00:00एक सो साथ दिनों से जारी अमेरिका इरान संघर्ष को खत्म करने के लिए जिस समझोते को एतिहासिक बताया जा
00:06रहा था अब उसी पर संकट के बादल मनराने लगे हैं
00:10दुनिया को लग रहा था कि स्विजलैंड में होने वाले हस्ताक्षर के साथ पश्चिमेशिया में तनाव कम हो जाएगा
00:15लेकिन अब हालात एक बार फिर विसपोटक होते दिखाई दे रहे हैं
00:19ताजा रिपोर्ट्स के मुताबिक एरान ने साफ संकेत दिये हैं कि वो बेरुद पर हुए हालिया हमले का जवाब देने
00:26की तयारी कर रहा है
00:27दावा किया जा रहा है कि अमेरिका ने इरान को सयम भरतने के लिए कई तरह के आर्थिक और कूटनीतिक
00:33प्रस्ताव दिये
00:34लेकिन तेहरान ने उन्हें स्विकार नहीं किया
00:37इरान का संदेश साफ बताया जा रहा है
00:39अगर बेरुद पर हमला हुआ है तो उसका जवाब ही दिया जाएगा
00:43दरसल पिछले कई महीनों से अमेरिका और इरान के बीच परदे के पीछे बाचीत चल रही थी
00:48एक सो साथ दिनों से जारी तनाव और सेनेट अकराओ को खत्म करने के लिए दोनों पक्ष एक समझहोते के
00:54करीब पहुँच चुके थे
00:55पाकिस्तान के प्रदान मंतरी शहबाश शरीप ने भी दावा किया था कि दोनों देशों के बीच प्रारंभिक समझहोता तयार हो
01:02चुका है
01:02और इस पर स्वजर लैंड में हस्ताक्षर हो सकते हैं
01:05इसके बाद इरानी मीडिया में भी कथित समझहोते के मस्वदे की चर्चा सामने आई
01:09ऐसा लग रहा था कि लम्मे समय बाद पश्चिमेश्य को रहत मिलने बाली है
01:13लेकिन इसी भी चिकनया विवाद खड़ा हो गया
01:16रिपोर्ट्स के अनुसार समझहोते के महतोपुन बिंदों में लेबनान से जुड़े सुरक्षा प्रावधान भी शामिल थे
01:22बाना जा रहा था कि छेत्रिय तनाव कम करने के लिए सबी पाक्ष कुछ रियायते देंगे
01:26लेकिन इसराईली प्रधानमंतरी बंजमीन नेतनियाहूने काथित तौर पर लिबनान से जुड़े किसी भी दबाब को स्विकार करने से इंकार कर
01:33दिया
01:33यही से पूरा समिकरण बदलता दिखाई दिया
01:36खबरे सामने आएं कि इसराईल लिबनान में अपनी सेने कारवाई जारी रखने के पक्ष में
01:41और खुद को अमेरिका इरान समझोते की कुछ शर्तों से बंधा हुआ नहीं मानता
01:46इसके बाद बेरूत पर हुए हमले ने सितिको और अधिक सम्वेद दंशील बना दी
01:50अब इरान के भीतर जो संकेत आ रहे हैं वे बताते हैं कि तहरान इस हमले को अंदेखा करने के
01:55मूड में नहीं है
01:56इरान समर्थक हलकों में लगतार ये कहा जा रहा है कि जवाब दिया जाएगा और इसके समय का इंतजार किया
02:01जा रहा है
02:01दूसरी तरफ अमेरिका की चिंता बढ़ गई है वशिंग्टन की कोशिश है कि किसी तरह अंतिम प्षणों को हालात को
02:08संभाल लिया जाए और प्रिस्तावित समझोता पठरी से नहीं उतरे
02:11क्योंकि यदि इस समय कोई बड़ा सैन जवाब भी हमला होता है तो महीनों की कूट नितिक मेहनत एक जटके
02:17में खत्म हो सकती है
02:18यही वज़ा है कि इस समय पूरी दुनिया की नजरे तीन राश्थानियों पर टिक गई है
02:23वशिंग्टन, तहरान और तेलवीड
02:25सवाल यह है कि क्या इरान जवाबी कारवाई करेगा अगर करेगा तो उसका स्वरूप कितना बड़ा होगा
02:32और क्या वो कारवाई प्रस्तावेत शान्ती समझोते को पूरी तरह खत्म कर देगी
02:37फिलहाल तस्वीर बेहर जटिल है
02:38एक तरफ अमेरिका और इरान के बीच समझोते की उमीद अभी भी बनी हुई है
02:42दूसरी तरफ रजरायल और लिबनान मोर्चे पर तनाव कम होने के बजाए बढ़ता दिखाई दे रहा है
02:47ऐसे में वो समझोता जिसे 170 दिनों के संगरश का आंतमाना जा रहा था
02:52कही एक नए और अधिक बड़े टक्राव के शुरुआत ना बन जाए
02:55आने वाले कुछ घंटे और कुछ दिन बहुत महतुर्पुन साबित हो सकते हैं
03:05अगर कूटनीती सफल रही तो शेतर को राहत मिल सकती है
03:08लेकिन यदि जवाबी हमले का दौर शुरू हुआ तो पश्ची में शिया एक बार फिर बहुत बड़े संगरश की ओर
03:14बढ़ सकता है
03:15इस ख़बर में इतना ही मैं हुरुचा और आप देख रहा हैं One India हैंती
03:29हुआ हुआ हुआ
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