00:07लेकिन और एक एक्षन में लेने जारों बाद में बताओंगा पबन खेरा को में पबन पेरा बना तो
00:25सुप्रीम कूट से बड़ी ख़बर है और बड़ी ख़बर है पबन खेरा कू भी लेकर
00:29पवन खेडा को बड़ा जटका लगा है सुप्रीम कूर्ट से क्योंकि सुप्रीम कूर्ट ने कॉंगस निता खेडा को तिलंगाना हाई
00:35कूर्ट से मिली एक सब्ता की ट्रांजिट जमानत पर रोक लगा दी।
00:59अदालत ने खेडा को नोटिस जारी कर तीन सब्ता में जवाब मांगा हलाकि सुप्रीम कूर्ट ने ये पिसपश्ट किया कि
01:05खेडा आसम की किसी भी सक्षम अदालत में अगरिम जमानत के लिए आवेदन कर पाएंगे और मौजूद अरोक का उस
01:11पर कोई भी प्रिभाव नहीं
01:12पड़ेगा ये मामला आसम के मुख्यमंतरी की पत्नी पर मानहानी के आरोपों से जुड़ा है जिसने आसम की राजनीरी में
01:19भी सियासी चुफ़ान खड़ा कर दिया था ठीक 9 अप्रिल जो की मतदान का दिन था उस से पहले ही
01:25दो दिन पहले तीन दिन पहले आपने देखा हो
01:42पुशिश करें तो आपको समझाएगा कि ये कानूनी विवाद सीधे तौर पर आसम सीम से जुड़ा है ना केवल उन
01:48से उनकी पत्री रिनेकी भुईयां सर्मा के खिलाफ की तमाम बयान बाजियों के साथ टिपणियों के श्ताथ शुरू हुआ था।
02:12किया जिसने उन्हें एक सब्ता की ट्रांजिट जमानत दी थी ताकि वे संबंदित रिखार वाली अदालत में जाकर अगरिम जमानत
02:19के लिए आविदन कर पाएं और खुद को सुरक्षिक महसूस कर पाएं निर्दूश साबित कर पाएं ये बता पाएं कि
02:26मैंने जो आरूप ल
02:42इस मामले में रहा देने का उचित आधार नहीं था और इस आदेश पर पुनरविचार की आविशक्ता बनती है सुप्रीम
02:49कूर्ट ने प्रारंभिक सुनवाई के बाद आसम सरकार की दलिलों को गंभीरता से लिया और दिलंगाना हाई कूर्ट के आदेश
02:54के क्रिया नव्यन
02:55पर रूक लगा दी यानि की वो आदेश जिसमें दिलंगाना हाई कूर्ट ने कहा था कि एक हफते के लिए
03:02आपको अंत्रिव जमानत दी जाती है आप संबंधित अदालत में जाकर अपने निर्दूश वाली स्थिति को सुद्ध कीजे बताईए कि
03:10मैंने आरो क्यों लगाये
03:11शिर्श वालत ने मामले के गंभीरता को देखते हुए खेडा को अपना पक्ष रखने के लिए अभी भी तीन सप्ताह
03:17का समय दिया जिसके बाद इस मामले पर आगे की सुनवाई होनी वाली है
03:21सुप्रीम कोड का यादेश पवन खेडा के लिए कानूनी विकल्पों को पूरी तरह से बंद नहीं करता
03:27न्यायमूर्थी माहिश्वरी और न्यायमूर्थी चंदूरकर की पीट ने अपने इंड़ देश में विशिश रूप से ये सपश्ट किया
03:33यदि पवन खेडा आसम में उस अदालत के पास जाते हैं जिसके पास इस मामले का कानूनी अधिकार क्षेत्र है
03:39तो वे वहाँ अगरिम जमानत के लिए स्वतंत्र रूप से आविदन भी कर पाएंगे
03:44सर्वुच न्यायाले ने ये भी साफ किया कि आज दी गई रूप का आदिश आसम की अदालत द्वारा खेडा की
03:50नई जमाना त्याचिका पर विचार करते समय किसी भी तरह से आड़े नहीं आएगा
03:55इसकर्थ ये है कि आसम की संबंधित अदालत मेरिट के आधार पर स्वतंत्र फैसला ले पाएगी और आगे की कारवाई
04:02इसी से आगे होने वाली है इसी से प्रभावित होगी
04:06ये मामला राजनयत्रिक और कानूनी दोनों दिष्टियों से काफी महत्वपून हो गया क्योंकि इसमें दो राज्जियों की कानूनी सीमाएं और
04:13एक अमोख्यमंत्री के परिवार पर लगाए गए गंभीर आरूप शामी है
04:16रिनी की मुया सर्मा ने पहले ही इन आरूपों को पूरी तरह से निराधार बताया था और मानहानी का दावा
04:22पीश किया
04:22अब सबकी नज़रे तीन सप्ता के ठीक बाद होने वाली उस सुनवाई पर होगी जहां पर आसम की अदालतों में
04:30होने वाली संबाध कानूनी कारवाही पर सबकी नज़र टिकी है
04:34फिलाल सुप्रीम कूट के इस हस्तक शिप ने आसम सरकार को एक बड़ी अंतरिम राहत प्रदान की और मामले को
04:39एक नया कानूनी मोड पढ़ा कर खड़ा कर दिया है
04:42खेड़ा के पास सबासम की अदालतों में अपनी बेगुना ही साबित करने या अपनी टिपड़ियों के समर्थन में सबूत पीश
04:48करने की चुनाती होगी
04:49वहीं पर हिमनता बिसमा सर्मा भी इंतिजार में है कि तीन हफ़ते बाद क्या कारवाई होगी
04:55क्या उन्हें उनके लिए उनके परिवार उनकी पत्नी पर जिस तरह की मानहानी का पूरा ये मनज़र हुआ
05:01मानहानी जैसा मामला आया उसमें रहत मिलेगी नियाय मिल पाएगा या फिर पवन खेड़ा अब इस पूरे जलजले से बचते
05:09नज़र आएंगे
05:10मामले पर हमारी नज़र है तीन हफते बाद कूर्ट में क्या होता है उस पर भी आपको अप्रीट देते रहेंगे
05:15आपकी मामले पर क्या राय है क्या टेपड़े चांट करना चाहते है कॉमेंट बॉक्स आपके लिए हैं अपनी टेपड़े अपनी
05:20राय वहां से रूप दी�
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