कहीं उनके हग क्या रहेंगे ये बात है उस
03:35पर उस उनको किसी तरह का
03:37कंफ्यूजन था क्या था किस तरह का लाब बूलेने की दूसरा पक्च भी सोचता था वो सारी चीजे इससे क्लियर
03:42हो जाएंगी तो मेरा सवाल रूद शर की तरफ रहेगा रूद प्रकार्ट बिक्रम सिंग जी क्या ये जो मैंने बात
03:49कहिए इसमें ये पूरी तरह सही नहीं ह
04:20या आपको क्या लगता है कि यही चीज है?
04:22पर से जो लाग हिंदु धन के अंतरकर्ट जो चीज तरह आप लेती रहे हैं हाला कि इस मामला अपको
04:29क्रिमीनल मामला था जो वही आपके सहीफू ने एकस्प्रेंड
04:32किया कि क्या मामला था किसी पादु कर रहा था उस प्रेयर के दौरान इन लोगों ने मुझे
04:52पर assault किया जो भी respondent थे जिनके खिलाब FIR थी तब ये मामला कम से कम ये पुलिस के
04:58भी सन्यान में आए कोट के भी सन्यान में आए कि ये ये इसाई हैं otherwise आज जो देश में
05:05बहुत सारे धर्मांतरण की केस ऐसे हैं जो SCST हैं लेकिन वो धर्मांतरण करके
05:12लेकिन वो SCST का यह लाव है वो भी उठा रहे हैं और जो में अगर यह सवाल आप से
05:32रहेगा आप इसमें अगर ब्याक्ष्या और जोड़ दें तो
05:34पुद्र जी एक मेरे दिमाख में है यह सवाल यह है क्योंकि जिस तरीके से 1950 का जो ऑडर था
05:44उसमें हिंदू बहुत और शिक यह तीन चीजे थी अब कोई भी चीज जब डिसीजन आता है या कोई कानून
05:54बनता है इस तरह की चीज उसका बहुत बड़ा पोलिटिकल असर बनता
05:57है बहुत सी बात है भी होंगी बहस भी होगी इस पर हो ही रही है लेकिन सबसे बड़ी बात
06:01है कि बहुत बड़ी संक्या में पंजाब में शिखों का भी धर्मांतन किया जा रहा है और यह बात कापी
06:07कई रिपोर्ट्स में है और इस पर बड़ा बवाल भी कट रहा है बहां �
06:10तो मेरा कहना है कि बौद और सिख जो इस धरम परवर्तन करके अगर वो इसाई और मुस्लिम बनते हैं
06:18तो भी यही ब्याख्या काम आएगी ना
06:20कि बिल्कुल यही ब्याख्या काम आएगे जो सेक्षन त्री बिल्कुल यह डिफाइण करता है कि पंजाब के कुछ रीजन
06:30जैसे रामदासी है कभीरपंती हैं उन लोगों को इसमें किया इसमें पहले से
06:35इंक्लूट किया गया था कि अगर यह लोग है तो इनको माना जाएगा यह
06:40माना जाएगा कि नहीं दू दर्म का करते हैं हिन्दो को वसकी लोग
06:44मानते हैं और अगर कॏ विक्ति व्यक्ति करते हैं कौन से पत्दती Ayam
07:05करते हैं तो उन पर यह लागू नहीं होगा जो भी अन्य सरकार द्वारा जो भी हो जनाए उनको यह
07:16लाग नहीं मिल पाएगा और यह बिल्कुल ठीक बात है और मुझे लगता है
07:20जो भी अधर करने वाले लोग हैं इसे पूछना चाहिए कि लोग आप यह लोगों के लिए और अनरगल तरीके
07:34से फाइदे उठा रहे हैं या अप एक बाद मैं जोड़ना चाहूंगा कि उस ब्यक्ति के बारे में सोचिए जिस
07:40ब्यक्ति की खिलाब फाइयार होई थी जिसको ह
07:42सब जगहें के यात्राएं करने ही पड़ी अगर माली जो कोई गरीब व्यक्ति होता है जो सुप्रीम कोट नहीं आप
07:47तो सुर्किक आज वो तेर में होता है रुद्विक्रम जी मैं यहां पर एक मिनट के लिए आपको रोकना चाहता
07:51हूं यह सवाल है दुरूपयोग का एक �
07:54जो धर्मांतरित करके इसाई धर्म स्विकार कर लेता है और वहां SCST के अंतरगत केस दर्ज कराता है और प्रतारना
08:03का रोप लगाता है लेकिन जो वास्तव में भी SCST है क्या उहां पर ऐसे आधिकारों का ऐसे सम्विधान का
08:11दुरूपयोग नहीं होता है क्या वहां भी तो �
08:24नहीं है उसके बावजूद भी आप कंप्लेंट कर रहा है और दूसरे ब्यक्ति को प्रतारित करने के लिए मामले दर्ज
08:43किये जाते हैं और इसमें बहुत बड़ा हाथ प्रोसीक्यूशन का भी होता है इसे लिए इसमें ये किया गया कि
08:47आप
08:55सबसे बड़ा आधार वही बनाए हम चलते हैं अशोक भारती जी के पास अशोक भारती जी नैक दोर के राष्ट्री
09:01अधक्ष है प्रमुख दलित विचारकों में से एक है और अशोक भारती जी आप इस पूरे घटना करम को कैसे
09:07देखते हैं इससे खासकर अनसुचित जाती
09:11की जो सामाजी की स्थिती है उस पर क्या फर्क देखते हैं और मैं एक और सवाल इसी के साथ
09:17ही जूर देता हूं ताकि आपको पूरा समय मिले अपना जवाब देने के लिए
09:201950 में जब सम्विधान बन रहा था तो अनुशेद 341 में सिर्फ हिंदूओं का रखा गया था जिनमें अनसुचित जाती
09:29का लाह मिलेगा फिर 1956 में इनमें सिख को और 1990 में बौद को भी शामिल किया गया
09:37क्या सरकार यही फायदा यही लाब मुस्लिमों और इसाइयों तक नहीं पहुंचा सकती है और दूसरा आज का जो फैसला
09:46है उसमें समाजिक इस्थिती में अनसुचित जातियों पर इसका क्या प्रभाव करेगा
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