00:06क्या मिडलीज का तनाव अब एक बड़े वैश्विक युद्ध की दहलीज पर खड़ा है कि नाटों के सामने अब इरान
00:12के साथ सीधा टक्राव अनिवारे हो गया है
00:14नमस्कार मेरा नाम है संद्या और आप देख रहे हैं One India Hindi
00:18आज की सबसे बड़ी और चिंता जुना खबर जॉर्डन के अल अर्जक एरबीस से आ रही है
00:23खबर है कि इस रंडीतिक सैने अड़े पर एक इरानी बालिस्टिक मिसाइल गिरी है जोहां जर्मन और अमेरिकी सैनिक तैनाक
00:30है
00:54अगर नाटो इसे अपने सदस्य देश पर सीधा आकरमन मानता है
00:58तो ये इरान के साथ एक बड़े सैने तकराव की शुरुवात हो सकती है
01:02फिलाल जर्मनी के A400M इटलस विमान स्टांडबाइ मोड पर है
01:07क्या इरान ने इस हमले के जरिये कोई बड़ी चाल चली है या फिल एजवन की शुरुवात है
01:14मध्यपूर्व में इरान के मिसाइल हमलों ने अब एक जर्मन सैन्य ठिकाने को निशाना बनाया है
01:199 मार्च 2026 की रात को इरानी बैलिस्टिक मिसाइलों ने पूर्वी जॉर्डन में अल अजराक एर बेस जिसे मुवफक साल्टी
01:27एर बेस के रूप में भी जाना जाता है कि जर्मन अनुभाग पर हमला किया
01:31ये बेस एक बहुराष्ट्रिय गटबंधन सुविधा है जिसमें जर्मन बुंडिस्वेर, अमेरिकी वायू सेना और अन्य संबध बलों के कर्मी रहते
01:39हैं
01:39हालाकि इस बार हमला उस क्षेत्र के अंदर हुआ जिसका उप्योग जर्मन सैन्य को द्वारा किया जाता है
01:44शुरुवाती रिपोर्टों के अनुसार पूरिक शेत्र में अमेरिकी और संबध सैन्य ठिकानों के खिलाफ तहरान की जवाबी कारवाई के हिस्से
01:51के रूप में इरान से कई मिसाइले दागी गए
01:54कथित तोर पर उन मिसाइलों में से एक बेस पर स्थित जर्मन फील्ड कैम्प की एक इमारत से टकराई
01:59हमले के बावजूद कोई भी जर्मन सैनिक माराया घायल नहीं हुआ
02:03सैन्याधिकारियों का कहना है कि बढ़ते संघर्ष के बीच बेस के हाई अलर्ट पर होने के कारण
02:08मिसाइलों के गिरने से पहले ही सभी कर्मी सुरक्षात्मक बंकरों में चले गए थे
02:12इसलामिक Revolutionary Guard Corps, IRGC ने क्षेत्र में गटबंधन ठिकानों पर कई हमलों की जिमेदारी ली है
02:18इरान ने अल अजराक सुविधा को मध्यपूर्व में संचालित अमेरिकी लड़ाकू विमानो द्वारा उपयोग किये जाने वाले
02:24सबसे सक्रिय ठिकानों में से एक बताया और कहा कि उसकी मिसाइल सेना ने वहां के महत्वपूर्द बुनियादी धांचे को
02:30निशाना बनाया
02:30इस बेस को अपेक्षकृत सुरक्षित माना जाता था क्योंकि यहां उन्नत अमेरिकी वायूरक्षा प्रनालिया स्थित हैं
02:36जिनमें बेलिस्टिक मिसाइलों को रोकने के लिए डिजाइन की गई थाट बैटरियां भी शामिल हैं
02:40हालाकि रिपोर्टों से पता चलता है कि कुछ मिसाइले या उनका मलवा अभी भी बेस के अंदर की संरचना उपर
02:45गिरने में काम्याब रहा
02:46जिसमें जर्मन क्षेत्र के बैरक भी शामिल हैं
02:49जर्मन अधिकारियों का कहना है कि नुकसान की पूरी सीमा का अभी भी आकलन किया जा रहा है
02:53इस हमले ने बर्लिन में चिंता बढ़ा दी है क्योंकि इस क्षेत्र में जर्मन सेनिक मुख्य रूप से आयस आयस
02:59विरोधी अभियानों के लिए तैनात है
03:00ना कि विस्तारित इरान युद्ध में सीधे तौर पर शामिल होने के लिए
03:03बढ़ते सुरक्षा जोखिमों के जवाब में जर्मनी ने अपने सेनिकों की निकासी की आवश्यक्ता होने की स्थिती में दो एरबस
03:09A400M परिवहन विमानों को स्टैंडबाई पर रखा है
03:12संखर्ष के दौरान बेस पर ये पहला हमला नहीं था
03:1528 फरवरी से 3 मार्च के बीच हुए हमलों में कथित तौर पर अल अजराक में तैनात अमेरिकी थाड रडार
03:20सिस्टम को नुकसान पहुँझा था
03:22उपग्रह चित्रों में बाद में रडार एरे के कुछ हिस्सों में जलने की निशान, मलबा और विनाश देखा गया
03:26जो आने वाली मिसाइलों का पता लगाने में महत्वपून भूमिका निभाता है
03:30ये नवीनतम हमला तब हुआ है जब इरान मध्यपूर्व में सैयुक्त राज्य अमेरिका और उसके सहयोगियों से जुड़े सैन्य ठिकानों
03:36पर मिसाइले और ड्रोन दागना जारी रखे हुए हैं
Comments