00:00जो बंदा जैसा है वो एक फैसला वैसे नहीं लेगा, वो अपनी जिन्दगी के सारे ही फैसले वैसे ही लेगा
00:05तुम्हारा केंदर गलत है तो तुम्हारी जिन्दगी के सब कुछ गलत है
00:09इसलिए तो लोगों को मुझसे बड़ी तकलीफ रहती कहते है आचारह जी इन्ये तो हमारी हर चीजब में दोश दिखता
00:13है, हाँ, तुमारी हर चीजब में दोश है, क्योंकि तुमारे केंदर में ही दोश है
00:17मैं कपड़े पहनता हूँ वो बताते हैं गलत है
00:19मैं खाना खाता हूँ मेरा खाना गलत बताते है
00:22मेरे इंटरेस्ट को गलत बताते है
00:24मेरे रोल मॉडल्स हो गलत बताते है
00:26मेरी मेरिटल लाइफ को गलत बताते है
00:28मेरी रिलिजियस लाइफ को गलत बताते है
00:30क्या मैं पूरे ही गलत हूँ, हाँ तुम पूरे ही गलत हूँ, तुम्हारा सब कुछ गलत है, क्योंकि तुम्हारा सेंटर
00:34ही गलत है, और जिसका सेंटर गलत होगा, उसकी जिन्दगी में दो-चार चीजें गलत नहीं होगी, सब कुछ ही
00:38गलत होगा, ये इल्जाम नहीं है, य
00:44ये राहत की बात है, ये खुश्खबरी है, क्योंकि इससे ये पता चलता है, कि जब आप अपना सेंटर ठीक
00:49करने लगते हो, तो आपका सब कुछ ठीक होने लगता है, और आपकी जिंदगी में जो आपको दुख आता है,
00:57जो चोट लगती है, उसका सार्थक उप्योग भी है �
00:59कि आप चोट को भूल जाओ, किंदर पर ध्यान दो, इनसान दूसरे बनो, इनसान बहतर बनो, उससे आपकी जिंदगी में
01:06एक चीज नहीं ठीक होगी, सब चीज़ें ठीक हो जाएंगी, उदारण के लिए, हार्ट अटैक आ गया क्योंकि डेड़ सो
01:12किलो के थे, अब एक तो
01:25स्ट्रेस जादा हो गया था, तो हार्ट अटैक आ गया, वरना तुम्हाल दी हूँ, अदूसरा तरीका ये है, कि मान
01:34जाओ कि तुम जो हो, तुम्हें हार्ट अटैक तो आ नहीं आना था, बस बच गए खुशकिस्मती है, वजन कम
01:41करे हो, तो सिर्फ हार्ट अटैक से नहीं �
01:43बच गए, वेट रिलेटेड और जितनी बीमारियां तुम्हें होने जा रही थी, उनसे भी बच गए, केंदर बदलो, बंदा ही
01:52बदल दो, और याद रखना कोई गल्ती कभी किसी ने धोखे से नहीं करी, वो गल्ती नहीं है, वो कर्म
01:59है जो होना ही होना था, तुम जैसे इ
02:13मिश्टैक नहीं हो गया,