00:00वहले ही ट्रम्प अपने स्पीचेस में इरान के उपर बड़े बड़े दावे करते हुए नजर आ रहे हो।
00:05लेकिन जब अमेरिका को नुकसान की बात आती है तो ऐसा लगता है कि इरान ने यूएस की आर्मी को
00:11नाको तले चने चपबा दिये।
00:1328 फर्वरी से शुरू हुआ यूएस इसराइल और इरान यूद अब सिरफ वेस्ट एशिया और गल्फ देशों तक लिमिटेड नहीं
00:20रहा।
00:20अब इस यूद में सबसे बड़ी भरपाई खुद अमेरिका कर रहा है।
00:25The Telegraph UK की एक रिपोर्ट के मुताबिक इसराइल को डिफेंड करते हुए अमेरिका अपने एडवांस इंटरसेप्टर मिसाइल स्टॉक पाइल
00:32का लगबग आदा हिस्सा यूज कर चुका है।
00:35और नंबर्स काफी बड़े दिख रहे हैं।
00:38रिपोर्ट के हिसाब से US Forces करीब 200 THAAD Interceptors फायर करती है।
00:43साथ ही 100 से जादा SM-3 और SM-6 Naval Missiles भी लाँच किये जाते हैं।
00:49इरानियन बैलेस्टिक मिसाइल और ड्रोन्स को इंटरसेप्ट करने के लिए जो इसराइल की तरफ टारगेट होते हैं।
00:55THAAD America से सबसे advanced missile defense systems में count होता है।
00:59और एक interceptor की cost लगबग 15 million dollars तक जाती है।
01:04लेकिन issue सिरफ cost का नहीं है, reports ये भी claim करते हैं कि इस conflict में America इसराइल से
01:10जादा interceptors fire करता है।
01:12यानि battlefield में US forces का role expected level से बड़ा दिख रहा है।
01:18और इसी point के बाद एक बड़ा सवाल खड़ा होता है, क्या Washington इस conflict में officially दिखने से जादा
01:24involved है।
01:25क्योंकि military analysts अब एक और concern raise कर रहे हैं।
01:29उनका कहना है कि इसराइल को shield करते करते अमेरिका अपनी future military readiness को impact कर रहा है।
01:36Especially अगर future में China, North Korea या Russia के साथ कोई major confrontation होता है।
01:43और यही अमेरिका के लिए strategic pressure create करता है।
01:46Defense experts के मताबिक in advance, interceptor stock files को refill करने में सालों का time लग सकता है।
01:53Production limited है, manufacturing expensive है और multiple global conflicts की वज़ा से supply chain पर already pressure बना हुआ
02:01है।
02:01इसी के साथ ये conflict modern warfare का एक और pattern भी expose करता है।
02:06Iran relatively cheaper ballistic missiles और drones large numbers में launch करता है।
02:12लेकिन उन्हें रोकने के लिए America और allies को हर interception पर millions spend करने पड़ते हैं।
02:18यानि attack का cost कम और defense का cost काफी जादा।
02:22और इसी cost imbalance को analysts अब long term military pressure बता रही है।
02:27Pentagon officials का कहना है कि America और Israel ने defensive burden equitably share किया है।
02:33लेकिन reports के मुताबिक, internally missile inventories को लेकर concern continuously बढ़ रहा है।
02:40और ये concern नया नहीं है।
02:422025 के Israel-Iran conflict के दुरान भी US forces अपने THAAD Arsenal का around one-fourth use कर चुकी
