00:00मिडल इस्ट में लगातार बढ़ते तनाव के बीच अब एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने पूरी दुनिया का ध्यान
00:06अपनी और खीच लिया है।
00:08जिनेवा में शुरुवाती बादचीत के बाद अब अमेरिका और एक बाद फिर आमने सामने बैठने जा रहे हैं। इस बार
00:14बादचीत का मंच होगा कतर की राजधानी दोहा जहां दोनों देशों के प्रतिनिधी हॉर्मुद्स ट्रेट को लेकर चल रहे सबसे
00:21बड़े विव
00:38अर्थ व्यवस्था, तेल की कीमतों और समुद्री व्यापार को प्रभावित करता है। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार मंगलवार को होने वाली
00:46इस बैठक का मुख्य उद्देश, हाल की दिनों में पैदा हुए तनाव को कम करना और अंतर राष्ट्रिय जहाजों की
00:52स
00:52तुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करना है। दोनों देशों ने फिलहाल सैन्य कारवाई रोखने और बाचीत की जरिये समाधान निकालने पर सहमती
00:59जताई है। इसका मतलब ये है कि फिलहाल न अमेरिका कोई नया हमला करना चाहता है और ना ही इरान
01:05स्थिती को और ज्
01:18अमेरिकी राश्ट्रपती डॉनल्ड ट्रम्प ने साफ चेतावनी दी है कि यदि एरान ने समझोते की शर्तों का उलंखन किया तो
01:25अमेरिका दोबारा सैन्य कारवाई करने से पीछे नहीं हटेगा। ट्रम्प ने यहां तक कहा कि जरूरत पड़ी तो अमेरिका काम
01:31पूरा क
01:32यहीं इरान के खिलाफ और कठोर कदम उठाये जाएंगे। इसी बीच विवाद का सबसे बड़ा कारण बना है हॉर्मुज जल्डम
01:39रूमध्य। वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के मुताबिक इरान की विदेश मंत्री अब्बास अरागची का दावा है कि शुरु�
02:01वॉशिंटन का कहना है कि हॉर्मुज जिगंतराष्ट्रिय समुद्री मार्ग है जहां किसी एक देश का विशेश नियंत्रन स्वीकार नहीं किया
02:07जा सकता। अमेरिका का सपष्ट मत है कि सभी देशों के व्यापारिक जहाजों को बिना किसी अनुमती और बिना किसी
02:14दबा�
02:14के स्वतंत्र रूप से गुजरने का अधिकार होना चाहिए। दरसल ये पूरा विवाद उस समय और गहरा गया जब कुछ
02:20दिन पहले ओमान के तट के पास एक व्यापारिक जहाज पर हमला हुआ।
02:44रखने और व्यापारिक जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी दी गए थी। समझोते में ये भी कहा गया
02:51था कि एरान अपने पडोसी देशों के साथ मिलकर भविश्य की समुद्री प्रबंधन व्यवस्था तयार करेगा। लेकिन अब �
03:26यही समझोता दोनों देशों के बीच नई व्याख्या का विशे बन गया है।
03:27यानि फिलहाल दुनिया की निगाहें दोहा पर्टिकी हैं। सवाल सिर्फ इतना नहीं है कि अमेरिका और इरान क्या फैसला लेते
03:34हैं बलकि ये भी है कि क्या ये बातचीत स्थाई शांती की शुरुवात बनेगी या फिर ये केवल अगले टकराव
03:40से पहले का एक छोटा वि
03:54ये बातबू अगले की बातब का फिलहा हैं।
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