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Assam Plane Crash: विमान में ज़िंदा जले 5 जवान, किसकी लापरवाही से हुआ ये दर्दनाक हादसा? असम में सेना के विमान हादसे ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है, जहां एक छोटी सी चूक ने 5 जांबाज जवानों की जान ले ली।

A tragic military plane crash in Assam has resulted in the loss of 5 brave soldiers. The aircraft reportedly skidded off the runway during landing and caught massive fire, turning into a fireball. Experts suggest that a timely intervention could have averted this disaster. Watch the full investigative report on the Assam plane crash, runway lapse, and the technical reasons behind this unfortunate incident on Oneindia Hindi.

#AssamPlaneCrash #IndianArmy #BreakingNews #OneindiaHindi

~PR.250~HT.408~ED.108~GR.510~VG.HM~

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00:00एन 32 ये विमान जो की अपनी किशमताओं के लिए जाना जाता है, अपनी मजबूती के लिए जाना जाता है,
00:06अपनी धुलाई के खिशमता के लिए जाना जाता है, अचानक सर ऐसा क्या हुआ कि देश ने अपने पाँच जावास
00:13खो दिये।
00:30बैंक शहीद हो गए हैं तो मैं इस बात से बिलकुल आपके साथ हूँ जब आप कहते हैं कि हमारे
00:36पूरे वायू सेना के लिए ये एक इस समय एक धक्का है लेकिन ये नहीं है कि हमारी ऑपरेशनल केपिबिलिटी
00:44में इसकी वज़े से कोई कमी आए हो ये जरूर है कि एन थर्�
00:59शॉर्ट टेक ओफ और लैंडिंग होती है यानि कि बहुत कम रन्वे का लेंथ लेता है टेक ओफ करने के
01:06लिए लैंडिंग के लिए और सेमी प्रिपेर्ड सर्फिसे से भी टेक ओफ कर सकता है यानि कि पूरा रन्वे टाइप
01:12मटिरियल जैसे बिटुमिन का होता है कॉन्क्
01:27इसमें हम लोग casualty evacuation कराते हैं, medical evacuation कराते हैं, air transportation कराते हैं, हम भेजते हैं हमारी supplies
01:36उन जवानों को जो ऐसे जगाओं पे हैं जहां पे बहुत मुश्किल है road से पहुचना या बहुत समय लगता
01:43है, तो उनके उनके पास अपनी सामगरी भेजना, उनके लिए essential supplies भेजना उसमें इस
01:49जहास का बहुत बड़ा role रहा है, यह intra theater use होता है, और खासकर जो पहाण है अरुनाचल प्रदेश
01:55में, या फिर तभी यह जो और हाट का accident है, या फिर लदाक के areas के हैं, वहाँ पे
02:02इसका काफी इस्तेमाग किया जाता है, अब हम इस AN-32 accident पे आते हैं, आप देखिए इसको, �
02:09यह जो AN-32 aircraft इस समय दिख रहा है, यह runway के ऊपर नहीं दिख रहा है, इसका मतलब
02:15है, runway से फिसल के या किसी और कारणवश, यह आ गया है, जो runway के पास जमीन होती है,
02:23जो जातर घास से होती है, और थोड़े-बोटे obstacles होते हैं, वहाँ पे, और क्यूंकि यह runway से बाहर
