00:00इस नए और दिल्चस्प जाइजे में खुशामदेद, चलें बिल्कुल सीधा इसकी गहराई में चलते हैं और शुरुआत करते हैं क्रिकेट
00:06की दुनिया की एक इंतहाई शांदार खबर से, अलिम्पिक्स में क्रिकेट की वापसी, आज हम पाकिस्तान क्रिकेट के मुस्तक्�
00:14के एहम पहलों पर तफसीलम बात करेंगे, आज के इस जाइसे में हम इन एहम मोजुआत का आहाता करेंगे, पहला
00:21एले दोहजार अठाईस का सफर, दूसरा विनिंग परसेंटेज की हिकमत अमली, तीसरा स्कॉड के इस्तेहकाम का बोहरान, चौथा स्टेडियम इंफरस्ट
00:31पर बहस, और आखिर में डूमेस्टिक क्रिकेट की कुछ एहम अपडेट्स, देखते हैं कि ये तमाम चीजे आपस में आखिर
00:39कैसे जुडी हुई हैं, तो शुरुआत करते हैं अपने पहले हिस्से से, LA 2028 का सफर, क्रिकेट आखिरकार ओलम्पिक्स में
00:46वापस आ रही है, ज
01:00क्रिकेट को आखिरी बार ओलम्पिक्स में देखे वे तकरीबन एक सदी गुजर चुकी है, खेर, दोहजार अठाइस के LA ओलम्पिक्स
01:07यकीनन तारीख का एक नया बाब रकम करेंगे, और ये ग्लोबल स्टेज पर जल्वा गर होने का एक बेमिसाल और
01:13तारीखी मौका है, आ
01:28इतने कम वक्त में टॉप पर आना काफी मुश्किल लगता है ना, इसलिए जो ज्यादा हकीकत पसंदाना रास्ता है, वो
01:34जून और जुलाई दोहजार सताइस के क्वालिफाइर्स हैं जो मतवक्त और अमेरिका में खेले जाएंगे, और दर असल यही ऑगस्ट
01:41दोहजार अ�
01:45अगर हम इन दोहजार सताइस के क्वालिफाइर्स टीम्स की बात करें, तो मुकाबला हरगिस असान नहीं होने वाला, और इंडिया
01:51जैसे क्रिकिट के बेग बॉइस तो शायद डिरेक्ट क्वालिफाइर्स कर लें, लेकिन पाकिस्तान को क्वालिफाइर्स में न्यूजिलं
02:13यहां हम तवील मुद्दती विजिन और मुखतसर मुद्दती आदाद और शुमार यानि शॉर्ट टर्म स्टाइट्स का एक गहरा मवाजना करेंगे।
03:12नकादीन का एक एहम सवाल सामने आता है।
03:14यानि दो बिलकुल मुखतलिफ किसम की हिकमते अमलियों की कहानी।
03:19जरा मुवाजना तो करें एक तरफ आस्ट्रेलिया और इंडिया हैं जिनकी नजर सीधा लॉंग टर्म प्लानिंग पर होती है।
03:25मिसाल के तोर पर आस्ट्रेलिया ने 2027 के लिए कमिन्ज, स्टार्क और हेजल वुड से मुश्तमिल अपना पेस अटैक महीनों
03:33पहले ही कन्फर्म कर लिया था।
03:35और दूसरी तरफ हमारे हां मुसलसल तज्जर्बत का सिलसला जारी रहता है, आखरी वक्त तक स्कौर्ड में तबदीलियां होती रहती
03:41हैं जिसकी वज़ा से टीम में वो इंतहाई जरूरी इस्थेकाम पैदाई नहीं हो पाता।
04:05अहम दोरों पर कोच तक मौजूद नहीं होते हैं तो जाहिर है ये तमाम चीज़ें एक वाज़े इंतिजामी खला और
04:11बेयकीनी को जाहिर करती हैं चलें अब थोड़ा सा रुख बदलते हैं और आते हैं चौते हिस्से पर बात करते
04:18हैं स्टेडियम इंफ्रास्ट्रक्चर क
04:20क्या नई तामिरात की जाए या पुरानों की देखभाल।
04:50पर गौर करें गदाफी स्टेडियम की छट गायब है और नैशनल स्टेडियम कराची में तो लगता है जैसे तामिराती काम
04:55कभी खतम ही नहीं होता फिर हाइदराबाद, सियाल कोर्ट, शेखवपुरा और गुजरावाला जैसे मकामात को देख लें जहां कभी शानदार
05:01इं
05:19टीम्स के खिलाफ मैचिस खेलते हैं, तो उन्हें लहौर या कराची के उन बड़े-बड़े और आधे-खाली स्टेडियम में
05:25करवाने के बजाए चोटे शेहरों में क्यों नहीं ले जाते हैं? चोटे शेहरों के लोग लाइव क्रकेट देखने के लिए
05:30तरस रहे होते हैं,
05:31वहां ग्राउंड्स कंप्लीटली पैक होंगे, मौहौल शानदार होगा और उनका मौझूदा इंफरस्ट्रक्चर भी बेहतरीन तरीके से इस्तमाल हो जाएगा, है
05:39ना कमाल का आईडिया?
05:40आईए, आगे बढ़ते हैं और देखते हैं कि ये सिलसला आपस में कैसे जुड़ता है, हमारे पांचवें और आखरी हिस्से
05:47में हम डुमेस्टिक क्रिकेट की अपडेट्स पर बात करेंगे, ये वाकिए एक उमीद की किरन है, इन तमाम परेशानियों और
05:53बहसों के दर्मया
06:05जा रहा है, क्योंकि आखरकार ये हमारे डुमेस्टिक स्ट्रक्चर और खिलाडियों को फाइनैंशरी मजबूत करने का एक बहतरीन जरिया है,
06:12और जानते हैं क्रिकेट कैलेंडर का वो वक्त, जब कोई इंटरनाशनल सीरीज नहीं चल रही होती, जिसे हम आम तौर
06:18पर डे�
06:32ये स्टेडियम्स में मुफ्टेंट्री हो और ग्राउंड्स में मैंगो पार्टीज जैसी मुकामी तकरीबात करवाई जाएं, ये स्टेडियम्स को अबाद रखने
06:39और हम सब को खेल से हर वक्त जोड़े रखने के बेहतरीन और तखलीकी तरीके है, तो इस सारे तफसीली
06:45ज
06:57Thank you very much.