Skip to playerSkip to main content
  • 4 days ago
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा है कि पेट्रोलियम लॉबी उनके पीछे पड़ी है. पुणे में इंडियन फेडरेशन ऑफ ग्रीन एनर्जी के कार्यक्रम में बोलते हुए केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि देश में वैकल्पिक और हरित ईंधन को बढ़ावा देना आसान नहीं है. गडकरी के मुताबिक इसकी सबसे बड़ी वजह है देश का भारी ईंधन आयात बिल, जो हर साल करीब 22 लाख करोड़ रुपये का है. उन्होंने कहा कि इतने बड़े आर्थिक हित जुड़े होने के कारण पेट्रोलियम लॉबी ग्रीन एनर्जी की ओर बदलाव को आसानी से स्वीकार नहीं करेगी.  गडकरी ने कहा कि पिछले 12 वर्षों में परिवहन मंत्री रहते हुए उन्होंने सीएनजी, एलएनजी और इलेक्ट्रिक वाहनों के विकास को करीब से देखा है, लेकिन ग्रीन फ्यूल की अर्थव्यवस्था में भारत की हिस्सेदारी अभी भी बहुत कम है. केंद्रीय मंत्री के मुताबिक भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों का करीब 86 प्रतिशत आयात करता है, जिससे देश की ऊर्जा सुरक्षा भी प्रभावित होती है.

Category

🗞
News
Transcript
00:02क्या भारत में ग्रीन एनर्जी की राह रोक रही है पेट्रॉलियम लॉबी केंड्री मंत्री नितिन गड़करी ने बड़ा दावा किया
00:10है उन्होंने कहा है कि पेट्रॉलियम लॉबी उनके पीछे पड़ी है
00:17पूने में इंडियन फेडरेशन ऑफ ग्रीन एनर्जी की कारिकरम में बोलते हुए केंड्री सरक परिवहन मंत्री नितिन गड़करी ने कहा
00:24कि देश में वेकलपेक और हरित इंधन को बढ़ावा देना आसान नहीं है
00:32गड़करी के मुताबिक इसकी सबसे वड़ी वज़ा है देश का भारी इंधन आयाद बिल जो हर साल करीब 22 लाग
00:39करोर रुपे का है
00:40उन्होंने कहा कि इतने बड़े आर्थिक हित जूरे होने के कारण पेट्रॉलियम लॉबी ग्रीन एनर्जी की ओर बदलाव को आसानी
00:47से स्विकार नहीं करेगी
00:53गटकरी ने कहा कि पिछले 12 वरसों में परिवहन मंत्री रहते हुए उन्होंने CNG, LNG और एलेक्ट्रोनिक वाहनों के विकास
01:01को करीब से देखा है
01:02लेकिन ग्रीन फ्यूल की अर्थवेवस्था में भारत की हिस्सेदारी अभिवी बहुत कम है
01:07किंद्री मंत्री के मुताबिक भारत अपनी उर्जा जरूरतों का करीब 86 परतीश अतायात करता है
01:13जिससे देश के उर्जा सुरक्षा भी प्रवावित होती है
01:22सरकार का लक्ष है 2030 तक भारत की परिवहन विवस्था स्मार्ट सुरक्षेत और टिकाउँ बने
01:28जिसके लिए स्वधीजी और गैर प्रदूशन कारी इंधन को बढ़ावा दिया जा रहा है
01:33गटकरी का कहना है कि हरी तोर वेकलपिक इंधन ना सिर्फ प्रदूशन कम करेंगे
01:38बलकि किसानों की आए बढ़ाने और ग्रामी इन अर्थ विवस्था को मजबूत करने में भी एहम भूमी का निभाएंगे
01:47उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले वर्षों में ग्रीन फ्यूज सेक्टर में करीब 5000 कमपनियां काम कर सकती हैं
01:54लेकिन शेत्र में तकनीक, लागत और गुनवत्ता की प्रतिसपर्धा बेहद एहम होगी
01:59ब्यूरो रिपोर्ट एटेव भारत
Comments

Recommended