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ईरान और इज़राइल के बीच जंग के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के फैसलों ने अमेरिका के हजारों सैनिकों को खतरे में डाल दिया है। ईरान के नेता Ali Khamenei ने कहा है कि वे पीछे नहीं हटेंगे, जिससे तनाव और बढ़ गया है। विशेषज्ञ चेतावनी दे रहे हैं कि इस स्थिति में अमेरिकी सैनिकों की सुरक्षा गंभीर रूप से प्रभावित हो सकती है। जानिए इस वीडियो में पूरी स्थिति, संभावित खतरों और ट्रंप के फैसलों का अमेरिका-ईरान रिश्तों पर क्या असर पड़ेगा।

Iran-Israel conflict intensifies as US President Donald Trump faces growing criticism for his aggressive stance in the Middle East. Experts warn that thousands of US soldiers could be at risk due to heightened tensions with Iran. Supreme Leader Ali Khamenei has vowed not to back down, escalating the threat level. The situation raises questions about America’s military strategy and the safety of troops deployed in conflict zones. Watch this video for a detailed analysis of the potential dangers, geopolitical consequences, and what Trump’s decisions mean for US-Iran relations.

#IranIsraelWar #Trump #USMilitary #AliKhamenei #MiddleEastConflict #BreakingNews #USTroopsAtRisk #WorldPolitics #Geopolitics #GlobalTensions

