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Abdullahpur Ka Devdas _ Episode 10 _ Bilal Abbas Khan_ Sarah Khan_ Raza Talish
"Abdullahpur Ka Devdas" کے Episode 10 میں دیکھیں بلال عباس خان، سارہ خان اور رضا طالیش کی زبردست اداکاری۔ یہ ڈرامہ اپنی کہانی، جذبات اور ڈائیلاگز کے ذریعے دلوں کو چھو لیتا ہے۔ اگر آپ اردو ڈرامے کے شوقین ہیں تو یہ سیریل آپ کے لیے بہترین انتخاب ہے۔

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Abdullahpur Ka Devdas

Bilal Abbas Khan

Sarah Khan

Raza Talish

Urdu Drama

Pakistani Drama

Episode 10

Drama Serial

Urdu Serial

Pakistani Actors

Emotional Drama

Drama 2025

Category

😹
Fun
Transcript
00:00कासा एल इश्ग लेके यार की खोज में निकले
00:25दो नेन दिवाने ये किस मौज में है निकले
00:31यार तो कर्म में धड़के रूह में बैठा उतरके
00:38मैं सांस भी लूँ कैसे दुनिया से डर डर के
00:44वे इश्गा वे इश्गा तेरे दर्द निराले
00:51वे इश्गा वे इश्गा हीरा राचे खाले
00:57कभी ऐसा भी हो रूबरू तुम बैठो
01:04हमारी आँखों से जड़ा खुद को देखो
01:10कभी ऐसा भी हो रूबरू तुम बैठो
01:17हमारे दिल की लगी लगे तेरे दिल को
01:23मुआ हात जाया है, अब्दिल्बूर से जाने बारी तार्या तर्फोंपर लग्च कियां
01:41मुसादक्रों से बताद़ है
01:45जाने बर्टोंगे विकार्त 돼ध Wheat
01:49आप
01:54कंगे पी अबलायोते
01:58कैनल भी अबले जैते
02:01फिरे उप्रहजा में कंके
02:04चट उड़ानी पले इसे
02:08इश्क्र विच यारोप बूचे
02:11कि आदि जाता है से
02:14इश्क्र विच यारोप बूचे
02:17कि याविन जाता रोला पाया, याविन जाता रोला पेरे, याविन जाता निक मैं छोले, छोले के घड़ा बैदी
02:47वेड़ार, याविन जाता पाय जाता रोला पाया, याविन जाता।
02:57और प्यांज।
03:27यह देखेगा वो तुझे लिए?
03:43बुल्मानों को तो देख लिए हैं उस्टे वो भी नेरे से
03:50पी लोहर की नहने वाली गुल्मानों
03:56अप्तुलापोर की कमणी, शोदर, जमीरा दिवार, क्यों देखेगा फुदर जी?
04:15नहीं देखेगा?
04:26तुछ बिए फुदर, तुछ जो मैं करता है।
04:42जिसको तुमने गतल किया था था, वो मेरा अंके तर्दा सरफ।
04:48जिसके पीछ अब तुम पढ़ियु उना, वो मेरी हापत है।
04:56जीवा केज़ाब
05:07लेकिए आपके कहने के मुताबिक मैंने आपके अमरूम भाई के वसियत तबदील कर दी है लेकिन
05:13लेकिन क्या
05:17लेकिन यह के जादा दिन यह हमारे काम की नहीं रहेगी
05:22गुलबानों ने करें केस कर लिया कि यह दाकूमन जाली है तो हम लोग जादा नी टिक नहीं पाएंगे
05:29वकील साथ आप इन जाली दस्तावेजों की सची गवाई देने की तयारी करें
05:37मुझे पूरा यकीन है कि हमारे काम आज ही हो जाएगा
05:43तुमने मेरे वाले केस से भी सबग हासल ने किया ना
05:46तो दिन में महाबबबबड़ बढ़ बैठी हो तुम्हारे केस से बिलकुल उल्टा है