02:29आया, तो
02:39इसका यह मतलब है कि उसके बाद यह दो हिस्सों में तूट चुका है, minimum दो पीस इसके दिख रहे
02:45हैं, तो यह जहाज आप देखिए, उसके पास यह एक pen भी है, blast pen कहते हैं हम उसको, उसके
02:52अंदर भी जहाजों को रखा जाता है, लेकिन उसके पास है, उससे लगा नहीं है �
02:56उससे दूर है थोड़ा, लेकिन है पास में उसके, और वहीं पे आपको धुए का गुबार दिख रहा है, यानि
03:02कि जब यह पलट रहा था, तो पलटी खाते समय इसका कही ना कहीं, जो fuel pipelines हैं, वो रप्चर
03:09हो गई होंगी, जिसकी वज़े से जो fuel था, उसने आग ले ली, औ
03:14आग लेने से, ये काला धुआ जो fuel का धुआ है, वो आप देख पा रहे हैं, आखरी चीज़ इस
03:19पर मैं कहना चाहूंगा, जब आप बाद, आप देखें, इसके पीछे आपको बादल भी दिख रहे हैं, आपने देखा होगा
03:25कि इसका मतलब है कि मौनसून वहां पहुंच च
03:41लिख रहे हैं, बल्कुल सब लेकिन तमाम ऐसे सवाल है, इसी शो में मैं अपने कॉमेंट बॉक्स को भी पढ़
03:49रहा था, क्योंकि बाद जब इस साल के शुरुआत से ही देखी जाए, जनवरी के बाद अभी हम ज़्यादा आगे
03:56नहीं आएं, सिर्फ छे महीने बीते हैं, �
03:57तमाम ऐसे हमने फेलियर्स देखें, अपने से एरफोर्स पर, अब इसके पीछे कई सवाल हो सकते हैं, मैंटेनेंस, उसमें स्पेर
04:05पार्ट्स और तमाम वो खामियां, क्योंकि कहीं ट्रेनिंग विमार गिरता है, कहीं सुको ही क्रेश हुआ, कभी हार्ड लेंडिंग की
04:11खब
04:27देखें, अब पहला इंप्रेशन जाहस का देखते हैं, तो अभी तो ये एक्सिडेंट हुआ है, पूरे फैक्ट्स की मेरे पास
04:34नहीं है, मैं इसको ये नहीं कह सकता हूँ कि ये टेकनिकल खामियों की वज़े से ये एक्सिडेंट हुआ है,
04:40मैंने आपको वो फैक्ट्स स्�
04:44साथ ये कह सकता हूँ कि ये जहाज लैंडिंग के लिए आ रहा था अब ये देखें लो क्लाउड्स मी
04:49हैं तो क्या ये जा वैदर का कोई इसके उपर एफेक्ट था क्या कोई हार्ड लैंडिंग हुई है क्या अंडर
04:58कैरिज कोलैपस हुआ है क्या कोई इंजन फेलियर शॉर्�
05:32सब्सक्राइब कर सकता है या पिर जो पानी की वजए से स्किड भी कर सकता है और स्किड करके अगर
05:39वो रन्वे से बाहर गया तो वह भी हो सकता है तो ये सब
05:42इंक्वैरी के बाद ही पता चलेगा अब आपने बहुत सारी मतवपून चीजें बताई हैं देखे हमारी वाई-उसेना का रिकॉर्ड
05:49जो है अगर हम मिलियन्स ओव आर्ज में देखते हैं ना हमेशा मिलियन्स ओव आर्ज के अंदर एक्सिडेंट रिकॉर्ड देखा
05:56जाता
05:56आप कितने फ्लाई करते हैं और उसमें कितने एक्सिडेंट्स होते हैं तो हमारी भारतिय वाई-उसेना जो है एक प्रोफेशनल
06:02अच्छी वाई-उसेना के हिसाब से देखी जाती है आप अमेरिकन एरफोस को देख लीजे एफ-35 के हर साल
06:08एक नाएक एक्सिडेंट हो रहा �
