00:09किसी भी डेमोक्राटिक देश में जब आम जनता या डिवोटीज करोरो रुपे का दान किसी भी बड़े ओगनाइजेशन या ट्रस्ट
00:16को सौपते हैं
00:17तो सबसे बड़ा बुनियादी भरोसा सिर्फ एक चीज़ पर टिका होता है और वो है फाइनाशल ट्रांस्परेंसी
00:24जब लोग अपनी मेहनत की कमाई किसी जगा समर्पित करते हैं तो वो उमीद करते हैं कि उनके एक एक
00:30पैसे का हिसाब बिल्कुल साफ और फुल प्रूफ होगा
00:33लेकिन पिश्टे 24 घंटों में देश के सबसे बड़े और सबसे हाई प्रूफाइल रिलिजिस कल्चुल सेंटर्स में से एक अयोध्याराम
00:41मंदर से जुड़ी एक ऐसी एडमिस्टेटिव रिपोर्ट सामने आई है जिसने लखनाउस से लेकर दिली तक के एडमिस्टेटि�
01:01टीम SIT ने अपनी 15 पेज की प्रेलिमिनरी रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सरकार को सौब दी है ये कोई आम रूटीन
01:08रिपोर्ट नहीं है इस रिपोर्ट के एक एक पढ़ने में CCTV टैंपरिंग जीरो डॉक्यमेंटेशन बिना रिसीट से करोर्स का दान
01:16और कुछ ही सालों में
01:17employees की assets का अचानक डबल हो जाना जैसे हैरान करने वाले दावे किये गए हैं आज इस broadcast में
01:24हम बिना किसी संसनी के पूरे investigative journalism के साथ इस पूरे मामले की chronology को और SIT के उन
01:32पांच बड़े खुलासों को deconstruct करेंगे जो इस वक्त पूरे देश के सामने बड़े सवाल खड़े कर रहे
01:38हैं इस पूरे मामले की गहराई को समझने के लिए हमें सबसे पहले इसके background और इसकी timing को समझना
01:45होगा ये पूरा विवाद अचानक एक दिन में खड़ा नहीं हुआ है इसकी एक proper chronology है जिसे हम इस
01:53timeline के जरिये समझते हैं
01:55पंदिर के accounting department के कुछ अंदरूनी सूर्तों और कुछ बड़े donors के जरिये cash collection और gold silver bricks
02:02की management पर पहली बार सवाल उठाए गए शिकायत थी कि कई बड़े दान का कोई central record नहीं बन
02:09रहा है
02:10मामले की गंबीरता और sensitivity को देखते हुए उतर प्रदेश सरकार ने बिना वक्त गवाए एक high level three members
02:17special investigation team यानी SIT का घाटन किया
02:21जिसमें senior administrative और financial audit experts को शामिल किया गया
02:25SIT की इस team ने आयो जहां में डेरा डाला
02:29पूरे छे दिनों तक मंदिर के donations, counters, vault rooms, physical lockers, internal audit logs और bank accounts को बरी
02:37की से forensic और physical verification किया गया
02:40जैसे SIT ने अपनी 15 पेच की preliminary report state government को submit की वैसे ही देश का political temperature
02:47ही high हो गया
02:48समाजवादी पार्टी चीफ अखलेश यादव समेथ पूरे opposition में इसको एक बड़ा administrative failure बताया है
02:55opposition का साफ कहना है कि इस मामले की समवेदन शीलता को देखते हुए इसकी जाज सिर्फ एक administrative SIT
03:02से नहीं
03:03बलकि high court की एक seating judge और direct monitoring में होनी चाहिए
03:07ताकि investigation की absolute neutrality और credibility पर कोई उंगली ना उत्था सके
03:13चलिए अब direct उन तत्यों पर आते हैं जो इस report के एहम पर्णों में दर्ज है
03:19SIT ने अपनी investigation में किसी एक department को नहीं बलकि पूरे management system को scanning पर रखा है
03:25इस report के पांच सबसे बड़े और चौकाने वाले खुलासे इस प्रकार है
03:32SIT ने अपनी investigation का दाएरा सिर्फ lower management या ground level cash counters तक नहीं रखा
03:38Reports के पहले ही कुछ पन्नों में ये clear किया गया है कि श्री राम मंदिर तीर्थ शेत्र ट्रस्ट के
03:44महा मंतरी चंपत राय समेत कई top tier officials की supervisory भूमिका पर बड़े सवाल उठाए गए है
03:51Report कहता है कि इतने बड़े system में चल रहे lapses के दौरान इन officials का जो oversight होना चाहिए
03:59था
03:59वो missing मिला इसलिए इनकी role को फिलहाल संग्दिग्र यानि suspicious category में रखा गया है
04:08investigation का सबसे बड़ा और हरान करने वाला find ये है कि मंदिर के पास आने वाले metallic donations
04:15Sona और चांदी का कोई centralized और robust automatic tracking system ही मौझूद नहीं था
04:21इसका सबसे बड़ा सबूत बना सिंधी समाज का एक बड़ा donation
04:25investigation के दुरान पता चला की सिंधी समाज ने लगबग 200 kg चांदी की इटे
