00:0015 अगस्त आते ही पुरा देश देश प्रेम से भर जाता है और ये दिन हर हिंदुस्तानी के लिए गर्व का दिन होता है
00:0815 अगस्त 1947 को ही भारत ने ब्रितिश शाषन से स्वतनतरता प्राप्त की थी और आजाद हुआ था
00:15लेकिन लोगों के जहन में एक सवाल ये भी आता है कि आज़ादी के लिए भारत ने 15 अगस्त का ही दिन क्यों चुना
00:22तो चलिए आज किस वीडियो में हम जानते हैं लेकिन उसे पहले नवशकार मासुतो शुपाद्ध्या और अब बोल्ट सकाई तेक रहे हैं
00:28ब्रिटेन के आकरी वोईस रोई लॉड माउंट बेटे ने 3 जून 1947 को घोशना की थी कि भारत को 15 अगस्त तक सुतंतरता दी जाएगी
00:38ये वो दौर था जब भारत चुनाती पूर्ण हालात से गुज़र रहा था और देश के विवाजन को लेकर तमाम तरह के टकराओ हो रहे थे
00:46वहीं आपको पिता दे सामप्रोदाइक हिंसा अपने चरम पर ना पहुँच जाए इसलिए माउंट बेटे ने निश्चय किया था कि आजादी के लिए ऐसी तारीक का चुनाओ किया जाए जो यादगार भी हो और उस समय भारत के अंदर शान्ती भी हो
00:59अब ऐसे में पहले ब्रिटेश संसद में इंडियन इंडिपेंडेंस बिल पेश हुआ अब इसके बाद जब इस बिल को मंजूरी मिली तो 15 अगस्त को भारत की स्वतंतरता की तारीक घोशित हो गई
01:09अब ये दिन इसलिए भी यादगार था क्योंकि इसी दिन यानि कि 15 अगस्त 1945 को दुईतिय विश्य यूद का अंत भी हुआ था
01:18वहें आपको बता दे माउंट बेटन के लिए ये तारीक एहम थी क्योंकि 15 अगस्त 1945 को जापान ने आपचारिक रूप से मित्र राष्ट्रों के सामने आत्म समरपन किया था और उस समय माउंट बेटन मित्र देशों की सेना में एक महत्तपूर्ण पद पर थे
01:33वहीं वे 15 अगस्त को अपने कारेकाल में यादगार रखना चाते थी इसलिए उन्होंने 15 अगस्त को भारत की आज़ादी का दिन चुना अब आज़ादी के इतने सालों के बाद भी 15 अगस्त आते ही हर देश वासी के अंदर रुमांच और उत्सा दिखाई पढ़ने लगत
02:03पंदर अगस्त का ही दिन चुना गया फिलाल इस वीडियो में इतना ही आपको जानकारी कैसे लगी कमेंट में लिखकर जरूर बताएगा धन्यवाद
Comments