00:08दर्शकों इस वक्त हम मौझूद हैं सत्य निकेतन की उसी बिल्डिंग के अंदर जिसके मल्बे में अभी भी कई सारी
00:15मासूम जिंदगियां फशी हुई हैं
00:17जी हाँ दर्शकों ये वही सत्य निकेतन है जो साउथ कैमपस डेली उनिवेसिटी के बिल्कुल पास है
00:24और यहाँ पर सबसे पहले मैं आपको दिखाना चाहूँगा कि ये जो बिल्डिंग है जो गिरी है इसके साथ में
00:30जो बिल्डिंग हमें नजर आ रही है वो कितनी पुरानी है
00:34यहाँ पर पुलिस, प्रशासन, महनत के साथ लोगों को निकालने की पूरी क्रोशिश कर रही है लेकिन ये महनत आज
00:41नहीं करनी थी
00:42ये महनत करनी थी जब ये दिख रहा था कि इतनी पुरानी बिल्डिंगें है जब डी यू के इलेक्शन की
00:49सब बात करते हैं एबी वी पी एनस यू आई की सब बात करते हैं डेली उनिवेस्टी के चात्रों की
00:55लोग बात करते हैं तब ये किसी को नहीं दिखता कि दिल्ली उ
01:11सूम जिन्दगियां शात्र हैं स्टूडेंट्स है जो यहां पढ़ने आये थे और यहां पर सत्य निकेतन के अंदर इतनी पुरानी
01:20बिल्डिंग्स है इसकी जिम्मेदारी आखिर प्रशासन कब लेगा आज काम हो रहा है आज जब नौबत आई है तो इंडी
01:27आरेफ के जवान
01:28पुलिस के हमारे सारे कर्मी सब मेहनत कर रहे हैं लेकिन ये मेहनत ये आज नहीं करनी थी ये तब
01:34करनी थी जब दिख रहा था क्या जब भी डियू एलेक्शन्स के लिए वोट मांगने यहीं तो आते है तब
01:40दिखने ही रही थी इन घरों की हालत इन पीजीज की हालत की बच
01:55सामने आ सकती है अभी भी नहीं पता कितने लोग अंदर है जो प्राथ्मिक जाज ती उससे
02:01पता चला था कि करीब 50 के करीब लोग इसी बिल्डिंग में थे जब यह बिल्डिंग
02:06ढै गई अब तक कुछ लोगों को निकाला भी गया है बचाया भी गया है लेकिन अभी
02:11जो हम अपने सामने दिर्श देख रहे हैं, ये डराने वाले हैं, NDRF हैं, Ambulences हैं, JCB की मशीने हैं,
02:18लेकिन यहाँ पर अभी भी खौफ का मॉल है, अब प्रशाशन से डिल्ली उनिवेस्टी के चात्र जवाब चाहते हैं, जैन
02:27जी अब जवाब चाहता है कि भाईया ना हमारी
02:31एजूकेशन सिस्टम को आप ठीक कर पाए, तरहां बड़ा प्रदरशन हुआ, वहाँ नहीं जाएंगे, लेकिन जहाँ चात्रों के असली हालात
02:38हैं, डेली उनिवेस्टी हमारे देश की वान अफ दो मोस्ट एस्टीम्ड उनिवेस्टी, वहाँ के चात्र कहां रहते हैं, य
03:00इस मलबे के नीचे चली जाती है, दर्शकों जैसा आप देख सकते हैं कि एक बहुत ही खुश खबरी सामने
03:05आ रही है, एक इनसान को अभी अभी निकाला गया है, और जिन्दा हालत में अभी वो हैं, खुशी की
03:12बात ये हैं, कि अभी तक सासे चल रही हैं, जैसा कि आपने �
03:16दर्शकों साफ तौर पे अभी बिल्कुल आपके सामने हमने दिखाया कि कैसे एक जान को बचा लिया गया है, यहाँ
03:24पर देखने वाली बात ये थी दर्शकों की सागने डी यू के अध्यक्ष वो लेके आए खुद उनके साथ थे,
03:32आपने दर्शकों ध्यान से देखा होग
03:45लेकिन दर्शकों सालाम है इंडिया रिफ को और कैसे एक और जान को बचा लिया गया है, लेकिन अभी भी