02:49थी।
02:50अब 2026 escalation के बाद कुछ analysts का मानना है कि America एक sensitive military threshold के पास पहुँच रहा
02:57है।
02:57फिलाल ceasefire hold करता हुआ दिख रहा है लेकिन अगर conflict दोबारा escalate होता है तो सवाल सिर्फ इसराइल की
03:04security का नहीं रहेगा।
03:06सवाल ये भी होगा क्या America अपने allies को defend करते हुए अपने missile stock sustain कर पाता है या
03:12फिर नहीं।
03:18क्या कोई देश किसी दूसरे देश के प्रधान मंतरी को अपनी उंगलियों पर नचवा सकता है।
03:23और क्या दुनिया के सबसे ताकतवर देश का राश्युपती ये दावा कर सकता है कि वो जब चाहे किसी दूसरे
03:29देश का प्रधान मंतरी पद का चुनाव लड़ सकता है और जीत भी सकता है
03:33मैं अभी 99% इसराइल में हूँ, मैं प्रधान मंत्री का चुनाव लड़ सकता हूँ, तो शायद इसके बाद मैं
03:40इसराइल जाकर चुनाव लड़ूगा
03:42सुनने में काफी अजीव लगता है, लेकिन महाशक्तियों की विसात पर इस समय एक ऐसा ही असली राजनीतिक ड्रामा चल
03:48रहा है, जिसमें पूरी दुनिया के होश उड़ा दिये हैं, एक तरफ है अपनी बेबाकी के लिए मशूर अमेरिकी राज़ुपती
03:54डॉनल्ड ट्रॉम
03:55और दूसरी तरफ है मिडल इस के सबसे विबादित नेता, इसराइल के पुधान मंत्री बेंजमिन नेतन याहु, आज हम आपको
04:02बताने जवा रहे हैं कि कैसे ट्रॉम्प के एक चौकाने वाले दावे ने अंतराष्ट्रिय राज़ुनीती ने भूचाल ला दिया है,
04:07और क्
04:09महीनों पुराना एक विबादित विडियो सोशल मीडिया पर फिर से आग की तरह फैल रहा है।
04:50कहाने के शुरुआत होती है, डॉनल्ड श्रॉम्प के उस बयान से जुसने राजनाई गलियारों में सन्नाटा कीच कीुछ ट्रॉप ने
04:57हाल ही में एक ऐसा बयान दे डाला जुसने अमेरिका और इसराइल के रिष्टों की मर्यादा को एक नए चोराहे
05:03पर लाकर खड़ा कर
05:04दिया है, मैं अभी 99% जराहिल में हूँ, मैं प्रधान मंत्री का चुनाव लड़ सकता हूँ, तो शायद इसके
05:12बाद मैं जराहिल जाकर चुनाव लड़ूगा, अलाब आज सुबह मेरा पोल आया, मैं 99% पर हूँ, अच्छी बात है,
05:22पर वे युद्ध कालीन प्रधान मंत्
05:35चुनाव लड़ सकता हूँ, और जीत भी सकता हूँ, बात यही खत नहीं हुए, उन्होंने आगे जो कहा, वो और
05:41भी हैरान कर देने वाला था, ट्रम्प ने कहा, नेतन याहू वही करेंगे जो मैं कहूंगा, अब जराठ हैरी और
05:48ठंडे दिमाग से सूचे, इसराइल एक स�
05:50परें नेशन है, उसकी अपनी सेना है, अपनी सरकार है और अपनी जनता है, आलोचक तो यही तक कह रहे
05:56हैं कि ट्रम्प ने एक जटके में इसराइल को अमेरिका का एक छोटा सा पपेट, यानि कटफुटली दिखाने की कोशिश
06:01की है, लेकिन जैसे ही ट्रम्प का ये बयान
06:03आया सोचल मीडिया पर एक जबाबी हमला शुरू हुए, नेटिजन्स और राजुनीतिक विश्लेशकों ने तुरंत नीतन याहु का एक पुराना
06:10वीडियो निकाल कर वाइरल कर दिया, ये वीडियो आज से कुछ मही ने पहले, यानि 16 दिसंबर 2025 का मौका
06:17था यरूशलम की
06:17ये तिहासिक और पवित्र वेस्टन वॉल पर दूसरी फुनका समारों का
06:47येहुदी इसाई परंपरा की नीव पर टिकी है और अगर उस समय मकाबी विफल हो जाते तो आज येहुदी धर्म
06:53का कोई नाम और निशान ही बाकी नहीं रहता