05:51मैं और वो इक दुसरे को पसंद करते हैं और अमारे शादी थिए
05:55तुम और ।ुम्हारा देवदास महभबबड कर भैचेंगे हो
05:58महभबबड के किसे से दो अव ऐसे हैं
06:00मेरी जान पर बби बनिया
06:02और तुम्हे शाधी की पड़ी है
06:04हाह ये अलग बात है कि तुम्हारा देवदास कह सुषिग हो गया है
06:09बुजदिल नहीं का।
06:10देवदास कहना है तो बुजदिल नहीं का।
06:13और अबुजदिल कहना है तो फिर काशिव का।
06:18क्या हुर्या है?
06:20अ.. समाजे चलागा?
06:22हाँ, अभी अभी निखला है
06:24अ लोग, मैं अभी आई
06:32वाँ
06:35चलो
06:35तो मैं तो तुम्हारी भावी मिल गई?
06:38लोगी मिल गई
06:42यह
06:45अभी अभी अभी आई?
06:47पता नहीं, भाई नहीं भी उसे कॉल की थी लेकिन उसे फोनीन ने उठाए
06:52हम
06:54गया होगा किसी को मारने बारने
06:57यशानदार गर उसने ऐसी थोड़ी बनाया होगा
07:00गुलबानू, तुम्हें कैसी बाते सोचती रहती है बड़े बड़े
07:05तुम्हारा कुछ नहीं हो सकता
07:18यह तुम्हें बेखल अच्छा नहीं किया?
07:20यह अच्छा नहीं किया?
07:21यह उसे मुझे जबरदस्ती लांग पर लेके जा रहे हो
07:24किया सोच रहे होगी गुलबानू?
07:26रिलाक्स करो, मैंने कंदील को मैसेज कर दिया है
07:28और वैसे भी गुलबानू तुम्हे दादी नहीं तो है तुम्हें दरती कियो?
07:32यह तुम्हें दरती नहीं हूँ
07:34लेकिन जब तक हमारे इस रलेशन को कोई नाम नहीं मिल जाता
07:54है मजा करना है
07:55हाँ
08:24किसी काड़ी है?
08:27सलाबत खाना है
08:29अपने वतील के साथ
08:38कर में कैसे आने दिया साले को हम?
08:40देखते साथी ठोकता ना इसको
08:48मेरे घर में कैसा आया तो?
08:50तुझसे पूछ रहा हूं मेरे गर में कैसा आती?
08:59उठ
09:02कड़ाओ
09:05चल कड़ाओ
09:20अमारी बहु बेटी को ठाकर ले जाओ
09:28और हम चूडियां पहने गार बैठे रहें
09:33ऐसा पुरा वक्त अभी नहीं आया
09:39ना तेरी बहु है
09:41ना तेरी बेटी
09:43बाई साब की वस्यत के बाद
09:46गुलबानों की जिंदगी का फैसला करने का हर हक
09:50मेरे पास है
09:58यह वस्यत ना मा
09:59यह वस्यत ना मा
10:16अब तुम मुझे यह बताओ के तुम किस हक से मेरी बती जी को लेके आयो
10:20लेके आयो
10:30बताते हो या पुलीस को बनाओ
10:41गुलबानों ने निकात की है फखर के साथ
10:50गुलबानों ने निकात की है
10:58निकात की है
11:02निकानामा देख सकता हूं
11:05हाँ क्यों नहीं
11:14यह वस्यत नामा निकानामा दोनों कुट में देखें के
11:17और जो जीतेगा गुल्बान हो उसकी
11:21बात दफाओ
11:34आउट
11:47कबराने वाली कोई बात नहीं है
12:11एसे गुंडों को रोज जिलता हूं है
12:17एसे गुंडों को रोज जिलता हूं है
12:41मुझे वो इंसान एक मिनट बर्डाश्टिर तुम ने कहा कि मेरा उसके साथ मिकावा है
12:49तो और क्या करती तुम्हे बताओ और क्या जवाब देती तुम्हे जवाब देने की ज़रुवत ही क्या थी
12:55मुझे वो इंसान एक मिनट बर्डाश्टिर तुम ने कहा कि मेरा उसके साथ मिकावा है
