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ब्लैक एंड व्हाइट: जिस ईरान को दुनिया मान रही मासूम, वो दुनिया को कैसे कर रहा ब्लैकमेल?

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00:00मैं हूँ अंजना उंकाशप ब्लाक इन वाइट में आपका बहुत बहुत स्वागत है
00:03आज सबसे पहले हम आपको पताएंगे कि जिस इरान को पूरी दुनिया मासूम, पीड़ित, बेचारा समझ रही है
00:10वो किस तरह 484 करोण लोगों का दम घोटने पर आमादा है
00:14ये चर्चाज होनी चाहिए
00:16देखे ये भी एक सचाई है कि इस युद की शुरुआत से डॉनल्ड ट्रम्प ने जो कुछ किया है उस
00:22पर तमाम उंगलिया उट रही है
00:23लेकिन क्या उसकी आड में इरान मनमानी कर सकता है
00:28हॉर्मूज में वो कच्चा, तेल, गैस, सब के पास होने वाले जहाजों को लेकर इस तरह से एक खिलवाड कर
00:35सकता है
00:36जिससे अनेको देश प्रभावित हो रहे है
00:38अब जिस वक्त ये युद थमा हुआ है, बारूद और बंबारी पर विराम है
00:42तब भी इरान वो हरकते कर रहा है, जिससे ब्लैक मेलिंग के अलावा कुछ और नहीं कहा जा सकता
00:47जिस तरह इरान हॉर्मूज को हाईजैक कर रहा है, वो बिल्कुल प्लेन हाईजैक की तरह
00:52अनेतिक है, अपराद है, आतंकवाद है
00:56जिसके जरीए वो इनसानियत को रौन कर अपनी बेरहम और क्रूर चेहरा दुनिया को दिखा रहा है
01:02एक वक्त ऐसा था, जब इस यूद में पूरी दुनिया डॉनल्ड टरम्प के खिलाफ हो गई
01:10नेटो के देशों ने डॉनल्ड टरम्प का साथ देने से इंकार कर दिया
01:13खाडी के देश समझ नहीं पा रहे थे कि डॉनल्ड टरम्प क्या कर रहे है
01:16इधर अनेको देश इसके खिलाफ उठ खड़े हुए
01:19डॉनल्ड टरम्प सुबह कुछ फैस्ता लेते हैं शाम को कुछ और जिसकी वज़े से
01:23नसिर डॉनल्ड टरम्प बरकि अमेरिकी फैस्तों को लेकर भी छवी खराब हुई
01:27लेकिन इरान का क्या क्या टरम्प की गलती की आड में इरान अपनी दादागिरी छिपा सकता है
01:37आज आप एक बात समझ लीजे कि यदि आप को कोई जानने वाला गैस की किल्लत से जूज रहा है
01:42किसी की रोजी रोटी पर संकट है तो उसके लिए सीधे तोर पर इरान जिम्मेदार है
01:47वो ये कहकर नहीं भाग सकते कि अमेरिका ने हम पर हमला किया
01:52अमेरिका ने हमला किया तो आपने खाडी देशों में अमेरिकी बेसस पर हमला किया
01:57लेकिन मानवी आधार पर आप उस ट्रेट को क्या बंद कर सकते हैं जिसकी वज़ा से लोगों के लिए गैस,
02:04पेट्रोल की किलत हो रही है, अर्थवेवस्थाओं को नुकसान पहुच रहा है, किसी की नौकरी पर आन पड़ी है, छोटी
02:10-छोटी चाय की टप्रियां जो है दु
02:26नाके बंदी शुरू कर दी है, जोसे एरान का तेल व्यापार और रहतियारों की सप्लाई पूरी तरह ठप है, और
02:30इसलिए हम कह रहे हैं कि ये युद्ध और भीशर ना हो जाए, संकेत ऐसे मिल रहे हैं, आप में
02:36से कई लोग होंगे जो ये मना रहे होंगे कि अब इस वीक
02:52जहाज की कह रहा है कि वो तलाशी लेगा, नाके बंदी करेगा, जो जहाज एरान से जुड़ा है।
03:22से माइन्स को तबाह करना जिनका काम है। हलाकि एरान भी पीछे हटने को तयार नहीं है। इरान के प्रेस
03:28टीवी ने ये दावा किया है कि उसकी चेतावनी के बाद अमेरिकी बेड़े को पीछे हटना पड़ा। इरान ने बड़ी
03:35चालाकी से उन रास्तों पर माइन्स बि�
03:51किल हुई आजान बूच की कराई गई। इंसाइड स्टोरी उसकी आपके सामने रखेंगे लेकिन इस वक्ती सबसे बड़ी ख़बर स्ट्रेट
03:57आफ और मूझ से आ रही है जहां अमेरिका के सबसे खतरनाक एरक्राफ्ट कारियर में से एक यूएसस एपरहाम लिंकन
04:04अपने �
04:04दो यूद पोट के साथ आगे बढ़ रहा है साटलाइट तस्वीरों में इस एवान की खाड़ी के पास देखा गया
04:11है जहां से एरान की सीमा सिर्फ 200 किलोमेटर दूर है यूद शुरू होने के बाद ये पहली बार है
04:17जब परमाणू पूर्जा से चलने वाले इस एक्राफ
04:33और दूसरा है यूएसस माइकल मॉफी ये दोनों ही यूद पोट समुद्र में बिचाई गई सी माइन्स को ढूंड कर
04:42नष्ट करने में माहिर होते हैं और ऐसा कहा जा रहा है कि इन्हें अमेरिका ने स्ट्रेट ऑफ और मूस
04:47के पास इसलिए भेजा है ताकि समुद्री मार्
05:13और इरान ने इसका बाकाइदा एक वीडियो भी जारी कर दिया है देखिये
05:33चिकन्स और उर्डिय कर व दिया श्रप से इसका लगे एक ये पीरिका आ होते हैं अमन य्या फ्रब्स इस
05:58सपा नेव कर दायर
06:14सब्सक्राइब दिखाती हूं कि इरान ने कहां सी माइन्स बिचाई है और आज हम इरान को लेकर ये तमाम प्रश्न
06:21क्यों पूछ रहे हैं आपको यह समझना होगा कि अगर इरान आज ये सोचता है कि वो सी माइन्स बिचा
06:26कर और नेतिकता की दुहाई
06:27पूरी दुनिया को देगा तो इस पर बहुत सारे प्रश्न उठते हैं तो आईए सबसे पहले आपको बताते हैं इरान
06:32ने बहुत चालाकी से क्या किया है उसी इलाके में सी माइन्स बिचाई है जो ओमान के अधिकार क्षेत्र में
06:39आता है अब इस बात पर आप घौर कीजेगा
06:41जब आप इस पूरे स्ट्रेट अफ और मूस को देखेंगे तो आपको समझ में आएगा कि केशन द्वीप लारक द्वीप
06:47ये जो दो रास्ते हैं फारस की खाड़ी जाने का रास्ता है और इधर से फारस की खाड़ी से आने
06:53का रास्ता है अब ये जो एरिया है ना ओमान का �
06:56यह वाला इधर ओमान है यहाँ पर UAE है जूम इन कीजे थोड़ा सा और जूम इन कीजे यह है
07:05ओमान ओमान यह है UAE यहाँ पर है तो इरान ने क्या किया है कि इस शेत्र में उन्होंने सी
07:11माइन्स बिचा दी है अब उपर दिखाईए उपर इरान है पूरा उसका इरान का लैं�
