00:01शोशल मीडिया इंफुलेंसर धुरू राठी एक और बड़े कानूनी विवाद में खिर गए।
00:06बैंगलूरू के पूरू पुलिस कमीशनर और सेवनिवरित IPS अधिकारी भासकर राव ने केंद्रिय ग्रह सचिव को एक पत्र लिखा है।
00:14पत्र में उन्होंने धुरू राठी की नागरिकता, वीजा नियमों के उलंगन और भारत में उनकी राजनीती गतिवीधियों को लेकर गंभीर
00:21सवाल उठाए।
00:22ये पूरा विवाद 8 ओक्टूबर 2026 को बैंगलूरू में आयोजित एक विरोध परदर्शन से जुड़ा है।
01:13परदर्शन पर भासकर राव का कहना है कि ये परदर्शन कोई सामाजिक या नेजिक कारेकरम नहीं था।
01:18बलकि देश की समवेधानिक संस्थाव के कामकाज को निशाना बनाने वाला एक राजनितिक आंदोलन था।
01:25पत्र में भासकर राव ने बताये कि धुरूराथे इस वक्त जर्मन यानि विदेशी नागरिक है।
01:30ऐसे में उन्हें इस तरह के परदर्शनों में शामिल होने सरकारिय समवेधानिक संस्थाव के अलोचना की इजाज़त नहीं दी जा
01:36सकती।
01:37भासकर राव ने फॉर्नर्स एक्ट 1946 के नियमों के तहट धुरूराथे की गतिवीदियो की जाच और कानून की उलंगन पाए
01:44जाने पर कारवाई की मांग की।
01:46पत्र में ये भी जाचने की मांग की गई कि अधुरूराथी के पास Overseas Citizen of India का कार्ड या
01:53कोई अन्य दरज़ाप्राप्त है या उन्हें कोई विशेश छूट मिली हुई है।
01:57दरसल विदेशी नागरिकों को भारत में अपनी विजा शर्तों का कडाई से पालन करना होता है।
02:03एक विदेशी नागरिक का भारत में आकर किसी राजनेतिक आंदोलन का हिस्सा बनना विजा नियमों का सीधा उलंगन माना जाता
02:11है।
02:11Bengaluru में प्रदर्शन के बाद धुरूराथी जब प्रदर्शन के लिए दिल्ली में पहुँच रहे थे तो ग्रूगराम पुलिस ने उन्हें
02:17हिरासत में ले लिया
02:19Bureau Report, ETV भारत