06:24तो इन्हेरेंट्ली फ्लाईंग के अंदर एक्सिडेंट जैसे रोड में आप रोज पढ़ते हैं उससे काफी सेफ है फ्लाईंग आप रोज
06:31अगर देखें तो हर कुछ मिंटों में इंडिया के अंदर कहीं ना कहीं कोई एक्सिडेंट हो रहा होता है यह
06:37तो आपको भी माल�
06:51हूँ अगर मैंने यह कहा वहां जाके कि मैं भारतिय वाइस सेना का फाइटर पाइलेट हूँ आप मानेंगे नहीं जिस
06:57इज़त से मुझे उस देश के लोग उसके प्रफेशनल मिलिटरी वाले जो बात करते थे और मेरे से एडवाइज लेते
07:03थे कि अगर यह सिच्वेशन ह
07:05तो कैसे किया जाए तो वो चीज जो भारतिय वाइस सेना के पाइलेट्स और टेक्नीशन और क्रू की है पूरे
07:11विश्व के अंदर एक जो इमेज है और हमने तो आपको ये भी पता ही होगा कि हमने पाकिस्तानियों को
07:17बचाया है यून पीस कीपिंग ऑपरेशन के अंदर हम
07:21हमारे हलिकॉप्टर में जाके उदर से उनको उठाया है ऐसी जगहों से जा रिबिल्स उनके ओपर फायर कर रहे थे
07:27तो कहीं ना कहीं बड़ी अच्छी रेपूटेशन है बहुत अच्छा प्रोफेशनलिसम है ट्रेनिंग बड़ी हाई क्वालिटी की है लेकिन एक
07:34दो इश
07:47स्कॉंड में से जो बारा है ना वो चालिस साल या उस से उपर के हो चुके अब एन थर्टी
07:54टू जहाज भी जो अभी हम देख रहे हैं यह पहले कब आया था उन्निस सो चौरासी में यानि कि
08:01हमारे पास एक सो पच्चिस जहाज हमने खरीदे रशिया से इस एक सो पच्चिस
08:06जहाज में से आज जो जहाज बचे हैं साट के करीब को मिड लाइफ अपग्रेड किया गया है और यह
08:13जहाजों को अगर हम देखे तो बत्तिस से बतालिस साल के बीच में जहाज होगे मुझे नहीं पता है यह
08:19वाला जहाज जिसका क्रैश हो उसका कितना एज होगा पर कम से क
08:22बत्तिस होगा और जहाज से आदा बतालिस होगा दूसरी चीज़ फेबररी दोहजार बाईस से जब से युद्ध शुरू है रश्या
08:31यूकरेन का तो जो हमारे इसके स्पेर पार्ट्स आते थे रश्या यूकरेन के वो सप्लाई चेन में रुकावट आ गई
08:37है जिसकी वज�
08:50जो होता है जैसे रॉशियन कंपनी जिनोंने यह बनाया है जहाज एंधर टू तो वह ली कंपनी से ही आते
08:59लिए कि अभी उनकी सप्लाई की कमी की वज़े से हम उनको या तो लोकली बना रहे हैं और जो
09:05नहीं बन सकते हैं तो जो हमारे पुराने एंधर टू जहाज हैं उनक
09:09कैनिबिलाइस का मतलब होता है उसमें से कंपोनेंट्स निकालके स्पेर पार्ट्स निकालके इन जहाजों में लगाएं ताकि यह जहाज उड़
09:17सके अच्छा आप इसमें एक चीज आ जाती है उसी तरीके से अगर हम फाइटर स्कॉर्ण को देखें तो 29
09:22में से 17 फाइटर स्
09:29जो है वो चालिस साल से उपर नेरली उनकी एज हो चुकी है अगर हम मेरा 2000 देखें जैगवार देखें
09:38या मिक 29 देखें लेकिन हमारा जो LCA प्रोजेक्ट है वो इतना डीले हो गया है आपने देखा अभी तक
09:45एक भी मार्क वने हमको नहीं मिला और इस वज़े गुसे में ड
09:59ऐसी बात आकर देखें, अब हमारे जो समझ रहे हैं कि देश को इन जरूरत है kitaer जाजो की, जरूरत