07:26पर उन्होंने सी माइन्स बिचाई है उमान के अधिकार क्षेत्र में यह सी माइन्स है जो इलाका इरान की सीमा
07:32के पास है उस इलाके को सुरक्षत रखा गया है ताकि सारे समुद्री जहाज इरान के पास से ही गुजरे
07:38अब इसका मतलब सुझे आज यह सवाल हम क्यों पू�
07:54वजता है उसमें सी माइन्स बचाई है तो उसने क्यों ये सी माइन्स ओमान की तरफ बचाई है और इसी
08:01में आप देखिए कि इसके बाद इरान का जो है इन जहाजों से टैक्स वसूल रहा है पैसा वसूल रहा
08:08है यह हम आपको रियल टाइम ट्रैकर दिखा रहे है जो कि मरीन �
08:12दिखाता है जिसमें कौन से जहाज
08:14जो लाल जहाज है वो रुके हुए है
08:16जो हरे जहाज है उनमें मूव्मेंट हो रहा है
08:19तो ये जो पूरा उमान का एरिया
08:20इदर नीचे का एरिया है
08:22और मुस्की खाडी में आप देख रहे हैं उपर इरान है
08:24इस इलाके में इरान ने पूरी सी माइन्स बिचा दी है
08:28हलाकि अपसे कुछ देर पहले
08:29अमेरिका की सेंट्रल कमांड ने ये जानकारी दी है
08:32कि उसने इरान के बंदरगाहों के पास
08:34ब्लॉकेड यानी नाके बंदी लगा दी है
08:37अब समझे डॉनल्ड ट्रॉम्प क्या कर रहे है
08:40और यही बड़ी खबर है
08:41डॉनल्ड ट्रॉम्प ने आज शाम साड़े साथ बजे तक का
08:45वक्त दिया था डेडलाइन दिया था
08:47नाके बंदी करने का
08:48वो कह रहे हैं कि अब तक तुम दादागिरी कर रहे ते और मूस पर
08:51अब हम वहाँ पर नाके बंदी करेंगे
08:53और इस नाके बंदी का मतलब क्या है
08:55वो यह कि अमेरिका की नौसेना के जहाज
08:58ओमान की खाड़ी में रास्ता रोप कर खड़े हो गए
09:01और राश्रपती ट्रंप टेप से कुछ देर पहले
09:03ये धमकी दी है कि अगर इरान की कोई
09:05फास्ट अटैक बोट अमेरिका के ब्लॉकेट के पास आई
09:09तो उसे पानी में ही डुबो दिया जाएगा
09:11ये पूरा खेल एक वाटर वार की तरह बढ़ चुका है
09:16राश्रपती ट्रंप ये भी कह रहे है
09:18कि अब तक इन फास्ट अटैक बोट्स को
09:21अमेरिका की नौसेना ने इसलिए निशाना नहीं बनाया था
09:24क्योंकि उन्हें खत्रा नहीं माना गया
09:26लेकिन अब अमेरिकी नाके बंदी को सुरक्षद बनाने के लिए
09:29इरान की इन बोट्स पर हमले हो सकते है
09:33अमेरिका ने साफ कहा है कि उसके समय अनुसार सुबह दस बज़े
09:36और भारतिय समय अनुसार आज शाम साड़े साथ बज़े से
09:39अमेरिकी नाके बंदी लागू हो गई है
09:42और इसलिए हमने आपको बताया डेडलाइन खत्म हुई
09:44उसके बाद से उसका कहना है कि नाके बंदी लागू है
09:46ये रियल टाइम ट्रैकर हम आपको दिखा रहे है
09:48इस वैसले के तहट जो भी जहाज हॉर्मूस से गुजरने की कोशश करेगा
09:53उसे रोक कर जाच की जाएगी खासतोर पर उन जहाजों पर नज़र रखी जाएगी
09:58जिनोंने इरान को टोल दिया है
10:00यानि हॉर्मूस पर इरान ने जो टोल टैक्स का बूथ लगाया है न
10:04उस पर ताला लगाने के लिए अमेरिका स्ट्रेट अफ और मुज के पास पहुँच गया है
10:08समझ लीजे
10:10उसकी कमाई को रोकने के लिए
10:12हलाकि इस सब के बीच इरान इंटरनाशनल के हवाले से बड़ी ख़बर ही आ रही है
10:16कि अब तक इरान से भारत के जितने भी जहाज गुजरे है
10:19उनसे कोई भी टोल टैक्स या फीस नहीं वसूली गई है
10:24भारत अपने जहाजों के आवाजाही के लिए इरान को कोई टोल नहीं दे रहा
10:27इसलिए भारत को अमेरिका नाकेबंदी से जो अमेरिकी नाकेबंदी है उससे छूट मिल रही है
10:33और ये हमारे लिए एक बहुत बड़ी बात है
10:35जब ये युद शुरू हुआ था तब कई नेताओं और लोगों ने भारत की विदेश नीती की आलोचना की थी
10:41ये कहा कि भारत ने इरान को शायद नाराज कर दिया है
10:44और अब हमारे लिए कई मुश्किलें पैदा होने वाली है लेकिन आज सच क्या है
10:48आज भारत के जहाज स्ट्रेड ओफ और मूस को पार करके भी आ रहे है
10:51और इरान हमसे टोल टैक्स भी नहीं ले रहा है जो कि बाकी देशों से वो वसूल रहा है
10:56कि हम आपको ये काउंटडाउन भी दिखाना चाहते हैं जो ये बता रहा है
10:59कि अब अमेरिका और इरान के बीच लागू हुए सीस फायर को खत्म होने में जानते हैं
11:04कितना वक्त बचा है एक सो निन्यानवे घंटे यानि आठ दिन और साथ घंटे
11:0914 दिनों का इसीस फायर आठ एप्रिल को सुबच चार बच कर दो मिनट पर लागू हुआ था
11:15और अब तक इसीस फायर के जो पांच घंटे पन सत्रह मिनट बीते है
11:21उनमें अमेरिका और इरान की इसलाम अभाद में हुई शांती वारता बिना नतीजा खत्म हो चुकी है
11:30यहां ये समझना भी जरूरी है कि अमेरिका इस नाके बंदी में किन जहाजों को रोको है
11:34किन जहाजों की तलाशी लेगा और किन जहाजों को इस नाके बंदी से छूट मिलेगी
11:40तो सबसे पहले उन सभी जहाजों की अमेरिका द्वारा जाच की जाएगी
11:44जो इरान के बंदरगाह और उसके तटिया इलाकों से आ रहे है
11:48अमेरिका ने कहा है कि वो उमान की खाड़ी, फारस की खाड़ी और श्रेड अफ हर्मूज में मौझूद इरान के
11:54सभी बंदरगा से आने वाले जहाजों की तलाशी लेगा
11:57खासकर उन जहाजों की जाच होगी जो इरान को टोल दे कर आ रहे हैं
12:03तो खाड़ी क्षेतर में इरानी पोर्ट्स जहां जहां पर नाके बंदी की बात अमेरिका कर रहा है
12:09इरान के जिंदन बंदरगाहों की अमेरिका ने नाकी बंदी की हैं
12:12उनमें खुर्रम शहर, मा शहर, इमाम खुमेनी बंदरगाह, खार्ग द्वीप, बुशहर, असाल यूए, लावन द्वीप, सीरी, बंदरबास और चाबहार पोर्ट
12:26सबी पोर्ट शामिल है, जो आपको इस वक्त टेलिविजन स्क्रीन पर इस मैप के जरीए हम दिखा रहे हैं
12:36तो इस ग्राफिक्स के जरीए आप समझ सकते हैं, देखिए इरान के वो बड़े बंदरगाह हैं जहां से उसके और
