00:07हूक राजा जी भुजपूरी के इस गाने की धुन सामने डांस करती महिला कलकार और उनके सामने खड़े खाकी वर्दी
00:15वाले लोग
00:15ये मामला सिर्फ किसी डांस कारेक्रम का नहीं है अक्चुली जिस जगह पर पुलिसकर्मी सुरक्षय ववस्था के लिए तैनात थे
00:23वही कुछ पुलिसकर्मी मोवाईल निकाल कर इस कारेक्रम को रिकॉर्ड करते नजर आए
00:28सोशल मीडिया पर वारानिसी के लाट भैरो मंदिर परिसर का एक वीडियो तेजी से वाइरल हो रहा है
00:33दावा किया जा रहा है कि ये वीडियो काशी के लाट भैरों मंदिर परिसर में आयो जित एक कार्यक्रम का
00:39है
00:40वीडियो में मंच पर महिला डांसर्स प्रस्तूती देती दिखाई दे रही हैं
00:43और सामने बड़ी संख्या में पुलिसकर भी है, आम जनता भी है, सभी तैनाते माँ पर खड़े हैं
00:49सोशल मीडिया पर अब दावा किया जा रहा है कि इन में से कई पुलिसकर मी अपने मोवाईल फोन से
00:53डांस का वीडियो बना रहा है
00:56वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर तरह तरह के कॉमेंट्स भी किये जा रहे हैं
01:01कुछ लोग इसे पुलिस की ज्यूटी और मंदिर परिसर की मरियादा से जोड़कर सवाल उठा रहे हैं
01:07कुछ तो पोस्ट में सीधे-सीधे वारान से पुलिस को टैग करते हुए पूछ रहे हैं
01:11कि अगर पुलिस करमी सुरक्षा के लिए तैनात थे तो क्या उनका काम कारेकरम की रिकॉर्डिंग करना भी था
01:16हालाक यहां एक जरूरी बात समझना भी बहत जरूरी है
01:20वाइरल वीडियो में जो कुछ दिखाई दे रहा है उसके आधार पर पुलिस करमीयों के मोबाइल इस्तेमाल करने की बात
01:25कही जा सकती है
01:26लेकिन उनकी मन शाय या उनके किस उद्देश से रिकॉर्डिंग की है यह सिर्फ वीडियो देहकर तैय नहीं किया जा
01:32सकता
01:33इसी तरह सोशल मेडिया पर इस्तेमाल किये जा रहे है अश्लील जैसे शब्द भी टिपणी और आरोप के तौर पर
01:39ही देखने है
01:40जब तक पुलिस या प्रिशासन की ओर से इस मामले में कोई आतिकार इजाच या बयान सामने नहीं आता है
01:45अब इस पूरे मामले की प्रिश्ट भूमी समझें
01:49वारानसी के लाट भैरो मंदिर में इन दिनों बाबा लाट भैरो के विवाह उत्सों से जुड़े कारेक्रम चल रहे है
01:55स्थानिया रिपोर्ट्स के मुताबिक विवाह से पहले हल्दी और महदी जैसी रस्में आयोजी थो
02:01इन कारेक्रमों में महिलाओं ने मंगल गीत गाय और निर्त्य भी किया
02:06बाद में विवाह की रस्म पूरी हुई और सांस्कृतिक कारेक्रमों के तहत नित्य प्रस्तूतियां भी हुई
02:11यानि कि मंदिर परिसर में कारेक्रम का आयोजन होना अपने आप में कोई छिपी हुई है कोई नई वाद नहीं
02:17थी
02:18असली सवाल वाइरल वीडियो के बाद पुलिस की भूमी का हो लेकर खड़ा होने लगा
02:23क्योंकि किसी भी धार्मी का आयोजन में बड़ी भीड जूती है
02:27तो पुलिस की जिम्धारी सिफ मंच या कारेक्रम को देखने की नहीं रहती वलकि कानून व्यवस्था बनाये रखने की होती
02:33है
02:33भीड को नियंतरित करने की होती है और किसी अप्रियस्थिति को रोकने की होती है
02:38लाट भैरो जैसे धार्मिक स्थल पर भीड प्रवंधन और सुरक्षा को लेकर पुलिस की तैनाती इसी विवस्था का हिस्सा होती
02:45ऐसे में अगर ड्यूटी पर तैनात कोई पुलिस कर्मी कारिक्तम देख रहा है तो ये अलग सवाल है
02:51और अगर वो अपना मोबाइल निकाल कर मंच के रिकॉर्डिंग कर रहा है तो ये अलग सवाल वन जाता है
02:57वाइनल वीडियो में दिख रहे द्रिश्यों को लेकर फिलहाल सोशल मीडिया पार यहीं बहस चर रहे है
03:01और मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि बात वाराणसी की है
