00:04धन्तेरस का पर्व दिवाली से दो दिन पहले मनाय जाता है इस साल धन्तेरस 6 नुमंबर 2026 को है इस
00:11पर्व को धन्त त्रियोदशी या धन्वंत्री जेंती के नाम से भी जाना जाता है
00:16धार्मिक मानेता के अनुसार इस दिन भगवान धन्तरी अमरित का कलश हाथों में लिए प्रकट हुए थे तभी से कार्थिक
00:25मास के कृष्ण पक्ष की त्रियोदशी तिथी को उनके प्रकटों उत्सव के रूप में मनाय जाता है इस दिन मान
00:32लक्षमी भगवान धन्तरी भग
00:34भगवान को बेर और भगवान यम्राज की पूजा की जाती है माना जाता है कि इस दिन विदिविधान से पूजा
00:41और भोग अर्पित करने से पूजा सफल होती है और दो गुना फल प्राप्त होता है ऐसे में चली बताते
00:48हैं धन्तेरस पर किस किस चीश का भोग किसको लगा
01:31इन्हें शुक्र ग्रह का प्रतीक भी माना जाता है।
01:36उन्हें चावल के खीर का भोग लगाना चाहिए।
02:06इसलिए उन्हें भोग में पीली मिठाई जैसे पेशन के लड़ो पीली बरफी या पीली खीर अरपित की जाती है।
02:14धन्वंत्री जी को स्वास्त लाप के लिए गुड या गन्ने का भोग लगाना भी शुब माना चाता है।
02:22तो आप भी धन्देरस पर भगवान धन्मंत्री, भगवान कुबेर और माता लक्ष्मी को इन जी जो का भोग लगा सकते
02:29हैं।
02:30उमीद करती हूँ आपको जानकारे पसंद आई होगी।
02:32फिलाल अमारे इस वीडियो में इतना ही वीडियो को लाइक शेर और चैनल को सब्सक्राइब करना ना भूले।