12:43उसके साथ व्यापार करने वाले दूसरे देशों के जहाज की आवाजाही होती है
12:48तो इसमें हम आपको हर जगह का दिखा रहे हैं, अमेरिका ने कहा है ये नाके बंदी उन देशों के
12:53जहाजों पर लागू नहीं होगी जो खाड़ी के दूसरे देशों से आ रहे होगे
12:56यानि देखें अगर कोई जहाज UAE से जा रहा है, आपने देखा होगा ना UAE में सबसे जादा उन्होंने दुबाई,
13:04आब उधावी पर इरान ने हमला किया था
13:05अब इन खाड़ी देशों को अमेरिका अपना संड्रक्षन देता है, सिक्योरिटी देता है, तो अगर वो जहाज UAE का है,
13:13अगर वो जहाज देखें साओधी अरब का है, अगर वो जहाज इराक का है, कुवेट का है, कातर का है
13:19या बहरेन जाना चाहता है, या वहाज से वो �
13:33जा रहे हैं और निकल रहा है हला कि इसमें भी एक ट्विस्ट है ट्विस्ट यह है कि जो जहाज
13:38कच्चा तेल और गैस लेकर फारस की खाडी से
13:42आ रहे हैं उन्हें स्टेज़ फार्मूज में इरान के बंदरगा से ही गुजरना पड़ रहा है इन ने केशन द्वीप
13:49और
13:49बंदरबास के आसपास ऐसा रूट बनाया है
13:51जिससे हर देश एरान के बंदरगा से
13:53अपना जहाज निकालने के लिए मजबूर है
13:59अब ये जहाज एरान के बताय रूट से निकलेंगे
14:02तो अमेरिका इन्हें इसी आधार पर रोकेगा
14:04कि ये इरान के बंदरगा से आ रहे हैं इसे स्वेड अफ हर्मूस से जो चार से पांच चाहाज दिन
14:09भर में गुजर भी रहते वो आवजाई भी पूरी तरह से ठप हो जाएगी और यहां आप देख सकते हैं
14:14कि समुदरी मार्ग में इस तरह दो नाके बंदी लग जाएंगी ए
14:31अब इरान के निर्यात में ज्यादा फर्क नहीं आया है ह bzw हर महीने पांच करोड 000 राकात पिछ टेल
14:39का निर्यात कर रहा था और अब याद्भी उसने मार्च महीने में जानते हैं
14:43पांच करोड चोहतर लाग बैरन कच्छे तेल का निर्यात किया है
14:47जादा फर्क नहीं पड़ा उसे
14:49उल्टा तेल महेंगा होने से इरान ने डेड़ बिलियन डॉलर
14:53यानि 14,000 करोड रुपे की अतिरिक कमाई कर लिये
14:56और अमेरिका इरान की इसी कमाई पर अंकुष लगाना चाहता है
14:59दूसरा वो इसे चाइना पर दबाव डालना चाहता है
15:02क्योंकि इरान का 90 प्रतिशत कच्छा तेल जानते हैं कौन खरीटता है
15:07अकेले चीन को निर्यात होता है 90 प्रतिशत इरान का तेल
15:13तीसरा, अमेरिका को शक है कि जो जहाज इरान के बंदरगाहों से आवाजाही कर रहे हैं उनमें उसे हतियार की
15:18सप्लाई हो रही है और इसके पीछे रश्या और चायना हो सकते हैं
15:21और इस नाकेबंदी के पीछे चौथा बड़ा कारण है स्ट्रेट अफ अर्मूस को उसी रणनीती से खुलवाना जिस रणनीती से
15:28इरान ने से बंद किया है
15:30अमेरिका कह रहा है कि अगर इरान स्ट्रेट अफ अर्मूज में दुनिया के जहाज रोक सकता है
15:34तो वो भी स्ट्रेट अफ अर्मूज में आकर इरान के जहाजों को रोक सकता है
15:38और ये स्थिति है जिसमें दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ भी सकता है
15:42और हमने आपको अभी बताया कि कैसे इरान ने अमेरिका के दो युद्ध पोद को रोकने की कोशिश की है
15:49इस युद्ध से पहले तक स्ट्रेड अफ और मूस से हर दिन औस तन 130 जहाज गुजरते थे
15:55अगर ये युद्ध ना हुआ होता तो 28 परवरी से 13 एफ्रिल के पीच 850 जहाज समुद्री मार्क से गुजरे
16:01होते हैं
16:02लेकिन जानते हैं इरान ने जिस तरह स्ट्रेड अफ और मूस को बंद किया
16:06उसके बाद 28 परवरी से आज तक कितने जहाज इस रास्ते से की
16:10सिर्फ 273 यानि इन 45 दिनों में 5577 जहाज कम गुजरे
16:17और इसके लिए भी हर कोई अमेरिका को जिम्मेदार मानना भी चाहिए
16:20ये युद्ध अमेरिका ने ही छेड़ा है
16:23इस स्युद्ध से पहले तक स्ट्रेड अफ और मूस खुला हुआ था
16:26अगर अमेरिका इस युद्ध को शुरूर ना करता तो आज उसे किसी लाके बंदी की जरूरत तक नहीं पड़ती
16:31लेकिन ऐसा हुआ
16:32और अब अमेरिका की नौसेना स्ट्रेड अफ और मूस में बहुत चुकी है
16:37यारी हम मानते हैं कि स्ट्रेड अफ और मूस में जो कुछ हुआ उसके लिए अमेरिका दोशी है
16:42लेकिन यहां हमारा एक सवाल ये भी है कि इरान का क्या
16:47सब कह रहे हैं कि इरान ने स्ट्रेड अफ और मूस को अपना हतियार बनाया
16:50युद्ध का हतियार
16:51जबकि सच यह है कि इरान ने राश्रपती टरम्प के खुस से
16:55उनके अजीबों गरीब तर्क उनके यूटरन को अपना हतियार बनाया है
17:00आप अगर ये सोच रहे हैं कि इरान का हतियार स्ट्रेड अफ और मूस है तो आप घलत है
17:04हकीकत में तो इरान का हतियार खुद राश्रपती टरम्प है
17:07जिनके कारण इरान की मनमानी उसकी गुंदागर्दी की आज कोई बात नहीं कर रहा है
17:14आज अगर इरान की जगह कोई और देश होता और उसके कारण दुनिया की उनसच प्रतिशत आबादी को महेंगाई की
17:21मार झेलनी पड़ती
17:22तो सोचिए क्या होता
17:24दुनिया के 486 करोड लोगों को कच्चे तेल और गयास की किल्लत का सामना करना पड़ता
17:3040 लाख लोग भुकमरी की गहरी खाई में चले जाते तो क्या होता
17:36क्या उस देश से सवाल नहीं पूछे जाते
17:38क्या उस देश पर दबाव नहीं बनता
17:42लेकिन इरान के साथ ऐसा कुछ नहीं हुआ
17:44इरान इस ट्रेट अफ अर्मूस को बंद करके आधी दुनिया का गला घोट दिया
17:48लेकिन फिर भी वो बहुत सारे लोगों का हीरो बना हुआ है
17:52और इरान के हीरो बनने का कारण क्या है
17:54यही है कि उसे एंटी ट्रम्प सेंटिमेंट यानि ट्रम्प विरोधी भावना का फाइदा मिल रहा है