13:03तो और क्या करती तुम्हे बताओ और क्या जवाब देती तुम्हे जवाब देने की ज़रुवत ही क्या थी
13:09जिसने मुझे यह जबरदस्ती रखा है उसे जवाब देना चाहेगे था ना
13:13अगर वो जवाब दे भी देता तो यकीनन यही जवाब देता वो तुम्हें क्यों समझ नहीं आ रहा है
13:21हाँ उसके अलफाज आगे पीछे हो सकते थे लेकिन मफूम यही रहता
13:25उसका मैभू दोड़ देती है उसका जवाब ही दुरस हो जाता और मफूम भी
13:31भाद है वैसे बेयकली की तुम्हारे चाचा तुम्हारे अबबा की वसीयत लिए या पोचे थे
13:37अगर आएन वक्मे मैं कुछ ना कहती न तो आज हमदर्दी के चक्र में फखर होता हवालाग के पीछे
13:43और तुम होती अपने उस चाचा के घर में खोश के ना कूलो गुलबानो तुमसे कुछ कहना ही फजूल है
13:52कर दूश
13:55कर दूश
13:58कर दूश
14:02कर दूश
14:06कर दूश
14:10कर दूश
14:12कर दूश
14:14तो फिर क्या सोचा तुमने?
14:16सोचा तो बहुत है मैंने
14:19सोचा तो बहुत है मैंने
14:22सलावत से नवटने का एकी तरीका है
14:27अकर बुलबानो हां कर दे तो
14:32अगर गुल्बानों हां कर दे तो
14:55कंदिल देखा तुमने अपनी दोस्त का बहीवियर
14:57कितनी तमीजदार है वो
14:58इसो के, कोई बात नी
15:02अपनी दोस्त को संझाओ
15:04उसका अस्ती निकानी औरा मेरे साथ
15:06इबाली में की रहसा में ज़रोरी है
15:08ठीक है?
15:10मैं करती हूं से बात
15:12मैं भी चलती हूं तुम्हार से हो
15:13चाला
15:26मुझे इसा क्यों लगता है तुम गुल्बानों को पहले से जानते हो
15:32एक हुमर गुजर जाती है किसी को जानने में
15:38आल बता शकल से जरूब आपके हो
15:41लेकिन सिर्फ मैं वो नहीं
15:44दिमाग काम करता है तुम्हारा या नहीं?
15:50तुम्हारा या नहीं?
15:52तुम्हार तुम्हार थुम्हार या नहीं?
15:55आपक पसा अगहला है…
15:58ज़रोगे सने नहीं मुझे तुम दोरे क sé Gus यूरोगे और है वही हैं,
16:03मुझे तुम्ही तुम्हे अपने दम्म्म हने की कोषिच अवहें थाूर
16:07जा मुने बता हो सबैको Why not?
16:09यह लगतो तुम तुम्हारा के त�ремोर करता है?
16:14गुल्बानो तुम्हें इतनी सी बात समझ क्यों नहीं आती है
16:19वो तुम्हारे साथ सिर्फ तुम्हारे लिए
16:22उसके साथ मुझे अटैच तुमने किया है
16:25इसने नहीं, हालात ने किया है
16:28वो सिचुएशिय इसी थी
16:30अगर कंदील उस वक समझदाई से कामना लेती न
16:33तो बहुत बुरे हालात हो जाते
16:35देखो गुल्बानो समझने के कोशिश करो
16:43तुम एक दफ़ा सिर्फ एक दफ़ा अपने उस लालची चाचा
16:47और ये शेरोज वाले मामे से निपढ़ लो
16:49उसके बाद अराम से ढूनती रहना काशिको
16:52हाँ और जब मिल जाए तो उससे कह देना के मुसीबट तल गई है
16:55आओ पहुबबद कर लें
17:12क्या कहूं मैं तुम सब आदा तो है नि कुछ
17:22आफ और लामी हाँ
17:35तो प्यार करते हो इस लड़की से या महबत है
17:52प्यार और मुपपत, इसमें फर्ग क्या होता है?
18:11ओ, खुदादेया बंदेया, कहने वाले कहते हैं?
