00:00ये कर आनिए किसे ख़लें मरणा अरे ना थिंड़ी मरणा में अर्छ सवफ कर चले जा जाते था निए warranty,
00:089
00:09तो 24 शींच के पाए राब earning सेría चार्ट nihilad अज बनाया है कित्त इसम्हें
00:14पहले बनाया जो सुबहे साथ बजे रोटी बनाई थी पापा क्या करते हैं मजदूरी का काम पूलिस ने लो डंडे
00:23बचा बच गया उसमें
00:37तो यह अंदर यह बटा है इसी में सब होगा तो खाना तहां वे रखके बनाते हो
00:47क्या करते हैं तो अभी तो गरमी है आपका चूला है अभी बनाया होगा थोड़ा भी बनाया है
00:53क्या करें सर देख यह जो है सोई है मजबूरी है मजबूरी है मजबूरी है इसके पैसे कमाई लेते हैं
01:01मुहिने मों को बेई 12-13 जार रुपे
01:24पर यह लोग हर तरह के तिरस्कार हर तरीके की सर्मिंदगी उस पर लाठी तो जानकारी मिली है तो आपको
01:34गैस की जुगार बनता है यह चूला आपका जला रहा हूं तो लाट पैसा कहां से लाएंगे गईर के लिए
01:34है कि यह फाठक सा लगा हूँ इसके अंदर कई कम्रे हैं यहां बहुत रहता है मजदूर तपक्य के लोग
01:41यह सब हैं ऐसे हलातों में सब रह रहे हैं सब यह मजदूरी करते हैं आप क्या क्या काम करते
01:51हैं मेंजे
01:54और आपके घर में हमारे घार में तो गाडी चलाते है घार गाड़ी चलाते है इसी कांटी में में
02:05अच्छा तो खाना हों ने कऊ किससरे बना रहे हैं धुमाना तो चूले पर बनाते है चूला त्यार है यह
02:11चूला दो ट्याठक्र Bauck
02:21तो कितने पैसे की देराग है चारसा पान्सों की किलो है साय तो सोचना छोड़ दिया है खाना बन गया
02:30अब यह साफ करके रख दिया होगा है
02:43कितने रुपए यह 35 तरह कच्चे अब यह कमरा है लेटन बाथरूं कुछ ना आएं लेटन बाथरूं का जो नहाने
02:57का तो को जुगाड़ होगीूड़ नहाने का इस खुले में नहां का प्रीम नहाती है
03:03तो चले जाते तो नहीं कोई विरा कपड़ी पेन के नहाते हैं ना सारी लोग पर कमरें में चैंज करते
03:09हैं कपड़ी तो बड़ा और टायलेट तो वह इससा का एक बना हुआ है चार कितने कमरे कितने हैं यहां
03:18पर 24 है
03:19चौविस कमरों पर चार टायलेट हैं और 35 रुपर का एक कमरा है और यह कच्छे में अपने घर का
03:27आगे आपको लीपना होगा इसे दिखो यह चोटा सा कमरा है यही कमरा है वह साब का रिटा बस यही
03:35हैं बच्चे अभी हैं बच्चे तो अंकली गाउं गई है तो आमने छोड
03:49से लिए कमरा है इस चोटा से लेंडर भी आपने रखाई है भरी है यह थोड़ी सी तरही हो जाए
04:01तो यह देखेंगे आप यह कमरे के अंदर ही आपको चूला अलग से नहीं है तो यह सब चीजे हैं
04:11रहना आसान नहीं है और हम आपको दिखाएंगे इस ही एक बच्ची बच
04:16कि से बात की तो यह देखो यह तमाम गर हैं इढर से उधर तक दिखाएंगे वो दूर तक और
04:22यहां पर मजदूर रहते हैं ज्यादे पर और भी सबी लोग क्या चूले कर रहें ऐसा लग रहा है आब
04:29रहे तैसा यह तो चूले पर आज बनाया लग रहा है कितनी समय पहले बना
04:45मजदूरी का काम मेरे भाईया को मारा आप मोगाई पॉन भी ले लिया पॉन भी चीन लिया भी ट्राइवर का
05:02काम करता है और पापा ठीकदार के काम करते हैं
05:08तो चूला है कि या रेट में भर रहा है या पता नहीं मूझे भरवाते हैं भर नहीं भर नहीं
05:17तो ये सच्चाई और यह कम रहे कम रहा है तो पता नहीं होगा तो मैं पता है झाल बनियान