18:01और ये भी एक सच्चाई है कि विश्र में आज डॉनल्ड ट्रम्प की लोग प्रियता बिलकुल नीचे धरातल में पहुँची
18:09हुई है
18:10और अमेरिका में भी आप ऐसा ही देख रहे है और आश्रपती ट्रम्प की आलोचना में इरान के सारे पाप
18:15आज छिप जा रहे है
18:17अज आप खुद सोचिए कि युद रुख चुका है
18:21सीजवायर को लाग हुए भी पांच दिन हो चुके है
18:23लेकिन इरान ने क्या स्ट्रेड फॉर्मूस को खोला
18:26क्या इरान ने दुनिया के उन लोगों का दर्द समझा जो इस स्युद की लप्टों से जल रहे है
18:30और उन करोडों निर्दोश लोगों का कसूर क्या है
18:33और जानते हैं सबसे दिल्चस्प बात क्या है
18:36कि ऐसे तमाम लोग जो इरान के समर्थक है
18:41भारत में बैठे हुए वो इस बात की तो खूब ढोल पीट रहे है
18:45कि देखे गैस की किल्लत हो रही है
18:47देखे पेट्रोल की कीमते बढ़ जाएंगी
18:49देखे जो छोटे मोटे कारोबारी हैं उनको बड़ी परिशानी हो रही है
18:54देखे अचाई की जो छोटी छोटी दुकाने हैं वो बंद हो रही है
18:57लेकिन वो दूसी तरफ इरान का समर्थन कर रहे है
19:01युद्ध विराम चल रहा है
19:02ऐसे में स्ट्रेट अफ हॉर्मूस को सुचारिव रूप से चलाना
19:06वापस क्या इरान की जिम्मेदारी नहीं मैं आपको बड़ी स्क्रीन पर कुछ दिखाना चाहती
19:10इरान ने कैसे सिर्फ अपने फाइदों के लिए क्या क्या किया है
19:15आधी से जादा दुनिया को एक बड़े संकट में इरान ने आज धकेल दिया है
19:19तो देखें जिस स्ट्रेट अफ हॉर्मूस को इरान ने बंद किया वो पूरी दुनिया की संपत्ती था
19:24वो अकेले इरान की संपत्ती नहीं थी
19:28वो पूरी दुनिया की संपत्ती थी
19:30इससे एशिया के 389 करोड़ लोगों को कच्चे तेल और ग्यास की आपूरती में दिक्कत हो रही है
19:38अब हम अपने पूरी दुनिया का मतलब इस हिस्से का जहां जहां से स्ट्रेट अफ और मूस से तेल और
19:44ग्यास आता था वो हमने आपके लिए मैप बनाया है
19:46लेकिन अभी मामला बिखरा हुआ है एक एक करके आपको दिखाते हैं सबसे पहले भारत की ही बात कर लेते
19:53हैं भारत कितना लगबग इस होर मूस के रास्ते से 35-40 फीज़ दी जो हमारा निर्यात है वो होता
20:02था
20:03कितना कच्छा तेल आता था 35-40 फीज़ दी 147 करोड का ठीक है अब कीज़ेगा 147 करोड आबादी इससे
20:13प्रभावित हो रही है तो आप सब हर देश की हम आपको कितना पसंटेश तेल आता है और कच्छा तेल
20:18आता है
20:19और कितनी वहाँ की आबादी है, जो प्रभावित हो रही है, वो बताएंगे, ताकि आप भी समझे, आज इरान को
20:25जिम्मेदार इन तमाम देशों को ठहराना चाहिए, 35-40 फीसदी आता है, 145 करोड़ा वादी है, पाकिस्तान का 80 फीसदी
20:3126 करोड़ा वादी है, बांगलादेश
20:34का 95 फीसदी आता है और मुझ से, जूम इन कीजे, थोड़ा साओर जूम इन कीजे, थोड़ा साओर, बांगलादेश का
20:4295 फीसदी आता है, जिसकी 18 करोड़ा वादी है, अब नीचे चलते हैं दीरे-दीरे श्रिलंका की तरफ, 90 फीसदी
20:49इसका आता है इस इलाके से, यहाँ प
21:03धीरे से वापस उपर चलते हैं, थाइलेंड, 50 फीसदी, इनका 50 फीसदी कच्चा तेल आता है होर्मूस से, थाइलेंड का,
21:11और लगभग 7 करोड 15 लाक लोग प्रभावित हो रहे हैं, चाइना, 40 से 45 फीसदी, 141 करोड वहाँ पर
21:19प्रभावित हो रहे हैं, अब आजाईए स�
21:22साउथ कोरिया पर, सबसे उपर, साउथ कोरिया का 61 फीसदी होर्मूस से आता है, 5 करोड 16 लाक लोग प्रभावित
21:30हो रहे हैं, जापान का 95 फीसदी आता है, 95 फीसदी, आप सोचे, 12.24 करोड लोग जो वहाँ पर
21:37हैं, यारी 12 करोड 24 लाक वो प्रभावित हो रहे हैं, ताइ�
21:52हैं, वो स्ट्रेट फॉर्मूस से उधर से आता है, और यहाँ पर लगभग सबा 10 करोड लोग प्रभावित होंगे, फिलिपीन्स
21:57का 98 परसेंट आता है, 98 फिलिपीन्स अपना ठानवे प्रतिशत कच्छा तेल इस रास्ते से मंगवाता है, लेकिन देखिए, 11
22:07करोड 77 लाक ल
22:21आप इनकी आवादी भी देखी रहे हैं, और ये भी देखिए कि ये कितना कच्छा तेल स्टेट फॉर्मूस से करीते
22:26हैं, आज सवाल यही है कि तेल गैस की किल्लत जहलने वाले ये देश, इरान को कसूर वार क्यों न
22:32माने, युद विराम हो चुका है, लेकिन आप स्टेट
22:51इस वक्त दुनिया में इतना जादा है कि उसकी वज़ा से इरान आज भी हीरो बना हुआ है, जबकि वो
22:58दुनिया को हॉर्मूस पर ब्लैकमेल कर रहा है, इरान हीरो जैसा काम नहीं कर रहा है, इरान दुनिया के छोटे
23:05-छोटे देशों का तेल, पानी रोक कर बाइठ है, औ
23:21पूरी दुनिया इसे आतंकवात कहती है
23:22इसके आलोचना होती है
23:24लेकिन जब इरान हॉर्मूस को हाईजाक करके
23:26अपनी मांगे मनवाना चाहता है
23:28दुनिया में लोगों को तेल, गैस, अर्थविवस्थाएं
23:32उनकी नौकरियां सबको प्रभावित करता है
23:35सबको अपने ब्लाक मेल की नोक पर रखता है
23:37तो ये दुनिया उसे विलन नहीं मान रही
23:40क्यों?
23:41हम चाहते हैं कि आप इसके बारे में सोचे
23:43और हमें बताएं कि प्लेन को हाईजाक करना
23:45हॉर्मूस को हाईजाक करना एक जैसा
23:47क्यों न माना जाए?
23:49अब सबकुछ इसी बात पर निर्भर करता है
23:52कि क्या अमेरिका की नौसेना
23:53स्ट्रेट अफ हॉर्मूस में बिचाए गई
23:55सी माइन्स को हटाने में काम्याब होगी
23:58इरान ने समुद्री मार्ग में
24:00तीन तरह की सी माइन्स बिचाई है
24:03इनमें पहली है
24:04मूर्ड माइन्स
24:05जो समुद्र के तल से रसी आनी
24:08चेन की मदद से बंदी होती है
24:10और जब कोई जहाज इनसे टकराता है
24:12तो ये फट जाती है
24:15दूसरी
24:15डिफ्टिंग माइन्स
24:17ये डिफ्टिंग माइन्स क्या होती है?
