00:00अब कहानी अपने सबसे रुमांचक मोड पर पहुँच चुकी है।
00:03त्रईी ने दो सबसे कठिन परीक्षाएं पार कर ली हैं लेकिन अब परदा उठेगा उस किरदार से जो अंधेरे की असली चाबी है।
00:09सरिता राय, साया, एक रहस्य की परचाई, एपिसोड 15 सरिता की वापसी, तेज हवाओं और तूटती हुई दीवारों के बीच हवेली की पुरानी तहखाना खुलती है।
00:18सदियों पुराना अंधेरा जैसे पीछे हटता है और उसके बीच सरिता राय उठती है।
00:21उसकी आँखें लाल नहीं, काली है। उसकी सांसे चल रही है लेकिन वो जीवित नहीं नहीं मृत लग रही।
00:27उसके गले में वही त्रई का अमूले ताबीज जूल रहा है लेकिन अब वो चमक नहीं रहा। जल रहा है।
00:33त्रही तीनो, आरव, अनया, नैना, अब एक उजाले से भरे कमरे में है, मगर ये कोई साधारन कमरा नहीं, ये है त्रिकाल, गर्ब, वो स्थान जहां त्रही की शक्तियां पूरी तरह जागेंगी, एक दिवार पर बनता है चिन, तीसरी परीक्षा, सत्य और मोह का संघर्ष,
01:03और वो भी तुम तीनो की वजह से, तीनो एक साथ बोलते हैं, हमने सरिता चिलाती है, सदियों पहले भी तुम तीनो ने मुझे रोका था, तीन आत्माएं, तीन बलिदान, और एक बार फिर चक्र पूरा होने जा रहा है, फ्लैश बैक शुरू होता है 400 साल पहले, सरिता जै
01:33लेकिन हर बार तुमने मुझे ही मिटाया, अब मेरी बारी है इस त्रई को हमेशा के लिए खत्म करने की, अचानक सरिता की हथेली से निकलती है एक काली ज्वाला जो त्रई की तरफ बढ़ती है, आरव आगे आता है, अपनी आग से उसे रोकता है, लेकिन सरिता की शक्ती �
02:03अब जब मैं जाग चुकी हूँ, तो इस बार तुम्हें सिर्फ परीक्षा नहीं, युद्ध लड़ना होगा, पीछे से हवेली की निम हिलती है, और एक प्राचीन काल का युद्ध सिंहासन जमीन से बाहर आता है,
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