18:22प्यार, महबबत और इश्क एक ही जजबे के मुख्तलिफ नाम है,
18:34मगर इस फलसफे को समझने में उम्र लग जाती है.
18:42अगर आप इस फलसफे से वाकिफ हैं,
18:49तो मेरी रहनुमाई करते हैं, शायद मेरी मनजिल असान हो जाए.
18:59तरहसल फेल, फाइल और मफूल का होना प्यार को जाहर करता है.
19:12जैसे यह तुम्हारा हाथ, यह मेरा हाथ, यह फेल, यह मफूल, यह वाइल.
19:34यह वाइल, जहाद अतर लोग इसी में रह जाते हैं, और महबत महबत की दुहाई ही देते हैं.
19:46फिर महबत क्या है?
19:52वह खुदा देया बंदया, सब आज ही खा जाएगा.
19:58पहले पिछला सबक याद करो, फिर आगे बढ़ेंगा.
20:04यह आदमा, शाबाज.
20:08यह आदमा, यह मेरा खुदाया.
20:14यह मेरा खुदाया.
20:17यह आदमा खुदाया.
20:44कर दो कर दो
21:14कि ऑशी कर दो आप्ता एक कर दो दो कर दो आप अखा नगी कर थे बैल अब आप झाला आप इंग दो और दो मैं अखा आप धी अल आप अब एक आप एक आप
21:44किसे नहीं कगा कर दो कि नहीं है?
21:49परफक्ट.
21:51वह दो है नहीं?
21:59है वोलोजीर और भी जैंते हैं आजा नहीं हो है?
22:04उन्हें पार्षा नहीं हो।
22:06तो है बताओ गुलबानो कॉल जानती है फखर को
22:08गुलबानो के खालाजात मंगेतर बेदार का कतल तुमारे इसी दोस्ते है
22:14तभी गुलबानो इतनी नफरत करती है इसे
22:21जब महुबबद घर कर लेती है न तो फिर ये जरजर सी बातों पर चिलाने वालों गंज उठाने वालों से नफरत हो जाती है
22:30और ये तो ठहरा एक कातिल ये कैसा है?
22:36ट्राय कर लो?
22:37I think I will
22:40पेटिंगो?
22:41पेटिंगो
23:00तुम राद से यहां बैठे हो?
23:21तुम राद से यहां बैठे हो?
23:25हम
23:30जब दावे
23:32बड़े-बड़े किये जाए न
23:34तो अपनी हार को तसलीम करने के लिए ही होई
23:39किसी कमरे में मुझ चुपा कर बैठना बढ़ता है
23:48सीट तु जीत कयो
23:50फिर हार कैसी?
23:55कुलबानो ने निगाह कर लिया
24:00हम
24:02बड़ा मान था ना अपनी स्यासत पर
24:07एक कल की बच्ची ने
24:09चारों शाह ने चित कर दिये तुम्हारे
24:14कुलबानो की मुखबत नहीं
24:16स्यासत उत्राइग का क्को जाएगा
24:17स्यासत की बच्ची ने मैं
24:19जहां आरा का साँशत जीट कहीँ
24:20जहां अरा की स्यासत जीत गहीए
24:25अव्या जाएग श्याशत के तुम्हाइए
24:26if you don't mind
24:29I would like to be left alone, please
24:33sure
24:56you won't win in the war
25:03and what do you want to do?
25:06you are in the same place
25:08you are scared of being angry
25:12you are scared of being angry
25:16you have made so much punishment in love
25:24I married again
25:26अउलाद होई, बेवगी की जिन्दगे गुजारी, बेदार की मौत, जिन्दगी के सारे रंग देटी।
25:46तुमने क्या तो के?
25:47जब दो लोग महबद करते हैं तो किसी एक के हैसे में जिन्दगी आती है।
25:59मुदूर्शे को महबद में रेकम का खून पिलाना पड़ता है।
26:07तब जाके महबद इंदा रहते हैं।