24:19जो किसी चीज से बंदी नहीं होती है
24:20बल्किए समुद्र में ऐसी ही तैरती रहती है
24:23और इन्हें पकड़ना बहुत मुश्किल होता है
24:25टकराए किसी जहाज से और ब्लास्ट
24:28और तीसरी है लिंपिट माइन्स
24:32जिन्हें मैगनेट की मदद से जहाजों के साथ चिपकाया जाता है
24:35और इनमें टाइम सेट करके धमाका किया जाता है
24:39The New York Times और Reuters के मताबिक इरान के पास
24:41पांच से छे हजार सी माइन्स का जखीरा है
24:43अगर इनमें से उसने आदी यानि तीन हजार सी माइन्स
24:47भी स्ट्रेट अफ और मूस में बिचाई होंगी
24:49तो इन्हें हटाने में जानते हैं कितना समय लग जाएगा
24:53एक सी माइन को ढूंड कर उसे नश्ट करने में औस तन पांच घंटे लगते हैं
24:57इस इसाब से 3,000 माइन्स को हटाने में 15,000 घंटे लगेंगे
25:0015,000 घंटों का मतलब हुआ 625 दिन या एक साल 7 महीने
25:05अगर अमेरिका एक साथ 20 टीमें भी इन सी माइन्स को ढूंड कर नश्ट करने में लग जाता है
25:11तब भी ऐसा करने में पूरी तरह से कम से कम 3 महीने चाहिए होंगे
25:17तो पहले तो इरान ने इन इलाकों में सी माइन्स बिचा दिया
25:22खास दोर पर उमान की तरफ
25:23आज इस पर भी तो सवाल पूछा जाना चाहिए
25:26कि एक ऐसा रास्ता जहां से लोगों के लिए कच्चा तेल और सामान जाता है
25:31आपने उस रास्ते पर सी माइन्स क्या सोच कर बिचाया
25:35जिसके बारे में शायद आज आपको भी पता नहीं है कि वो सी माइन्स कहां कहां पर फैली है
25:38हलाकि अगर सी माइन्स की संख्या कम हुई
25:41तो अमेरिका एक महीने में भी इस समुद्री मार्ग में बिचाया गए बारूत को हटा सकता है
25:46अमेरिका की नौसेना ने उसके लिए अब तक का सबसे मुश्कल ऑपरेशन शुरू किया है
25:51जिसके कुल चार चरण होंगे
25:53पहले चरण में समुद्री ड्रोन्स और हेलिकॉप्टर्स की मदद से उन इलाकों की पहचान की जाएगी
25:59जहाँ Sea Mines को बचाया गया है
26:01इसके बाद दूसरे चरण में
26:03रोबो बोट और जहासों की मदद से Sea Mines की पहचान की जाएगी
26:07फिर उनको टारगेट करके उनके लिए लोक किया जाएगा उनको
26:13तीसरे चरण में छोटे बॉम और विस्वोटक की मदद से इन माइन्स को नश्ट किया जाएगा
26:18और चौथे चरण में अमेरिका के बड़े युद्पो स्रेट अफ और मूस को सुरक्षित करके उसे सभी जहाजों के लिए
26:25खोलने का काम करेंगे
26:27हलाकि जिस तरह की अभी स्थिती है अमेरिका पर भी हम भरोसा नहीं कर सकते
26:31क्योंकि अमेरिका अगर स्टेट अफ और मूस पर कबजा कर लेता है फिर कई बार वहाँ पर टैक्स वसूली की
26:38बाद टोल वसूली की बाद खुड डॉनल्ड ट्रब कर चुके है
26:40इसे में सवाल ये उटता है कि जिस तरह से पहले ये रास्ता लोगों के लिए खुला हुआ था उसी
26:45तरह के से स्टेटिस को वापस इसे स्थापित करना जरूरी है
26:49इनमें USS Frank E. Peterson, USS Michael Murphy को अमेरिका ने तैनाद भी कर दिया है जो स्रेट अफ हर्मूज
26:56में पहुँच चुके है
26:59हलाकि इरान के प्रेस टीवी ने एक नया विडियो जारी किया है जब हमने आपको शुरू में ही दिखाया था
27:03कि इरान की चेतावनी के बाद अमेरिका के ये दोनों युदपोत पी दिखा कर भाग चुके है
27:09और अब इरान कह रहा है कि अगली बार ये आगे बढ़े तो वो इन्हें निशाना बनाने में भी पीछे
27:14नहीं हटेगा
27:15इसके अलाबा अमेरिका ने लिटोरल कॉम्बाट शिप्स भी स्ट्रेट अफ हर्मूस में भेज दिये हैं
27:21जो माइन्स को ढूंडेगे उन्हें नश्ट करेंगे तब तो जाकर ये रास्ता सबके लिए सुरक्षित हो गया
27:27अमेरिका इस यूद में ऐसे हलिकॉप्टर का भी इस्तमाल कर रहा है जिससे सी माइन्स को ढूंड कर उन्हें नश्ट
27:32करने में जादा महीने ना लगे
27:34इसे एरबॉन लेजर माइन डिटेक्शन सिस्टम भी कहा जाता है जो हलिकॉप्टर से चलने वाला लेजर सिस्टम होता है जिसके
27:41जरीए सी माइन्स को ढूंड कर इसकी मदद से समुदर में बिना घुसे
27:45आप उपर से ही सी माइन्स को डिटेक्श कर सकते हैं और जब इनकी लोकेशन पता चल जाती है तो
27:51इन्हें बड़े जहाज़ों और ड्रोन से नश्ट कर दिया जाते हैं
27:55इनमें भी दो ड्रोन्स बहुत महत्वण हैं एक है नाइफ फिश ड्रोन जिसका वजन लगभग 8000 किलोग्राम होता है यह
28:05अंडर वाटर ड्रोन समुदर के तेल में छिपी माइन्स को ढूंड भी सकता है और उनकी लोकेशन भी बता सकता
28:11है और दूसरा है किंग फिश ड्रो
28:15मिसाइल जैसे आकार का ये ड्रोन समुदर की सता को स्कैन करता है माइन्स का पता लगाकर उन्हें नश्ट करने
28:21में मदद करता है अमेरिका ने स्टेट अफ हर्मूस के पास रोबो बोड भी भेजती है जिने अन्मैंड सर्फिस वेहिकल
28:29का जाता है रोबोड जो कि वहाँ प
28:43करना आसान नहीं होगा अमेरिका ने इरान की नौसेना के 155 जहाजों को तो नश्ट कर दिया लेकिन वो इस्लामिक
28:50रेवलूशनरी गार्ड कॉप्स की नौसेना को कमजोर नहीं कर पाया है आयार जीसी की साथ प्रतिशत स्पीड बोड अब भी
28:57पूरी तरह सुरक्षत है और
28:59इन स्पीड बोड को आप हलके में मत लीजे यह सैटलाइट की नजर से बचती है बच सकती है इन
29:06पर रॉकेट लॉंच लगे होते हैं यही वो स्पीड बोड है जिनकी मदद से इरान ने स्टेट अफ हर्मूज में
29:11माइन्स बिच आई है यह तेज गती से आ जा सकती है और स�
29:27इस्तमाल इस वक्त कर रहा है अपने इन स्पीड बोड को चिपाने के लिए तो कुछ इस अंदाज के वो
29:32दिखते हैं अंडरग्राउंड पैंस को आप नेवल टनल भी कह सकते हैं जो समुद्र के पास बड़ी बड़ी चट्टानों के
29:39नीचे बनी होती है इनकी पहचान करना
29:41मुश्किल होता है अमेरिका का बंकर बस्ट बॉम भी इने नश्ट नहीं कर सकता अब होता ये है कि इनी
