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  • 13 minutes ago
ठोस नतीजों की उम्मीदों के बीच नई दिल्ली का ब्रिक्स शिखर सम्मेलन समाप्त हो गया है. सम्मेलन के दूसरे और आखिरी दिन पीएम मोदी ने टेक्नोलॉजी और क्रिटिकल मिनरल्स को हथियार के रूप में इस्तेमाल करने को गलत करार दिया और कहा कि इससे दुनिया के विकास पर असर पड़ता है. पीएम मोदी ने दुनिया के सामने मौजूद संकट और उससे निपटने के लिए उपायों के बारे में बतलाया.  भारत ने ब्रिक्स के तमाम प्रयासों को चार स्तंभों पर केंद्रित किया है, जिनके नाम हैं- लचीलापन, नवाचार, सहयोग और स्थिरता. हाल में दुनिया ने सप्लाई चेन के संकट को देखा. भोजन, ऊर्जा सुरक्षा, बुनियादी ढांचा और उत्पादन नेटवर्क में सप्लाई चेन के महत्व को देखते हुए सप्लाई चेन रेजिलियंस फ्रेमवर्क का प्रस्ताव रखा.  दूसरी तरफ तेजी के बदलती अर्थव्यवस्था में तकनीक के महत्व को पहचानते हुए ब्रिक्स को इनोवेशन इकोसिस्टम से जोड़ने के लिए सहयोग की जरूरत है. ऐसे में ब्रिक्स देशों के बीच आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर, मैन्युफैक्चरिंग, व्यापार में तकनीक और इनोवेशन इकोसिस्टम को जोड़ने का प्रस्ताव है.  वीओ- व्यापार और निवेश को बढ़ावा देने के लिए पेपरलेस व्यापार और डिजिटल सिस्टम के बीच बेहतर तालमेल यानी सहयोग पर जोर दिया गया है. और आखिरी स्तंभ है स्थिरता. बिजनेस की स्थिरता को बनाए रखने के लिए ऊर्जा सुरक्षा, ट्रांसपोर्टेशन और औद्योगिक प्रतिस्पर्धा का होना जरूरी है. पीएम मोदी ने ब्रिक्स को आम लोगों तक पहुंचाने पर जोर दिया. 

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00:00पिछले दो दिनों की हमारी चर्चाओं ने हमारा विश्वास और मजबुत किया है।
00:05थोस नतीजों की उम्मीदों के बीच नई दिली का ब्रिक्स शिखर सम्मेलन समाप्त हो गया।
00:10सम्मेलन के दूसरे और आखरी दिन पियम मोदी ने टेक्नलोजी और क्रिटिकल मिनरल्स को हत्यार के रूप में इस्तेमाल करने
00:18को गलत करार दिया और कहा कि इससे दुनिया के विकास पर असर पड़ता है।
00:23टेकनलोजी ओर कृूटिकल मिन्रल्स का वेपनाइजेशन हमारी साहजा प्रगति में बाधा बन सकता है। इसलिए हमने टेकनलोजी के इडप्षन में
00:38इंक्लूजिविटी पर बल दिया है।
00:40P.M.O.D. ने द herself
00:41foreign
00:47foreign
00:48foreign
00:48foreign
00:48foreign
00:51और supply chain disruption ने दिखाया है कि आज़के interconnected world में कोई भी संकट एक छेत्र तक सिमित नहीं
01:03रहता
01:05इसलिए हमने BRICS मूस में resilience बढ़ाने पर विशेश बन दिया है
01:12भारत ने BRICS के तमाम प्रयासों को चार इस्तंभु पर केंदरित किया है
01:17जिनके नाम है लचीलापन, नवाचार, सहयोग और इस्तिर्ता
01:23हाल में दुनिया ने supply chain के संकट को देखा है
01:27भोजन, उर्जा, सुरक्षा, बुनियादी धाचा और उत्तपादन नेटवर्क में
01:32supply chain की एहमियत को देखते हुए supply chain resilience framework का प्रस्ताव रखा
01:38दूसीरी तरफ तेजी से बदलती अर्थववस्था में तकनीक के महत्व को पहचानते हुए
01:44BRICS को innovation ecosystem से जोडने के लिए सहयोग की जरूरत है
01:48ऐसे में BRICS देशों के बीच artificial intelligence, digital infrastructure, manufacturing, व्यापार में तकनीक और innovation ecosystem को जोडने का
01:59प्रस्ताव है
02:00व्यापार और निवेश को बढ़ावा देने के लिए paperless व्यापार और digital system के बीच बेहतर तालमेल यानि सहयोग पर
02:09जोर दिया गया
02:09और आखरी स्थिर्था, बिजनेस के स्थिर्था को बनाए रखने के लिए उर्जा सुरक्षा, transportation और अद्दोगिक प्रतिसपर्धा का होना जरूरी
02:20है
02:20PMODI ने BRICS को आम लोगों तक पहुचाने पर जोर दिया
02:24हमारा प्रयास रहा है कि BRICS कोपरेशन केवल सरकारों तक सिमित न रहे हमारे entrepreneurs, farmers, researchers, women, youth और
02:42सामान्य नागरिक भी इसके सक्रिय भागिदार बने
02:47PMODI ने BRICS को समाधानों का ecosystem करार दिया और उम्मीद जताई की नई दिल्ली घोश्रा पत्र, साजा विजन और
02:55भविश के सहयोग को अश्पस्ट दिशाप्रदान करेगा
02:58इसके साथ ही BRICS तीसरे दशक में प्रवेश कर गया है और इसकी अगली मेज़मानी चीन करेगा
03:05Bero Report, ETV भारत
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