सवाईमाधोपुर. शहरी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में देरी से खुलने और कर्मचारियों की अनुपस्थिति की शिकायतों पर अब रोक लगेगी। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) ने आदेश जारी कर सात दिन में मोबाइल एप आधारित उपस्थिति व्यवस्था लागू करने का निर्णय किया है। नई प्रणाली के तहत कर्मचारी अस्पताल या आरोग्य मंदिर की सीमा में मौजूद रहते हुए मोबाइल एप से चेहरा स्कैन कर उपस्थिति दर्ज करेंगे। इससे न केवल समय पर केंद्र खुलेंगे बल्कि कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी।
जिले में 318 आरोग्य मंदिर संचालित जिले में शहर व ग्रामीण क्षेत्र में कुल 318 आयुष्मान आरोग्य मंदिर संचालित हैं। इनमें शहरी में 20 एवं ग्रामीण क्षेत्र में 298 केन्द्र संचालित है। इन मंदिरों में डॉक्टर, मेल नर्स, एएनएम, फार्मासिस्ट और सहायक कर्मी तैनात हैं लेकिन यहां भी आरोग्य मंदिर समय से नहीं खुलते है और चिकित्सा स्टाफ भी अक्सर नदारद रहता है। इससे मरीजों को लाभ नहीं मिलता है। डिजिटल आईडी और मैपिंग होगी तैयार
एनएचएम निदेशक डॉ. जोगाराम ने सभी जिलों के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों को आदेश जारी कर सात कार्य दिवस में व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए हैं। राज्य स्तर पर जिला स्तरीय पहचान क्रमांक जोड़ने का कार्य पूरा हो चुका है। अब ब्लॉक मुख्य चिकित्सा अधिकारियों और शहरी नोडल अधिकारियों की डिजिटल पहचान जोड़ी जाएगी। इसके बाद कर्मचारियों की डिजिटल आईडी तैयार होगी और उपस्थिति पूरी तरह ऑनलाइन दर्ज होगी।
फेस स्कैन से होगी उपस्थिति
नई व्यवस्था में कर्मचारी मोबाइल एप से चेहरा स्कैन कर उपस्थिति दर्ज करेंगे। एप केवल तभी काम करेगा जब कर्मचारी संबंधित केंद्र की भौगोलिक सीमा में मौजूद होगा। इससे किसी अन्य स्थान से उपस्थिति दर्ज करने की संभावना खत्म हो जाएगी। पहले रजिस्टर में हस्ताक्षर से उपस्थिति दर्ज होती थी, जिससे वास्तविक मौजूदगी की पुष्टि नहीं हो पाती थी।
पारदर्शिता और जवाबदेही होगी तय
स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि एप आधारित उपस्थिति व्यवस्था लागू होने से कर्मचारियों की नियमित निगरानी आसान होगी। यह देखा जा सकेगा कि कौन कर्मचारी समय पर केंद्र पहुंच रहा है और कितनी देर तक ड्यूटी कर रहा है। इससे कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी और कर्मचारियों की जवाबदेही तय होगी।
इनका कहना है...
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) निदेशक की ओर से इस संबंध में निर्देश मिले हैं। जिले में शहरी में 20 व ग्रामीण में 298 आरोग्य मंदिर संचालित हैं। फिलहाल एसएसओ आईडी के जरिए मैपिंग का कार्य किया जा रहा है। इस संबंध में बैठक भी ली है। जल्द ही ऑनलाइन उपस्थिति व्यवस्था लागू की जाएगी। इससे कर्मचारियों की नियमित मॉनिटरिंग संभव होगी और कार्यप्रणाली में पारदर्शिता आएगी।
डॉ. अनिल कुमार जैमिनी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, सवाईमाधोपुर
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