29:48सुरंगों से ये स्पीड बोड बाहर निकल कर आती है और फिर वापस इनी सुरंगों से छिप जाती है जिसके
29:54कारण इस युद में अमेरिका के लिए इन स्पीड बो�
30:12तो यह खतरनाक होगा खतरनाक रूप लेगा और यहां अमेरिका के लिए लाडाई आसान नहीं होगी देखें
30:41तो यह खतरनाक क्या और यहां से खतरma होगी दो रोल नहीं हो भी आनक को बाद के लगए इस
30:52नहीं होगी פה होगी देखें
31:16यह तैयारी बताती है कि इरान ने किस तरह से वर्षों तक इस पूरे इलाके में एक महा युद्ध की
31:24तैयारी की हुई है
31:25यह तस्वीरे बताती है कि यहाँ पर इरान को अड्वांटेज होम ग्राउंड है
31:30यह तस्वीरे बताती है कि इरान ने हर कदम पर अपने आगे के कदम सोचे हुए हैं
31:36उसे यह तैय किया हुआ है कि अमेरिका क्या करेगा उसका काउंटर अटाक ऐसे में क्या होगा
31:41और यही इस वक्त सबसे बड़ा अड्वांटेज है इरान के लिए और अमेरिका के लिए सबसे बड़ा चालेंज
31:49यह अंडरग्राउंड सोचे आप अगर पानी के नीचे इस तरह से उन्होंने स्पीड बोट्स के लिए रास्ता बनाये हुआ है
31:54अब इसका अंदाजा लगा सकते हैं कि इरान ने स्युद्ध की कैसे तैयारी की हुई है
31:58अब इस सवाल पर जरा आते हैं कि इस्तामबाद में अमेरिका और इरान की बाची फेल हुई तो इसे जान
32:03बूच कर क्या फेल कराये गया
32:04आज हम आपको एक इंसाइट स्चोरी सुनाना चाहते हैं
32:07राश्यपदी ट्रम्प इसके लिए इरान को जिम्मेदार बता रहे हैं
32:10ये कह रहे हैं कि इरान अपने परमाणू कारक्रम को जारी रखना चाहता है जिसे अमेरिका स्विकार नहीं करेगा
32:15जबकि इरान कह रहा है कि अमेरिका उसका भरोसा जीतने में नाकाम रहा
32:20और जब तक अमेरिका इरान का भरोसा नहीं जीतेगा तब तक दोनों देशों के बीच किसी भी तरह की डील
32:25होना ही असंभव है
32:27अभी कुल चार शर्तों पर पूरी बातचीत फसी है
32:31इरान चाहता है कि अमेरिका स्ट्रेट अफ हर्मूस पर उसके नियंतर्ण को स्विकार करे
32:35जबकि अमेरिका चाहता है कि स्ट्रेट अफ हर्मूस को बिना शर्क खोला जाए
32:39इरान यह चाहता है कि उसके उरेनियम एन्रिश्मेंट प्रोग्राम को बंद ना कराया जाए
32:44इरान के मुताबिक वो इसका सिर्फ nuclear energy, cancer के इलाज, research, नागरिक को प्योग में करना चाहता है
32:52वो परवाणू हतियार कभी नहीं बनाएगा
32:54लेकिन अमेरिका कह रहा है कि वो इस मामनिम में इरान पर भरुसा नहीं करेगा
32:58कभी नहीं करेगा, अमेरिका और इरान के डील तभी होगी जब इरान अपने nuclear program को सीमित करेगा
33:04इरान तीसी बात, इरान ये भी चाहता है कि लेबनान में ceasefire लागू
33:09अमेरिका इस्राइल को ऐसा करने के लिए मजबूर करेगा
33:12लेकिन अमेरिका कहरा है कि वो लिबनान को इस डील का हिसा नहीं बनाएगा
33:17इसका कारण ये भी है कि कलकु अगर इस्राइल ने फिर से लिबनान में हमले शुरू कर दिये
33:21तो इरान उसे अमेरिका के साथ अपनी डील का लंगहन मानेगा
33:23और इसे अमेरिका और इरान के भी इच तनाव बना रहेगा
33:27अमेरिका का कहना है कि वो लिबनान की कोई गारंटी नहीं ले सकता
33:30और इरान को भी ऐसा नहीं करना चाहिए
33:32और आखरी शर्थ मुआफ़जे को लिकर है
33:35इरान चाहता है कि उसे इस युद में हुए नुकसान का पूरा मुआफ़जा दिया जाए
33:39ना सिर्फ मुआफ़जा दिया जाए बलकि स्ट्रेड अफ हर्मूज में उसे सभी जहाजों से
33:43शुल्क वसुले की कानूनी अजासत मिले
33:45जबकि अमेरिका कह रहा है कि ये तो संभव ही नहीं है
33:49और ये कारण है कि इसलामबाद में अमेरिका और इरान की हुई बाचीत खत्म हो गई
33:53और अब अमेरिका ने अपनी नौसेना को स्ट्रेड अफ हर्मूज में भेज़ दिया है
34:10विलन था अमेरिका
34:12पूरी दुनिया ये कह रहे थी कि अमेरिका को ये युद रोग देना चाहिए
34:15अमेरिका के लोग भी इसके लिए जबरदस दबाव बना रहे थे
34:19अब दे न्यू यॉर्क पोस्ट की एक रिपोर्ट कहती है
34:22कि राश्रपती ट्रंप ने इसी दबाव को हटाने के लिए
34:25सीस फायर का ट्रंप कार्ड खेला
34:29उन्होंने इरान के दस सूत्रे मांगो के प्रस्ताव को बाचीत के लिए स्वीकार कर लिया
34:33चलिए बाचीत इस पर करते है
34:35इससे जो युद्ध थमता हुआ नहीं दिख रहा था
34:38वो युद्ध चौदा दिनों के लिए रुख गया
34:40ऐसा करके अमेरिका ने दुनिया को बता दिया कि वो युद्ध रोग भी सकता है
34:45अब गेंथ इरान के पाले में गए
34:48इरान को स्टेट फॉर्मूस खोलना था
34:50लेकिन उसने ऐसा नहीं किया
34:52इससे जो दबाव युद्ध रुकने से पहले तक अमेरिका पर था
34:55वो दबाव अब इरान पर शिफ्ट हो गया
34:58और बहुत अचरज की बात नहीं है
34:59कि आज इरान के विदेश मंत्री अबास अराक्ची ने
35:02सौधी अरब, कतर सब के विदेश मंत्री से बाचीच शुरू की है
35:06दुनिया में इस बात की चर्चा शुरू हो गई है
35:08कि जब युद्ध रुक चुका है
35:09तब भी क्या स्ट्रेट अफ और मूस को इरान द्वारा बंद करके रखना जाना सही हो सकता है
35:14ये पहला दाओ था जिससे अमेरिका ने इरान को घेरा
35:19इसके बाद दूसरा दाओ
35:20अमेरिका ने तब जला, तल चला
35:22जब उपराश्रपती जेडी वैंस को इस्लामबाद में शांती वारता के लिए भेजा गया
35:27अब उस पर भी न्यूयॉक टाइम्स की इस रिपोर्ट की एक अपनी थियोरी है
35:31उपराश्रपती जेडी वैंस वही नेता है जो इस युद्ध का विरोध कर रहे थे
35:35अब डॉनल्ड ट्रम्प ने क्या किया अमेरिका के लोगों के लिए ने इसके लिए जेडी वैंस की खुब प्रशंसा की
35:43और डॉनल्ड ट्रम्प की भच्सना हो रही थी
35:46अमेरिका में यहां तक कहा गया कि अगर उपर राश्रपती जेडी वैंस की चलती तो ये युद्ध होता ही नहीं
35:52लेकिन राश्रपती ट्रंप ने यहां भी एक मस्टर स्ट्रोक खेल दिया
