Skip to main content
  • 1 year ago
क्या यही प्यार है कभी-कभी ज़िंदगी हमें ऐसे मोड़ पर ले आती है जहाँ तर्क हार जाते हैं और एहसास जीत जाते हैं। क्या प्यार वही है—जब हम एक अनदेखे, अनजाने इंसान पर यक़ीन कर बैठते हैं .
Transcript
00:00What is this love?
00:30What is this love?
01:00What is this love?
01:29What is this love?
02:00Call connect हुआ
02:01और उधर से जो आवाज आई
02:04उसने मेरी सांसे ठाम दी
02:07हेलो
02:10एक नरम सांयमित आवास
02:14जैसे किसी पुराने गीत की धुन
02:18मैं उजी रही
02:19प्लीज
02:21मेरी दोस को बला ये
02:23नंबर सही है
02:24वो मुस्कराते हुए बोले
02:26माफ कीजे
02:27शायद आपने गलत नंबर डाइल किया है
02:29मैं जुन्जलाई
02:31उन्होंने धहरे नहीं छोड़ा
02:32मैंने बहस की
02:34उन्होंने समझाया
02:35मैंने सौरी कहा
02:36और कॉल कट किया
02:37पर वो आवाज
02:39वो आवाज मेरे दिल में रह गई
02:42एक अजनबी
02:44जिसने मुझे बिना देखे समझा
02:46जिसने मेरी उलजन में भी सुकून दिया
02:48जिसने मेरी जुन्जलाहट में भी इजजत रखी
02:51उस दिन के बाद
02:53मैं अकसर सोचती रही
02:55क्या यही प्यार है
02:58क्या प्यार वो नहीं
03:00जो चेहरों से नहीं
03:01एहसासों से जुड़ता है
03:03जो एक गलत नमबर से शुरू होकर दिल की सबसे सही जगय तक पहुँच जाता है?
03:10शायद हाँ
03:11क्योंकि उस दिन मैंने पहली बार किसी की आवाज में अपना सुकून पाया
03:16और वो ऐसास आज भी मेरे दिल के किसी कोने में मुस्कुराता है
03:23उस दिन के बाद मैं अक्सर उस नमबर को देखती रही
03:27मन में एक सवाल था
03:30क्या वो भी उस पल को याद करते होंगे?
03:33क्या उन्हें भी मेरी आवाज में कुछ ऐसा महसूस हुआ था?
03:37जो आम नहीं था
03:39कुछ दिनों बाद हिम्मत करके मैंने फिर कॉल किया
03:43उधर वही आवाज थी
03:44शान्त, सजीव और अब थोड़ी परिचित
03:48हेलो, मैंने मुस्कुराते हुए कहा
03:52शायद फिर से गलत नमबर लग गया?
03:56वो हसे या
03:57शायद किसमत ने फिर से सही नमबर चुन लिया
04:01उस दिन हम बात करते रहे
04:03बिना किसी आपचारिकता के
04:06बिना किसी परिचय के
04:07बस दो आवाजे थी
04:10जो एक दूसरे को समझने लगी थी
04:13आपको ये कहानी कैसी लगी?
04:16कमेंट्स में जरूर लिखना
Comments

Recommended