00:00अरे भाई तु बिल्कुल सही कह रहा है
00:02अच्छा भाई तुझे बाद में फोन करता हूँ
00:04ओहो जाने मन आज खाने में क्या बनाया है
00:06और सुनो आज रात क्या पहन रही हो
00:09क्या मैं बस इसी लिए हूँ आपकी जिंदगी में
00:28अंदर की बात हैं
00:29और बोलते हूँ अच्छा नहीं लग रहा है
00:30पर कहे देता हूँ
00:31जाधा दर पुरुष महिलाओं को थोड़ा कैजुली लेते हैं
00:35कहते हैं कि यह बुद्धी से काम करती नहीं है
00:38इनकी अपनी इंस्तिंक्स तो गयरा होती है
00:40नैचुरल फीलिंग्स ये उस पर चलती है तो हम इनको बहुत सीरिसली नहीं ले सकते
00:45करोडों घर होंगे जहां पर पुरुष पत्नी के पास आता ही है बस रात के समय कि आजाओ अब विस्तर
00:52पर
00:52बाकी पूरे दिन उसको फैसले लेने हों कोई बौधिक बात करनी हों उसको वो दूसरे लोगों से करेगा अपनी पत्नी
00:59से नहीं करेगा
01:00पत्नी के दो ही काम होते हैं रात को विस्तर पर आजा और दिन में खाना और बना दे तेरा
01:04इतना ही काम है मेरी जिंदगी में
01:08कि राजनीति में कौन सा ये कौन गलत है तो ये बात वो किस से करता है जाकर के अपने
01:13दोस्तों से करेगा उसको और भी व्यापक वैश्विक मुद्धों पर समाजिक मुद्धों पर बात करनी है तो किस से करेगा
01:19इस सारी बातचीत अपने दोस्तों से करेगा किनी और लोगों
01:33पूछा जाए कि आज खाने में क्या बना है आप इस सवाल का जवाब देने के लिए पैदा हुई हो
01:37intellectual engagement कहा होता है couples में और जिनमें होता हो बहुत अच्छी बात
01:42जो inferior बनेगा उसे dependent भी बनना पड़ेगा शरीर की बात नहीं कर रहा
01:49एक चीज सपष्ट रखिए चेतना में आप inferior नहीं है हाँ आपकी कद काठी छोटी हो सकती है पुरुष्टे वो
01:58अलग बात है पर चेतना में लिंग भेद नहीं होता चेतना तो चेतना होती है
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