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  • 2 minutes ago
संभल विध्वंस एक एक्सप्लेनर !! Sambhal Bulldozer Action: Demolition of Illegal Religious Structures

In the Bicholi village of Uttar Pradesh’s Sambhal district, local authorities deployed four bulldozers to demolish an Eidgah and an Imambara allegedly constructed on government-protected land. Led by SDM Nidhi Patel and supported by a massive security presence, including Rapid Reaction Force and PAC personnel, the action targeted structures occupying roughly 255 square meters of public property. The administrative crackdown followed a legal process initiated in January, which included land measurements and a formal eviction order from the Tehsildar court. Officials emphasized that the land, valued at several crores, was reserved for public utility as a pasture and compost site, making any private or religious construction illegal. Beyond the demolition, the government intends to impose significant financial penalties on those responsible for the encroachment to recover the land's value. To prevent potential unrest during the operation, the area was strictly cordoned off and security teams monitored the village from rooftops.

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Transcript
00:00नमस्कार, उत्तर प्रदेश का संभल जिला हाल ही में काफी चर्चा में रहा, वज़त ही एक बड़ा अतिक्रमन विरोधी अभ्यान
00:07जिसमें दो धार्मिक धाचों को गिरा दिया गया। तो आखिर ये कारवाई क्यों हुई और इसके पीछे की पूरी कहानी
00:14क्या है? आईए इ
00:17शुरुआत होती है इन दो चीजों से. चार बुल्डोजर और दो धाचे. हाली में संभल जिले के बिच्छौली गाउं में
00:25प्रशासन की एक कार्यवाही ने सबका ध्यान अपनी तरफ खीचा है. तो चलिए, सबसे पहले ये समझते हैं कि आखिर
00:32ये पूरा मामला क्या है? �
00:34बिच्छौली गाउं में ये बुल्डोजर अक्षन क्यों और किन धाचों पर लिया गया? तो बात है उत्तरप्रदेश के संभल जिले
00:41के बिच्छौली गाउं की. यहां पर एक इदगाह और एक इमाम बाडे को गिराया गया. अब प्रशासन का कहना है
00:48कि ये दोनों ही निर
01:03प्रशे क्या वजह बताई? चलिए उनके पक्ष को थोड़ा और घहराई से जानते हैं. देखे, इस पूरे विवाद की जड़
01:10में है एक खास तरह की जमीन. सरकारी काग्जों में इसे सारवजनिक उपियोग हितु सुरक्षित भूमी कहा जाता है. अब
01:17इसका मतलब क्या है
01:18आसान भाशा में समझें तो ये वो जमीन है जो पूरे गाउं या समुदाय के इस्तिमाल के लिए रखी जाती
01:23है. जैसे जानवरों के लिए चारा गाह या फिर खाद बनाने के गड़ों के लिए. और नियम ये कहता है
01:29कि इस पर किसी भी तरह का निजी निर्मान पूरी तरह
01:32से मना है. इस मामले पर SDM निधी पटेल का बयान भी आया. उनके मुताबिक ये जमीने रेविन्यू रिकॉर्ड में
01:39पब्लिक यूज के लिए हैं और तहसीलदार कोट से इने हटाने का आदेश भी पास हो चुका था. तो पुलिस
01:45और राजस्व की टीम मिलकर बस उसी कोट क
01:48आदेश का पालन कर रही थी. हाँ, तो ऐसा नहीं है कि ये कारवाई एक दिन में अचानक हो गई.
01:53इसके पीछे पूरी कानूनी प्रकीरिया चली है. आये एक नजर डालते हैं इसकी टाइम लाइन पर. तो देखिए, सारा मामला
02:00जैनवरी महिने में ही शुरू हो गया था. स�
02:15पिर 31 जनवरी को तैसीलदार कोट ने फाइनल ओर्डर दे दिया कि इस जमीन को खाली करवाया जाए. इसी आदेश
02:21के अधार पर ये पूरा आक्शन लिया गया. चलिए, अब उस दिन पर चलते हैं जब ये ऑपरेशन हुआ. जमीन
02:27पर असल में क्या हुआ था? इस पर एक न
02:45इरिया भी बताया गया है. इदगा करीब 87 स्क्वेर मीटर में बनी थी और इमामबाडा वो थोड़ा बड़ा था करीब
02:52168 स्क्वेर मीटर में. और जाहिर है इतने बड़े ओपरेशन के लिए सुरक्षा के भी पुखता इंतजाम थे. किसी भी
03:00तरह के तनाव से बचने के ल
03:14ताकि पूरी तरह से शांती बनी रहे. तो ठीक है, जमीन तो आप खाली हो गई है. लेकिन अब आगे
03:20क्या, प्रशासन का अगला प्लान क्या है और जिन लोगों ने ये निर्मान करवाया था, उनका क्या होगा? प्रशासन का
03:27कहना है कि जो जमीन खाली कराई गई है, उसकी क
03:30कीमत कोई छोटी मोटी नहीं बलकि करीब साड़े छे करोड रुपय है. तो आप समझ सकते हैं कि ये मामला
03:36आर्थिक रूप से भी कितना बड़ा है. तो इस बेश कीमती जमीन का होगा क्या? प्लान ये है कि इसे
03:43एक गवर्मेंट लैंड बैंक का हिस्सा बनाया जाएगा. मत
03:58जिन लोगों ने ये अवैद कबजा किया था, उनकी पहचान की जाएगी और उन पर जुर्माना भी लगाया जाएगा. ये
04:05कहीं ना कहीं भविश्य में ऐसे मामलों को रोकने के लिए एक कड़ा संदेश देने की कोशिश है. तो संभल
04:12में हुई ये कारवाई, सरकारी जमीन
04:14पर अतिक्रमन को लेकर प्रशासन के सक्त इरादे को तो दिखाती ही है, लेकिन एक बड़ा सवाल भी खड़ा करती
04:20है, कि कानूनी कारवाई और लोगों की भावनाओं के बेच एक सही संतुलन कैसे बनाया जा सकता है? ये कैसा
04:26सवाल है जो सोचने पर मजबूर करता है?
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