Skip to playerSkip to main content
🧔🏻‍♂️ आचार्य प्रशांत से समझे गीता और वेदांत का गहरा अर्थ, लाइव ऑनलाइन सत्रों से जुड़ें:
https://acharyaprashant.org/hi/enquiry-gita-course?cmId=m00021

📚 आचार्य प्रशांत की पुस्तकें पढ़ना चाहते हैं?
फ्री डिलीवरी पाएँ: https://acharyaprashant.org/hi/books?cmId=m00021
➖➖➖➖➖➖➖➖➖
ये वीडियो 25 जनवरी, 2026 को ग्रेटर नोएडा में हुए श्रीमद्भगवद्गीता पर आधारित सत्र से लिया गया है।
➖➖➖➖➖➖➖➖➖
#acharyaprashant
#women
#Housewife
#Homemaker
#IndianHousewife
#WomenAtHome
#WomenPower

Category

📚
Learning
Transcript
00:00हम यह आज कल देख रहे हैं कि महिलाओं में दो वर्ग बढ़ गए हैं, जिसमें एक है जो ग्रेणी
00:05है और एक है जो बाहर जाकर कमा रही है
00:08जो ग्रेणी है जैसे मैंने, मैं अपनी मां का ही एग्जामपल हूँ
00:11तो वो ये कहते हैं कि हमने जिन्दगी भर काम किया है और वो इसमें बहुत प्राइड भी लेती है
00:16तो मैं ये जानना चाहती हूँ कि वो ऐसे किन्च चीजों को मिस आउट कर रही है
00:21वो औरते जो बाहर जाकर कमा रही है
00:23आप करती है ना काम
00:25हाँ जी
00:25आप बताईए
00:26फ्रीडम कह सकते हैं फानेंशल फ्रीडम है
00:30तब से पहले अपना पैसा अपने खाते में अपनी मर्जी ठीक है
00:34कम्मिनिकेशन पब्लिक डीलिंग
00:37बाहर जाते हैं तो दुनिया में तरह तरह के लोग होते हैं उनसे अपना
00:42आप देखते हो कि कैसे बाल बोची व्यवहार रखना है
00:46तो लोग घर में ही रह जाते हैं वही घर के चार लोग
00:49और चार लोग पडोस के और चार लोग नातरिष्टेदार
00:52उनसे ही बात होती है पुराने ही ढर्रे होते हैं
00:55कोई नया व्यक्ति नहीं
00:57कोई नया संदर्भनी
00:59डिसीजन मेकिंग बहुत स्ट्रॉंग हो जाती है
01:02आप घर में रहते हैं तो आपको जो फैसले करने होते हैं
01:05वो एक सीमेद दाइरे के अंदर होते हैं
01:09उसके बाहर की कोई आपके सामने स्थिती आती ही नहीं है
01:12तो आप फैसला क्या करोगे
01:14आपको यहनी फैसले करने हैं कि कमपनी नए इन्वेस्टमेंट्स कहां करे
01:19नए मार्केट्स कौन से तलाशे
01:22बहुत सारी गरणिया तो घर से थोड़ी दूर भी जाना हो
01:25तो चाहती हैं कि कोई साथ में चले तब निकलेंगे
01:28जो लोग काम कर रहे हैं वो घर क्या
01:30जो शहर से बाहर की यत्रा करते हैं
01:32दुनिया देखते हैं
01:34दुनिया देखने से अपने भीतर के धाचों को चुनौती मिलती है
01:38और ताजा और परिपक को हो पाते हो
01:41हाँ घर में बैठे रह करके आप हो और चार दीवारे हैं
01:45आप हो आपका मोबाइल फोन है उस पर आपके कुछ दोस्त रिष्टेदार हैं
01:49टीवी है टीवी पर बाबाजी है
01:51इस पूरे महाल में कुछ ऐसा नहीं है जो आपकी धारणाओं को चुनौती देने के लिए आएगा
01:56जब घर में हो तो आप हर तरीके से सुरक्षित भी हो और आश्रित भी हो
02:00बाहर कोई संघर्ष नहीं करोगे कोई चुनौती नहीं उठाओगे
02:03और कहानी सुना दोगे कि नर और नारी जीवन की गाड़ी दो पहिये होते हैं
02:09अरे थोड़ी तरक्की करो
02:10कब तक बाइसिकल का ही पहिया बनी रहोगी
02:13कि एक पहिया बाहर जाएगा एक पहिया घर में रहेगा
02:15ये कौन सी साइकिल है भाई
Comments

Recommended