26:13कुछ खून हुच्छी भी वाजब है।
26:17मुझे भी सुर्ख रू होने दो, महबद की बारगाब।
26:25अज तंग नकर, जाने दे।
26:37अज तंग नकर, जाने दे।
26:49आज तंग करने के लिए नहीं रोका।
26:53सर्फ इसलिए रास्ते में आया हूँ कि जान सको आपके आखों में लाली और ये बुझावान दास सब खेरियत है।
27:03अजना।
27:04जखम तिल पे लगे लगे लगवववववशन आखों से बहपरता है।
27:11तुझे क्या मालूम है।
27:13मुझे, मुझे सब मालूम है।
27:16दिल के जखमों का मुरम दिल रखने में है।
27:21एक बार कोशिश करके देखे ना।
27:25इस बात के गारेंटी नहीं देता कि दिल का जखम बर जाएगा
27:30लेकिन एक बात यकिन से कह सकता हूँ
27:34आपके जखमों की लाली आपके आँकों में नहीं होगी
27:39हैरी आँकों में होगी
27:42जमीला जी
27:55यह जखमों के अच्छाएगा जखमों के लिए गए अभी तक भी नहीं लोटे हैं वो फोन भी बन जा रहा हूं का
28:16तो अब नहीं आएगी अगए
28:20क्या मतलब है आपका कि वो नहीं आएगी
28:25अब निकाह हो गया उसका अब उसके लुटने के सारे रस्ते बंद हो चुके हैं
28:35सुनो अधर आओ
28:48आओ
28:54यह लो गुल बानो को भुलाने के लिए यह सबसे मौसर दबाएं
29:09सुन्ट
29:11अब नहीं तो सुन्ट
29:13अब यह वो बानो को भी को
29:15सुन्हें हो जह शोगए
29:17सुन्ट
29:21सुन्ट
29:23कर दो कर दो
29:53कर दो MEMर दो
30:21कर दो
30:22काश्रिफ अगर तुम मिझे छोड़कर नहीं जाते कम इस घुन्डे के साथ ये ड्रामा कभी नहीं करती
30:45इसकी तरफ वरता मेरा हर कतम जलते कोईले पर चलने जैसा है
30:52जिस पर पाउं तो मैं रखूंगी चाले तुम्हारी रूपर पढ़ेंगे
30:57सुना ता मौबबत में देवतास बहुत से जानलेवे मरहलों से कुजरता था
31:04लेकिन ऐसी क्यामत तो शायद उस पर भी नहीं कुजरी होगी
31:08कुल्बानों पूरे शेहर के सामने मेरी हो रही है और मेरी नहीं है ठीक है ते है प्रोफेसर साथ
31:17मेरे जुनों को मेरा तर्याक कर दे वाँ वाँ वाँ
31:20सुछानलाँ भई बरकुरदार शायरी तुम्हारी तो बहुत अंगा है
31:28अम्यानापन सहल पसंदी और बेसाख्तगी तो सीधा दिल में उतरने वाली लेकिन यह तुम्हारा तखलुस है अबदुल्लापूर का देवदास इसके बारे में सोचो आइवुट सजेस्ट के तुम इसे बदल डालो प्रोब्लम कैसमें पंजाब यूनिवस्टी में एक द
31:58जब दुबारा जाके देखा तो तो वो तर्ग सूप शुक चुकाता है। अविस्टी में आप्रोगा जब दुबारा जा के देखा तो तो वो तरग सूप चुकाता है।
32:03Anyways, wish you all the best.
32:28झाल झाल
32:58झाल
33:28तेरे होने की खुशी और नहोने का गम
33:36एक हो जाते हैं जब भरू तेरा दम
33:43सास में तेरी खुख आँखों में तेरा नम
33:55खुश भी है मदभूश साहबा तेरी कसम
34:03पर्दाए दिल पोशी जा में चाहत नोशी
34:09इस फखर के साथ गुर्बानों जड़ा अची लग रही हैं
34:22हम काशिफ के दोस्त ना इस लिए
34:25वैसे यहां हर कोई अपने अपने दोस्तों के भरम ही रख रहा है
34:30जैसे हमने काशिफ की फ्रेंशिप के लिए इन दोनों को एक किया