03:52फिंगर्स क्रोस्ट हैं, हालात बहुत गंबीर थे, इस्ट्रेचर पे उन्हें लाया गया, लेकिन अभी ये देखना बहुत ही जादा महत्वपून
04:00हो जाएगा, कि
04:02वो सासे कितनी देर और चलती हैं दर्शकों, और कितने लोग ऐसे और यहां फशे हो सकते हैं, कितने चात्रे
04:09ऐसे फशे हो सकते हैं, जो इसी प्रकार के मलबे से दरस्त हैं, इसके अंदर दबे हुए हैं, और दर्शकों,
04:17यहां सबसे एहम बात यहां कि रापिड तरीके से �
04:22जा रहा है रापिड तरीके से एक के बाद एक लोगों को रेस्क्यू किया जा रहा है एम्बुलेंसिस को रेडी
04:28रखा गया है लेकिन अभी भी महौल बहुत ही खराब है डर का महौल है अंदर ना जाने कितने लोग
04:36और हो सकते हैं
04:56जाने जाने खराब हो दिनका चोरी आएँ
05:05कि अपल दॉल के अजसे हैं
05:14कि अज़िके गर मारे लॉडने मा देश्च कि अए ख़खने कि
05:24महिंग से धिर्भा नहिसे नंटी सम्मेळ कि सब्सक्ति fluff
05:27कि अजयर क्जोंसे हैं
05:27कि अज़िक系 गर गणिर encontrar लॉज जायर कुझ
05:40कर दो कि मैं भी थोड़ी दिर पहले ही जाने वाली थी लेकिन मुझे लगा थोड़ी दिर क्या कुछ काम
05:51था मुझे क्या संडे तो सारे लोग लेट उटते हैं तो अभी मैंने जब जाके देखा तब लगा कि यह
05:56तो विल्डिंग गर गई
06:01कितने बच्चे फज़ी हो सकते हैं कि सारे डियू के हैं तो फिर बच्चे कालिज के ही होंगे सारे बाहर
06:08की बच्चे हैं यहाँ का लोकल तो नहीं होगा
06:10यह पहले से कम जोड थी आप नोगों ने या से गुजरते हों कि देखा होगा या आनद ऐसी खड़ा
06:15देखा देखा दिए इसामने तो तीन से चार ले गए है मेरे सामने जी उसके बस यह मुझे आइडिया निये
06:22कुछ लोग कह रहे कि हो गई है कुछ कह रहे कि नहीं हुई है
06:30अब देखो आप खुद आइडिया लगा से बूकम तो आया नहीं है वागी कोई जीज होई नहीं है तो आप
06:36तो यह देख सकते हो किया है और हमें देखने भी तो नहीं दे रहे भगार यह आपको जानकारी विल
06:41रहे कितने बच्चे क्यूंकि पचास बच्चे कह रहे हैं कि
06:43हाँ ऐसी मुझे भी देखने को मिला है क्योंकि आज संडे का भी दीन है तो सारी तो हॉलिडे मनाएं
06:47या बारिश का भी टाइम है तो रुकिंगे नहीं है आइडिया तो नहीं है बट हाँ तीन चार पाच्छे रूम
06:52तो होते हैं और फ्लोर पे भूब आई है एक बिल्डिं
07:10थे और इस फ्लोर में आइगेस कम से कम 6-7 रूम थे यानि कम से कम 30 रूम होंगे
07:17तो बच्चे 50 पचास से जादा ही बच्चे होंगे जहां तक मुझे पते सारे बच्चे नहीं दब है बट ऑल्मुस्ट
07:26वहां पे 30-35 बच्चे थे और उसका तो मुझे भी आइडिया नहीं क
07:41बहुत मलवा है और अब्लेंस बहुत लेट आई है बहुत लेट यह डेड़ बजे से पहले हुआ एंब्लेंस अब प्रॉक्स
07:4845 मिनिट के बाद आई है सब यहां कॉल करकर करके पारेशान थे कोई कॉल पिक अप नहीं कर रहा
07:53था अब्लेंस के लिए ना पुलेस आई थी ना
07:56अब्लेंस आई थी यह सब आधे घंटे के बाद आए और तब तक सा पच्चे दबे वे थो आपर
08:33अब्लेंस आप अटे का बाद एंट का प्रॉक्चे बाद एंटाए में रग्लेंस अब्लेंस अब्लेंस अफ छॉक्ति एंपट्ब्लेंस नाप्स।
08:56झाल