03:05वाराणसी प्रधान मंतिर नरेंद्र मोदी का लोग सभाचेतर है
03:092024 के लोग सभाचुनाव में नरेंद्र मोदी वाराणसी संसदिय सीट से निर्वाचित्वर्ण से पहले भी वो वहीं के MP थे
03:17इसलिए बानारस से जुड़ा कोई भी वीडियो सामने आता है
03:20तो उसका राज़ूतिक और प्रशास्निक संतर भी तुरंत चर्चा में आ जाता है
03:23और अलग तरीके से उसको मोड मरोड कर पेश किया जाता है
03:27अलग ये याद रखना जरूरी है कि किसी सांसद के लोकसभाद छेतर में हुई स्थानिय घटना को
03:32सीधे उस सांसद की व्यक्तिगत जिम्मेदारी अभूमिका से आप नहीं जोड सकते है
03:37कि कि तथ्यात्मक रूप से भी ये उचित नहीं होगा
03:39यहां मुद्दा स्थानिय आयोजन उसमें तानात पुलिस कर्मियों की कतित गतिवे धीका है
03:45अब सवाल उठता है आखेर पुलिस कर्मी वहाँ क्या कर रहे थे
03:49अगर वे सुरक्षा ड्यूटी पर थे तो क्या उन्हें कारेकरम की रिकॉर्डिंग करने की अनुमती थी
03:54क्या वे भीड के निगरानी कर रहे थे
03:56क्या मोबाइल का इस्तेमाल किसी सुरक्षा कारण से हो रहा था
04:00या फिर वास्तों में एक कारेकरम को व्यक्तिकर तोर पर रिकॉर्ड कर रहे थे
04:04इन सवालों का जवाब वीडियो देखकर नहीं लगाया जा सकता बल्ही संबंधित अधिकारियों की जाच
04:09या फिर अधिकारिक प्रतिक्रिया से ही मिल सकता है
04:12फिलाल जो बात सामने आई है वो इतनी ही है कि लाट भैरोमंदी परिसर में धार्मी विवाहों सो के दोरान
04:17सांस्क्रितिक कारेकरम हुए थे
04:20और सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो में पुलिस कर्मी मंच के सामने तैनात दिखाई दे रहे हैं
04:25वीडियो के आधार पर सोशल मीडिया यूजर्स पुलिस की भूमिका पर सवाल उठा रहे हैं और वाराण से पुलिस से
04:32स्पश्टिकरण की मांग कर रहे हैं
04:34गौर करने वाली बात ये भी है कि मंदिर और धार्मिक स्थलो पर सोशल मीडिया के लिए वीडियो बनाने को
04:40लेकर देश भर में लगतार बहस होती रही है
04:43कई जग है प्रशासन रील और गैर जरूरी शूटिंग पर भी रोक लगाने की कोशिश करता है
04:48तो कई जग है धार्मिक आयोजनों में सांस्कृतिक कारिकरम भी परंपरा का हिस्ता होते हैं
04:54इसलिए किसी वीडियो को देखकर तुरंत निश्कर्ष निकालने के बजाए आयोजन की प्रकृती, अनुमती और ड्यूटी पर तैनार पुलिस करिमे
05:01की भूमी का तीनों पहलों को देखना जरूरी है
05:04लेकिन वाइरल वीडियो ने एक सीधा सवाल तो खड़ा कर दिया है अगर पुलिस कर्मी सुरक्षा के लिए तैनार थे
05:10तो क्या ड्यूटी के दोरान मुबाइल से कारिकरन रिकॉर्ड करना उनकी जिम्मेदारी का हिस्सा था
05:15तो अब सब की नजर वारान सी पुलिस की टतिक्रिया पर है अगर पुलिस इस वीडियो की जांच करती है
05:21तो ये भी इस पश्ट हो सकता है कि वीडियो में दिख रहे कर्मचारी कौन है उनकी ड्यूटी क्या थी
05:26और मुबाइल इस्तिमाल करने की वजह क्या थी
05:29फिलाल सोशल मीडिया पर वीडियो वाइरल है सवाल अगतार उच रहे हैं और जवाब का इंतजार है क्योंकि बात सिर्फ
05:35एक डाज कारिक्रम की नहीं है बात उस खाकी की है जिसे किसी भी आयोजन में सबसे पहले सुरक्षा और
05:41वेवस्था संभालने की जिम्मेदारी दि�
05:44आती है और खाकी पर यूही इलजाम लगा देना आसान तो बेहत होता है लेकिन अगर आप उनके जूते में
05:49पैर डाल कर देखेंगे तो फिर कहानी कुछ अलग निगल सकती है बहराल इस ख़बर में इतना ही लेकिन अपडेट्स
05:55पर हमारी नजर बनी ली है अगर पुलिस प
06:13अप्रवार अपड़ एंडर में लेकिन ऑन्रवार लाखन देखेंगे ओड्र, झान अपड़ाद्स पर देखेंगे लेकिन अपन्पाट्स 7