00:03फालगुन शुक्लित दितिया को मनाई जाने वाली फुलेरा दूज ब्रजशेत्र में खोली उत्सव की विदिवर शुरुवात मानी जाती है।
00:30धर पर भी राधा कृष्ण और भगवान शुर्वर माता पारवती की पूजा कर सकते हैं। ध्यान रहे पूजा के समापती
00:36के दोरान उन्हें गुलाल और अबीर ज़रूर चड़ाएं। क्यूंकि ये पर्व होली की विदिवर शुरुवात का ही एक प्रतीक है।
00:43तो ऐसे में
00:44सबसे पहले देवताओं को खोली के रंग अर्पित करने से ही घर में सुक्षान्ती आती है। इस दिन दान भी
00:50किया जाता है। मानेता है कि इस दिन अगर आप माखन मिशरी का दान करते हैं तो भगवान करश्न की
00:56आप पर कृपा बरसती है। साथ ही इस दिन अभूज मुह�
01:01किसी भी शुबकार के लिए आपको मुहरत देखने की जरूरत नहीं है। ये फुलेरा दूज में किसी भी समय किया
01:07जा सकता है। ऐसे में नए बिजनेस की शुरुआत और नए वाहन को खरीदना, नए जूलरी घर लेकर आना या
01:13फिर वैवाहिक जीवन की शुरुआत भी इ
01:30जरूर होती है। मानिता है कि इस दिन राधारानी को श्रिंगार की वस्तुएं अर्पित करें और फिर उन्हीं वस्तुओं का
01:35दान किसी सुहागिन महला को कर दें। भगवान को भी इस दिन फल मिठाई और खीर का भोग लगाने के
01:41साथ साथ पोहा और माखन मिश्री का भो�
01:56और गुलाल अर्पत करें बलकि फूलों से भी उन्हें खूब सजाएं। फिलहाल अस वीडियो में इतना ही वीडियो को लाइक
02:03और शेयर करें साथी चैनल को सब्सक्राइब करना न भूलें।
Comments