34:34और काशिफ उसने फखर की दोस्ती के लिए अपनी महबत ही कुर्बान करती
34:38अच्छाले वेश्का तुम एश्का तुम एश्का तर्थ निराले वेश्का वेश्का हीरा राचे खाले
34:53कभी ऐसा भी हो बरूबरू तुम बैठो हमारी आंखों से क्या हुआ
35:05कोई डराओना फ़ाद देख लिया क्या
35:07ऐसा लगा किसी ने दोनों हाथों से मेरा गला जबा दिया हुआ
35:16वो खुदा देया बंदेया
35:18तुम्हारी रातें बेदार हो रही है
35:21फकीरा लिखता है जिसकी रातें बेदार हो जाएं
35:25उसे मन्जिल मिल जाती है
35:27जाओ उठो जाकर वुदू बना कराओ
35:31जाओ
35:34उसे
35:37हुआ
35:39हुआ
35:41हुआ
35:43हुआ
35:45हुआ
35:47हुआ
35:49हुआ
35:51हुआ
35:53हुआ
35:55दू
36:07हुआ
36:09हुआ
36:14तुम
36:19तुम इस कमरे में क्या कर रही हो
36:22अच्छा, समझ गए, तुम्हारी नियत खराब हो गगई है ना?
36:40क्या नियत खराब हो ये मेरी, बताए मुझे आप
36:42तुम्ने मुझे सर्फ वली में की रसंका कहा था
36:46तुम मेरे कमरे में आजाओ के निका किये बगएर ये सारी रस्में के तुम्हे मुझे ये नहीं कहा था
37:08क्यों
37:12अच्छा लेना ये थापर
37:16और ये कमरा याकूब में से जाए ये पूछोंगा मैं उससे
37:24मेरा कमरा है
37:46अगर मजबूरी में हमारा निका हो भी जाता ना
37:54तब ये रसमें नहीं होती
37:57तिल की मर्जी का कायलू मैं
37:59और ये बाद भी बहुत अच्छे से चानता हूं
38:07कि तुम्हारे दिल में कोई और धड़ता है
38:09कि तुम्हारे दिल की लगी लगे तेरे दिल को
38:20कि खलते प्ले करिए कर दो को
38:24कि अंची बें धर्टन यिंदकन इंदकन
38:39कि अंची पसिए
38:44प्राम थैंग।
38:49महबबत में फाइल और मफूल दोनों नजर आता है
38:55फेल बड़ी शिद्दत से होता है
38:58पर दिखाई नहीं देता
39:02उसे हाथ बढ़ा कर छुआ नहीं जा सकता तब इल्कुल उस चांद के मानने पर जो हमेशा एक फासले पर रहता है
39:14क्या महबबत में
39:15विसाहल होता है
39:19जरूर होता है
39:21चांद उतर के आता है ना पानी पर
39:24बस हाथ लगाओगे तो कुछ हाथ नहीं आएका
39:30इतना ही विसाहल होता है
39:35और इश्क?
39:37ओ खुटादिया बंदिया
39:40इश्क तुमारे लिए नहीं है
39:42नहीं है और इश्क की अता मेरे अख्तिहार में भी नहीं है
39:50नहीं है आता
39:51आप
39:52मुझे लगता है मौपद भी नहीं है मेरे इंसीव में
40:02मुझे लगता है मौपद भी नहीं है मेरे इंसीव में
40:14मुझे आता है
40:19क्या चुपारहा है
40:20इश्काना
40:21क्या मतलब है
40:22खबर देगा कि पर एड़ बढ़ा रहा है
40:24आपको पता है ना
40:25गुरी खबर में देगा अच्छी तरह जानती है ना रहां
40:28रहां को
40:29यह ना मर गई
40:30करें, फखरी ने चांद तो नहीं चड़ा दिया
40:33चांद ही तो चड़ा दिया भाईया ने
40:35यह देखें
40:54अर्स तो जमीला सच में मार के लिए
40:56यह ले देखें कोई जब ले के मतारा
41:26अपना फखर पक्तर यूँ शादी करेगा, इस यूमी तो अर्गिज नही थी, सखीना में.
