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  • 4 months ago

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Transcript
00:00What is the case of today's presentation?
00:02Today we have to talk about this topic
00:04which has been today's topic
00:06every cricket fan's mind
00:07Yes, we are talking about
00:09the new and many more
00:11of the central contract system
00:13without any of this
00:15we have to talk about
00:17because we have to talk about
00:17what we have to talk about
00:20Now we have to talk about
00:22a new contract model
00:24but the most interesting thing is
00:27that the categories
00:29will be a, b, c
00:31will be a perfect
00:32because the audience will not tell anything
00:35the board will not tell us
00:36that we have to talk about
00:39the top cricket board
00:40but what is it really?
00:42our cricket structure
00:44can work on the world's boards?
00:46Let's see
00:47we will quickly see
00:51what is the system
00:52and what is the world's models
00:54that we have to talk about
00:55and then we will have to talk about
00:56our actual reality
00:57which is our own
00:58and the most important thing
01:01is that the performance
01:02which is the most important thing
01:04that we have to talk about
01:10we have to talk about
01:11this new contract system
01:12can we talk about
01:18today
01:20we will have to talk about
01:23eightfold
01:25which is the course of the world's
01:26that we have to talk about
01:34which we have all
01:38to talk about
01:40some of the comments
01:41and there is the answer
01:41that you have to talk about
01:46frameworks are
01:47which the PCB
01:48is here
01:48trying to do it
01:50start to do it
01:51England
01:51in the system
01:53very straight
01:53only three categories
01:55first
01:56two years
01:56which is
01:57Joffra Archer
01:58or Ben Stokes
01:59like this
01:59which is
02:00which is
02:01the contract
02:02second
02:02one
02:03contract
02:03now
02:04is
02:04very
02:04interesting
02:05thing
02:05is
02:05that
02:06format
02:06is
02:06not
02:07if
02:08Mark
02:08Worc
02:08is
02:09a
02:09test
02:09not
02:10but
02:11if
02:11the country
02:12is
02:12the
02:13foreign
02:13and
02:13the
02:15third
02:15category
02:15is
02:15development contract की
02:17यानि सीधा सा असूल है
02:18जब मुल्कों जरूरत हो
02:20आपने हर हाल में perform करना है
02:21कोई बहानेबाजी नहीं
02:23अब ज़र आउस्ट्रेलिया का model देखें
02:25ये तो बिलकुल ही mathematics या रियाजी पर चलता है
02:28बड़ा ही clean system है
02:30एक test match खिलनेंगे 5 points
02:32वन डे के 2 और T20 का सिर्फ एक point
02:35अब आप खुद बताएं
02:37ये system खुद बखुद खिलाड़ियों को
02:39test cricket खेलने पर मजबूर कर रहा है ना
02:41साल के आखर में इन ही points को
02:43जमा करके top 25 खिलाड़ियों को
02:45contract दे दिया जाता है
02:46ये इतना शफाफ system है कि किसी को
02:48कुछ बोलने की जरूती नहीं पड़ती
02:50points खुद बताते हैं कि contract किसका बनता है
02:52New Zealand का model भी काफी हद तक
02:55Australia जैसा ही है
02:56यानि categories वहाँ भी खुफिया रहती है
02:58लेकिन वहाँ data के साथ-साथ
03:00इनसानी अमल दखल भी है
03:01वहाँ एक बहुत ही कमाल की चीज़ है
03:03और वो है इमानदारी का culture
03:05जी हाँ, अगर कोई खिलाडी
03:07fit नहीं है या खेल नहीं सकता
03:09तो वो खुद आगे बढ़कर सच बोल देता है
03:11कि भाई मैं दस्तियाब नहीं हूँ
03:13आप किसी और को खिला लें
03:14ये एक बहुत बड़ा फर्क है
03:16और पिर आता है जुनूबी अफरीका का
03:18मुन्फरिद मॉडल
03:19ये लोग अपने regular contract के साथ
03:21hybrid contract भी offer करते हैं
03:22अब ये क्या है?
