00:09सोची अब अपने खेत में हल चला रहे हैं और वहां गेहूं या चावल की जगा जमीन के नीचे से
00:15नोटों से भरी ट्रॉली बैग्स निकलते हैं
00:18सुनने में किसी फिल्म की स्क्रिप्ट लगती है ना लेकिन दर्शकों पश्चिम बंगाल के 924 परगानाज में जो हुआ है
00:25उसने आज पूरे देश को हैरान कर दिया है आज का सबसे बड़ा सवाल यह है कि एक लोकल मुनिसिपालिटी
00:32का चेर्मैन जमीन के नीचे इतने करोड
00:36रुपे क्यों दबा कर बैठा था और यह पैसा आखेर आया कहां से और छुपाने की जरूरत पड़ी तो ऐसी
00:44कि खेतों में जमीन के नीचे गाड़ दिया दर्शकों आज हम बात कर रहे हैं वेस्ट बंगाल के बदूरिया से
00:50आई उस संसेनी केस खबर की जिसने पॉलिटिक
01:06आखें फटी की फटी रह गई चलिए इस पूरी कहानी को शुरू से समझते हैं इस पूरी कहानी का जो
01:12मेन कारेक्टर है उसका नाम है दिपांकर भटाचारया दिपांकर कोई आम इंसान नहीं है ये बदूरिया मुनिसिपालिटी के चैर्मेन है
01:20और टीमसी के काफी इंफ्ल
01:35के पास से क्या मिलता है पूरे असी लाख रुपे कैश एक मिनिसिपल चैर्मेन के पास होटल के कमरे में
01:42इतना बड़ा कैश मिलना ही अपने आप में कई सवाल खड़े कर रहा था पुलिस उन्हें एरेस्ट करती है और
01:48ट्यूजडे को कोट में पेश किया जाता है कोट उन्ह
02:05से पूछताच की तो शुरुवात में तो वो टालमटोल कर रहा था लेकिन आखिरकार उन्होंने तूट कर एक ऐसी बात
02:12कबूल की जिस पर पहले पुलिस को भी यकीन नहीं हुआ दिपांकर ने बताया कि जो 80 लाख रुपे मिले
02:19हैं वो तो बस ट्रेलर है असली पिच्चर �
02:21दोस्तों उनके खेत में हैं जमीन के नीचे करोड़ों रुपे दफन है वेडनेस डे आफ्टर नून को पुलिस की एक
02:27बड़ी टीम दिपांकर भटाचार्य को उनी के खेत में लेकर पहुंचती हैं लोकल लोग जमा हो जाते हैं और सबको
02:34लगता है कि पता नहीं क्या होने �
02:35वाला है और पुलिस खुदा ही शुरू करती है और दोस्तों थोड़ी ही देर में मिटी के नीचे से एक
02:41के बाद एक बड़े बड़े ट्रोली बैंग्स निकलते हैं बड़े बड़े बोरे निकलते हैं और जब इन बंग को खुला
02:48गया तो सब के होश उड़ गए क्योंकि य
03:02या कितने करोड रुपे जमीन के नीचे दफन थे करंशी नोट गिने जा रहे हैं शुरुवाती अंदाजा है कि ये
03:08कैश कई करोड रुपे हो सकता है और दर्शकों इसके अलावा टार्पुलीन चोरी और करप्शन का भी जो मॉडर सुपरेंडी
03:16है वो अब सवाल के घेरों मे
03:18आ गया है सवाल ये भी उठता है कि आकर इस लोकल लीडर के पास इतना पैसा आया कहां से
03:23क्या ये कोई आम रिश्वत का मामला है या इसके पीछे कोई बड़ा स्क्याम है पुलिस रिकॉर्ज और लोकल कंप्लेंज
03:30के मुताबित दिपांकर भट अचारे पर दो बड़े चा
03:48उतिरपाल है जो सरकार रिलीफ मटीरियल के दौर पर आम जनता और गरीबों के लिए भेचती है खासकर साइक्लोन या
03:55फ्लड्स के वक्त अब ऐसे में उन रिलीफ मटीरियल्स को चुरा कर चिपाने का आरोप उन पर लगा इसके अलावा
04:01उन पर दो बड़े फाइनाशल स्क
04:03लाम्स के अगरोप है एक तो बंगला आरबारी स्कीम यह वेस्पंगाल सरकार की अपनी हाउसिंग स्कीम है जिसमें गरीबों को
04:09घर बनाने के लिए पैसे दिये जाते हैं आरोप है कि दिपांकर स्कीम के तहत घर अलोटमेंट करके बदले में
04:17गरीब लोगों से मोटा कमिश
04:18खाते हैं और दूसरा लोकल एक्स्टॉशन बदूरिया के जो लोकल वैपारी हैं शौपकीपर्ज हैं उनसे लगातार दरा धमका कर पैसे
04:27वसूल किये जाते हैं और इनी सब शिकायतों के बाद ऑपोजिशन पार्टीज और बीजेपी ने पुलिस में अलग-अलग कंप्रे
04:47लीडर और MLA सजल घोश ने इस पर तुरंत बयान दिया उन्होंने कहा कि अगर एक डिस्ट्रिक लेवल की मुनिसिपालिटी
04:53के चेर्मैन के पास जमीन के नीचे दबे हुए इतने करोड़ों रुपे मिल रहे हैं तो आप अंदाजा लगाईए कि
05:00जो टॉप लीडर और पु
05:16नहीं सोचा था एक पत्रकार के तोर पर अगर हम इस पूरे सेनारियों को देखे तो ये मामला सिरफ एक
05:21लीडर का नहीं है ये इस बात का सबूत है कि कैसे ग्रास रूट लेवल पर चलने वाली गवर्मेंट स्कीम्स
05:27का पैसा आम जनता तक पहुँचने से पहले ही सिस्टम क
05:31के बीच में गायब हो जाता है गरीब के घर का सपना और उनकी छत के पैसे जमीन के नीचे
05:37बैग्स में बंद मिलते हैं अब अगला कदम क्या होगा आगे क्या होगा पुलिस सब कैश की एक्जाक्ट वाल्यूएशन कर
05:43रही है संभावना है कि उस मामले में इन्फोर्समेंट
05:46डारेक्टोरेट या सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इंवेस्टिगेशन की एंट्री भी हो जाएगी क्योंकि इतना बड़ा कैश अमाउंट लॉंडरिंग और सेंट्रल स्टेट
05:53स्कीम की स्कैम की तरफ साफ इशारा करता है सवाल अब भी कई है क्या इस खेत के अलावा भी
05:59कई और
06:00पैसे चुपाए गए है क्या इस करप्शन की कडियां कोलकता में बैठे बड़े निताओं से जुड़ी है और सबसे बड़ा
06:06सवाल जो पैसा आम जनता की भलाई के लिए था वो अब उन्हें वापिस कब मिलेगा आपको क्या लगता है
06:12इस पूरे मामले पर हमें कमेंट करके
06:14अपनी राइ जरूर बताएं आप देख रहे हैं One India मैं हूँ आख रूश कोशक
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