05:29आपसे पूछ लें
05:32कहां नहाते हो अच्छा बाहर है यह सब लोग रह रहे हैं देखो यह हालात है
05:46कितने रुपा में मिला हुआ कमरा बेंजी कमरा कितने पैसे में दे रहे हैं यह लोग
05:56तो आप लोग कमरे में नहाते हैं ना लेते हैं और यहां चाल अगयाता नहीं लायक है
06:21कि रुखे एक साहे में इक ने अब करते हैं तो उचीन नवाना है क्रोट्ड़ेस अब भोट एक
06:47की सबस्काम नोड़ा में आयत करहने वाले कहां कि हुआ पर साइजापुर के बाहा काम धंदा नहीं मिला नहीं थोड़ी
06:57जमीन नहीं है तो यह कमरा है आप कहा है इसी मैं सब भाबुजी भाइव भी काम रुख रहे है
07:05बाइसाव है चलो बहुत गया गैस बैस मिली नहीं नही
07:11वह आपकी पतनी कह रहे हैं बड़ा मुस्किल है तो कितने पैसे मिल लिए गए गए तीन सुरुपे किलो तो
07:23फिर वो नहीं भरवा रहे हैं काका ने चूलेत बनाए रहे हैं कहां थलाव में देदा है तो आपके पाद
07:29थोड़ा कच्छी जगह पड़ी है तो बन भी यह बच्�
07:39चाहि जब बाहर नल पे नहाती है नहानी की कोई कमरे कुणि कहीस से की वही कोई एक यी बातरूम
07:44बनाए दे थोड़ा कमरे नहाए लें और यह कहीं नहीं सर जई है जो कश देखिये हैं किराए परे लें
07:50है अब जो मेंनानों जईसे कर रहा है थे भोग रहा बहुत दिक्कत
08:09अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस
08:13अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस अबस
08:29अबस अबस अबस अबस अ�
08:55मेरे बाथरूम तो तो क्या वहां बनवा रहते हैं तो क्या कहता है
09:09अब कितने पैसे कमाने मेने में देखो भाई या हमारा माने के चलो हम तीन आदमी है यह नई तीन
09:19देरे हमारी मेडम भी है और लड़का भी लड़का मतलब सत्रासाल के अब उसकी कमाने को मर नहीं तो मैं
09:31हूं
09:32मैं पानिम क्या बचा लेते हैं हमाने लोग बहुत जान लो 500 रुपिया रोज मान लो ठीक है और पंदरा
09:38500 के इसाफ से फंदरा हजार हो गए और फिर फंदरा हजार में फिर उनका भी खर्चा है प्लांट वालों
09:47का उनको देना पड़ता है तो जस वारा जार रुपे बनते है
09:54हाँ आपको गैस की जुगार बन पाई है चूला आपका भी जला रहा हूं अब जब एक बात बताओ जो
10:00इतना पैदे ही नहीं हो रहा है तो पैसा कहां से लाएंगे गैस के लिए पांच-पांच आजारे के गैस
10:09सिलंडर मिलना है कहां से लाओं कमरा किराया है खाना खरचा �
10:14जाता है सब कुछ है हुए है उसलों है कि अधners रहर पने जहरा है और मेंムिल जाएगी तो तो
10:34थोड़ा सा मिल जाए है
10:35थोड़ा बहुत मिल जाए वह भी बेमानी कर लेते हैं में बढ़ार बारी तो खराब
10:46हो गई खराब हो गई फोड़ होगे तो खराब हो गई कहां तक रहाएं गई तो मोईब चुटबा रख कि
10:55आपके भासा भी मैं जानता हूं मैं पीलीवित का रहने वाला हूं तो पड़ोती हो आप सायापुर जाता रहता हूं
11:07तो भासा आपकी एकदम समझें आए तो यह बताओ कि बहाँ अगर फैक्ति थोड़ी लग जाती काम बहां भी मिल
11:16जाता तो बहां के लोग को आसा ही अपने
11:23तो यहां क्यों आता हैंक अब वहां कोई मजूरी जातूरी है नहीं 2803 कुरूपए हैं उससे कुछ होई नहीं रहा
11:32फूरे दिन सुबहरते और
11:58अगर गैस की कीमत सही हो जाती तो आपको थोड़ी आसानी हो जाती तो इसमें जैसे उपला हम लाते हैं