~HT.410~PR.540~ED.104~GR.122~

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00:00दिवनास सर वो जो यूएस के मरीन सेनिक पहुचने वाले थे मध्यपूर में जिनके बारे में बताया गया कि कलो
00:05सिंगापूर के आसपास थे और वो मध्यपूर के रवाना हो रहे थे अभी आपके साब से कहां पहुचे होंगे वो
00:10आपके पास कोई जानकारी है
00:13जो मध्यपूर से इनके मेरीन कमांडो जो निकले थे वो फिलाल अभी तक जो स्ट्रेट आफ मलाका है मलिशिया और
00:24इंडिनेशिया के बीच में वहां से क्रॉस्ट नहीं हुआ है
00:29हमारी जो अंडिमान निकोबार कमांड है यहां पे हमारा एक जॉइन्ट ट्राइ सर्विस कमांड है आर्मी नेवी एरफोस का
00:38वो भी बहुत उच्छता से बैटे हैं कि कब ये अमेरिकन एंफेपियस लैंडिंग शिप स्ट्रेट आफ मलाका से गुजरेगा
00:46और हिंद महासागर का चक्कर लेते हुए अरब सागर की तरफ कूछ करेगा तो अभी तक स्ट्रेट आफ मलाका से
00:53वो पूरव के देशा में ही है
00:57बिल्कुल तेजाओ साब के पास चलते हैं तेजाओ साब आपने बाचित की शुरुआत में एक बहुत ही दिल्चस बात बताई
01:02थी जिसके बारे में और भी बहुत साइब लोग कर रहे हैं
01:05कि इरान शुरू से ही उसको लगबा 30-40 सालों से पता था कि ऐसा एक युद्ध तो होगा ही
01:10आरपारवली लडाई होगी और उसके लिए वो खुद को तयार कर रहा था
01:14दूसरी तरफ इजराईल और अमेरिका को लेकर भी कहा जा रहा है कि नितन्याहू की कोशिश तो बहुत दिनों से
01:19थी
01:19जो भी अमेरिका में नेयर आश्टपती आता था उसके पास हो जाते थे कि चलो इरान पर हमला करते हैं
01:24सब लोग मना कर देते थे इस बाद टरंप साहब जहां से में आ गए और उन्होंने हमले का आदेश
01:29दे दिया
01:29आपके हिसाब से क्या अमेरिका का रोल पहले भी हम इस बारे में बात कर चुके हैं लेकिन अब बाती
01:35इतनी जादा हो रही है कि वो बाते आही जाती है
01:37कि अमेरिका का रोल उतना जादा नहीं था इजराइल ने बहुत जादा उनको बढ़ाया बढ़ा चड़ा कर बताया कि देखिए
01:44आप वेनेजियोला में सक्सेस्फुल हो चुके हैं सफलता मिल चुकी है यहां भी सफलता मिल जाएगी और इस दोरान ये
01:50लोग आकलन करने में
01:51भूल कर बैठी बिल्कुल आंकलन में भूल तो ही ये वेवाव साहब बिसमें कोई दोरा है नहीं है और इसी
01:57कारण अमरिका जो है वो बहुत ही अंकमफटेबल सुचेशन में है कभी वह साहता मांगता है और उससे निकलने में
02:04अमेरिका सक्षा में पर निकलने में समय लगे
02:18है उनके जो पांगत एक व्यक्ति थे जिनके पत्नी का बॉम ब्लास्ट में मौट हो गए थी टेरिजम का ही
02:27था वो कहीं थी और ये भी तो लगाता है ट्रंप के जितने भी सलाकार वगरा है वो यह आरूप
02:33लगाते रहे हैं कि जो खासकर डोनाल्ट ट्रंट सहाव है वो जो
02:38जूस लॉबी है अमरिका में यह जूस लॉबी अलग-अलग फिल्ड में पहले हुई है और मैं आपको अगर बताओं
02:46तो न्यूव टाइम्स से लेकर वाशिंटन बोर्स से लेकर फेस्बुक से लेकर शोशल मीडिया प्रिंट मीडिया और वीजोल मीडिया है
02:54ना रूपर्�
03:06प्रभाव है इसमें कोई दोरा है नहीं है भारत ने भी कई वार इस जूस लॉबी से रिक्वेस्ट किया जिस
03:11आस बहुत सारी अमरिका से अपने संबंदों को ठीक करने के लिए या दील वगदारा के लिए अथर भारत भी
03:18कोशिश करता है कि उसको समद कर में तो उन सारे ड
03:36प्रेप में फसका हैं हैं उनको ऐसे सब्जबाद दिखाये गए या उनको ऐसा बताया गया कि ऐसा करने से यह
03:43हो जाएगा और अमेरिकान मेडिया में एक बात तो साफ साफ तोर पे चर्चा चल रही है वो यह कह
03:49रहे हैं कि माना कि इसराइल के लिए यह एक्जिस्टेंस के �
03:52लड़ाई थे पर अमेरिका के लिए तो यह चॉइस की लड़ाई थे न और अमेरिका का एम क्या था अभी
03:58तक इस पॉस्ट नहीं कर पाया है परमाणों जो ठेकाने के उनको नस्ट करना था एरान के मिसाइल जो कारिकरम
04:06है उसको चैलिंज करना था तेल के भंडारों पर अ�
04:22अबी तक अमेरिका ने साफ ने किया है, अमेरिकन सरकार ने आज तक नहीं बताया कि उसका उद्देश ही किया
04:26था, तो ऐसा लगता है कि बिना किसी उद्देश ही हिंता में ही, उन्होंने ये लड़ाई शुरू कर दी और
04:32गरेलो इस तर पर भी अपने लिए एक काफ़त मुल �
04:36और शायद ये सब कुछ ओवर कॉंफिडेंस में किया गया है, क्योंकि एक के बात एक उन्हें वेनेजियोला से लेके
04:42तमाम जो उनको सफलता है मिल रही थी, और जिस तरीके से उन्होंने काचा में नरसाहार किया, जिस तरीके से
04:50उन्होंने हिजगुलाद को एक बहुत बढ
05:04कि ओवर कॉंफिडेंस गलत देशा में चला जाता है, जो अभी अमरिका उसके कॉंसिटेंस को फेस कर रहा है, बिलकुल,
05:13दिवनासर के पास चलते हैं, दिवनासर एक गंटे पहले टरम साहब ने अपने सोशल मीडिया जो प्लेटफॉर्म है उनका टूथ
05:19उस पर पोस्ट कि
05:20है और उन्होंने फिर से अपने सहयोगी देशों को चेतावनी दी है, खासकर नेटो के सहयोगियों को कि क्यों ना
05:28हम इरान की बची कुछी जो लीडर से उसको खत्म कर दें और फिर उसके बाद स्टेट ऑफ होर्मूज के
05:33लिए जो लोग परिसान हैं, उनको भी चेतावनी �
05:36दें ऐसा करके उन्होंने कुछ लिखा है, आपको क्या लग रहा है कि बार बार वो अपना एक तो बयान
05:42बदलते रहते हैं, पहले वो कहते हैं कि नेटो के देश हमारे सहयोग करने के लिए आए, इस्टेट ऑफ होर्मूज
05:46में अपने युद्वोध भेजें, फिर वो कहते ह
06:29क्या है?
06:30इस्टेशों के साथ, ट्रम साफ ने कोई कंसल्टेशन नहीं कोई, कोई विचार विमर्श नहीं किया था, ये तो इसराइल के
06:38कहने पर, या इसराइल के वैकावे में आकर, इसराइल और अमरिका ने एक साथ इरां की बंबारी शुरू कर दी,
06:46दूसरी बाते देखिए, ने�
07:00मिलकर उस पर हमला करेंगे, तो यहां तो वो केस बनता ही नहीं है, क्योंकि यहां किसी इरान ने तो
07:06अमरिका पर हमला नहीं किया, हमला तो उल्टे अमरिका ने इरान के उपर किया है, तो क्यो नेटो देश अमरिका
07:14को बचाने के लिए सामने आएंगे, नेटो का चार्टर �
07:16यहां लागू नहीं होता है एक और चीज है देखिए दोनाल ट्रम्प जो है बहुत सिलेक्टिव हैं उनको नेटो का
07:22चार्टर एक से लेके चार तक पढ़ना चाहिए प्रिष्ट बुमी बहुत क्लियर है नेटो को बनाया गया था रूस के
07:29खिलाफ मनो भावना थी उस समय वा
07:45बत्र देश शकते हैं ऐसा नहीं होता है जी
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