06:56मकाबी नहोते तो येहुदी इसाई सभ्यता का अस्तित्व ही नहीं होता
07:03संयुक्त राज्य अमेरिका का अस्तित्व ही नहीं होता
07:05आज आदी कि ये सभ्यता भी शायद कभी अस्तित्व में नहीं होती
07:08उस दिन मिडल इस के युद के बीच नेतनियाहू ने जो कहा था
07:12वो च्रम्प के एहंकार को सीधी चिनोती देता हुआ दिखाई दे रहा था
07:16नेतनयाहू ने उस दिन गरश्ते हुए कहा था कि अगर आज इसराइल नहीं होता
07:20तो आज जैसा सयुक्त राज्य अमेरिका भी अस्तित्व में नहीं होता
07:25आपने बिल्कुल सही सुना
07:27नेतनयाहू ने इसराइल को पूरे पश्चिम विश्व और अमेरिका की रणनीतिक धाल बताया था
07:32नेतनयाहू ने अपने इस भार्शन को इतिहासिक और धार्मिक रंग देते हुए
07:362000 साल पुरानी यहूदी विद्रोहियों जिन्हें मिकाबी कहा जाता था
07:40उनका जिक्र किया था उन्होंने दावा किया अगर 2000 साल पहले मिकाबी अपनी लड़ाई हार गई होते तो दुनिया से
07:47यहूदी इतिहास मिट जाता
07:48और अगर ऐसा होता तो आज ना तो कोई यहूदी होता और ना ही इसाई
07:52इसके साथ ही उन्होंने जोडा कि आज अगर ऐसा नहीं होता तो आगर सईउक्त राज अमेरिका फिली नहीं होता उसका
07:59कोई वजूद नहीं होता
08:00आगर उस समय मक्का भी विफल हो जाते
08:02तो आज यहूदी धर्म का कोई नाम और निशान ही बाकी नहीं रहता
08:06मक्का भी नो होते तो यहूदी इसाई सभ्यता का अस्तित्व ही ना होता
08:13सुन्यूक तराज जिय अमेरिका का अस्तित्व ही नहीं होता
08:25आजा दी कि ये सभ्यता भी शायद कभी अस्तित में नहीं होती
08:51इसे में दोनों निताओं की ये जुबानी जंग बैश्विक तनाव को और जादा भढ़का सकती है
08:56ये लडाई अब सर्फ हतियारों की नहीं रह गए ये लडाई अब नारेटिव की बन चुकी है
09:01एक तरफ सूपरपावर अमेरिका का इगो है तो दूसरे तरफ अपनी संप्रभुता और अस्त्व के लिए लड़ता इसराईल
09:07अब देखना ये होगा कि आने वाले दिनों में जब मिडली संकट का कोई नया मोर सामने आएगा तब नेतन
09:13या
09:13ट्रंप की बात मान कर कदम पीछे खीचते हैं या फिर अपनी सभ्यता बचाने के लिए
09:18मिशन के नाम पर अमेरिका को ही अपने पीछे चलने के लिए मजबूर कर देते हैं
09:43शायद पाकर हम उसे नश्ट कर दें पर उन्हें नहीं लेने देंगे ठीक है
09:46राश्टपती महोदय मेरे दो सवाल पहला विनियमन तूसरा सुप्रीम कोर्ट पर एक व्यवसाई के इनाते
09:55आप जानते हैं कि लाल फीता शाही व्यापार को कैसे रोपती है
10:00क्या आपके सुधारों, एंडेंजर्ड फाइंडिंग, कैफे स्टैंडर्स, टैक्स, कटावती और टैरिफ ने अमेरिका को निवेश के लिए सबसे बेहतर बनाया
10:11है
10:11उस सवाल के लिए आपका बहुत बहुत धन्यवाद क्योंकि हम जो भी एक नया नियम जोडते हैं
10:18उसके बदले हम 20 से 30 या 40 नयम हटा रहे हैं और अब तो ये संख्या और भी अधिक
10:23है
10:23मेरे पहले कारेकाल में हर एक नयम जो जोड़ा गया था
10:27उसके बदले हमने कम से कम 10 नयम हटाया है थे
10:29यह मैंस्से जानकारी कि यह संख्या आप 43 या 44 तक पहुँच गई है
10:34एक नियम जोडने पर हम 43 चावली शाटा देते हैं
10:38हम इसे और अधिक व्यापार और जनर नकूल बना रहे हैं
10:42नियम लोगों पर भारी पड़ते हैं
10:44ये सबके और नौकरियों के लिए नुकसान दे हैं
10:47आज अमेरिका में इतिहास के मकाबले सबसे ज़्यादा लोग काम कर रहे हैं