10:06है helicopter की क्योंकि सब की जो उमर है न वो बढ़ती जा रही है और जब उमर बढ़ती है
10:14तो जो चाये कितनी भी आप maintenance कर लें, अब आप देखें, आप हम किसी समय में 15 साल प�
10:29कोशिश की गई थी तो इसका क्या मतलब है इसका यह मतलब है कि जब जहाज ओल्ड होते हैं पुराने
10:34होते हैं तो उनकी मेंटेनस की रिक्वाइमेंट भी बढ़ जाते हैं और पार्ट के फेलियस भी बढ़ जाते हैं तो
10:40कही ना कहीं जो आज जरूरत है हमारी को जो एडवां
10:56company है इटली की वो भारत की जो टाटा एडवांस सिस्टंस लिमिटेड है वो बना रहे हैं जहास पहला जहास
11:04ऑगस्ट में उड़ेगा जो उन्होंने बना है जो भारत के अंदर बना है
11:0716 वैसे जहास भारत में आ चुके हैं तो यानि कि 56 हम वो ले रहे हैं वो एवरो को
11:13और एं-32 को रिप्लेस करेंगे आने वाले समय में और साथ में हम दूसरे भी हम request for information
11:21issue कर रहे हैं कि हमको और medium ट्रांस्पोर्ट एक राप चाहिए और इसके लिए government action भी ले रही
11:26है भारतिय वा�
11:36climate space की भी बढ़ती है, maintenance की भी बढ़ती है और probability of accidents जो होते हैं वो बढ़
11:42जाते हैं और technology जो इनके अंदर use होती है जो 40 साल या 30 साल 40 साल पुराने जहास
11:47तो टेक्नोलोजी भी पुरानी होती है तो वो पाइलेट को उतना margin of error नहीं देती जो आज की technologies
11:53भारत इनको देती है तो �
11:55यह कई ना कई issues है जिनने sort out भी किया जा रहा है लेकिन यह interim समय है जहां
12:01पर लेकिन मैं यह तिक होंगा कि इन में से कोई भी ऐसा issue जो है उसकी वज़े से यह
12:06accident हुआ होगा यह मैंने आपको शुरू में ही बोल दिया यह accident का reason में आपसे और detail में
12:13समझेंगे इस पूरे मनजर क
12:15कि आखिर क्यूं पुराने विमान आज भी इंडियान इर्फोर्स में है उनकी महता कितनी है और आखिर क्या वज़े है
12:21कि आज भी दीर्श की सिवा में योगदान दे रहा है हमाई साथ ग्रूप केप्टन यूकि देवनाज जी भी है
12:26देवनाज जी शुक्रिया वन इंडिय
12:29जाओंगा अभी हम अश्मिंदर जी से भी समझ रहे थे हादसे के संभावित कारणों को क्या वज़य हो सकती है
12:36उसमें स्क्रैप पार्ट्स मैंटेनिंस कई अच्छे पक्ष बताएं अश्मिंदर जी ने कि आखिर क्यूं पुराने विमानों को पुराने ये हमारे
12:43वायू से
12:59प्रिमान फिसला दो टुकडों में तूटा और फिर उसके थोड़े देर बाद एक ऐसी ख़बर आती है जसके बाद हम
13:05सब स्थब्ध हैं पांच आवाज हमारे बीच अब नहीं है
13:10मुकंजी जैसे की एक मोडर बहल ने बताया टेकनिकल कारणों से भी एक्स्टरा के हाथ से हो सकते हैं इसके
13:17अलावा कई बार वेदर फिनोमेना भी जो रख के तरफ बहुती अजीव गरीव होते हैं कि सीजन में जून का
13:25महीना है जून का तेरा तारिक हो गया है अभी तक व
