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रूस ने 1 अप्रैल से पेट्रोल (गैसोलीन) एक्सपोर्ट पर रोक लगा दी है, जिससे ग्लोबल ऑयल मार्केट में हलचल तेज हो गई है।यह फैसला Iran war के बीच लिया गया है, जहां पहले से ही सप्लाई पर दबाव बना हुआ है।Strait of Hormuz के बाधित होने से दुनिया की तेल सप्लाई पर बड़ा असर पड़ा है।हालांकि, भारत पर इसका तुरंत बड़ा असर देखने को नहीं मिलेगा क्योंकि भारत गैसोलीन का नेट एक्सपोर्टर है।लेकिन भारत कच्चा तेल (crude oil) मुख्य रूप से खाड़ी देशों से आयात करता है।अगर यह संकट लंबा चला, तो भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में उछाल आ सकता है।रूस के इस फैसले के पीछे घरेलू मांग को सुरक्षित रखना भी एक बड़ा कारण है।ऊपर से रूस की रिफाइनरियों पर हमलों ने स्थिति को और जटिल बना दिया है।आने वाले समय में यह संकट आम लोगों की जेब पर सीधा असर डाल सकता है।

Russia has announced a ban on gasoline exports starting April 1, shaking the global fuel market.The move comes amid the ongoing Iran war, which has already tightened global oil supply.Disruptions in the Strait of Hormuz have further worsened the situation for energy exports.Experts suggest that India may not face an immediate impact as it is a net exporter of gasoline.However, India relies heavily on crude oil imports from Gulf countries.If the crisis continues, fuel prices in India could rise significantly.Russia’s decision is aimed at securing its domestic fuel demand during uncertain times.Additionally, attacks on Russian refineries have added pressure to global supply chains.The coming weeks will be crucial in determining fuel price trends worldwide.

#RussiaOilBan #IranWar #OilCrisis #FuelPrices #IndiaEconomy #PetrolDiesel #GlobalOilMarket #HormuzStrait #EnergyCrisis

