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  • 3 months ago
नई दिल्लीः राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में शुक्रवार को भारत चावल निर्यात 2025 प्रदर्शनी सम्पन्न हो गई. प्रदर्शनी में आगंतुकों को अलग-अलग देशों के पकवानों का स्वाद चखने का मौका मिला. प्रदर्शनी का मकसद नए बाजारों की तलाश करना था. अलग-अलग देशों से आए प्रतिनिधियों को चावल की अलग-अलग किस्मों से बने जायकेदार पकवान पेश किए गए.भारत चावल निर्यात के क्षेत्र में दुनिया के अग्रणी देशों में एक है. अब भारत वैश्विक बाजार बढ़ाना चाहता है. भारत ने 2024-25 में 172 से ज्यादा देशों को 20.1 मिलियन मीट्रिक टन चावल निर्यात किया था. इसकी कीमत 12.95 बिलियन अमेरिकी डॉलर थी. पाकिस्तान जैसे देश भारत के प्रतिस्पर्धी हैं. सऊदी अरब, वियतनाम, इराक, अमेरिका, मलेशिया, चीन और फ्रांस जैसे देश वहां से भारी मात्रा में चावल आयात करते हैं. 

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00:00राश्ट्रिय राजधानी दिल्ली में शुक्रवार को भारत चावल निर्याद 2025 प्रदर्शनी संपन हो गई।
00:07प्रदर्शनी में आगंतुकों को अलग-अलग देशों के पकवानों का स्वाद चखने का मौका मिला।
00:12प्रदर्शनी का मकसद नए बाजारों की तलाश करना था।
00:17अलग-अलग देशों से आए प्रते निधियों को चावल की अलग-अलग किस्मों से बने जायकेदार पकवान पेश किये गए।
00:24भारत चावल निधियात के शेत्र में दुनिया के अगर्णी देशों में एक है।
00:29अब भारत वैश्विक बाजार बढ़ाना चाहता है।
00:54भारतिय पाककला महसंग से जुड़े शेफ ने दो दिन चली प्रदर्शनी में जापान, चीन, फिलिपिन्स और इंडोनेशिया जैसे देशों और भारतिय चावल के संभावित आयातकों के यहां बनने वाले पकवान तियार किये।
01:16विदेशी प्रतिनिधियों को एहसास हुआ कि उनके यहां बनने वाले पकवानों का स्वाद भारतिय चावल की किस्मों से और बेहतर हो सकता है।
01:46भारत ने 2024 में 172 से जादा देशों को 20.1 मिलियन मिट्रिक टन चावल में रियात किया था।
01:56इसकी कीमत 12.9 बिलियन अमेरिकी डॉलर थी।
02:00पाकिस्तान जैसे देश भारत के 35 पर्धी हैं।
02:03सवधी अरब, वियतनाम, इराग, अमेरिका, मलेशिया, चीन और फ्रांस जैसे देश वहां से भारी मात्रा में चावल आयात करते हैं।
02:11भारत उच्चे गुनवत्ता वाले इन देशों में उच्चे गुनवत्ता वाले चावल की किस्में निर्यात कर सकता है।
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