13:37बादल सुबे शाम बहुत ज्यादा नीची आ जाते हैं एक और फिनोमेना इस्टरन इंडिया में होती है जो आचानक से
13:46बवंडर आ जाता है एक काल बैसा की नाम की फिनोमेना होती है कि आदा गंटा पहले लगता कि आस्मान
13:53साफ है बादल दूर है उपर है और अचानक से �
13:58एक बवंडर जैसा आजाता है हवा की रफ़ता थोड़े दिर के लिए दो या तीन मिनट के लिए सो किलोमेटर
14:06आजाते हैं अब अगर लोग वजा है तो जाहिर बात है पाइलेट लेंडिंग के समय इंस्टूमेंट लेंडिंग सिस्टम के इस्तिमाल
14:18करेंगे जोरहाट में
14:19आईलेट सिस्टम जब लैंड करेंगे तो फाइलेट को ऐसे तो जब वो रणवे से दस किलोमेटर पाँच किलोमेटर तीन किलोमेटर
14:29दूर है आईलेट ले आता है उसके बाद उसको अपनी आखों से रणवे को देखकर लैंड करना पढ़ता है हम
14:37बोलते हैं क्रिटिकल ल
14:49जाते हैं, आम लोगों से जब हम बात करते हैं, पिछले कई हाथसों को देखकर भी, अश्मिंदर जी जो हमें
14:54समझा भी रहेते हैं अभी कि जैसे जैसे विमान पुराने होते जाते हैं, उनके पार्ट्स, उनकी मैंटेनेंस, उनके फेलियर के
15:00चांसे बढ़ते हैं, बेशक उन
15:19है, यह हमारा एन-32 विमान जो क्रेश हुआ है, इसके बिचे सर्थ क्या कोई खास कारण होते हैं, बजट
15:25का इश्यो होता है, या फिर इसकी योग्यता ही इतनी अच्छी होती है, यह विमान इतने कुशल होते हैं, कि
15:31इनको लगातार सिवा में इस्तेमाल किया जाता है, दे�
15:49बता देते हैं, कि यह जहाज आप पीस हजार घंटे उड़ा सकते हो, अब फिर जैसे लेंडिंग गेर हम बात
15:56कर रहे हैं, बहुत ही मजबूत होने चाहिए, बहुत ही क्रिटिकल पार्ट है, तो वह बोले कि आप इस नए
16:01जहाज का जो लेंडिंग गेर आप पंद्रह हजार
16:04बार इस्तिमाल कर सकते हो, तो नियम शर्ट आम तोर पर यह होता कि विचेवर कमस अर्लियर, कि पच्चेस साल
16:12पहले हो गए, या बीस हजार साल की फ्लाइंग आउवर्स पहले हो गए, या पंद्रह हजार लेंडिंग पहले हो गए,
16:19अब वो उसका औरिजिनल एक्यूपमें
16:35पंद्रह, बीस साल, पच्चेस साल उडाने के बाद, मिड लाइफ अपग्रेड करा देते हैं, या उसको फिर से, समझेए, या
16:43तो हल में भेज देंगे, या रश्या में जो फैक्टरिय वहां भेज देंगे, वहां पे पूरे जाज को स्ट्रिप डाउन
16:49किया जाता है, रश
17:03कि एकदम खत्रा नहीं उठा सकते, ऐसे कंपोनेंट्स को 100% रिप्लेस कर दिया जाता है, उसके बाद सर्टिफाई कर
17:11दिया जाता है कि ये जहाज और 10 साल उड़ सकता है, और समझेए 5000 घंटे उड़ सकता है, और
17:20समझेए 2000 लेंडिंग कर सकता है, ये मैं ये थोड़ा सा लं
17:33करते हैं कि जहाज अगर उड़ रहा है, तो पूरी तक्नीकी चानवीन के बाद ही उड़ रहा है, एक जैसे
17:41कुछ क्रिटिकल कंपोनेंट होते हैं, विंग का स्पार है, या में नट बोल्ट जिस्ते की विंग जड़ा है, या लैंडिंग
17:50या इन्डिटी करते हैं, नौन डि
18:02क्रेग तो नहीं है, डाई टेस्ट होता है, डाई पेनिटिशन टेस्ट, मैं खुद भी ओवराल के साथ एसोसियेटर रहा हूं,