41:33मैं जानती हूं दिवान सब, इन्ही हातों में से पाला है, उसके जिद को अच्छी तरह जानती हूं, उसने गुल्बानों को हासिल करकी रहने था.
41:44जी खेरी सल्ला करे हासल मुभबत है उसके लिकिन अपनों को भी तो बुलाता है, हम अब दुल्लापर सुझाते हैं, रहनक लगाते हैं.
41:56इस मुभबत ने मेरे घर को बरबाद करके रख दी है.
42:06अच्छा जी मैं चलता हूंगे श्यूस.
42:10निवान साथ, आप जाते वे मिठाई बिजवा देना, मौले में बाटनी है.
42:17मैं बिजवा देता हूंगे, रख रख रख.
42:23यह क्या कि अवखर तुबे, तेरे सर पे सेरा से जाती, तो बेटा होने की मूर लग जाती है.
42:36बेए बारेे व्यरोबास ईंदीचले.
42:41तेरे, बबारे � Bolt olabilir.
42:46प्याती.
42:49अएपरवा लड़ अवाने.
42:54करूवा तेरे, लग recommend की अवखरा झासा कीया की शीन.
42:56कैस देरे, पिएरूवेता है.
43:00झालते हैं है झालत � Kommentare ब्टमाना की तालती.
43:05कर दो कर दो कर दो दो
43:35कर दो
43:37झाल
44:07अखिया से सक कर रोई
44:12इतना भी तूटे ना कोई
44:18या मेरा दिल जोड़ दे
44:25या मेरी रा मोड़ दे
44:35नीद नहीं अखियों में कोई
44:43रात भी रात भरना सोई आसमा
44:50तोड़ दे
44:56या मेरी रा मोड़ दे
45:06तेरी अखियों से तेरा दर्द में बंपलूं
45:15अपने हातों से मेरा तू सबल तोड़ दे
45:20पास तेरे हैं जिसे तू खोजता फिर रहा
45:25दर्द मेरे को तू मेरे हाल पे छोड़ दे
45:30जे संग मेरे वी तू कले दुख सेड़ा
45:35जे संग मेरे वी तू कले दुख सेड़ा
45:39ते भी बासादा धिल पोड़ दे
45:43अऊड़ा
45:46वो तूम
45:48तूम तूम याँ क्या करो मेरे कमरे में हा श्याय मुझे अच्छी तूम्हारी दियत ठीक नहीं है
45:54असलिए तूम्हारी बरसे मैं सारी राज चार लगी थे, अ मिनट नहीं सो ही में
45:57मैं आपको नाच्टे के लिए बुदाने के लिया था और ये मुबाइल देने के लिया था, सच में
46:01मुझे नहीं चाहिए तुम्हारा मुबाइल
46:04तुमसे मुझे मजीद राप्ता बढ़ाने के जरूवत नहीं है
46:07आपता कर नहीं रहा हूं पल्कि आपकर रापता करवा रहा हूं रख लीजिए प्लीज अखबारात मैं तस्वीर भरी भी हमारी आपका महभूब देखे का उसे दुखो का ये गलत वही दूर करने के लिए काम एगा रख लीजिए
46:37एक बात कहूं आपसे
47:02किसी लड़की को इसना तनहा छोड़ के मूछ अपालेन वाले को मौपट जएब नहीं देती
47:11वो जैसा भी है जो भी है मुझे को बोले और तुम्हें मेरी फिकर कर करने की ज़रा सी भी जरूवत नहीं ठीक है अरच नहीं तो तुम्हारे घर भी मैं छोड़ के चली जाओं यांसे
47:28तेके आप गलत समझ झाज़िए मुझे कुछ भी समझाने के जरूबत यहीं क्योंकि मुझे तुम्हें को बात नहीं तुम जैसे लोग को अच्छी तरह चानती हूँ जाओ जाओ यहांसे फॉरल
47:37मैं भी जाओ यहांसे
47:58जाओ फोड़ के जन्यों मिट्ति दाक्रोड़ा
48:15जे पूठियां दे सामने ली जैडा जे बीबा साधा दिल बुड़ दे
48:23प्राइब प्राइब प्राइब
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