03:23डेविड मिलर जैसे stars को वो कहते है
03:25कि आप पूरी दुनिया में जाकर leagues खेलें
03:27हमें कोई मसला नहीं
03:28लेकिन एक शर्त पर
03:29शर्त ये है कि जब भी कोई ICC tournament
03:32या कोई अहम कौमी series होगी
03:34तो आप हर हाल में national duty के लिए हाजिर होंगे
03:37ये दुनिया भर की leagues
03:38और अपने मुल्क की तरजीहात के दर्मियान
03:40एक perfect balance है
03:41अच्छा ये तो हो गए दुनिया के बहतरीन systems
03:44लेकिन अब जरा हम
03:46अपनी हकीकत की तरफ आते हैं
03:47सवाल ये पैदा होता है
03:49कि क्या वाकई मसला सिर्फ system का है
03:51या फिर इन systems को चलाने वालों का
03:53जब एक बहतरीन निजाम का सामना
03:55खामियों वाले और गेर मतवक्का
03:57मुनतजमीन से हो तो क्या होता है
03:59इस बात को समझने के लिए
04:01जरा इस मौाजने पर गौर करें
04:03एक तरफ वो बैनल अकवानी मॉडल्स हैं
04:05जो मुकमल तोर पर इमानदार
04:07डेटा पर मबनी और जवाब दे हैं
04:09और दूसरी तरफ हमारी अपनी
04:11लोकल हकीकत
04:12जराय बताते हैं
04:13कि यहाँ तो बोर्ड और खिलाडियों के दर्मियान
04:15भरोसे का शदीद फुकदान है
04:17कोई एहतिसाब नहीं है
04:18यहाँ तक एक खिलाडी
04:19मुबैयना तोर पर अपनी इंजुरीज तक छुपा लेते हैं
04:22बाहर के खिलाडी मुल्क के लिए
04:23टेस्ट को तरजी देते हैं
04:24और हमारे हाँ लीक्स के लिए दिवानगी है
04:26तो भई जिस माहौल में भरोसा ही ना हो
04:28वहाँ आप दुनिया का बहतरीन मॉडल भी लिया है
04:30वो कैसे चलेगा
04:32और इसी बात से हम इस पहलू पर आते हैं
04:47और दूसरी तरफ इन नए कांट्रैक्स में
04:49खिलाडियों के पैसों में करोडों रुपे का इजाफा किया जा रहा है
04:52ये तज़ाद हर फैन को चुप रहा है
04:54सोर्स माटीरियल में जो बात की गई है
04:56वो बड़ी तल्ख लेकिन हकीकत पर मबनी है
04:58कहा गया है कि ये उसत दर्जे के खिलाडी है
05:01जो पाकिस्तान क्रिक्ट के तारीक तरीन दोर में करोडों कमा रहें है
05:04ये न लफाज इन लाखों क्रिक्ट फैन्स के सचे जज़बात की तर्جमानी करते हैं
05:09देखें किसी को खिलाडियों के पैसे कमाने से मसला नहीं है
05:28नाम से बल्ले बाजों की टांगे कामती थी, आज?
05:31आज उसकी जगा एक नाम नहाद ब्रदर हुड या भाईचारे ने ले ली है
05:35मुश्किल हालात में डटकर खड़े होने वाली जहनियत कहीं गायब हो गई है
05:38जरा श्वेब अखडर की दहशत या इन जमाम अलहक के तन तनहा मैच निकाल लेने वाले आसाब को याद करें
05:44और फिर आज की टीम को देखें
05:46वो आजादाना और मैच विनिंग स्पार्क आज बिलकुल मिसिंग है
05:50अब इन सब बातों के बाद एक बड़ा सवाल ये उटता है
05:54कि आखिर अवाम इतना गुसा क्यों करते हैं
05:57बोर्ड तो अक्सर ये दलील देता है कि जी हम अपना पैसा खुद बनाते हैं
06:01ICC से फंड आते हैं
06:02हम टैक्स का पैसा तो इस्तमाल नहीं कर रहे
06:05तो क्या इसका मतलब ये है कि आवाम का इस टीम पर कोई हक नहीं
06:09देखें यहां सबसे एहम नुक्ता समझने वाला है
06:11PC भी अपना बजट खुद जरूर संभालता होगा
06:14लेकिन ये टीम जो सीने पर इस मुल का नाम और जंडा लगा कर मैदान में उतरती है ना
06:18इस नाम के असल मालक करोडों शायकीन है
06:21ये ताल्लोक किसी अकाउंटिंग की वैलन्स शीट का नहीं है
06:23ये खालिस जजबात का ताल्लोक है
06:25बिलकुल इसी तरह जैसे घर का कोई बच्चा पर फॉर्म ना करे
06:28तो घरवाले फिकर भी करते हैं और घुसा भी
06:30शायकीन का भी ये पूरा हक है
06:32कि वो अपनी टीम से सवाल करें
06:34लेकिन बदकिसमती से हमारी क्रिकेट एक अजीब से चक्कर में फस चुकी है
06:37होता क्या है
06:38जब भी कोई नया चेर्मेन या नई मैनेजमेंट आती है
06:41वो कोई लॉंग टर्म प्रॉसेस बनाने के बजाए
06:43सिर्फ अपनी अना और अपना नाम चमकाने के लिए
06:46नित नय प्रॉजेक्ट्स ले आती है
06:47पिछले दोर की पाकिस्तान जूनियर लीगी देख लें
06:50मुनतजमीन आते हैं
06:51तजरुबात करते हैं
06:52और कोई ठोस इदारा जाती स्ट्रक्चर बनाए बगएर चले जाते हैं
06:55और इस सारे तमाशे में नुकसान किसका होता है
06:58सिर्फ और सिर्फ पाकिस्तान क्रिकेट का
07:00तो आखिर में सोर्स मटीरियल हमें एक बहुत ही चुपते हुए सवाल पर छोड़ जाता है
07:05क्या एक आलमी मियार का सिस्टम, एक जबरदस्त कॉंट्रैक्ट मॉडल
07:08किसी ऐसे बोर्ड और माहौल को ठीक कर सकता है
07:11जहां सिरे से एतमाद और एतसाब मौजूद ही ना हो
07:14आप दुनिया का बेहतरीन मॉडल कॉपी कर लें
07:17लेकिन जब तक चलाने वालों में
07:18इमानदारी और जवाबदही का कल्चर नहीं होगा
07:21तब तक कुछ नहीं बदलेगा
07:22असल जरूरत नए फॉर्मलों की नहीं है
07:25बलके सच्ची नियत और सच्चे एहतसाब की है
07:27उमीद है इस वजाहती जाइजे से
07:30आपको इस पूरे मामले की तह तक पहुँचने में मदद मिली होगी
07:33इस बारे में जरूर सोचिएगा
07:34हम मिलेंगे अगले जाइजे में एक नए मौजू के साथ
07:37तब तक के लिए खुदाहाफिज