35:55वो क्या? उन्होंने इरान से बाचीत के लिए जेडी वैंस को ही भेज दिया
36:00और जब इरान अपनी मांगो को लेकर अड़ा रहा बाचीत का नतीजा नहीं निकला
36:04तो सबने यही समझा कि इरान ही अन्रीजनबल हो गया है
36:08अमेरिका के लोगों में ये बाते होने लगी कि अब तो जेडी वैंस इरान से बाचीत कर रहे थे
36:13तब भी इरान ने अमेरिका से कोई डील क्यों नहीं
36:17यानि नट्शल में कहें तो जेडी वैंस इरान के खिलाफ युद नहीं चाहते थे
36:21जब उन्हें ही इरान ने निराश कर दिया तो ये नारेटिव खड़ा हो गया
36:26कि राश्रपती ट्रम्प शायद इरान को लेकर सही है
36:31कि जो जेडी वैंस युद नहीं चाहते थे उनकी भी बात वो मानने को तयार नहीं है
36:36क्योंकि अभी तक यही शिकायत थी ना एरान की कि वो येहुदी धर्म मानने वाले अपने पीस एन्ववई विटकॉफ को
36:44भेज देते हैं
36:45या अपने यहुदी धर्म को मानने वाले दामाद जैरेट कुशनर को भेज देते हैं
36:50तो जेडी वान्स को भेज कर भी पूरी इमेज वाइट वाश करने की कोशिश हुई
36:54और यही कारण है कि बाचीत रुपते ही राश्रपती टरंप ने इस युद का सबसे बड़ा दाव खेल दिया
36:58उन्होंने स्टेट अफॉर्मूज में अपनी नौसेणा उतार दी
37:00नौसेणा उतार कर उन्होंने क्या कहा
37:03यही कहा कि वो समुद्री मार्ग में बिछाई गए माइन्स को हटा कर इस रास्ते को खुलवाना चाहते है
37:09और ये कैसी चीज है जिसमें इरान फस गया है
37:12अब कल तक एरान ये कह रहा था कि वो इन माइन्स को ढून नहीं पा रहा है
37:17तो जब तुम ही नहीं ढून पा रहे हैं तो अमेरिका ने अपने जहाज भेज दिये
37:21दूसरा, अमेरिका ऐसा करके एरान के अधिकार कशेतर में भी दखल नहीं दे रहा है
37:26स्ट्रेड अफ और मूस की जो शिप्मेंट लेन है वो इलाका अंतराश्य कानूनों के तहतावा जाही के लिए मुफ्त है
37:31और इस पर सबका हक है अब जिस पानी पर सबका हक है उस रास्ते को अमेरिका खुलवाना चाहता है
37:37और अगर इरान ऐसा करने से उसे रोकता है या उसके लिए अमेरिका पर हमला करता है
37:41तो इस पर सीज़ फायर को तोड़ने का आरोप लग सकता है और फिर अमेरिका जो चाहे वो इरान पर
37:45कर सकता है
37:46इसे अमेरिका भी ये कह पाएगा कि उसने तो युद्ध रोग दिया था लेकिन इरान ने फिर से युद्ध शुरू
37:52कर दिया इसे आप ये समझ पाएंगे कि ये असल में शत्रंच काई कैसा खेल है जिसमें इस बार बिसात
37:59अमेरिका ने बिचाई है और इरान के लिए इस य�
38:15इमार कुदरत से इंसानों को मिला है जिसे बनाने में इरान की कोई भूमिका नहीं है उसे इरान अपने नियंतरन
38:22में लेकर विलन ही दिखेगा और अमेरिका यही उसे दिखाना चाहता है इसलिए हमने आपसे शुरूआत में कहा कि ये
38:28बाच्छीत फील फेल हुई है या फे
38:45अमेरिका का तो सबकुछ दाव पर लगा हुआ है डॉनल्ड टरम्प के लिए सबकुछ दाव पर हैसर है विश्वी युद
38:52विश्व के नए वर्ल्ड ओर्डर को भी गड़ रहा है क्या है इन्हिए वर्ल्ड ओर
38:59अमेरिका का तो सब कुछ दाव पर लगा ही है
39:01मैं आपको बड़ी स्पीन पर इसे समझाती हूँ कि कैसे ये विश्व युद्ध की स्थिती जो है
39:06वो नया वर्ल्ड ओर्डर बना रही है
39:08शीत युद्ध का वक्त याद कीजे
39:10Cold War
39:11और शीत युद्ध के वक्त दुनिया में दो बड़ी महाशक्तियां थी
39:15एक अमेरिका और दूसरा सोवियत संग
39:19तब सोवियत संग था
39:22बाइपोलर वर्ल्ड तब कहा जाता था
39:24कि दो महाशक्तियों के बीच ही पूरी ताकत दुनिया की बटी हुई थी
39:29उस वक्त दुनिया या तो अमेरिका की तरफ होती थी या फिर सोवियत संग की तरफ बाइपोलर वर्ल्ड ओर्डर कहा
39:37जाता था
39:38इसके बाद सोवेट संग तूट गया, दुनिया में यूनिपोलर वर्ल्ड ओर्डर की व्यवस्था
39:43जिसमें पूरी दुनिया पर एक ही सूपर पार का दबदबा, उसका प्रभावरा, ये देश कोई और नहीं बलकि अमेरिका था
39:50इदर सोवियतं अलग अलग छोटे-छोटे देशों में रशिया, लात्विया, अलग अलग अलग देशों में पूरी तरह से तूट चुका
39:57था
39:57लेकिन अब ये यूनिपोलर वर्ल्ड ओर्डर खत्म हो गया है, अब मल्टी पोलर वर्ल्ड ओर्डर आ गया है
40:04जब कई देश मिलकर शक्ती संतुलन बना रहे हैं
40:07जब दुनिया में कोई एक बॉस नहीं है
40:10अब अमेरिका है तो उसके सामने यूरोपीन यूनियन भी है
40:13जो उससे अलग खड़ा है
40:15वरना अब तक जब जब अमेरिका जिधर होता था
40:18सारे यूरोप के देश, नेटो के देश उसके साथ खड़े हो जाते थे
40:22उसकी सहायता करते थे लेकिन इस यूद ने उसको पलट दिया
40:25आज यूरोप के ये देश, आज नेटो के ये सभी जो मेंबर्स है
40:30ये अमेरिका का साथ तक देने को तयार नहीं है
40:33चायना भी एक बड़ी world order है
40:35रश्या world power बना है भारत world power है
40:38अब इरान को भी एक नई world power माना जा रहा है
40:41यारि अब अमेरिका ही नहीं
40:44अलग-अलग power centers बन रहे है और सिर्फ अमेरिका की अब नहीं चले गी
40:48अमेरिका दुनिया का मॉनिटर नहीं बनेगा, अमेरिका अकेले शक्ती का संतुलन नहीं बनाएगा, बलकि अब ये सारे देश मिलकर शक्ती
40:55का संतुलन बना रहे हैं और इस विश्युद ने विश्युद में नए रिकॉर्ड जो वर्ल्ड ओर्डर है, उसकी नीव पूरी
41:02तर
41:14सर पर पहुँच गया, अमेरिका और इरान की जंग और सीजफायर के बीच डिप्लोमसी पूरी तरह फेल है, लेकिन ट्रम्प
41:20का शो चालू है, और वो खुद में मस्त है, दुनिया तेल और गैस की किल्लत से जूज रही है,
41:28पाकिस्तान के साथ कूटने तिक बाचीत के नती
41:41संद ले रहे थे, इससे पहले भी वो युद्ध के तनाव के बीच गॉल्फ खेल चुके है, जब दुनिया उर्जा
41:48संकट से जूज रही है, तब ट्रम्प का फाइट देखना या गॉल्फ खेलना इस संदेश देता है कि उनके लिए
