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Shukra Pradosh Vrat Puja Vidhi 2026: ज्येष्ठ अधिकमास भगवान श्रीहरि विष्णु को समर्पित माना जाता है और यह विशेष माह लगभग 3 साल में एक बार आता है। इसी पवित्र अधिकमास में इस बार शुक्र प्रदोष व्रत का संयोग बन रहा है। पंचांग के अनुसार, ज्येष्ठ अधिकमास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि 12 जून 2026 को शाम 07:36 बजे से शुरू होकर 13 जून 2026 को शाम 04:07 बजे समाप्त होगी। प्रदोष काल में भगवान शिव की पूजा का विशेष महत्व होता है, इसलिए इस बार प्रदोष व्रत 12 जून 2026 को रखा जाएगा। इसी दिन श्रद्धालु विधि-विधान से महादेव की पूजा-अर्चना करेंगे। चूंकि यह व्रत शुक्रवार के दिन पड़ रहा है, इसलिए इसे शुक्र प्रदोष व्रत कहा जाएगा।Shukra Pradosh Vrat Puja Vidhi 2026: Shukra Pradosh Vrat Puja Muhurt Aur Vidhi,Kya Kare Kya Nahi ?

Jyeshtha Adhik Maas is considered dedicated to Lord Vishnu, and this special month comes approximately once every 3 years. This time, the Shukra Pradosh fast coincides with this holy Adhik Maas. According to the calendar, the Trayodashi date of the Krishna Paksha of Jyeshtha Adhik Maas will begin at 7:36 pm on June 12, 2026, and end at 4:07 pm on June 13, 2026. Worshiping Lord Shiva during the Pradosh period holds special significance, so this time the Pradosh fast will be observed on June 12, 2026. On this day, devotees will worship Lord Shiva with proper rituals. Since this fast falls on a Friday, it will be called Shukra Pradosh Vrat.

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~HT.504~PR.111~ED.120~VG.MX~

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00:03जेश्ट अधिकमास भगवान श्री हरी विश्णु को समर्पित माना गया है और ये विशेश मास लगभग तीन साल में एक
00:10बार आता है इसी पवित्र अधिकमास में इस बार शुक्र प्रदोश वरत का सयोग बन रहा है
00:16पंचांग के अनुसार जेश्ट अधिकमास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी थी 12 जून 2026 को शाम 7 बचकर 36 मिनिट
00:24से शुरू होकर 13 जून 2026 को शाम 4 बचकर 7 मिनिट तक समाप्त होगी
00:31प्रदोश काल में भगवान शुक्र की पूजा का खास महत्व है इसले इस बार प्रदोश वरत 12 जून 2026 को
00:38रखा जा रहा है
00:39इसी दिन प्रद्धालू विधिविधान से महादेव की पूजा आर्चना करेंगे चुकी ये वरत शुक्रवार की दिन पढ़ रहा है इसले
00:46से शुक्र प्रदोश वरत भी कहते हैं
00:48अब बात करते हैं प्रदोश काल में पूजा का शुमुहरत क्या रहेगा और किस विधी से करें प्रदोश वरत की
00:55पूजा
00:55प्रदोश वरत की पूजा 12 जून 2026 को शाम 7 बचकर 36 मिनट से रात 9 बचकर 20 मिनट तक
01:03रहेगा इसी अवधी में भगवान शुप को अराधना से विशेश फलो और मनोकामनाव की पूर्ती होगी
01:08इसके बाद सुबस नान करके स्वच्छ और साफ वस्तर धारण करें भगवान शुप का ध्यान करते वे वरत का संकल
01:14पलें घर के मंदर को साफ करें और गंगा जल का चढ़काव करें
01:18शिवलिंग या शिव परिवार की प्रतिमा को चौकी पर स्थापत करें
01:22ओम नमश्रवाय मंत्र का जाप करतेवे पूजा आरंब करें
01:25शिवलिंग का पंचामरत से अभिशेक करें
01:28बेल पत्र भांग, धतूरा और शमी पत्र अरपित करें
01:32सफेज चंदन अक्षत और कनेर के फूल चड़ाएं
01:35गी का दीपक जलाकर भगवानश्रव के सामने बैठें
01:38शिव चालीसा का पाटकर और प्रदोश वरत का था सुने या पढ़ें
01:42अंत में भगवानश्रव की आरती करें और पूजा संपन्न करें
01:46फिलहाल अस वीडियो में इतना ही वीडियो को लाइक और शेयर करें
01:49साथी चैनल को सब्सक्राइब करना ना भूलें
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