10:51ये मेरा पसंदीदा आंकड़ा है
10:56लेकिन आज अमेरिका में इतिहास के किसी भी समय की तुलना में सबसे ज़्यादा लोग काम कर रहे हैं
11:01और ये सब इरान के साथ चल रहे संगर्ष के बावजूद है। ये जल्द ही बहुत जल्द खत्म हो जाएगा।
11:06और जब ये खत्म होगा तो पेट्रोल की कीमतें पहले से भी कम हो जाएंगी।
11:31सुप्रीम कोर्ट में हम जन्मसिद नागरिक्ता के फैसला कर रहे हैं। आप मौकिक दलीलों में थे। क्या दाव पर है।
12:02पैसा नहीं करना है। आप जानते हैं ये लोग हमारे देश से नफरत करते हैं। पैसे लोटा दू। ये गलत
12:11फैसला था इसका असर नहीं होगा क्योंकि हम टैरिफ अलग तरह से लगाते हैं।
12:15ये टेरिफ ही सारा पैसा ला रहे हैं इसने हमारे देश को आधुनिक रूप से अमीर बनाया है अब एक
12:23और मुद्दा है जन्म सिद्ध नागरिकता और हम दुनिया के एकलौते देश हैं जहां ये है
12:31आप हमारे देश में कदम रखते हैं और अचानक ही नागरिक बन जाते हैं आप एक खास तरीके से आते
12:36हैं इसका मकसद ये नहीं था कि चीनी अरपती अपने बच्चों को हमारे देश का नागरिक बना सकें इसका मकसद
12:42था या फिर अमीर लोग गरीब लोग ये गुलामों के �
12:47बच्चों के लिए था इस पर ग्रेयुद के दौरान या उसके ठीक बात हस्ताक्षर किये गए थे आप तारीखों को
12:53देखिए सिर्फ तारीखें ही देखिए ठीक उसके बात की हैं इसका संबंद गुलामों के बच्चों से था और लोगों ने
13:01इसका दुरुपयोग किया और �
13:03इसे ऐसे ही रहने दिया गया तो ये हमारे देश के लिए आर्थिक रूप से एक आपदा होगी और हमारे
13:08देश में आने वाले पच्ची से परसट लोग जन्म सिध नागरिक्ता के जरीए आएंगे और हमारा कोई नियंतरण नहीं रहेगा
13:18सुप्रिम कोर्ट का ये फैसला बहुत बड़ा है वे शायद मेरे खिलाफ फैसला सुनाएंगे क्योंकि ऐसा लगता है कि उन्हें
13:23ऐसा करना पसंद है
13:24देखिए हम इसे खुला और मुफ्त रखना चाहते हैं टोल नहीं चाहिए
13:29ये अंतरराश्ट्रिया है ये एक अंतरराश्ट्रिया जलमार्ग है वे कोई टोल नहीं ले रहे है फिराल उन्हें हर दिन पांच
13:36सो मिलियन डॉलर का नुकसान हो रहा है ऐसा अनुमान है पता नहीं ये बहुत बड़ी रकम लगती है लेकिन
13:41चाहे वो पांच सो हो दो सो हो �
13:42या तीन सो उन्हें बहुत नुकसान हो रहा है ऐसा कोई जहाज नहीं है जो हमारी मंजूरी के बिना निकल
13:47पाया हो नौसेना ने बहतरीन काम किया है आप जानते हैं कोई जहाज इरान नहीं जा रहा हमारी मंजूरी के
13:56बिना कोई जहाज इरान आजा नहीं सकते हैं वैसे होर
14:12अच्छाल उन्हें हर दिन 500 मिलियन डॉलर का नुकसान हो रहा है। ऐसा अनुमान है। पता नहीं यह बहुत बड़ी
14:17रखम लगती है। लेकिन चाहिए यह 500 हो 200 हो या 300 उन्हें बहुत नुकसान हो रहा है।
14:22ऐसा कोई जहाज नहीं है जो हमारी मंजूरी के बिना निकल पाया हो। नौसेना ने बेहतरीन काम किया है। अब
14:30जानते हैं कोई जहाज इरान नहीं जा रहा हमारी मंजूरी के बिना कोई भी जहाज इरान आ जा नहीं सकते
14:36हैं।
14:36क्या वे हाई एनरिश यूरेनियम पर सकते हैं?
14:39नहीं हमें वो समवर्धित पदार्थ मिल जाएगा, हम उसे हासिल कर लेंगे, हमें उसकी जरूरत नहीं, नहीं हम उसे चाहते
14:45हैं, शायद हम उसे पाकर नश्ट कर दें पर उनके हाथ नहीं लगने देंगे, ठीक?
