00:00बिहार की राजनिती में बड़ा बदलाव सामने आ चुका है और इस बार सत्ता का चेहरा ही बदल गया है।
00:06लंबे समय तक मुख्य मंत्री रहे नितीश कुमार ने स्तीफा दे दिया है और अब राज्य की कमान समराट चौधरी
00:11के हाथों में जाने जा रही है।
00:13नई सरकार की गठन से पहले ही मंत्रियों की सूची को लेकर चर्चा तेज हो गई है और कई नामों
00:18को लेकर सस्पेंस बना हुआ है।
00:20समराट चौधरी को पहले बीजेपी विधायक दल और फिर एंडिये विधायक दल का नेता चुना गया।
00:25इसके बाद वो राजभवन पहुँचे और राजपाल से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश किया।
00:30पताये जा रहा है कि 15 अप्रेल को शपत ग्रहन समारो होगा जहां वे आपचारिक रूप से मुख्यमंत्री पत की
00:36शपत लेंगे।
00:37ये बिहार के लिए एक एतिहासिक पल भी माना जा रहा है क्योंकि पहली बार राजभव में भाजपा का मुख्यमंत्री
00:43बनने जा रहा है।
00:44दिल्चस्प बात ये रही कि NDA की बैठक में खुद नितीश कुमार ने समराज चौधरी के नाम का प्रस्ताव रखा।
00:50उन्होंने उन्हें माला पहनाई और विधायकों से समर्थन जताने के लिए तालियां भी बजवाई।
00:54समराज चौधरी ने भी उनके पैर छुकर आशिरवाद लिया।
00:57ये तस्वीर राजनीतिक गलियारों में काफी चर्चा में हैं और इसे सत्ता परिवर्तन के साथ संतुलन का संकेत भी माना
01:03जा रहा है।
01:04नेटा चुने जाने के बाद समराज चौधरी ने कहा कि उन्होंने राजनीती नितीश कुमार से सीखी है और उनके साथ
01:10काम करते हुए बहुत कुछ समझा है।
01:12उन्होंने ये भी कहा कि अब लक्ष बिहार को और आगे ले जाना है और विकास की गती को तेज
01:17करना है।
01:18उनके इस बयान को एक तरह से निरंतर्ता और बदलाव के मेल के रूप में देखा जा रहा है।
01:22इसी बीच सबसे ज़्यादा चर्चा मंत्री मंदल की सूची को लेकर हो रही है।
01:26जो दस्तावेज सामने आया है उसमें कई पुराने चेहरों को जगह दी गई है।
01:30संकेत साफ हैं कि सरकार में बड़े बदलाव की बजाए स्थिरता पर जोर रहेगा।
01:34ज्यादातर मंत्री वही रह सकते हैं जो पहले से जिम्मेदारी संभाल रहे थे।
01:38इससे प्रशासने कामकाज में किसी तरह की रुकावट ना है ये कोशिश दिखाई दे रही है।
01:43हाला कि सबसे बड़ा सवाल निशांद कुमार को लेकर है। चर्चा है कि उन्हें इस बार मंत्री मंडल में जगा
01:48नहीं दी जाएगी।
01:49ये फैसला कई माइनों में एहम माना जा रहा है क्योंकि इससे साफ संकेत मिलता है कि नई सरकार संतुलन
01:55बनाते हुए फैसले ले रही है।
02:19बंधन के भीतर शक्ती संतुलन का बड़ा संकेत माना जाएगा। राजनितिक जानकारों का मानना है कि ये पूरा बदलाव अचानक
02:25नहीं बलकि रणनितिक तरीके से किया गया है। एक तरफ नेत्रतों बदलकर नया संदेश दिया गया है, वहीं दूसरी तरफ
02:31कैबिनेट म
02:32जादा बदलाव न करके स्थिर्ता बनाय रखने की कोशिश की गई है। अब सबकी नजर शपत ग्रहन समाहरों और अंतिम
02:38मंत्री मंडल सूची पर्टी की है। ये देखना दिल्चस्प होगा कि किन चेहरों को जगह मिलती है और किने बाहर
02:44रखा गयाता है। फिलहाल इतना
03:02हुआ हुआ
Comments