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  • 15 minutes ago
होर्मुज स्ट्रेट के बाद अब दुनिया की नजरें एक और अहम समुद्री चोकपॉइंट पर हैं। यमन के हूती विद्रोहियों ने लाल सागर के रणनीतिक रूप से सबसे महत्यपूर्ण मयून द्वीप और मोखा बंदरगाह पर कब्जा कर लिया है। यमन की अंतरराष्ट्रीय मान्यता प्राप्त सरकार ने भी इसकी पुष्टि की है। यानी लाल सागर और हिंद महासागर के बीच एक और अहम रास्ते पर संकट गहरा गया है।


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00:01स्ट्रेट के बाद अब दुनिया की नजरे एक और एहम समुद्री चेक पॉइंट पर है यमन की हूती विद्रोहियों ने
00:08लाल सागर के रनीतिक रूप से सबसे महतपून मयून दूइप और मोखा बंदरगाह पर कबजा कर लिया है यमन की
00:16अंतराश्ट्रिय मानिता प्राप्
00:29चिमी तट से करीब साहरे तीन किलोमीटर दूर है बावल मंडेब स्ट्रेट के ठीक बीच इस्तितिय दूइप रनीतिक रूप से
00:37काफी एहम है इसे परिम दूइप के नाम से भी जाना जाता है यमन की सेना के पीशे हटने के
00:44बाद हूती लड़ाकों ने यहां पनी मौजू
00:48बावल मंडेब क्यों एहम है दुनिया के सबसे एहम शिपिंग रूट्स में से एक यह लाल सागर को अदन की
00:55खाड़ी से जोड़ता है यूरोप एशिया के बीच समुद्री वैपार के लिए एहम दुनिया के करीब 12 प्रतिशत समुद्री वैपार
01:04की आवा जाही दुनिया क
01:06करीब 25 प्रतिशत कंटेनर ट्राफिक की आवा जाही अगर बावल मंडेब में खत्रा बढ़ता है तो जहाजों को लाल सागर
01:15और स्वेज नहर के रास्ते से बचना पड़ सकता है ऐसे में अफरीका के केप ऑफ गुड होप का लंबा
01:22समुद्री रास्ता विकल्प बन सकता है
01:24नतीजा करीब 500 किलोमीटर जादा दूरी और लगभग 9 दिन जादा सफर
01:30हार्मोज स्ट्रेट के बाद बावल मंडेव में बढ़ता तनाव दुनिया के समुद्री वैपार के लिए नई चुनोती बनता दिख रहा
01:38है
01:38अगर ये रास्ता भी बाधित होता है तो इसका यूरोप समेथ पूरी दुनिया की सप्लाई चेन पर सीधा असर पड़
01:46सकता है
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