14:48राश्टर पती जी, मेरे दो सवाल हैं, विनियमन और सुप्रीम कोर्ट पर, आप खुद व्यवसाई रखे हैं, जानते हैं कि
14:57लाल फीता शाही व्यापार पर क्या असर डालती है, क्या आपको लगता है कि विनियमन एंडेंजर्ड फाइंडिंग, क्ये फे मान
15:05कों, टैक्स कट
15:09विनिया का सबसे व्यापार औरनिवेशन फूल देश बन गया है, अश्यात शाहिशी, इस सवाल के लिए धन्यवाद, हम हर एक
15:17नए नियम के बदले 20 से 40 नियम खत्म कर रहे हैं, और अब तो यह संख्या और भी ज्यादा
15:24है, मेरे पहले कार्यकाल में, हर एक नियम के बदले
15:28हमने कम से कम 10 नियम हटाए थे, और ली मैं समझता हूँ कि यह अभी 43 या 44 तक
15:35है, तो अगर हम एक नियम जोडते हैं, तो हम 23, 44 से छुटकारा पा लेते हैं, हम इसे और
15:41अधिक व्यापार अनुकूल और जननुकूल बना रहे हैं, अच नियम बहुत महंगे और सब के लिए ह
15:57हैं, ऐसे जदे जो आज अमेरिका में इतियास में सबसे ज़्यादा लोग काम कर रहे हैं और ये इरान के
16:05साथ जारी संगर्श के बावजूद है, ये जल्द ही खत्म होगा, तब पेट्रोल की कीमतें और कम हो जाएंगी, कुछ
16:14महीने पहले आयोबा में पेट्रोल 1.85 डॉल
16:27अमेरिकी रश्पती डोनल्ड ट्रम्प और इसराइली पुधानमंत्री बेंजमिन नितन्याहु के बीच इरान नीती को लेकर गंभीर रॉननयतिक मतभेद अब खुल
16:36कर सामने आ गए, हाले तरापूर्ट फोन कॉल, एक ऐसी फोन कॉल जिसमें मुख्य विवाद इस बात प
17:20को उजागर करना शुरू कर दिया।
17:25इसराइल का मानना है कि इरान प्रकेवल सैन्य दबाव के जरिये ही काबू पाया जा सकता है। नितन्याहु प्रिशाशन को
17:31डर है कि इरान बारचीत के आड़ में समय का फायदा उठा रहा है ताकि वो परदे के पीछे अपने
17:37परमाणू का रिक्रम को और भी मजबूत कर प
17:54अमेरिकी मीडिया रिपूर्ट्स के नुसार इसी वजह से जब ट्रम्प ने हमले को टानले की बात की तो नितन्याहु का
17:59गुस्सा साथफे आसमान पर था और ये मतभेत की पहली सीधी खुल कर सामने आई, सामने दिखाए दी।
18:07दूसरे तरफ अमेरिकी रश्पती डॉनेल्ड ट्रम्प इस वक्त एक अलग रोननीदी पर काम कर रहे हैं, कतर, सयुकतराब अमिराथ, यूएई
18:14और अन्या अरब देशों ने सीधे दोर पर अमेरिका से खाड़िक शुर्ट में तनाव करने की सीधी अपील भी की
18:21है, ट्रम
18:35अमेरिका और इरान के बीच 30 दिनों की एक समय सीमा तै की जाएगी, जिसके दोरान इरान के परमाणू कारिकरम
18:41और हॉर्मूस जलडमरु मध्य को व्यापार के लिए खुला रखने जैसे, बेहत समेद अंशिल वैश्विक मुद्दों पर सीधी चर्चा होनी
18:49है, अला कि ट्
19:0230 दिनों के भीतर इरान की तरफ से सही और सकारात्मक जवाब नहीं मिला, तो अमेरिका दोबारा से ने कारवाई
19:08कर रास्ता चुन्ने से कताई पीछे नहीं हटेगा, अब उन्होंने साफ चितावनी दी कि स्थिती बिल्कुल सीमा रिखा पर है
19:15और बाचीत नाकाम होते ही हा
19:27अधार पर ही टेवल पर बैठने वाला है, जिस इस बाचीत की रहा और कठिन हो गई, संक्षिप में आपको
19:33बताएं तो जहां ट्रंक कूटनीती के जरी एक त्वरित समाधान या फिर इरान को घेडने का नया पैंतरा आजमा रही
19:39हैं तो वही ने तन्याहू, इसे अमेरिका
19:41की कमजोरी और इरान के लिए एक सुरक्षा का कवचमान रहे हैं, यही वो गुनियादी वैचारिक टकराप भी है, जिसने
19:48दोनों पारंपरिक सहीयोगियों के बीच दरार पैदा कर दी और मतधेत की कहानी जन्म लेना शुरू हो चुकी है, बहराल
19:56मामले पर नज़र रहीग
20:08झाल
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