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Diwali Car Gifts: चंडीगढ़ के समाजसेवी और एंटरप्रेन्योर एम.के. भाटिया फिर से चर्चा में हैं. दिवाली से पहले उन्होंने अपने सहयोगियों को 51 लग्जरी कारें गिफ्ट कर सबको चौंका दिया. भाटिया की ‘कार गिफ्ट रैली’ सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही है.

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00:00दिवाली आती ही बड़ी-बड़ी कम्पनियां अपने इंप्लॉईस को गिफ्ट देती हैं और इंप्लॉईस को भी हर बार कम्पनी से बोनस या गिफ्ट का इंतिजार रहता है
00:10कुछ कंपनियां खामोशी से ही स्तेवार को निकाल देती हैं और कोई गिफ्ट नहीं देती हैं लेकिन एक बॉस ऐसा भी है जिसने अपने एंप्लॉईस को कार्स बाटी हैं जी हाँ आपने सही सुना
00:21चंडिगड में फार्मा कंपनी के मालिक ने ये पहल की गाडियों में उन्होंने SUV स्कॉर्पियो तक बाट दी है दरहसल चंडिगड में एक फार्मा सुटिकल कंपनी ने दिवाली पर अपने स्टाफ को गिफ्ट में कारे दी हैं
00:33M.I.T.S. कंपनी ने अपने कुल 51 कर्मचारियों को ये गाडियां दी ये गाडियां रैंक और पर्फॉर्मेंस के इसाब से दी गएं सीनियर पदों पर तैनात कर्मचारियों को SUV भी दी गई है
00:44M.I.T.S. कंपनी के मालिक M.K. भाटियां है साल भार अच्छा काम करने वाले स्टाफ को वो दीवाली पर ये गाडियां गिफ्ट देते हैं
00:51पिछले साल भी भाटियां ने अपने कर्मचारियों को गाड़ी गिफ्ट की
00:54भाटिया का दावा है कि दीवाली पर अपने स्टाफ को इस तरह का गिफ्ट देने वाली उनकी कंपनी चंडिगर रीजन में इकलौती है
01:01M.K. भाटिया लंबे वक्त से फार्मा सेक्टर से जुने हैं
01:03वर्ष 2002 में वो मैडिकल स्टोर चलाते हुए दिवालिया तक हो गए थे
01:08उसके बाद 2015 में अपनी खुद की फार्मा सेक्टर कंपनी खोल कर काम शुरू किया
01:13तो ऐसी सक्सेस मिली कि लोग देखते रहे गए आज उनकी 12 कंपनिया चल रही है
01:18हालांकि सोचल मीडिया पर कुछ लोगों को ये बात रास नहीं आ रही है
01:22कुछ लोगों को डाउट लग रहा है कि दाल में कुछ जरूर काला है
01:26सोचल मीडिया पर इसको लेकर क्या रियाक्शन चल रहे हैं
01:29आईए आपको दिभाते हैं
01:31ग्यूजर ने लिका, इस दाल में बहुत कुछ काला है, कुछ नहीं, बहुत कुछ काला है, यह सब मार्केटिंग है, मीडिया हैटलाइन और सोचल मीडिया पर वारल होने के लिए रचा जाता है, पने करमचारियों को कुछ पैसे देकर यह खेल करवाया जाता है, किसी यूट
02:01टेक्स बचाने का तरीका तो नहीं, मीडिया कवरिज भी सीमित है, इसलिए पूरी बात पर यकीन करना मुश्किल है, वह एक कार के 10 लाक रुपे ले लें, तो भी क्यावन कारों के 5 करोड 10 लाक रुपे होते हैं, और 15 लाक गिने तो 7 करोड 65 लाक रुपे होते हैं, इतने पै
02:31क्या ये तो एरोप्लेन भी गिफ्ट में देते हैं, सब पैसे का खेल है, मुझे तो नकली दवाई के धंदे में लग रहे हैं, ये इतने बड़े दिलवाले मालिक एक सूरत में हैं, विया पारी, ये सब 1-2 का 4 करने वाले हैं, गरीबों के गले काट कर इस कमपनी ने पैसे
03:01एमके भाईटिया ने बताया कि वो अपने करमचारियों को बाईक और आटो से उतार कर कार में लाना चाहते हैं, पिछले तीन सालों से अपने करमचारियों को कारे बाट रहे हैं, उन्होंने कहा कि जब मेरा सपना पूरा हुआ तो करमचारियों के सपने भी पूरे होने चा
03:31CEO मुलरूप सुतर प्रिदेश के मुजफर नगर के रहने वाले हैं
03:33मुजफर नगर में ही वो एक मैडिकल स्टोर चलाते थी
03:362002 में काम में गिरावट आ गई और दिवालिया होने की कागार पर आ गई
03:40तब उनके सिर पर करोड़ो रुपए का कर्स था
03:43इसके बाद 2015 में वो चंडीगड आ गए
03:45वहाँ फर्मस्यूटिकल कंपनी शुरू की अब उनकी 12 कंपनीया चल रही है
03:49फिलाल इस वीडियो में इतना ही उमीद आपको ये जानकारी पसंद आई होगी
03:53वीडियो को लाइक करें शुरू करें और चानल को सब्सक्राइब करना हम बिल्कुल अमूलें
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