18:12तो स्टेंडर होता है, कि हर जहाज को हर पच्छीस घंटे के बाद इंस्पेक्ट किया जाता है, पचास और सौ
18:20घंटे के बाद अच्छी तरह
18:21से इंस्पेक्ट किया जाता है, अगर कोई भी पुराना सील, गस्केट, नॉन मेटलिक पार्ट, प्लास्टिक पार्ट है, टेबरीक कंपोनेंट है,
18:29उनको चेंज कर दिया जाता है, तबसे बड़ी बास है, यह जिन्था जाता है, कि यह सेफटी एकुप्मेंट है, या
18:35उन्
18:41वाइबरेशन, कम इंपैक्ट, उसमें क्या काम कर रहें, इस अब चेक्टर की हमारे जहाज को सेलेट करते हैं, अभी एर्कोमोडरों
18:51पहल भी खुद भी देश के जामवाच फाइटर पालेट रह चुके हैं, इनका बहुत ही विहंगम तज्यूर्बा है, हर फ्लाइट
19:10के प
19:11कि आप हर दस अजार घंटा उड़ाएंगे जहाज को, तो एक एकसिडेंट हो, ये दुनिया भर की एरफोस पर लागूर
19:20है, अमरिकन एरफोस में भी वो कहते हैं कि हर एकलाग घंटे में एक एकसिडेंट होगा, चाहे वजा कुछ भी
19:29हो, वजा पालेट की भी एरर हो सकती ह
19:31है, वजा टेकनिकल हो सकती है, वजा डिजाइन स्पेसिफिकेशन में दिकत हो सकती है, कई बार मौसम, कई बार वर्ड
19:39हिट, नाना कारण हैं, जी, मुकुन जी, बिल्कुल, अश्मिंदर सर, आपके पास लोटना चाहेंगे, और बहुत अच्छे से देवनाजी ने
19:49समझाने
19:49की कोशिश की और यही बात आप भी बता रहे थे, लेकिन जो कन्फ्यूसन थी, हम जैसे पतरकार भी क्या
19:55सकते हैं, आप और आम जुनिता के बीच के आखिर बदली क्यों नहीं जाती है, विमान, और शायद इनकी उम्र
20:00पूरी हो जाती है, उसके बाद भी वायू से ना, या
20:19सचमोच इसका दूसरा कोई विकल्प नहीं हो सकता, जैसे कि आपने बोला भी कि कई पार्ट्स कमजोर होते जाते हैं,
20:25उनके फिलियर होने के चांसे बढ़ते जाते हैं, तो इसको सीधे रिप्लेस करना, क्या ज्यादा महंगा पड़ेगा, बजट पे आन
20:31पड़ेगी, इसल
20:53इसलिए अगर सौ मिलियन डॉलर का हम एवरेज लेते हैं, इस एवरेज के अंदर क्या उसके वेपन सिस्टम्स, उसका मेंटेनेंस,
21:01उसका इंफरा स्टॉक्चर इंक्लूडेड हैं, नहीं है, पर तो भी हंडर्ड मिलियन डॉलर का अगर आप एवरेज लें, तो सुचिए
21:06
21:07कितने करोड रुपे वो हो गए, हंडर्ड को आप नौ से मल्टिप्लाई कर दिया, आज पचानवे रुपे है, तो यह
21:15हो गया 9500 करोड रुपे, माफ कीजेगा, 950 करोड रुपे, 950 करोड रुपे में एक जहाज आज आज आप नया
21:25खरीद रहे हैं, क्योंकि आप देखिए
21:27वन मिलिन डॉलर को साड़े 9 करोड करें, तो सो मिलिन डॉलर कितने होए, साड़े 900 करोड, तो रुपली वो
21:34कॉस्ट है एक जहाज की, तो जब हमें एक फाइटर स्कॉर्ट को खरीदने की बात करते हैं, तो वो आ
21:39जाता है बिलियन्स ऑफ डॉलर में, दो से चार बिलियन ड�
21:42फाइटर स्कॉर्ट, फिर उसका इंफ्रास्ट्रक्टर, उसकी मेंटेनस, की फर्स लाइन सर्विसिंग, सेकंड लाइन सर्विसिंग, थर्ड लाइन सर्विसिंग, जो बात कर
