00:06क्या एक शांती समझोता नई हिंसा की वज़ा बन सकता है? सुनने में ये विरूधमासी लगता है।
00:30जिस शेत्र में तनाव कम करने की दिशा में बड़ा कदम बताया जा रहा है। लेकिन इस समझोते का एक
00:36हिसा सबसे जादा विवाद का कारण बन गया है। बताया जा रहा है कि समझोते में लेबनान से इसराइली सेना
00:42की पूर्ण वॉपसी का प्रावधान शामिल है। और यह
00:57कहना है कि इसराइली सेना लिवनान नहीं छोड़ेगी यानी जहां वॉशिंग्टन और तहरान शांती की बात कर रहे हैं वहीं
01:04इसराइल के भीतर समझोते को लेकर गहरा विरोध देखने को मिल रहा है। यह एक्सपर्ट का मानना है कि इसराइल
01:10के कटर पंती वर्क के लिए
01:12एक समझोता एक रणनितिक हार जैसा दिखाई दे रहा है और इसी नराजगी का असर अब जमीन पर दिखाई देने
01:19लगा है। रामला के पूर्व में स्तित देदर दिववान कस्बे से बेहट चिंता जनक रिपोर्ट सामने आ रही हैं। स्तानिय
01:28सूत्रों के मुताबिक यह
01:29खूदी बसने वालों के सम tablets क्या, ब्लाके में हमले के दौरान कमसे कम चारवानों को आग लगा दी गय
01:35लेकिन थेहीं तक सीमित नहीं रही।
01:45सबसे भयवह आरोर कि बुशूर्ग व्यक्ति पर पेट्रोल डाल कर उसे जिन्दा जलानी की कोशिश की गयी।
01:51हलाकि इंदावों की स्वतंत्र पुष्टी अभी तक नहीं हो सकी लेकिन जो तस्वीरे और पयान सामने आ रहे हैं वे
01:57लाके में फैलेट डर और अराजकता को साफ दिखाते हैं
02:01इस्तान ये निवासियों का कहना है कि कहीं परिवार अपने घरों में फस गए लोग बहार निकलने से डर रहे
02:06हैं कुछ परिवारों ने कथे तौर पर मदद की अपील भी की है जब कि आसपास आग और डुए का
02:12मोहल बना हुआ है गाडियों में आग है संपत्यों का नुकसान
02:15हो रहा है धार्मिक स्तल्प पर हमलों के आरोप है और आमनागरिकों में बेहत खतरनाक डर है ये सब उस
02:23समय हो रहा है जब दुनिया शांती समझोते की बात कर रही है यही इस कहानी का सबसे बड़ा विरोधमास
02:30है एक तरफ राशनितिक बात चीत समझोते और युद्समाप
02:33करने का प्रयास्ती दूसी तरफ जमीन पर बढ़ती नफरत, हिंसा और बदले की भावना कुछ प्रतक्ष दर्शियों ने इन घटनाओं
02:41को पोग्रोम तक बताया है एक ऐसा शब जो किसी समुदाय के खिलाफ संगटत हिंसा के रहे इस्तमाल किया जाता
02:48है अब सवाल सिरफ �
02:50देदर दिपवान का नहीं बल की सवाल पूरे शेत्र की स्तिर्ता का है क्या कागजों पर हस्ताक्षर भर कर शांती
02:57लाई जा सकती है क्या फिर शांती तभी संभव है जब जमीन पर मौझूद गुस्सा विश्वास और कटर्ता को भी
03:04नियंतरत क्या जाए फिलाल इतना साफ
03:06है कि अमेरिक और अरान के बीच हुए समझोते की असली परिक्षब शुरू हुई है क्योंकि किसी भी शांती समझोते
03:12की सफलता सिर्फ नेताओ के हस्ताक्षरों से तै नहीं होती बलकि उन लोगों की सुरक्षा से तै होती है जो
03:22संगर शेत्रों में रहते हैं और आज रात �
03:25डेदर दिपबान के लोगों के लिए वैसुरक्षा अभी भी एक बड़ा सवाल बनी हुई है आपकी इस पर क्या राय
03:32है हमें जरूर बताएं आप देख रहे हैं One India Hindi
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