12:04उपला को मेरो पैसा बच्छा तो आद लाते हैं तो इनका थोड़ी सस्ती पर नहीं के मुकाबले
12:14हाँ तो इसलिए जो यह सस्ता पड़ी जाती है अब देखी रहे हैं सब आप लोगों के हाला तो यह
12:25कमरे में सब यह विवस्ता बनाते हैं लोग और हालाते हैं बाहर इस तरीके से अपने बरतन बरतन धो करके
12:33बस यह टैंक रख दिया इसी सब पानी कर रहे हैं कपड़े उप�
12:52प्रचे वारे ना पर पचात रुपया लेता है उसे फटा लग गया हो ना इससे खाना लग जया ना कि
13:13मतलब साइटिंग है तो मतलब जो है अब आदमी जो है हर आदमी इस पर कंड़ा पर लकड़िया पर उत्तर
13:20हुआ है तो भी हर चीज के बिक्री होने लगी गन्य कोई अब पचास रुपए कट्टा कट्टें कित्ती है जाती
13:30है इस यह कट्टें बरतों है अच्छा यह किनारा �
13:43अगर देखो यह सब अइसे हैं हालात मजदूरों के और इन मजदूरों पर लाठी भी चल गई इसमझे ना इनी
13:53के घरवालों पर लाठी भी चल गई तो आप समझ लो कि मजदूर वास्तव में अगर मैं एक कह दूं
14:01मैं पीछे दिखा नहीं सकता आपको तो कि उधर महनाए
14:06किस तरीके तर नहाने झुगाड कर तीहें चया करती है। मेरे घर की मेला मैं सोचके यहता हूं कि क्या
14:12मुझे करना पड़ेगा। पर यह लोग
14:14तरह के किरसकार हर तरीके की सरमिंदगी उस पर लाठी और लोग कहते हैं गैस की कोई किलत नहीं है
14:23जिनको नमबर उनको मिल जा रहे हैं
14:31अगर गय से कि इलत नहीं होते हैं इतने इतने बड़े गहुमत विचारे पूरी चोटे चोटे बारे एक एक लीटर
14:43आदा की लीटर डर्वाते हैं एक बता राता है चात दिन पहले जाएं चेसों रुपए किलो भड़ा के लाएं
14:58उसने चूला क्यों नहीं जला है अगर कहीं कोई बंद में रहता है तो हुआ कोई अपने माले माकान में
15:16तोड़ी चूला जलवा लेगा कोई
15:24सच को सुईकारना बहुत मुस्किल है और सच बड़ा बहावाय है ऐसी जिन्दगी तमाम समस्याएं अपने गाउं में इतने भी
15:34पैसे नहीं जो हैं मिल रहे हैं कोई रोजगार नहीं मजबूरी आकर कि यहां रहना पूरे परवार के साथ किसी
15:41तरह सर छुपाने की जगए
15:48पाएंगे किसी तरीके से इस तरह कि यह गन्या जदा गन्या का रस निकलता तो उसकी जो खोक क्या बोलते
15:54हैं से कोई कोई गिर जाती उसको उठाकर वो भी लिया आते हैं खरीद के 50 रुगा कटा उसको जड़ा
16:00किसी लखडी मिल गई कुछ उपले की जुवार करी यह सब कर
16:16भी हैं जहां से यह आते हैं क्या इनकी जीवन को सरल बनाएं इनकी जिन्दगी को सरल बनाएं या यह
16:24इसी नार की है नार की है जिन्दगी में सब्द आपको कैमरे में पता नहीं कितना दिख पाएगा मैंने दिखाया
16:29है लेकिन यह जिन्दगी नरक के लगभख समान है इनक
16:46है कि हम एक घर पर नहीं गए हैं हमने चार-चे घरों पर गए ऐसा नहीं कि ली गर
16:50चुन के दिखा दिया कि हमें कोई सरकार की बदनामी करना है
16:54इसब के यह हालात है इन में से नहीं किसी को नहीं जानते थे अचानक पहुंचे
17:01आप भी आकर देखिए
17:03कोसिस करिए
17:04कि इनको भेतर जिद्ग में कमेंट कीजिए
17:06साइद लोगों की सरकार की आँख खुले
17:09नेताओं को जिम्मेदारी का एसास हो
17:11फिलाल इस बीडियों में इतना ही
17:12कैमरा परसन दीपक बिश्ट के साथ
17:14शिवेंदर गौल वन इंडिया नविटा
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