21:50रहे थे न, वो 25 आज, 50 आज, 100 आज, फिल 200 आज, और उसके बाद जो HAL करती है,
21:56ओवरॉल या �
21:57जो भी original equipment manufacturer है, तो cost आज, जो acquisition की cost है, वो बहुत बढ़ जाती है, तो
22:03हम क्या करते है, हमारी AFOS क्या करती है, देखे, कुछ हम रखते हैं, let us say 25 to 30
22:09% most advanced data, और वो हम एकदम रखते हैं, जैसे भी हमने रफाल लिये, और रफाल ले रहे हैं,
22:16114, फिर एक हम 50 प्रतीशत रखते है
22:19जो mid technology के होते हैं, जो cost effective भी होते हैं, और उसको हम mid life upgrade करके उनकी
22:26life को और बढ़ा देते हैं, जैसे मैं आपको बताया था, 60 AN32 की mid life upgrade हो चुकी है,
22:32और जैसे कि आपको देवनाज जी ना कितने अच्छे तरीके से समझाया, कि कैसे mid life upgrade की जाती है,
22:37ऐसा नहीं है, वो पूरा scientific process ह
22:39है, हर एक चीज़ चेक होती है, अच्छा, उसके बाद जो अब बाकी बच गए है ना, हमारे AN32 जाज,
22:45उसमें से कुछ को हम Christmas tree कहते थे एरफोस में, यानि कि अब अगर क्योंकि रश्या यूक्रेयन का यूद
22:51हो रहा है, तो वो parts मिलनी रहे, तो उनको उधर से निकालके
22:54serviceable parts को test करने के बाद लगाये जाता है, तो कहीं न कहीं हमारे पास 50% mid technology
23:01के होते हैं, और आकरी 25% old हो जाती है जब technology, तो ये हमारी एरफोस नहीं है, आप
23:08world की कोई भी एरफोस देख लेए, और हमारी तो most professional एरफोस है, और बड़ा नाम है भारतिय वाई
23:14सेना का पूरे विश्
23:26हमारे मिक 21 को, तो मिक 21 तो सारे phase out हो गए, लेकिन मिक 21 phase out होने के
23:32बाद हमारे पास सिर्फ 40 LCA है इस समय, जिसमें से एक crash कर गया था, आपको याद होगा, दो
23:39crash कर चुके हैं, तो लेकिन दो crash कब की हैं, 15 साल के अंदर दो crash हुएं, जब से
23:46ये इसका उड़ना शुरू हुआ ह
23:47जे, तब से सरफ दो crash हुए, F35 का मैं आपको बता रहा था, rate one aircraft per year तो
23:54है ही है, इससे उपर भी जाते हैं बोलो, अब आजाती है बात, आखरी चीज़ जो मैं इस पर बोलना
23:59चाहता हूं, वो ये बोलना चाहता हूं, कि एक balanced air force को जब लेनी होती है new acquisitions, उसमें
24:06time बहुत लगत
24:07है, क्योंकि हम ये वाले जो महेंगे decision एक दम नहीं लेना चाहते, अब government कहीं न कहीं किसी न
24:12किसी development activity को रोक रही है, social development activity और भारती हुआई सेना को modernize कर रही है, ये
24:20balanced government देखती है कि उसे कितना पैसा social development में करना है देश के लिए, चाहे roads बनाना हो,
24:27infrastructure बनाना हो, और कितना उसक