~HT.410~PR.512~ED.276~GR.508~

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00:00रशिया ने पेट्रोल एक्सपोर्ट्स बंद कर दिये हैं
00:02इरान में वार चल रही है और शेट ओफ होर्मोस भी अल्मोस ब्लॉक पड़ा है
00:06तो अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिरकार भारत को तेल देगा कौन
00:12ओइल क्राइसिस की तो सब बात कर रहे हैं
00:14लेकिन अब रशिया जब आप्शन बंद कर देगा तो हमारे पास तेल के विकल्प बचेंगे ही नहीं
00:21तो क्या आने वाले दिनों में पेट्रोल और डीजल के प्राइसिस दोस्तो रुपे को भी टाप जाएंगे
00:26या सिचुएशन बच से बत्तर होती जाएगी
00:30दर्शकों एक एप्रिल से रशिया ने गैसुलीन एक्सपोर्ट्स पर बैन लगा दिया है
00:34यह डिसिजन किसी नॉर्मल सिचुएशन में नहीं लिया गया
00:36बलकि इसलिए लिया गया है क्योंकि ग्लोबल ओयल मार्किट में और रेडी प्रेशर है इरान वार की बगे से
00:42अब रशिया का कहना है कि उन्हें अपने देश में फ्यूल सप्लाई सिक्योर रखनी है क्योंकि इंटरनाशनल प्राइसे ओलरेडी काफी
00:49वॉलिटाइल हो चुके है
00:50यानि दुनिया को तेल के लिए तरसने दो अब हम अपना तेल बाहर दुनिया को नहीं देंगे हम अपना तेल
00:55अपने पास सुरक्षित रखेंगे अब दर्श को आपको ग्लोबल पिच्चर समझनी होगी
01:00शेट ओफ होर्बूस जहां से दुनिया का 20% ओयल सप्लाई गुजरता है वो डिस्रप्ट हो चुका है
01:05मिडल इस्ट में टेंशन हाइपर हैं शिपिंग रूच रिस्की हो गए हैं और अब रश्या ने भी सप्लाई रोगती है
01:11यानी भारत को एक के बाद एक मार पड़ रही है
01:14सिंपल लैंग्विज में मार्केट में तेल कम हो रहा है इंटरनाशनल मार्केट में तेल की किलत है और भाईया डिमांड
01:21तो उतनी ही है और इसी वजह से प्राइसे उपर जाने का प्रेशर बन चुका है
01:26अब बात करते हैं भारत की सबसे पहले पैने करने की तो जरूरत नहीं है क्योंकि इंडिया डारेक्ली रशिया से
01:33गैसोलीन इंपोर्ट नहीं करता इतनी बड़ी संख्या में
01:36अच्छिली इंडिया एक नेट एक्सपोर्टर है गैसोलीन का यानि हम रिफाइंड फ्यूल खुद बनाते हैं और दूसरे देशों को बेचते
01:43भी है
01:43एनरजी एक्सपोर्ट ने भी बताया है कि रशिया के इस बैन का इंडिया इंडिया पर नहीं पड़ेगा तो ये बड़ी
01:51राहत की बात है लेकिन दर्शकों ये पूरी बात नहीं है और असली गेम इसके बात स्टार्ट होती है इंडिया
01:56क्रूड ओयल इंपोर्ट करता है औ
02:11दिक्कते बढ़ जाएंगी और आपको याद दिला देते हैं इंडिया और यूएस ट्रेड डील के पहले इंडिया के उपर इतना
02:18दबाव बनाया था यूएस और ट्रंप ने कि आप रशिया से तेल नहीं खरी देंगे ताकि रशिया को पैसा ना
02:25मिले युक्रेयन के खिला�
02:40रहे हैं और इन सब की वज़े से ही फाइनली इंडिया में पेट्रोल और डीजल महेंगा हो जाएगा और छोटा
02:46मोटा नहीं दर्शकों अच्छा खासा फरक पड़ेगा ये इंपक्ट डारेक्ट नहीं है लेकिन इंडारेक्ट और डिलेड होगा पर आपकी जेब
02:54पे फरक �
02:55जरूर डालेगा दर्शकों अब उपर से रशिया खुद भी स्टेबल नहीं है लीसेंट रोन अटाक्स की वज़े से रॉसनेफ्ट और
03:01सोगट नेफ्टेगस की रिफाइनरीज टेंपरली बंद हुई है ये प्लांट के टोटल रिफाइनिंग कैपसिटी का 10% हैंडल करती ह
03:10यानि रूस का 10% तेल इन दो प्लांट से बनता है और ये अभी फुली फंक्शनल नहीं है मतलब
03:18रशिया का एक्सपोर्ड बैंग सरफ पॉलिसी नहीं है ये मजबूरी भी हो सकता है रशिया बहुत दूर की सोचता है
03:24उनको दिख रहा है कि एक से डेड़ महीने के अंदर द
03:39स्टॉब्ड है वार चल रही है कई सारी देश अपनी सप्लाई को सिक्योर करने के चकर में हैं लेकिन भारत
03:45के पास आखिर आप्शन बचे के नहीं मिडलीस से तेल आना अब मुश्किल हो गया है रशियन ओयल भी अगर
03:51बंद हो जाएगा तो सच यह दर्शकों कठोर सच यह
03:55है कि हमारे पास और कोई रिलाइबल आप्शन नहीं है यूएस तेल बहुत महंगा देता है और वेनिजवेला जो वाला
04:02खयाल उन्होंने पकाया था वो अब तक सिरफ खयाल ही दिख रहा है इंडिया के पास रश्य और मिडल इस्ट
04:09के अलावा कोई भी प्रॉमिनेंट सप्
04:23लेगी फिलहाल इंडिया के पास बैक अप्शन हैं इंडिया यूएस आफ्रिका लाटन अमेरिका जैसे मल्टिपल सोर्से से और ले सकता
04:31है लेकिन प्रॉब्लम यह है कि जब ग्लोबल प्राइस बढ़ते हैं तो सप्लायर कोई भी हो महंगा तो सब को
04:37पड़ेगा और इतनी
04:52सो नहीं 200 पार कर जाएगा और इसका डारेक्ट इंपक्ट आपकी डेली एक्सपेंसिस पर पड़ेगा ट्रांसपोर्ट, फूड, सब कुछ महंगा
05:00हो जाएगा और इस क्रैसिस की वज़े से देश में महंगाई की मार पड़ेगी तो आप क्या सोचते हूँ क्या
05:05इंडिया इ
05:19कंड्स और हन अपकी एला इंडिया आप जैम क्याVIS एला ऑब ये एला इंडियो ओड लिर्वेगाउ्ट ये सुंट सर आपकी
05:26रामिटार इसका पसानी हीन तंडैगा ये से ए लिवर कर दो फिटम
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