04:31जिसकी market value tax और evaluation के हिसाब से लगबग डेट करोर रुपे बैठी है
04:36वो मंदिर को दान की थी लेकिन हरान करने की बात ये है कि administrative level पर
04:41उन्हें इस डेट करोर की चांदी की कोई official system generated receipt या receipt तक का issue नहीं की गई
04:47थी
04:47खुलासा नमबर 3
04:49forensic auditor पिछले महीनों के bank counts का data जब SIT के आमने सामने रखा
04:55तो एक बेहत अजीब mathematical paradox देखने को मिला
04:59statistical data कहता है कि पिछले कुछ महीने में मंदिर आने वाले total devotees का footfall लगातार तेजी से बढ़
05:06रहा है
05:06नए records बने हैं लेकिन उनी महीनों में bank में जमा होने वाला total collected donation का graph उपर जाने
05:13के बज़ाए अचानक नीचे गिर रहा है
05:15financial experts के मताबिक ये inverse ratio तब तक possible नहीं है जब तक physical collection point से bank account
05:22के बीच कोई बड़ा leakage या साइफनिंग पैसा गायब करना ना हो रही हो
05:26खुलासा नमबर 4
05:28reports के मताबिक donation counters पर बैठने और cash monitoring जैसे highly sensitive or confidential कामों के लिए
05:34कई S.A. employees को deploy किया गया था जिसन से बिना किसी written official order formal contract और transparent
05:41verification के सीधा काम पर लगा दिया गया
05:43यानि बिना किसी paper record के low cash handle कर रहे थे और सबसे बड़े shock तब लगा जब S
05:50.I.T. ने इन में से कुछ employees के personal wealth profile को चेक किया
05:55पिछले 5 साल के अंदर इन में से कुछ staff members की personal assets और properties अचानक doubled यानि दुग
06:01नहीं पाई गई जिसका उनकी official source of income में कोई mail नहीं बैठ रहा
06:05खुलासा नमबर पाच इस पूरे system failure irregularities को चिपाने के लिए digital सबूतों के साथ 6 चाड़ की सिफारिज
06:13भी report में दल्ज है
06:15forensic experts ने पाया है कि मंदिर की उन sensitive areas के CCTV footage में specific duration पर tampering और
06:22editing detect हुई है
06:23जहां cash countering और metallic treasures की shifting होती है
06:26इसका मकसद साफ था, physical movement का कोई digital record ना बचे
06:31तो अब यहां से आगे का रास्ता क्या होगा और administrative machinery इस पर क्या action लेगी
06:38SIT ने इस पूरी 6 दिनों की investigation में अब तक 60 से ज्यादा suspects, employees और management staff से
06:45कड़ी पूचतात यानी interrogation कर ली है
06:48Initial recommendations के मताबिक जिन primary suspects पर digital tampering और asset inflation के direct evidence मिले है
06:55उन पर immediate basis पर FIR दर्ज करने की सिफारिश की गई है
06:59क्योंकि यह मामला बेहत समवेदन शील है, इसलिए उतरप्रदेश सरकार इस pre-revery report का assessment करने के बाद
07:05इस पूरे dossier को formal review के लिए Central Home Ministry यानी MHA को forward करने वाली है
07:12क्योंकि यह trust centrally monitored और structured है, इसलिए final authority union home ministry के पास है
07:18MHA की यह final call लेगी कि क्या trust के top administrative structure में कोई बड़ा बदलाफ किया जाएगा
07:24किन members को उनके पद से तुरंथ मुक्त किया जाएगा और किन पर आगे judicial inquiry चलेगी
07:31Financial accountability और institutional transparency के जो नियम होते हैं
07:35वो देश के हर organization पर बराबर लागू होते हैं
07:39चाहे वो कोई बड़ी corporate company हो या फिर देश का कोई सबसे बड़ा religious trust
07:43सवाल अब किसी की भावना का नहीं है बलकि उस process और उस administrative नियम का है
07:49जिसके भरोसे पर पूरा देश चलता है
07:51अब देखना ये होगा कि Central Home Ministry इस मामले में एक नया rigid और transparent digital auditing system खड़ा
07:58करेगी
07:58और क्या इस asset doubling और record tampering के पीछे छुपे असल masterminds कभी सामने आप आएंगे
08:05इस पूरे administrative disclosure पर आपका क्या सोचना है
08:08Financial cleanup के लिए आपके पास क्या सुझाव है हमें comments में जरूर बताइए
08:14मैं हूरताना मित्तल और आप देख रहे हैं One India Hindi
08:28झाल
Comments