24:33technology, low technology भी रखना है, ताकि एक balanced air force आ सके, जो south एशिया के अंदर threats है,
24:39चीन हो गया, पाकिस्तान हो गया, या दूसरी threats आती है, तो उसको tackle कर सके, उस हिसाब में थोड़ी
24:45देरी इस बार इसलिए हो गई है, क्योंकि LCA का जो mark one A भी आना था, वो delay हो
24:50गया, उसमें G404 engine जो आने
25:03दिये जाएंगे, और जैसे ऐसे engine आते रहेंगे अमेरिका से, वो बढ़ते रहेंगे, लेकिन ये LCA के delay ने हमारी
25:09जो planning थी, उसमें definitely एक dent बनाया है, बल्कुल, अंतिम सवाल, तेवना जी आप से लेना चाहूंगा, आपने जिस
25:19तरह से हमें समझाया, midlife upgrade का, ये पूरा मंज
25:22थोड़ा सा आप से समझना चाहें, क्योंकि comment box में भी लगाता है, लेंडिंग को लेकर बार-बार, क्योंकि कई
25:27हाथ से हमने देखे, जो कि लेंडिंग के वक्त ही होते हैं, ये प्रक्रिया अगर थोड़ा समझा पाए हमें कि
25:32कौन से सबसे ज़्यादा आप क्या सकते संकट क
25:35कि लेंडिंग के वक्त आते हैं और इस तरह के हाथ से हम देख पाते हैं, एक जटके में सब
25:40कुछ तबाह।
26:06करके लेंड करना पड़ता है, चाहे फाइटर विमानों, ट्रांस्पोर्ट विमानों, हैलीपटरों के, होता ये है कि लेंडिंग के समय पाइलेट
26:13को लगाता, रन्वे के उपर अपनी निगहा रखनी पड़ती है, एक तो रन्वे से सीध पर, रन्वे की सेंटर लाइन
26:20की स
26:20पर उसको आना है, ऐसा निगी कि रन्वे के दाये तरफ चला जाए या रन्वे के बाइन तरफ चला जाए,
26:27इसी तरह से रन्वे में जब लेंड करने आ रहा है, तो एक होता है, एप्रोच एंगल, की आम तोर
26:35पर एप्रोच एंगल ऐसे समझागा हो कि, जिस एंगल पर वो �
26:39की तरफ उतर रहा है उसका धरती के साथ क्या एंगल है अ दर्शक को थोड़ा मुश्किल लगेगा लेकिन आम
26:47को पर देखिए ट्री डिग्री ग्लाइट स्लोप
26:49अप्तिमम मना जाता है ट्रांसपोर्ट विमान के लिए लाइट सोप पाइलेट को मेंटेन करना पड़ता है अब एक होता है
26:57हाइट स्पीड कंबनेशन जाहिर बात है पाइलेट जैसे रंड़े के पास आ रहा है उसको क्रमश्या अपने एक कंट्रोल प्रतिबत
27:04तरीके से अ�
27:18उनकी स्पीड 600,500,500,400 किलोमेटर होती है ट्रांसपोर्ट विमान की बात कर रहा हूं तो जब लैंडिंग करने
27:25के लिए के लिए आ है समझे टॉचडाउन स्पीड जो है लैंडिंग स्पीड जो है वह आमस आपर पर समझे
27:31आगर 200 किलोमेटर है तो पाइलेट को क्रमश्या �
27:34अपनी स्पीड 400 km से 300, 300, 250, 200, 220, और जैसी रन्वेय पर टच करने वाला है, उसको क्रमशोव
27:43स्पीड को 200 km, तो काफी सारे परामेटर्स ट्रैक करने पड़ते हैं.
27:47तो एरफोस में नहीं, सिविल एविशन में भी काफी चैलेंजिंग है लेंडिंग, वैसे मैं एक रफ आइडिया जे दूं कि
27:55दुनिया में 25 परतिशत लेंडिंग के समय होते हैं.
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