41:53अंतराश्य अस्थिर्ता शायद इतनी
41:56की एहम नहीं है, जितना की उनका अपना मी टाइम, जब दुनिया जल रही हो तब शासक का खेल में
42:03मश्गूल होना इतिहास के नीरों की याद दिलाता है, हलाकि ट्रम्प के समर्थकों का कहना है कि ये ट्रम्प का
42:09अंशेकिबल कॉन्फिजेंस है, वो दुनिया को दिखाना
42:12चाहते हैं कि अमेरिका इतना शक्तिशाली है कि उसे इन छोटे मोटे फेलियर्स युद से फर्क नहीं पड़ता, फाइट देखना
42:22एक तरह का पाव प्रोजेक्शन हो सकता है, जो ये दर्शाता है कि वो दबाव में नहीं आते, लेकिन हकीकत,
42:28हकीकत यह है कि जब दुनिया
42:30परिशान है तब ऐसी तस्वीरें ये दिखाती है कि सत्ता के शिकर पर बैटे लोग जमीनी हकीकत से कितने दूर
42:36हो सकते हैं।
43:28पर दे पाएगा।
43:30ये दो विराम की बातचीत का इस्तमाल इरान को हतियारों की सप्लाई देने में किया है। बताया जा रहा है
43:35कि चाइना अपने हतियारों की खेप को डंकी रूट से
43:40स्टाइल, डंकी रूट स्टाइल में भेज रहा है। वो पहले अपने हतियारों को किसी अन्य देश में भेजता है। वहां
43:46से हतियार किसी अन्य देश में पहुंचते हैं।
43:48और कई देशों से होते हुए वो हतियार इरान पहुंच रहा है। इससे फायदा यह हो रहा है कि हतियारों
43:55की डिलिुवरी का असली स्रोत पता नहीं चल पा रहा।
43:58जानकारी के मुताबिक चाइना ये खास तरह के हतियार भेज रहा है
44:02जिसे इरान के आसपास आसमान पर जो है उस पर नियंतरण पाना अमेरिका के लिए आसान नहीं होगा
44:11रिपोर्ट के मुताबिक चाइना इरान को मैन पाड्स यानि मैन पोर्टबल एर डिफेंस सिस्टम्स दे रहा है
44:17यह खास तरह का एर डिफेंस सिस्टम है जिसे कंदे पर रखकर चलाया जा सकता है
44:34यह एक तरह का आंटी ऐर क्राफ मिसाइल सिस्टम है जो कम उचाईपर उडने वाले अमेरिकी सेन विमानों के लिए
44:40खतरा हो सकता है
44:42खाली में अमेरिका का F-15 फाइट जेट भी इसी तरह से आंटी ऐर क्राफ मिसाइल सिस्टम्स से मार गिरा
44:48गया था
44:48उसके पाइलेट और एरमान को बचाने के लिए अमेरिका को तब एक बड़ा rescue operation चलाना पड़ा था
44:54हलाकि ये clear नहीं किया गया कि जिस air defense system को F-15
45:00जिस air defense system से F-15 को मार गिरा गया था वो चाइना ने दिया था
45:05कुफया रिपोर्ट पे ये दावा भी किया गया है कि चाइनीज कंपनिया कुछ प्रत्यबंदित तकनीक इरान को बेच रहे हैं
45:11जिनकी मदद से इरान अपने हतियारों को भी हाइचेक बना रहा है और
45:15navigation system को भी सुधार रहा है इसी लिए Donald Trump बहुत भड के हुए है
45:20चाइना को खतरनाक परिवनाम भुगतने की धंकी दे रहे हैं
45:24सुनी
45:41तो चाइना को बड़ी मुश्किले होंगी हाला कि चाइना ने इस रिपोर्ट को खारिच किया है
45:45उनका कहना है ये सुध में वो किसी भी पक्ष को हतियार नहीं दे रहा है
45:49यानी साफ संकेत है
45:50चाइना डिरेक्ली इस युद में नहीं कूदना चाता है
45:53उसने अमेरिका से अपील की है
45:54कि वो निराधार आरोप लगाने और संसनी फैलाने से बचे
45:57इस बात से इंकार नहीं किया जा सकता है
46:00कि इरान चाइना रश्या के अच्छे संबंद है
46:02और खबरे ये आती रही है
46:03कि युद में चाइना और रश्या ने इरान को
46:05अमेरिकी सेनाओं की मुव्मेंट की खूफिया
46:07जानकारियां तक उपलप्त कराई है
46:11आठ एपरिल को
46:12अमेरिका और इरान के भी
46:13सौधर दिन के युद विराम की घोष्णा हुई थी
46:15लेकिन इस युद विराम का इसराइल पर कोई असर नहीं पड़ा था
46:18उसने युद विराम की घोष्णा के पहले ही दिन
46:21लेबनान पर बड़े हमले किये थे
46:23जिसमें साड़े तीन सौ लोग
46:24सारे 300 से भी जादा लोग मारे गए थे
46:29इन हमलों के साथ साथ इसराइल ने एक बात साफ कर दी थी
46:32कि युद्विराम की शर्तों में लेबनान शामिल नहीं है
46:35हलाकि इरान ने लेबनान पर हमले पंद करने की शर्त रखी थे
46:39लेकिन इसराइल और अमेरिका ने इससे इंकार कर दिया था
46:42तभी से इसराइल का लेबनान ओपरेशन जारी है
46:46इसराइल के टागेट पर लेबनान का दक्षणी हिस्सा है
46:48इसराइली सैनिक लेबनान के इस हिस्से पर धीरे धीरे अपना नियंतरन हासिल करते जा रहे है
47:09इसराइल ने दक्षरी लेबनान के शहर बिन जुबैल और नवातिय अलपाख फौका में एस्ट्राइक्स की उसके अलावा अबबासय शहर पर
47:18ड्रोन अटाक हुआ बजूरिय शहर पर इसराइली ड्रोन ने अटाक किया और ये ग्राउंड अटाक से इसके अलावा इसराइल �
47:25सरल घर्बिये और चोकीन पर भी वीशन हमले किये तो आज के लिए ब्लाक अन्वाइट में इतना ही हम आपसे
47:34हमारी अगली मुलाकात होगी कल रात 9 बजे तब तक आप खुश रहिए स्वस्त रहिए सुरक्षत रहिए और आज हम
47:41महान गाई का आशा भोस्ते को उनके गीतो
47:43से केमाध्यम से श्रद्धानजली देना चाहते हैं 92 साल के आशा जी साथ दशकों तक भारत्य संगीत का परयाय बनी
47:51रही संगीत के उस चंचल साहसी और जादूई स्वर ने कल शाम मौन की चादर ओड़ी बड़ी बहन लता मगेशकर
48:01की गाई की से अलग हमें आशा भोस्ते
48:03ने अपने सुरों में क्लासिकल म्यूजिक की मर्यादा भी रखी जैस की आधुनिकता भी वो लेकर आए एक वक्त था
48:11जब फिल्म इंडस्ट्री में आशा जी को वो गाने मिला करते थे जिनने गाने से लता मंगेशकर या गीता अदत्ता
48:16मना कर देती थी उसके बाद वो आ�
48:33में अपनी अलग पहचान बनाएं अज संगीत का एक सुनहरा अध्याय भले ही बंध हो गया हो लेकिन आशा जी
48:41आप कल भी थी आप आज भी हैं और आवाज के रूप में हमेशा हमारे दिलों में जिन्दा रहें
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